Sunday, July 5, 2026 1:21 pm

‘ये बिल पूरी तरह से फेक नैरेटिव पर आधारित है जिसके लिए पिछले कुछ महीनों से कोशिश की जा रही थी: नसीर हुसैन

नई दिल्ली अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने वक्फ संशोधन विधेयक 2024 राज्यसभा में पेश कर दिया है. बिल पेश कर रिजिजू ने कहा कि वक्फ में किसी गैर मुस्लिम का कोई हस्तक्षेप नहीं होगा. लोकसभा से वक्फ संशोधन विधेयक 2024 कुछ संशोधनों के साथ पारित हो गया है. लोकसभा में चली मैराथन चर्चा के बाद ये बिल 232 के मुकाबले 288 वोट से पारित हो गया. अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने अब इस बिल को राज्यसभा में पेश कर दिया है. राज्यसभा में बिल पेश कर किरेन रिजिजू ने कहा कि वक्फ में किसी गैर मुस्लिम का कोई हस्तक्षेप नहीं होगा. 'ये महज कानूनी नहीं, पुरानी रवायत से जुड़ा मामला', वक्फ बिल पर बोले नदीमुल हक टीएमसी सांसद नदीमुल हक ने कहा कि ये महज कानूनी मसला नहीं, पुरानी रवायत से जुड़ा मामला है. क्या हम उन रवायतों को भुला सकते हैं जिन्होंने हमें एक देश एक कौम बनाया है. ये मामला बस मुसलमानों से जुड़ा नहीं है. ये सिर्फ एक मजहबी मसला नहीं, संवैधानिक मुद्दा भी है. हमारे लिए संविधान महज एक किताब नहीं, मार्गदर्शक है. वक्फ बिल में कई खामियां हैं. ये बिल एंटी फेडरल है. इस बिल का मकसद वक्फ बोर्ड में मुस्लिमों का प्रतिनिधित्व कम करना है. जब ये बिल लोकसभा में पेश किया गया था, एक गलती रह गई थी जो जेपीसी में जाकर पकड़ा गया था. बहुत सारी कमेटियों की सिफारिश पर ये बिल लेकर आए हैं, मंत्री जी ने कहा. आपको रिफॉर्म करना है तो तीन सुझाव तो मान लीजिए. मुसलमानों की शिक्षा को लेकर एजुकेशन बोर्ड, वक्फ बोर्ड की संपत्तियों से अवैध कब्जा हटाने की सिफारिशें भी मान लीजिए. इस बिल में इन सबका कोई जिक्र नहीं किया गया. नसीर हुसैन पर राधा मोहन दास अग्रवाल के आरोप को लेकर राज्यसभा में हंगामा विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि जब व्यक्तिगत आरोप लगाए जाएं तब स्पष्टीकरण का मौका दिया जाना चाहिए. निर्मला सीतारमण ने कहा कि गृह मंत्री के बोलने के बाद उन्हें मौका दिया गया था. उन्होंने (नसीर हुसैन ने) जो कहा, वो दोहरा सकती हूं. इस पर हंगामा हो गया. प्रमोद तिवारी के पॉइंट ऑफ ऑर्डर पर अमित शाह बोले- कोई आरोप नहीं लगाया राधा मोहन दास अग्रवाल का संबोधन पूरा होने के बाद कांग्रेस के उपनेता प्रमोद तिवारी ने पॉइंट ऑफ ऑर्डर रेज किया और कहा कि कोई भी सदस्य किसी सदस्य पर मानहानिकारक, अपराध के आरोप बगैर किसी पूर्व सूचना के आरोप नहीं लगा सकता. इस पर ट्रेजरी बेंच से मंत्री ने कुछ कहा. इस पर प्रमोद तिवारी ने कहा कि ये मंत्री का आचरण है. हम तो बस इतना चाहते हैं कि सदन में चर्चा शांतिपूर्वक चले. गृह मंत्री अमित शाह अपनी सीट पर खड़े हुए और कहा कि मान्यवर माननीय सदस्य ने नसीर हुसैन पर कोई आरोप नहीं लगाए. इन्होंने बस इतना ही कहा कि नसीर हुसैन जब जीते, पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगे. नारे