Wednesday, July 8, 2026 4:38 am

छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के नए डीजीपी के लिए तीन पुलिस अधिकारियों के नाम केंद्र सरकार को भेजे

रायपुर छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के नए डीजीपी के लिए तीन पुलिस अधिकारियों के नाम केंद्र सरकार को भेजे हैं. राज्य सरकार ने दूसरी बार नाम भेजे हैं. माना जा रहा है कि आने वाले एक दो दिनों में केंद्रीय गृहमंत्रालय की तरफ से छत्तीसगढ़ के नए डीजीपी की नियुक्ति पर मुहर लग सकती है. बता दें कि जो प्रस्ताव पहले भेजा गया था, उसमें कुछ जानकारियों का आभाव होने की वजह से प्रस्ताव को लौटा दिया गया था, ऐसे में अब फिर से केंद्र सरकार को नया प्रस्ताव भेजा गया है. वर्तमान डीजीपी अशोक जुनेजा का कार्यकाल फरवरी 2025 में खत्म हो जाएगा, ऐसे में राज्य में नए डीजीपी की नियुक्ति होनी है. साय सरकार ने भेजे यह तीन नाम विष्णुदेव साय सरकार ने छत्तीसगढ़ के नए डीजीपी के लिए तीन पुलिस अधिकारियों के नाम भेजे हैं, उनमें पवन देव, अरुण देव गौतम और हिमांशु गुप्ता का नाम शामिल है. वर्तमान डीजीपी अशोक जुनेजा के बाद पवन देव सबसे ज्यादा सीनियर हैं, उनके बाद 92 बैच के आईपीएस अरुणदेव गौतम हैं, जबकि 94 बैच के हिमांशु गुप्ता है. पहले इस बात की चर्चा भी तेज थी कि वर्तमान डीजीपी का कार्यकाल आगे बढ़ाया जा सकता है, लेकिन नए डीजीपी की तलाश के बाद इस बात की चर्चा तेज हो गई है कि अब फरवरी 2025 तक नए डीजीपी की नियुक्ति पर मुहर लग जाएगी. अशोक जुनेजा को एक बार मिला एक्सटेंशन वर्तमान डीजीपी अशोक जुनेजा को एक बार एक्सटेंशन मिल चुका है, राज्य सरकार की तरफ से उन्हें 6 महीने का एक्सटेंशन दिया गया था, उस हिसाब से ही उनका कार्यकाल 5 फरवरी को खत्म हो रहा है. यही वजह है कि नए डीजीपी की तलाश अब तेज हो गई है. बता दें कि 11 नवंबर 2021 को तत्कालीन डीजीपी डीएम अवस्थी को हटाकर अशोक जुनेजा को छत्तीसगढ़ का प्रभारी डीजीपी बनाया गया था, इसके बाद कांग्रेस की भूपेश बघेल सरकार ने उन्हें 5 अगस्त 2022 को पूर्णकालिक डीजीपी बना दिया गया था. वह अगस्त में रिटायर होने वाले थे, लेकिन बाद में राज्य सरकार ने उन्हें 6 महीने का एक्सटेंशन दे दिया था. ऐसे में राज्य सरकार की तरफ से जो तीन नाम भेजे हैं गए हैं इन्हीं तीन अफसरों के परफार्मेंस और विभिन्न मापदंडों के आधार पर उनमें से किसी एक नाम का चयन किया जाएगा. ऐसे माना जा रहा है कि नए साल में छत्तीसगढ़ पुलिस को नया मुखिया मिल जाएगा. बताया जा रहा है कि राज्य सरकार के पैनल में वरिष्ठता और योग्यता के आधार पर बदलाव किए जाने की संभावना है, माना जा रहा है कि केंद्रीय गृहमंत्रालय और छत्तीसगढ़ सरकार के बीच बैठक के बाद ही कोई एक नाम फाइनल हो सकता है.  recent visitors 61

साल 2024 :12 महीनों में खाद्य पदार्थों की कीमतों में नौ से लेकर 100 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई

