Sunday, July 5, 2026 7:25 am

जुआ खेलने वाले 23 आरोपियों से 16 मोटरसाइकिल सहित 1,46,700 रुपये जब्त

सिंगरौली जिले के नवानगर थाना अंतर्गत ताश के पत्तों से हार जीत की बाजी लगाकर जुआ खेलने वाले 23 आरोपियों से 16 मोटरसाइकिल सहित 1,46,700 रुपये की नगद राशी एवं मोटर साइकिल की लागत मिलाकर लगभग 15 लाख रुपये हुए जप्त सिंगरौली पुलिस की बड़ी कामयाबी ! recent visitors 37

12वां क्षेत्रीय थ्री आर और सर्कुलर इकॉनमी फोरम समारोह : एमएसएमई और स्टार्टअप्स को मिलेगी 2 करोड़ तक की सहायता – मुख्यमंत्री शर्मा

जयपुर, मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता की हानि एवं प्रदूषण जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए सर्कुलर इकॉनमी अत्‍यंत प्रभावी माध्यम है। इस व्यवस्था में अपशिष्ट को रिसाइकिल और रियूज किया जाता है जिससे ऊर्जा की खपत घटती है और नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार भी इस दिशा में कई महत्वपूर्ण कदम उठाकर मिशन में अग्रणी भूमिका निभा रही है। श्री शर्मा सोमवार को राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित 12वें क्षेत्रीय थ्री आर और सर्कुलर इकॉनमी फोरम समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य में पर्यावरण प्रबंधन केंद्र की स्थापना की गई है, ताकि कचरा प्रबंधन और रिसाइक्लिंग को ज्‍यादा प्रभावी तरीके से किया जा सके। साथ ही, ट्रीटेड वॉटर के उपयोग के लिए नई नीति तैयार की जा रही है। मुख्यमंत्री सद्भावना केंद्रों के जरिए नागरिकों को अनुपयोगी वस्तुओं के दान और पुनरुपयोग की सुविधा दी जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने राजस्थान में कचरा प्रसंस्करण की क्षमता को 21 लाख मीट्रिक टन से बढ़ाकर इसके दोगुने से भी ज्‍यादा यानी करीब 45 लाख मीट्रिक टन करने का लक्ष्य रखा है। वेस्ट-टू-एनर्जी योजनाओं के तहत कंपोस्ट, आरडीएफ, और जैविक उर्वरक उत्पादन पर भी जोर दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में एमआरएफ प्लांट्स के जरिए प्लास्टिक और रिसाइकल योग्‍य सामग्री को अलग कर ई-वेस्‍ट, बैटरी वेस्ट और खतरनाक कचरे का निस्तारण किया जा रहा है। प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध दोहन से धरती संकट में श्री शर्मा ने कहा कि पिछले 50 वर्षों में प्राकृतिक संसाधनों का दोहन लगभग 400 प्रतिशत बढ़कर 106 बिलियन टन के आंकड़े को भी पार कर चुका है। चिंता की बात यह है कि इनमें से 90 प्रतिशत से अधिक संसाधन बर्बाद हो जाते हैं और केवल 8.6 प्रतिशत ही वैश्विक अर्थव्यवस्था में वापस आ पाते हैं। यह स्थिति धरती को संकट में डाल रही है और जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता की हानि एवं प्रदूषण जैसी समस्याएं गहराती जा रही हैं। केन्द्र सरकार ने तैयार किया सर्कुलर इकॉनमी रोडमैप श्री शर्मा ने कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्र सरकार ने इन समस्याओं के समाधान के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। स्वच्छ भारत मिशन के तहत भारत ने दुनिया का सबसे बड़ा अपशिष्ट प्रबंधन और स्वच्छता अभियान चलाया है। इसके साथ ही, नगरपालिका ठोस अपशिष्ट, इलेक्ट्रॉनिक कचरा, सौर पैनल और कृषि अपशिष्ट जैसे 11 प्रमुख क्षेत्रों पर केंद्रित सर्कुलर इकॉनमी रोडमैप तैयार किया गया है।   