इन्होंने नहीं लगाए, इन पर आरोप नहीं लगे. नसीर हुसैन ने कहा कि मेरा नाम लिया गया है. जब ये नारे लगे, सिवाय एक जर्नलिस्ट के कोई वहां नहीं था. वक्फ बोर्ड जिस जमीन पर हाथ रख दे, उसकी हो जाती थी- राधा मोहन दास अग्रवाल बीजेपी के राज्यसभा सांसद डॉक्टर राधा मोहन दास अग्रवाल ने वक्फ बिल पर चर्चा के दौरान वक्फ बोर्ड की तुलना पुरानी फिल्मों के गुंडों से की. उन्होंने कहा कि जिस तरह से फिल्मों में गुंडे जिस औरत पर हाथ रख देते थे, वह उनकी हो जाती थी. उसी तरह से ये जिस जमीन पर हाथ रख देते थे, वह जमीन इनकी हो जाती थी. वक्फ बाई यूजर इनका बड़ा हथियार था. किसी की जमीन पर कुछ दिन नमाज क्या पढ़ ली, वक्फ बाई यूजर वो जमीन वक्फ बोर्ड की हो गई. तमिलनाडु में 1500 साल पुराना मंदिर भी वक्फ प्रॉपर्टी घोषित कर दिया गया. हमने मौलाना से पूछा कि ये बताओ कि कुरान में कहां लिखा है, किस हदीस में लिखा है कि जो संपत्ति किसी ने दान की ही नहीं, वह आपकी कैसे हो गई. इसका कोई जवाब किसी के पास नहीं था. ओवैसी साहब उस सदन में बैठते हैं, उन्होंने मेरा नाम रख दिया मौलाना राधा मोहन दास अग्रवाल. उन्होंने कर्नाटक में वक्फ की संपत्तियों पर कब्जा करने वाले नेताओं के नाम की लिस्ट पढ़ी और कहा कि ये रिपोर्ट जेपीसी में टेबल हुई थी. बीजेपी सांसद ने कहा कि एक नाम इस सदन की मर्यादा में लेने से इनकार करता हूं, वो सदन में हैं भी नहीं. सबको पता है कि वो नाम क्या होगा. वक्फ संशोधन बिल पर गुरुवार को राज्यसभा में चर्चा हो रही है. इस दौरान कांग्रेस सांसद डॉक्टर सैयद नसीर हुसैन ने केंद्र सरकार पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि, 'ये बिल पूरी तरह से फेक नैरेटिव पर आधारित है जिसके लिए पिछले कुछ महीनों से कोशिश की जा रही थी. ये बिल बीजेपी के लिए सिर्फ ध्रुवीकरण का टूल है. ये कह रहे हैं कि हम गरीब को ताकत देंगे, ट्रांसपैरेंसी देंगे. 10 साल से आप सत्ता में हैं, क्या किया. सेंट्रल वक्फ काउंसिल है, उसमें काउंसिल नहीं है, सिर्फ किरेन रिजिजू का नाम नजर आएगा.' उन्होंने अपनी बात रखते हुए कहा कि, 'वक्फ बोर्ड के खिलाफ सबसे बड़ा भ्रम फैलाया गया है कि वक्फ बोर्ड किसी भी जमीन को अपनी जमीन घोषित कर देता था. क्या देश में रेवेन्यू रिकॉर्ड नहीं है, कानून नहीं है, कोर्ट नहीं है. हम ट्रेन में नमाज पढ़ते हैं तो क्या ट्रेन हमारी हो गई.' देश को कर रहे हैं गुमराह कांग्रेस सांसद नसीर हुसैन ने कहा, 'बीजेपी शासित राज्यों में बोर्ड नहीं है. देश को गुमराह करने के लिए ये बातें यहां पर कर रहे हैं. जेपीसी में मैं भी सदस्य था. जब शुरू हुआ, एक्सपर्ट्स आने लगे तो 97 फीसदी लोगों ने बिल के खिलाफ बातें कीं. एक लाख आंकड़ा दे रहे हैं, सदन पटल पर रख दें कि कितने लोगों ने बिल का विरोध किया था. पहली बार जेपीसी में नॉन स्टेक होल्डर्स को बुलाया गया.' उन्होंने कहा कि, कुछ तो ऐसे थे जो सांप्रदायिक बयान दे रहे थे. ये कह रहे हैं कि जेपीसी की सिफारिशों पर लाए हैं. इनसे पूछिए कि … Read more