भोपाल वर्ष 2024 में जैसे-जैसे दिन बीते रसोई पर खर्च बढ़ता रहा। यह खर्च उन्हीं वस्तुओं को खरीदने में हुआ, जिससे कुछ दिनों पहले तक कम दरों में खरीदा जाता रहा था। आटा, दाल, तेल, मसालों सहित ड्रायफ्रूट में लगी महंगाई की आग सब्जियों तक में पहुंच गई। इन 12 महीनों में खाद्य पदार्थों की कीमतों में नौ से लेकर 100 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है। दिसंबर 2023 में सोयाबीन, सरसों सहित अन्य खाद्य तेलों के भाव 120 से 130 रुपये प्रतिलीटर थे। दिसंबर 2024 में इनकी कीमतें बढ़कर 140-150 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई। सब्जियों ने भी साल भर रुलाया     जो सब्जियां 30 से 40 रुपये प्रति किलो मिलती थीं, जो बढ़कर 60 से 80 रुपये प्रति किलो इस दिसंबर में मिल रही हैं। इससे हर घर की रसोई का एक महीने का बजट 500 से 1000 रुपये तक बढ़ गया है।     भोपाल किराना व्यापारी महासंघ के महामंत्री विवेक साहू बताते हैं कि सरकार ने विदेश में गेहूं का निर्यात बढ़ाया। इससे अनाज मंडियों में गेहूं की आवक कम होने लगी और आटा महंगा हुआ।     सोयाबीन, सूरजमुखी के कच्चे तेलों पर आयात शुल्क बढ़ाने के कारण और पाम आयल की कीमत 100 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 137 रुपया प्रति लीटर हो गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में पाम आइल महंगा होने से खाद्य तेलों के दाम बढ़ते गए।     करोंद सब्जी मंडी थोक विक्रेता कल्याण समिति के अध्यक्ष मोहम्मद नसीम बताते हैं कि इस वर्ष बिन मौसम वर्षा से फसल व सब्जियों की पैदावार 25 से 30 प्रतिशत कम रही। एक साल में ऐसे महंगा हुआ किराना दिसंबर 2023 से 29 दिसंबर-2024 तक किराना सामग्री में नौ प्रतिशत से लेकर 100 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई। वहीं, सबसे महंगा मखाना व बड़ी इलायची हुई। एक वर्ष में ऐसे महंगी हुईं सब्जियां सब्जी सब्जियों के भाव सब्जी विक्रेताओं से मिली जानकारी के अनुसार प्रतिकिलो रुपये में दिए गए हैं। थोड़ा-बहुत अंतर संभव है। ..और ऐसे बढ़ गया हर घर की रसोई का बजट अर्थशास्त्री आरजी द्विवेदी बातते हैं कि बीते एक वर्ष में किराना व सब्जियों के दाम बढ़े हैं। महंगाई धीरे-धीरे बढ़ती रही। रोजमर्रा की आवश्यक खाद्य सामग्री 50 प्रतिशत तक बढ़ गई। इससे हर घर की रसोई का 20 से 25 प्रतिशत तक बजट बढ़ा है। उदाहरण के तौर पर एक चार से पांच सदस्यीय परिवार में हर महीने किराने की सामग्री 2500 से 3000 हजार रुपये तक आती थी। अब 3500 से 4000 रुपये तक सामग्री आने लगी है। वहीं हर महीने 1200 से 1800 तक सब्जियां आती थीं, जिसका बजट दोगुना हो गया है। recent visitors 67

विधानसभा अध्यक्ष ने जताई नाराजगी, राजस्थान-अजमेर में इमरजेंसी वार्ड से डॉक्टर गायब और सोनोग्राफी कक्ष पर मिला ताला