राजस्थान ने की ग्रीन टेक्नोलॉजी और सतत् विकास में पहल मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान ने ग्रीन टेक्नोलॉजी और सतत विकास में भी पहल की है। राजस्थान पहला राज्य है जिसने ग्रीन बजट पेश किया है और इसमें 27 हजार 854 करोड़ रुपये ग्रीन परियोजनाओं के लिए निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि 250 करोड़ रुपये के निवेश के साथ सर्कुलर इकॉनमी पार्क और स्वच्छ एवं हरित तकनीक विकास केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सर्कुलर इकॉनमी इंसेंटिव स्कीम लेकर आएगी, जो एमएसएमई और स्टार्टअप्स को 2 करोड़ रुपये तक की सहायता देगी। इसके साथ ही राजस्थान व्हीकल स्क्रैपिंग पॉलिसी के माध्यम से पुराने वाहनों के निष्पादन को बढ़ावा दिया जाएगा। श्री शर्मा ने कहा कि हम शून्य अपशिष्ट समाज का सपना साकार करने के लिए सर्कुलर इकॉनमी एलायंस नेटवर्क की स्थापना के जरिए सरकार, निजी क्षेत्र और शिक्षण संस्थानों के बीच सहयोग को बढ़ावा देंगे। भारत सर्कुलर इकॉनमी के क्षेत्र में निभा रहा अग्रणी भूमिका कार्यक्रम में केन्द्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि भारत सर्कुलर इकॉनमी के क्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अग्रणी भूमिका निभा रहा है। थ्री आर (रिड्यूस, रियूज एवं रिसाइकल) आज की अर्थव्यवस्था की जरूरत और पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि इस फोरम में ‘जयपुर घोषणा पत्र‘ के तहत सी थ्री (सिटीज कोलिशन फॉर सर्कुलरिटीज) के मापदण्डों पर बल दिया जाएगा। इसमें संसाधन कुशल और कम कार्बन उत्सर्जन वाले समाज को बढ़ावा देने में अगले दशक की दिशा निर्धारित की जाएगी। श्री खट्टर ने कहा कि सिटीज 2.0 एक ऐसी अनूठी पहल है जो इन्टीग्रेटेड वेस्ट मैनेजमेन्ट और जलवायु परिवर्तन की दिशा में कार्यवाही को आगे बढ़ाती है। इसके तहत 14 प्रदेशों के 18 शहरों में समयबद्ध रूप से परियोजनाओं को लागू कर कचरा प्रबंधन संयत्र लगाने, कचरे से खाद, कचरे से ऊर्जा बनाने पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का मानना है कि सर्कुलर इकॉनमी को अपनाते हुए ही कोई भी देश आत्मनिर्भर बन सकता है। केन्द्र सरकार ने पंचामृत लक्ष्य, मिशन लाईफ जैसे अभियानों से जहां अपशिष्ट के रिसाइकिल एवं रिड्यूस को बढ़ावा दिया हैं वहीं इससे नवीकरणीय ऊर्जा को प्रोत्साहन मिल रहा है। कार्यक्रम में जापान, यूएन, एशिया एवं प्रशांत क्षेत्र के प्रतिनिधियों ने भी वीडियो संदेश के द्वारा अपने विचार व्यक्त किए। इससे पहले मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय शहरी विकास कार्य मंत्रालय द्वारा आयोजित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस अवसर पर नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री झाबर सिंह खर्रा, मध्यप्रदेश, उत्तराखण्ड़, आंध्रप्रदेश और हरियाणा के शहरी विकास मंत्री, विभिन्न राज्यों के शहरी विकास विभागों के अधिकारीगण, नगरीय आयुक्त एवं महापौर उपस्थित रहे। recent visitors 36