बिजली चोरी रोकने के लिए चलाई जा रही पारितोषिक योजना में सभी श्रेणी के कर्मचारी योजना में शामिल

भोपाल मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा बिजली चोरी की रोकथाम के लिए चलाई जा रही पारितोषिक योजना के तहत बिजली के अवैध उपयोग की सूचना देने पर प्रकरण बनाने एवं राशि वसूली होने पर सूचनाकर्ता को 10 प्रतिशत प्रोत्साहन राशि दी जाती है। योजना के संशोधित प्रावधान के अनुसार 5 प्रतिशत राशि का भुगतान संबंधित सूचनाकर्ता को सूचना सही पाए जाने पर जारी किए गए अंतिम निर्धारण आदेश के तुरंत बाद किया जाएगा। शेष पांच प्रतिशत राशि पूर्ण वसूली उपरांत देय होगी। कंपनी में कार्यरत नियमित कर्मचारी/ संविदा/ आउटसोर्स कर्मचारी को भी सूचनाकर्ता के रूप में शामिल किया गया है। सूचना सही पाए जाने एवं जारी किए गए अंतिम निर्धारण आदेश की पूर्ण वसूली होने पर एक प्रतिशत प्रोत्साहन राशि के रूप में दी जाएगी। कंपनी ने कहा है कि विभिन्न परिसरों की जांच एवं जांच के बाद बनाये गये पंचनामा के आधार पर आरोपी के विरूद्ध निकाली गयी राशि की वसूली में सभी कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहता है। कंपनी ने विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ जांच एवं वसूली के कार्य में शामिल बाह्य स्त्रोत कर्मचारियों को भी परितोषिक योजना के तहत दी जाने वाली 2.5 (ढाई) प्रतिशत प्रोत्साहन राशि को सभी संबंधितों को समान रूप में दिया जाना निर्धारित किया गया है। कंपनी ने कहा है कि अब पारितोषिक योजना की पूरी जानकारी जैसे बिलिंग, भुगतान से संबंधित गतिविधियों को ऑनलाइन कर दिया गया है। अब सूचनाकर्ता को कंपनी के पोर्टल पर गुप्त रूप से दिए गए प्रारूप में बैंक खाता, पहचान क्र. (आधार अथवा पेन ) देना अनिवार्य कर दिया है। कंपनी द्वारा विद्युत की चोरी के प्रभावी रोकथाम एवं विद्युत के अवैध उपयोग को रोकने के लिए यह योजना चलाई गई है। योजनांतर्गत कोई भी व्यक्ति बिजली के अवैध उपयोग के संबंध में सूचना कंपनी मुख्यालय, क्षेत्रीय कार्यालय में मुख्य महाप्रबंधक, संचा.संधा/शहर वृत्त कार्यालय के महाप्रबंधकों को लिखित अथवा मोबाईल के साथ ही कंपनी की वेबसाईट portal.pmcz.in पर ऑनलाईन सूचना दे सकते हैं। पोर्टल अथवा उपाय एप पर देनी होगी सूचना कंपनी द्वारा योजना में सूचनाकर्ता को निर्धारित शर्तों के अधीन पारितोषिक देने का प्रावधान है। इस राशि की अधिकतम सीमा नहीं है। वर्तमान में इस व्यवस्था को पूर्ण रूप से ऑनलाइन किया गया है। कंपनी की वेबसाइट portal.mpcz.in पर जाकर informer scheme लिंक पर क्लिक करके, सूचनाकर्ता के द्वारा गुप्त सूचना दर्ज की जा सकती है एवं उपाय ऐप के माध्यम से भी बिजली चोरी की सूचना दी जा सकती है। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा सभी नागरिकों के साथ आउटसोर्स कर्मचारियों तथा उपभोक्ताओं से अपील की गई है कि वे गुप्त सूचना देकर, पारितोषिक योजना का लाभ उठाकर कंपनी को सहयोग प्रदान अवश्य करें।   recent visitors 33