अजमेर। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने रविवार शाम जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल की कई अव्यवस्थाएं उजागर हुईं। निरीक्षण के दौरान इमरजेंसी वार्ड में तैनात दोनों चिकित्सा अधिकारी ड्यूटी पर अनुपस्थित मिले, जिनमें से एक डॉक्टर की गैरमौजूदगी की कोई जानकारी नहीं थी, जिस पर उनकी गैरहाजिरी दर्ज की गई। वहीं सोनोग्राफी कक्ष पर भी ताला लटका मिला, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। निरीक्षण के दौरान डॉ. सुभाष सैनी और डॉ. मोनिका बिना सूचना के ड्यूटी से गायब मिले। स्टाफ ने बताया कि डॉ. सैनी दूसरे वार्ड में गए थे, जबकि दूसरे डॉक्टर के बारे में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। इस पर विधानसभा अध्यक्ष ने हाजिरी रजिस्टर में डॉक्टर की गैरहाजिरी दर्ज करवाई। अस्पताल में सोनोग्राफी सेंटर पर भी ताला लगा मिला। मरीजों ने बताया कि दो घंटे से कोई कर्मचारी उपस्थित नहीं है। देवनानी ने तुरंत अधिकारियों से बात कर कक्ष का ताला खुलवाया और मरीजों की जांच शुरू करवाई। आपातकालीन वार्ड में अधिकतर नर्सिंग स्टूडेंट तैनात पाए गए। विधानसभा अध्यक्ष ने निर्देश दिए कि नर्सिंग स्टूडेंट के साथ सीनियर नर्सिंग स्टाफ भी मौजूद रहना चाहिए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि स्टाफ यूनिफॉर्म में रहे ताकि मरीज उन्हें आसानी से पहचान सकें। देवनानी ने अस्पताल प्राचार्य डॉ. अनिल सामरिया और अधीक्षक डॉ. अरविंद खरे को निर्देश दिए कि अस्पताल में नियमित निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखें। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसी लापरवाहियां बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। recent visitors 105

भारतीय टीम का वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल में पहुंचना रास्ता मुश्किल

मुंबई भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच 26-30 दिसंबर के दौरान मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) में बॉक्सिंग-डे टेस्ट खेला गया. इस मुकाबले में भारतीय टीम को 184 रनों से करारी हार झेलनी पड़ी. मुकाबले में भारतीय टीम को जीत के लिए 340 रनों का टारगेट मिला था, मगर वह इस गेम को ड्रॉ भी नहीं करा सकी. अब बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी 2024-25 का आखिरी मुकाबला 3 जनवरी से सिडनी क्रिकेट ग्राउंड में खेला जाएगा. मेलबर्न टेस्ट में हार के बाद भारतीय टीम को वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप 2023-25 के फाइनल में पहुंचने की उम्मीदों को गहरा आघात पहुंचा है. अब भारतीय टीम सिडनी टेस्ट जीतकर भी अपने दम पर फाइनल में नहीं पहुंच सकती है. सिडनी टेस्ट जीतने पर भारत को श्रीलंका की मदद चाहिए होगी. श्रीलंकाई टीम अगले साल जनवरी-फरवरी में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपने घर पर दो मैचों की टेस्ट सीरीज खेलने जा रही है. अब भारतीय टीम को फाइनल में पहुंचने के लिए ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सिडनी टेस्ट में जीत दर्ज करनी होगी. साथ ही ये उम्मीद करनी होगी कि श्रीलंकाई टीम ऑस्ट्रेलिया का दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-0 से सूपड़ा साफ कर दे. यदि सिडनी टेस्ट ड्रॉ होता है तो भारत फाइनल की रेस से बाहर हो जाएगा. WTC के मौजूदा चक्र का फाइनल अगले साल 11-15 जून तक क्रिकेट के मक्का लॉर्ड्स में खेला जाना है. भारत के लिए ये फाइनल का समीकरण ♦  यदि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज 2-2 से ड्रॉ होती है, तो भारत 55.26 प्रतिशत अंकों पर समाप्त होगा. ऐसे में भारतीय टीम तभी फाइनल में पहुंचेगी जब श्रीलंका अपने घर पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-0 से जीत हासिल करे. ♦  यदि भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज 1-2 से हार जाती है तो वो 51.75 प्रतिशत अंकों के साथ फाइनल की रेस बाहर हो जाएगी. बता दें कि साउथ अफ्रीकी टीम पहले ही फाइनल में पहुंच चुकी है. साउथ अफ्रीका के 11 मैचों में 7 जीत, तीन हार और एक ड्रॉ से 88 अंक हैं. साउथ अफ्रीका का अंक प्रतिशत 66.67 है. ऑस्ट्रेलियाई टीम दूसरे स्थान पर है. ऑस्ट्रेलिया के 16 मैचों में 10 जीत, चार हार और 2 ड्रॉ से 118 अंक हैं. उसका अंक प्रतिशत 61.46 है. तीसरे नंबर पर मौजूदा भारत के 18 मैचों में 9 जीत, 7 हार और 2 ड्रॉ से 114 अंक हैं. भारत के अंकों का प्रतिशत 52.78 है. 48.21 प्रतिशत अंकों के साथ चौथे नंबर पर न्यूजीलैंड की टीम है, जो रेस से बाहर हो चुकी है. उधर श्रीलंकाई टीम पांचवें नंबर पर है, लेकिन उसकी फाइनल में पहुंचने की संभावनाएं खत्म हो चुकी हैं. श्रीलंकाई टीम के 45.45 प्रतिशत अंक हैं और वह अधिकतम 53.85 प्रतिशत अंकों तक पहुंच सकती है. इंग्लैंड छठे, पाकिस्तान सातवें, बांग्लादेश आठवें और वेस्टइंडीज नौवें स्थान पर है. वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप का यह तीसरा चक्र है, जो 2023 से 2025 तक चलेगा. इस तीसरे चक्र के लिए आईसीसी पॉइंट्स सिस्टम से जुड़े नियमों को पहले ही रिलीज कर चुकी थी. टेस्ट मैच जीतने पर टीम को 12 अंक, मैच ड्रॉ होने पर 4 अंक और मुकाबला टाई होने पर 6 पॉइंट मिलते हैं. वहीं मैच जीतने पर 100 फीसदी, टाई होने पर 50 फीसदी, ड्रॉ होने पर 33.33 फीसदी और हार पर शून्य फीसदी अंक जोड़े जाते हैं. किसी दो मैच की सीरीज में कुल 24 पॉइंट और पांच मैच की सीरीज में 60 अंक उपलब्ध हैं. जीत प्रतिशत के आधार पर पॉइंट्स टेबल में रैंकिंग का प्राथमिक तौर पर निर्धारण होता है. वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप 2023-25 में बाकी बचे मैच: भारत vs ऑस्ट्रेलिया पांचवां टेस्ट: सिडनी, 3-7 जनवरी पाकिस्तान  vs साउथ अफ्रीका दूसरा टेस्ट: केपटाउन, 3-7 जनवरी पाकिस्तान vs वेस्टइंडीज पहला टेस्ट: मुल्तान, 17-21 जनवरी दूसरा टेस्ट: मुल्तान, 25-29 जनवरी श्रीलंका  vs ऑस्ट्रेलिया पहला टेस्ट: गॉल, 29 जनवरी-2 फरवरी दूसरा टेस्ट: गॉल, 6-10 फरवरी वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप फाइनल एकमात्र मैच: लॉर्ड्स, 11-15 जून recent visitors 71