CM मोहन यादव का बड़ा ऐलान, मध्य प्रदेश के किसानों को महज 5 रुपये में बिजली का कनेक्शन

भोपाल मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किसानों के हित में बड़ा फैसला लिया है। किसानों को अब 5 रुपए में बिजली का स्थाई कनेक्शन मिलेगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि किसानों को अब 5 रुपये में बिजली का स्थाई कनेक्शन दिया जाएगा। मध्य क्षेत्र को यह व्यवस्था तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए हैं। चरणबद्ध रूप से पूरे प्रदेश में किसानों को यह सुविधा दी जाएगी। किसानों को सिंचाई के लिए सोलर पंप अगले तीन साल में किसानों को 30 लाख सोलर पंप दिए जाएंगे। किसानों को बिजली बिल से मुक्ति दिलाने का प्रयास है। हर साल 10-10 लाख कनेक्शन दिए जाएंगे। किसानों से सौर ऊर्जा खरीदकर उन्हें नगद भुगतान किया जाएगा। भोपाल में किसानों को संबोधित करते हुए सीएम मोहन यादव (Mohan Yadav) ने कहा कि मध्य प्रदेश केंद्रीय विद्युत वितरण कंपनी जल्द ही इस योजना को शुरू करेगी. उन्होंने कहा, ''जिन किसानों के पास स्थायी बिजली कनेक्शन नहीं है, उन्हें पांच रुपये में यह सुविधा दी जाएगी. हम किसानों का जीवन बेहतर बनाना चाहते हैं.'' एमपी के किसानों को सिंचाई के लिए सौर पंप मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सिंचाई के लिए सौर पंप के माध्यम से किसानों को बिजली संबंधी परेशानियों से मुक्ति दिलाना चाहती है. उन्होंने कहा, ''अगले तीन सालों में किसानों को 30 लाख सौर सिंचाई पंप उपलब्ध कराए जाएंगे. सरकार किसानों से सौर बिजली खरीदेगी.'' किसानों को सिंचाई के लिए सोलर पंप अगले तीन साल में किसानों को 30 लाख सोलर पंप दिए जाएंगे। किसानों को बिजली बिल से मुक्ति दिलाने का प्रयास है। हर साल 10-10 लाख कनेक्शन दिए जाएंगे। किसानों से सौर ऊर्जा खरीदकर उन्हें नगद भुगतान किया जाएगा। सीएम मोहन यादव ने कांग्रेस को घेरा इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि जब कांग्रेस सत्ता में थी, तो गांवों में उचित बुनियादी ढांचा, बिजली और सड़कें नहीं थीं, लेकिन बीजेपी के शासन में स्थिति में सुधार हुआ हैइसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि जब कांग्रेस सत्ता में थी, तब गांवों में उचित बुनियादी ढांचा, बिजली और सड़कें नहीं थीं, लेकिन बीजेपी के शासन में स्थिति में काफी सुधार हुआ है। भोपाल में किसान आभार सम्मेलन मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रविवार को 'किसान आभार सम्मेलन' में हिस्सा लेकर किसान भाई-बहनों से आत्मीय संवाद किया. भोपाल में मुख्यमंत्री निवास में ये सम्मेलन आयोजित किया गया था. सीएम ने कहा कि अन्नदाताओं के श्रम से अन्न के हर दाने में प्रदेश की समृद्धि की गूंज है. किसान कल्याण ही हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और उनके विकास के लिए हमारा संकल्प अटूट है. धान पर 4000 रुपए प्रति हेक्टेयर बोनस, 2600 रुपए प्रति क्विंटल में होगा गेहूं का उपार्जन इससे पहले शनिवार को सीएम डॉ. मोहन यादव ने बालाघाट में ऐलान किया था कि राज्य सरकार किसानों के हित में निरंतर निर्णय लेती जा रही है। राज्य सरकार ने गेहूं को खरीदने के लिए 2600 रुपए प्रति क्विंटल की राशि न्यूनतम समर्थन मूल्य के रूप में निर्धारित की है। समर्थन मूल्य के अलावा किसानों को भुगतान के लिए 175 रुपए बोनस देने की व्यवस्था की गई है। इसी तरह राज्य सरकार अब धान उपार्जन के लिए प्रति हेक्टेयर 4000 रुपए की राशि किसानों के खाते में डालने जा रही है। सभी किसान भाइयों के खाते में राशि मार्च में ही राशि अंतरित की जाएगी। सीएम मोहन यादव ने किए और भी ऐलान     सीएम ने कहा कि किसानों की जिंदगी बेहतर करने के लिए प्रत्येक आवश्यक निर्णय लिया जाएगा।मध्य प्रदेश में देश का करीब एक चौथाई कपास होता है, इस फैसले से कपास उत्पादक किसान लाभान्वित होंगे।दूध उत्पादन पर बोनस देंगे।     गोपाल कृष्ण के देश में हम प्रदेश में गाय पालन पर अनुदान देंगे। इसके लिए गांव गांव में प्रोत्साहन देंगे। बड़े नगरों में 10,000 क्षमता की गौशालाएं संचालित होगी।प्रति गाय बीस के स्थान पर 40 रुपए अनुदान की व्यवस्था की जाएगी। उन्नत बीज,कृषि यंत्र किसानों को दिलवाने के लिए मेले लगाए जाएंगे।     कार्यक्रम में बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा, कृषि मंत्री एंदल सिंह कंसाना, खाद एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत मौजूद रहे। recent visitors 23