छत्रपति शिवाजी महाराज ने धर्म,राष्ट्रीयता, न्याय और जनकल्याण के आधार पर की सुशासन की स्थापना : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

छत्रपति शिवाजी महाराज ने धर्म,राष्ट्रीयता, न्याय और जनकल्याण के आधार पर की सुशासन की स्थापना : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री ने शिवाजी महाराज की पुण्य-तिथि पर की श्रद्धांजलि अर्पित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि छत्रपति शिवाजी महाराज ने मातृभूमि के सम्मान के साथ कभी समझौता नहीं किया। सच्चे अर्थों में शिवाजी महाराज ने भारत में धर्म, राष्ट्रीयता, न्याय और जनकल्याण के स्तम्भों के आधार पर सुशासन की स्थापना की थी। उनका अप्रतिम साहस, अद्वितीय वीरता और आदर्श जीवन भावी पीढ़ियों को सदैव मातृभूमि की सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हिन्दवी साम्राज्य के संस्थापक, राष्ट्र गौरव, वीर शिरोमणि छत्रपति शिवाजी महाराज की पुण्य-तिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए यह विचार व्यक्त किए।   recent visitors 18

पाकिस्तान पूर्व दिग्गज विकेटकीपर ने पीसीबी चीफ का मांगा इस्तीफा

नई दिल्ली न्यूजीलैंड ने वनडे सीरीज में पाकिस्तान को क्या रौंदा, पड़ोसी देश में खलबली मच गई है। एक पूर्व दिग्गज विकेटकीपर ने तो पीसीबी चीफ का ही इस्तीफा मांग लिया है। कामरान अकमल इतना ज्यादा भड़के हुए हैं कि उन्होंने अपने यू-ट्यूब चैनल पर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन मोहसीन नकवी पर जमकर भड़ास निकाली है। उनसे कहा है कि अगर वह पुरुष टीम की मौजूदा हालत में कोई सुधार नहीं कर सकते तो इस्तीफा दे दें। अकमल ने अपने यू-ट्यूब चैनल पर कहा, 'यह शर्मनाक है। पीसीबी चेयरमैन को सोचना चाहिए कि अगर वह कंट्रोल नहीं कर सकते तो उन्हें इस्तीफा देकर चला जाना चाहिए। अपनी इज्जत खराब मत करो। अगर आप यह नहीं करना चाहते तो मौजूदा टीम की स्थिति में सुधार कीजिए।' अकमल पाकिस्तान की न्यूजीलैंड के हाथों वनडे सीरीज में बुरी तरह हार पर भड़के हुए हैं। मोहम्मद रिजवान की अगुवाई वाली टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ 3 वनडे मैच के सीरीज के पहले दोनों मैच हार चुकी है। दूसरे मैच में तो उसे 84 रनों से हार का सामना करना पड़ा। वनडे सीरीज की हार से पहले पाकिस्तान ने टी-20 सीरीज में भी बहुत ही लचर प्रदर्शन किया था। उससे पहले चैंपियंस ट्रॉफी में भी पाकिस्तान का बहुत ही बुरा हाल रहा। अकमल न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में पाकिस्तान गेंदबाजों के प्रदर्शन से भी निराश हैं। उन्होंने कहा कि वक्त आ गया है कि टीम में नए चेहरों को जगह दी जाए। उन्होंने कहा, 'अगर पाकिस्तानी गेंदबाज इस तरह के टर्फ पर गेंदबाजी नहीं कर सकते तो कहां करेंगे? एशिया में वे कहते हैं कि गेंदबाजों के लिए कुछ नहीं है। क्या उन्हें हमारे खिलाफ दिव्यांग खिलाड़ियों को उतारना चाहिए? हम नहीं जानते कि गेंद कहां फेंकी जाए। इसका मतलब है कि बदलाव किया जाना चाहिए।' recent visitors 39