क्रांति जनशक्ति पार्टी में का पुनः राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन गया

सुशील दामले विशेष संवाददाता भोपाल ! राजधानी स्थित गाँधी भवन में क्रांति जनशक्ति पार्टी की समस्त पदाधिकारीयों एवं कार्यकर्ताओं की बैठक सम्पन्न हुई, जिसमें सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि ,पूर्व क्रांति जनशक्ति पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष गुलजार सिंह मरकाम को अध्यक्ष पद मुक्त किया गया,वहीं रिक्त पद होने के बाद सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि राष्ट्रीय कार्यवाहक अध्यक्ष करन करोसिया को क्रांति जनशक्ति पार्टी का पुनः राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया गया,वही नवयुक्त राष्ट्रीय अध्यक्ष ने बताया कि,जल्द ही प्रदेश में नई कार्ड प्रणाली का विस्तार किया जाएगा, जिससे पार्टी एक संगठन एवं एकजुट होकर काम कर सके, वही राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के उपलक्ष्य में समस्त पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के द्वारा हार्दिक शुभकामनाओं एवं बधाई दी Read More: सेहत के लिए खतरा! क्या पैकेट बंद खाना वाकई सेहतमंद है? नई रिसर्च ने उठाए सवालhttps://mysecretnews.com/food-why-packaged-food-items-under-question-items-included-in-research/ recent visitors 231