प्रदेश में सड़कों को प्रदूषण मुक्त बनाये रखने के लिये एनआईसी के वाहन पोर्टल पर ग्रीन सर्विस शुरू की गई

भोपाल प्रदेश में सड़कों को प्रदूषण मुक्त बनाये रखने के लिये नेशनल इन्फॉर्मेशन सेंटर (एनआईसी) के वाहन पोर्टल पर हरित सेवा (ग्रीन सर्विस) शुरू की गई है। जिसके माध्यम से वाहनों के रेट्रोफिटमेंट कराये जाने वाली सीएनजी किट के प्रमाणित होने की पुष्टि रहती है। वाहन पोर्टल का संचालन परिवहन विभाग द्वारा किया जा रहा है। प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण-पत्र राज्य में वाहनों से उत्सर्जित होने वाली हानिकारक गैसों पर नियंत्रण के लिये प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण-पत्र प्राप्त करना अनिवार्य किया गया है। प्रदेश में समस्त वाहन प्रदूषण जांच केन्द्रों को एनआईसी के पीयूसीसी पोर्टल के साथ इंटीग्रेट किया जाकर पारदर्शी रूप से ऑनलाइन प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण-पत्र जारी किया जाना सुनिश्चित किया जा रहा है। ऑनलाइन पीयूसीसी (पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट) जारी होने से उनका डेटा वाहन पोर्टल पर प्रदर्शित होने लगा है। इस सुविधा से चेकिंग अधिकारी द्वारा प्रमाण पत्र मांगे जाने पर वाहन स्वामी द्वारा ऑनलाइन अथवा इलेक्ट्रॉनिक रूप में दिखाया जा सकता है। हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट प्रदेश में वाहनों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परिवहन विभाग द्वारा वाहनों में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (एचएसआरपी) लगाने का कार्य वाहन डीलर के माध्यम से किया जा रहा है। प्रदेश में अब तक करीब 7 लाख पुराने रजिस्टर्ड वाहनों में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगवाई जा चुकी है। हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगने से वाहन चोरी की दशा में इसे ट्रेस किया जाना सरल हो जाता है। ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अनफिट वाहनों के संचालन पर प्रभावी रोक लगाये के प्रयास परिवहन विभाग द्वारा किये जा रहे हैं। इस उद्देश्य से केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा वाहनों के स्वचलित परीक्षण (ऑटोमेटेड टेस्टिंग) के बाद ही फिटनेस प्रमाण-पत्र जारी किया जाना अनिवार्य किया गया है। वाहनों की मानव हस्तक्षेप रहित पारदर्शी तरीके से फिटनेस जाँच करने के लिये ग्वालियर, इंदौर और भोपाल में ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) क्रियाशील हो गये हैं। इसी के साथ प्रदेश के 22 जिलों में ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन बनाये जाने के लिये प्राथमिक पंजीयन प्रमाण-पत्र जारीकिये गये हैं। ड्राइविंग प्रशिक्षण सेंटर प्रदेश में प्रतिवर्ष होने वाली औसतन 50 हजार सड़क दुर्घटनाओं में 78 प्रतिशत सड़क दुर्घटना वाहन चालक की गलती के कारण होती है। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से वाहन चालकों को प्रशिक्षण देने के लिये 3 स्तर प्रादेशिक, संभागीय और जिला स्तर पर प्रशिक्षण केन्द्रो की स्थापना करने का निणर्य लिया गया है। केन्द्र सरकार द्वारा प्रदेश के इंदौर और छिंदवाड़ा में इंस्टीट्यूट ऑफ ड्राइविंग ट्रेनिंग एण्ड रिसर्च सेंटर संचालित किये जा रहे है। इसके अलावा छतरपुर और 10 अन्य स्थानों पर ड्राइविंग इंस्टीट्यूट शुरू किये जाने के प्रयास किये जा रहे है।   recent visitors 21

चार दशक पहले साडा के समय अल्का कॉम्प्लेक्स में बनी चार दुकानें अचानक भर-भराकर गिरी