प्रदेश में शिक्षा का व्यापारीकरण कर रहे शिक्षा माफिया, भाजपा के लोग इस कार्य में शामिल, सरकार दे रही उन्हें संरक्षण

Education mafia is commercializing education

Education mafia is commercializing education in the state, BJP people are involved in this work, government is giving them protection Headline भोपाल। Education mafia is commercializing education मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी ने कांग्रेस कार्यालय में पत्रकारवार्ता को संबोधित कर प्रदेशभर में निजी स्कूलों द्वारा की जा रही मनमानी और नियमों का उल्लघंन कर अत्यंत महंगी किताबों और ड्रेस की अपनी चहेती ( कमीशन देने वाली ) दुकान से बिक्री तथा फीस वृद्धिके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की, वहीं त्रिपाठी ने पीले चावल के साथ मुख्य सचिव अनुराग जैन को स्मरण पत्र भेजा है। पत्र के माध्यम से त्रिपाठी ने समस्त जिलों के कलेक्टरों को निजी स्कूलों की अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई करने हेतु तत्काल निर्देश जारी करने की मांग की । विवेक त्रिपाठी ने कहा कि निजी स्कूलों द्वारा की जा रही अनुचित शुल्क वसूली, महंगी निजी प्रकाशनों की किताबों की अनिवार्यता, तथा आरटीई नियमों के उल्लंघन जैसी गंभीर समस्याओं को कांग्रेस द्वारा समय समय पर उजागर किया गया। जिसकी विधिवत शिकायत हमारे द्वारा शासन एवं प्रशासन के जिम्मेदार व्यक्तियों को लगातार की जा रही हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी शिक्षा माफियाओं के दबाव में कोई कार्यवाही नहीं कर रहें । जिसके कारण मध्यप्रदेश के पीड़ित अभिभावकों में रोष व्याप्त हैं। जबलपुर कलेक्टर की कार्रवाई का दिया उदाहरण विवेक त्रिपाठी ने कहा कि हाल ही में जबलपुर कलेक्टर द्वारा निजी स्कूलों पर की गई कार्रवाई एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे शिक्षा माफियाओं पर अंकुश लगा है। कांग्रेस पार्टी मांग करती है कि ऐसी कार्रवाई पूरे प्रदेश में सुनिश्चित होनी चाहिए, ताकि अन्य जिलों में निजी स्कूलों की मनमानी रोकी जा सके और छात्रों व अभिभावकों को राहत मिले, निजी स्कूलों के खिलाफ दर्ज सीएम हेल्पलाइन में शिकायतों का 15 कार्य दिवस में निराकरण कर उचित कार्यवाही करें। Read more: शिवराज के एक -एक फैसले को रह-रहकर बदल रही मोहन सरकार पीले चावल देकर सरकार को चेतावन विवेक त्रिपाठी ने पीले चावल के साथ मुख्य सचिव अनुराग जैन को स्मरण पत्र भेजकर सांकेतिक रूप से सरकार को चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई, तो कांग्रेस प्रदेशभर में व्यापक आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा कोई व्यापार नहीं, बल्कि समाज का अधिकार है, इसके व्यवसाय कारण का हम पुरजोर विरोध करेंगे और कांग्रेस हर स्तर पर छात्रों व अभिभावकों के अधिकारों की लड़ाई लड़ेगी। शासन से इन बिंदुओं पर कार्यवाही की मांग recent visitors 79