मुख्य न्यायाधीश के बंगले से मंदिर हटाने की खबर निराधार: हाई कोर्ट

 जबलपुर मध्य प्रदेश हाई कोर्ट प्रशासन ने हाल ही में मुख्य न्यायाधीश एस.के. कैत के आधिकारिक बंगले से मंदिर हटाए जाने के दावे वाली खबरों का खंडन किया है। प्रशासन ने यह साफ किया है कि ऐसी खबरें पूरी तरह से आधारहीन, झूठी और गुमराह करने वाली हैं। कोर्ट ने इसे न्याय के काम में दखल मानते हुए गलत कहा है, मीडिया और लोगों से ऐसी बातें न फैलाने की अपील भी की है। यह भी कहा है कि ऐसी बातें न्यायपालिका की इज्जत को ठेस पहुंचाने की कोशिश है। मुख्य न्यायाधीश के बंगले से मंदिर हटाने की खबरें झूठी इस मामले में मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार जनरल धर्मिंदर सिंह ने एक बयान में मुख्य न्यायाधीश के बंगले से मंदिर हटाई जाने वाली खबरों को झूठा ठहराया है। उन्होंने बताया है कि लोक निर्माण विभाग ने भी पुष्टि की है, की मुख्य न्यायाधीश की आवास पर कोई भी मंदिर नहीं था। इस तरह की अफवाहें और खबरें सिर्फ और सिर्फ जनता को गुमराह करने की कोशिश करती हैं, और न्यायपालिका की छवि को खराब करने के लिए फैलाई जा रही है। हाई कोर्ट ने अपने बयान में कहा है कि न्यायपालिका के खिलाफ झूठी और गुमराह बातें फैलाने का प्रयास न केवल कानून व्यवस्था को कमजोर करता है, बल्कि न्यायिक स्वतंत्रता और उसकी गरिमा को भी ठेस पहुंचाता है।     मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के चीफ़ जस्टिस के बंगले के अंदर मंदिर की खबरें झूठी, भ्रामक और निराधार, रजिस्ट्रार जनरल ने किया खंडन रिपोर्ट्स का खंडन इन निराधार रिपोर्ट्स का सिर्फ और सिर्फ एक ही उद्देश्य लगता है, और वह है न्यायपालिका की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाना। जबकि हमारी न्यायपालिका निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ न्याय देने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। इसी तरह अदालत ने मीडिया संगठनों और आम जनता से अपील की है कि वे ऐसी अपमानजनक और झूठी जानकारी को फैलाने से बचें और न्यायपालिका की गरिमा को बनाए रखने में मदद करें। recent visitors 50

आश्रम एक्सप्रेस से ले जा रहा था गुजरात, राजस्थान-सिरोही में 45 हजार की अंग्रेजी शराब के साथ आरोपी गिरफ्तार

सिरोही। रेलवे राजस्थान के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक भूपेन्द्र साहू, पुलिस अधीक्षक जीआरपी (उत्तर) जोधपुर अभिजीत सिंह तथा पुलिस मुख्यालय राजस्थान जयपुर के आदेशानुसार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसमें ट्रेनों में अपराध नियंत्रण एवं असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने, शराब, मादक पदार्थ, हथियार, बहुमूल्य सामग्री एवं नकदी परिवहन को रोकने उद्देश्य से वृत्ताधिकारी जीआरपी वृत्त जोधपुर संदीपसिंह  के सुपरविजन में चलती ट्रेन दिल्ली-साबरमती आश्रम एक्सप्रेस में चेकिंंग की गई। साधारण कोच से गश्त चेकिंग के दौरान रेलवे सुरक्षा बल टीम द्वारा रेलवे स्टेशन फालना से निकलने के बाद अहमदाबाद, गुजरात निवासी राठौड़ अतूल कुमार पुत्र केवलसिंह राठौड़ के पास से 2 ट्रोली बैग व 1 पीठू बैग में छिपाकर अहमदाबाद, गुजरात अग्रेजी शराब की 96 बोतलें पाई गई। पूछताछ के दौरान कोई संतोषप्रद जवाब नहीं दे पाने पर शराब को जब्त कर गिरफ्तार किया गया है। इसके बाद गिरफ्तार आरोपी एवं जब्त शराब को रेलवे पुलिस थाने लाया गया। आवश्यक कार्रवाई के बाद इस मामले की जांच आबूरोड रेलवे पुलिस थाना के हेड कांस्टेबल मंसाराम आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर ये शराब कहां से लाई गई थी तथा इसे अहमदाबाद, गुजरात में कहां डिलेवरी की जानी थी, इसका पता लगाया जा रहा है। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय अतिरिक्त मुख्य न्यायाकि मजिस्ट्रेट महानगर रेलवे जोधपुर के समक्ष कल 30 दिसंबर 2024 को प्रस्तुत किया जाएगा। recent visitors 119