कोरबा शहर के ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में सोमवार की दोपहर एक बड़ा हादसा हो गया. करीब चार दशक पहले साडा के समय अल्का कॉम्प्लेक्स में बनी चार दुकानें अचानक भर-भराकर गिर गई. इस हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई. इस दौरान कई दुकानदार बाल-बाल बच गए. इस हादसे में किसी तरह की जनहानी नहीं हुई है, लेकिन दुर्घटना से कारोबारियों में दहशत का माहौल देखा जा रहा है. दुकानदारों ने ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाया है. बताया जा रहा है कि इस स्थान पर निगम नाली का निर्माण करा रहा है, जिसके कारण यह हादसा हो गया. इस हादसे के बाद घटना स्थल पर राहगीरों की भीड़ लग गई है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची है. recent visitors 24

मंत्री कुमावत ने विश्व वन्यजीव दिवस के अवसर पर पशुधन भवन में पक्षियों के लिए चुग्गे और पानी के परिंडे बांधकर अभियान की शुरूआत

जयपुर, पशुपालन, डेयरी एवं गोपालन मंत्री श्री जोराराम कुमावत ने विश्व वन्यजीव दिवस के अवसर पर टोंक रोड स्थित पशुधन भवन में पक्षियों के लिए चुग्गे और पानी के परिंडे बांधकर अभियान की शुरूआत की। शासन सचिव डॉ. समित शर्मा ने भी पक्षियों के लिए परिंडे बांधे।  इस अवसर पर मंत्री श्री कुमावत ने कहा कि हमारी सनातन संस्कृति वसुधैव कुटुम्बकम के भाव को लेकर चलती है जहां हर प्राणी मात्र का महत्व है, जहां गौमाता के साथ साथ पीपल ओर वटवृक्ष भी पूजे जाते हैं। हम प्राणी मात्र के प्रति दया और करुणा का भाव रखते हैं जिसमें मूक पशु पक्षी भी शामिल हैं। इसीलिए हम पशु और पक्षियों के संरक्षण और संवर्द्धन के लिए काम करते हैं। उन्होंने कहा कि अभी गर्मी का मौसम शुरु हो रहा है। ऐसे में प्रदेश में कई स्थानों पर पशु पक्षियों के लिए पीने के पानी की समस्या हो जाती है। इसके लिए सरकार गौशालाओं में चारे पानी की व्यवस्था के लिए विशेष प्रयास करती है। आज विश्व वन्य जीव दिवस है आज के दिन पशुपालन विभाग प्रदेश भर में पक्षियों के लिए परिंडे बांधने की शुरूआत कर रहा है जिससे गर्मी के मौसम में पक्षियों को पानी की समस्या नहीं होगी और पशु और पक्षियों को स्वच्छ और पीने योग्य पानी मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि राजस्थान में कई स्वयंसेवी संस्थाएं भी पशु पक्षियों के कल्याण के लिए काम करती हैं।  श्री कुमावत ने राज्य सरकार के दोनों बजट में गौशालाओं के लिए चारे पानी के अनुदान में क्रमशः 10 प्रतिशत और 15 प्रतिशत वृद्धि करने पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया और उन्हें धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि सरकार के इस कदम से गौशालाओं में गायों के चारे पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने में और भी सहायता मिलेगी। इस अवसर पर विभाग के शासन सचिव डॉ. समित शर्मा ने कहा कि आज विश्व वन्यजीव दिवस है। इस अवसर पर विभाग ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेकर विभाग की 10 हजार 500 संस्थाओं यहां पशुपालक अपने पशुओं को उपचार के लिए लेकर आते हैं, गोपालन विभाग के कार्यालय और प्रदेश की सभी गौशालाओं में उचित स्थान पर परिंडे बांधने और पानी के कुंड स्थापित करने का अभियान आज प्रारंभ किया है। उन्होंने कहा कि आमजन तथा राजकीय विभागों का यह दायित्व है कि पशुओं एवं पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था हेतु आम नागरिक, स्वयंसेवी संस्थाओं, पशु- पक्षी प्रेमियों तथा अन्य स्टेक होल्डर्स को इसके लिए प्रेरित किया जाए। उन्होंने विभाग के अधिकारियों और कार्मिकों से भी चुग्गे की व्यवस्था के लिए अपना अपना योगदान देने का आग्रह किया। मंत्री कुमावत ने इस अवसर पर स्वर्गीय डॉ शशांक मनोहर की स्मृति में 8 मार्च को आयोजित होने वाली 10वीं वेटरिनेरियन क्रिकेट लीग के पोस्टर का भी लोकार्पण किया। पशुपालन निदेशक और आरएलडीबी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ आनंद सेजरा, गोपालन निदेशक श्री प्रह्लाद सहाय नागा तथा मत्स्य विभाग की निदेशक श्रीमती संचिता विश्नोई ने भी पक्षियों के लिए परिंडे बांधे। इस अवसर पर बड़ी संख्या में पशुपालन, गोपालन और मत्स्य विभाग के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे। recent visitors 34