रायपुर : हेयर ड्रेसिंग सैलून से आत्मनिर्भर बना पदमलोचन

सफलता की कहानी हर माह कमा रहे हैं 30 से 35 हजार रूपए    रायपुर छत्तीसगढ़ में युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है, इससे युवा आत्मनिर्भर हो रहे हैं। महासमुंद जिले में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम से मदद लेकर सरायपाली के पदमलोचन बारिक हेयर ड्रेसिंग सेलून शुरू किया जो चल निकला है। वे न केवल आत्मनिर्भर हुए हैं बल्कि अन्य युवाओं को रोजगार भी उपलब्ध करा रहे हैं।     सरायपाली के पदमलोचन बारिक ने बताया कि वे स्नातकोत्तर तक शिक्षित हैं उन्होंने स्वरोजगार के लिए छत्तीसगढ़ खादी और ग्रामोद्योग विभाग से संपर्क किया। उन्हें वहां प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की जानकारी मिली। इस योजना का लाभ लेकर उन्होंने हेयर ड्रेसिंग एवं सैलून व्यवसाय शुरू करने का निर्णय लिया।  भारतीय स्टेट बैंक, सरायपाली शाखा से पदमलोचन बारिक को 3,68,400 रुपए की राशि मंजूर की गई, जिसमें से 25 प्रतिशत अनुदान के रूप में प्राप्त हुआ। इस राशि से उन्होंने आवश्यक उपकरण और सामग्रियां खरीदा और अपना हेयर ड्रेसर सैलून का व्यवसाय शुरू किया। इस योजना के माध्यम से न केवल उन्हें स्वरोजगार मिला, बल्कि अब वे हर महीने नियमित रूप से 30 से 35 हजार रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं और अपनी किश्तें भी समय पर चुका रहे हैं।  गौरतलब है कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय के तहत संचालित एक प्रमुख योजना है, जिसका उद्देश्य बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। इस योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में 35 प्रतिशत और शहरी क्षेत्रों में 25 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है, जिससे लोग अपने व्यवसाय की शुरुआत कर सकें। recent visitors 35

पंचायत 4 की रिलीज डेट का हुआ ऐलान, ओटीटी प्लेटफॉर्म ने इसके नए सीजन की रिलीज डेट का किया ऐलान

मुंबई अमेजन प्राइम वीडियो ने ‘पंचायत’ के फैंस के लिए बड़ी अनाउंसमेंट की है। ओटीटी प्लेटफॉर्म ने इसके नए सीजन की रिलीज डेट का ऐलान किया है। जी हां, इस सीरीज की शुरुआत साल 2020 में हुई थी। आज इस सीरीज को पांच साल पूरे हो गए हैं। ऐसे में अमेजन प्राइम वीडियो ने अनाउंस किया कि ‘पंचायत 4’ 2 जुलाई के दिन रिलीज होगी। कब आएगा नया सीजन? अमेजन प्राइम वीडियो ने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट कर बताया कि ‘पंचायत’ का चौथा सीजन 2 जुलाई के दिन ओटीटी पर दस्तक देगा। इसके साथ ही मेकर्स ने वादा किया है कि ‘पंचायत 4’ में और भी ज्यादा ड्रामा, ठहाके और इमोशनल मोमेंट्स देखने को मिलेंगे, जो फुलेरा की इस दुनिया को फैंस के और करीब ले जाएगी। पंचायत 4 की स्टार कास्ट ‘पंचायत 4’ में जीतेंद्र कुमार, नीना गुप्ता, रघुबीर यादव, फैसल मलिक, चंदन रॉय, सान्विका, दुर्गेश कुमार, सुनीता राजवार और पंकज झा नजर आएंगे। इसे प्रोड्यूस द वायरल फीवर (TVF) ने किया है। चंदन कुमार ने इसकी कहानी लिखी है और दीपक कुमार मिश्रा व अक्षत विजयवर्गीय इसे डायरेक्ट किया है। यहां खत्म हुई थी ‘पंचायत 3’ की कहानी ‘पंचायत 3’ के अंत में दिखाया गया था कि फुलेरा के प्रधान पति (रघुवीर यादव) को गोली लग जाती है। फुलेरा गांव के लोग इसका इल्जाम विधायक जी (पंकज झा) के गुंडों पर मढते हैं। ऐसे में सचिव जी (जितेंद्र कुमार) और विधायक के लोगों के बीच भयंकर लड़ाई होती है। लड़ाई के बाद विधायक यह स्पष्ट करता है कि उसने गोली नहीं चलवाई थी। ऐसे में ‘पंचायत सीजन 4’ में पता लगेगा की आखिरकार प्रधान जी पर गोली किसने चलवाई थी? recent visitors 46