कृषि अधिकारी के 52 पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन : उद्योग राज्य मंत्री

जयपुर, उद्योग राज्य मंत्री के.के. विश्नोई ने सोमवार को विधानसभा में कहा कि माण्डलगढ़ विधानसभा क्षेत्र की बिजौलियां पंचायत समिति मुख्यालय पर नोडल अधिकारी के रूप में कृषि अधिकारी के पद सृजन का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं हैं। राज्य सरकार द्वारा वर्तमान में कृषि अधिकारी के 52 पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन है। भर्ती प्रकिया पूर्ण होने पर मांग के आधार पर बिजौलियां पंचायत समिति मुख्यालय पर कृषि अधिकारी पद के सम्बन्ध में विचार किया जाएगा। उद्योग राज्य मंत्री सोमवार को प्रश्नकाल के दौरान सदस्य द्वारा इस सम्बन्ध में पूछे गए पूरक प्रश्नों का कृषि मंत्री की तरफ से जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि माण्डलगढ़ विधानसभा क्षेत्र में मृदा परीक्षण प्रयोगशाला की मांग का परीक्षण करवा कर इस सम्बन्ध में उचित निर्णय लिया जाएगा। इससे पहले विधायक श्री गोपाल लाल शर्मा के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में उद्योग राज्य मंत्री ने बताया कि कृषि विभाग में पंचायत समिति स्तर पर कृषि अधिकारी का पद सृजित नहीं हैं। कृषि अधिकारी का पद जिला स्तर पर कार्यालय संयुक्त निदेशक कृषि (विस्तार) जिला परिषद एवं उप जिला स्तरीय कार्यालय सहायक निदेशक कृषि (विस्तार) में सृजित हैं। वर्तमान में पंचायत समिति मुख्यालय पर नोडल अधिकारी के रूप में कृषि अधिकारी के पद सृजन का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं हैं। उन्होंने बताया कि माण्डलगढ़ विधानसभा क्षेत्र की पंचायत समिति बिजौलियां वर्तमान में सहायक निदेशक कृषि (विस्तार), भीलवाड़ा के अधीन हैं, जिसमें 03  कृषि अधिकारी के पद स्वीकृत एवं कार्यरत हैं। कार्यालय सहायक निदेशक कृषि (विस्तार), भीलवाड़ा के अधीन कुल 08 पंचायत समिति का कार्यक्षेत्र आता हैं। कार्यालय सहायक निदेशक कृषि (विस्तार), भीलवाड़ा में सृजित कृषि अधिकारी द्वारा ही बिजौलियां पंचायत समिति का कार्य सम्पन्न किया जाता हैं। श्री विश्नोई ने बताया कि वर्तमान में उद्यान विभाग में सहायक कृषि अधिकारी का पद कोटडी मुख्यालय एवं कृषि पर्यवेक्षक का पद माण्डलगढ़ मुख्यालय पर सृजित है। उक्त वर्णित दोनों सृजित पद पर पदस्थापित कार्मिकों द्वारा ही पंचायत समिति बिजौलियां का कार्य सम्पन्न किया जाता है। उन्होंने बताया कि विधानसभा क्षेत्र माण्डलगढ़ की पंचायत समिति बिजौलियां में उद्यान विभाग के सहायक कृषि अधिकारी एवं कृषि पर्यवेक्षक का पद सृजित करने का वर्तमान में कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। उन्होंने जानकारी दी कि भीलवाड़ा जिले में जिला मुख्यालय पर 01 मिट्टी परीक्षण प्रयोगशाला एवं 03 ब्लॉक स्तरीय प्रयोगशालाएं यथा गंगापुर-01(सहाड़ा ब्लॉक), कोटड़ी-01(कोटड़ी ब्लॉक), गुलाबपुरा-01(हुरड़ा ब्लॉक) स्थापित हैं। इन प्रयोगशालाओं द्वारा किसानों के खेतों की मिट्टी की जांच की जा रही हैं। वर्तमान में माण्डलगढ़ में नवीन मिट्टी परीक्षण प्रयोगशाला स्थापित किया जाना प्रस्तावित नहीं हैं। recent visitors 38