MP CONGRESS PRESIDENT JITU PATWARI बोले- ‘कैंसर की तरह है गुटबाजी, इसे…’

CONGRESS PRESIDENT JITU PATWARI इन दिनों मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ रैली को लेकर पूरे राज्य में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को महू आने का निमंत्रण दे रही है. प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी खुद कई विधानसभाओं में जाकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आमंत्रित कर रहे हैं. इस दौरान वे गुटबाजी छोड़ने का भी आह्वान कर रहे हैं. ऐसा ही कुछ जोशीला बयान पटवारी ने मनावर में भी दिया. पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने मनावर में कांग्रेस के कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधित करते हुए कहा, “अब गुटबाजी छोड़कर कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए आगे बढ़ना होगा”. उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर तक कांग्रेस के संगठन को मजबूत करना पड़ेगा. इसमें ग्राम पंचायत स्तर तक कांग्रेस कमेटी का गठन होना चाहिए. जीतू पटवारी ने कहा कि आने वाले 4 साल तक अगर कांग्रेस के कार्यकर्ता और नेता बिना छुट्टी लिए संगठन का काम करते हैं तो एमपी में आने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार को सत्ता में आने से कोई नहीं रोक सकता है. पटवारी ने मनावर के साथ-साथ कुक्षी और बड़वानी में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक लेकर उन्हें महू आने का आमंत्रण दिया. ‘कांग्रेस में ‘कैंसर’ की तरह है गुटबाजी’- जीतू पटवारीजीतू पटवारी ने गुटबाजी को कांग्रेस का ‘कैंसर’ बताया है. इस पर बीजेपी प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने पलटवार किया है और कहा कि हम लगातार कांग्रेस में गुटबाजी होने का दावा कर रहे हैं, जिसे कांग्रेस झुठलाती आ रही है. अब जीतू पटवारी खुद कांग्रेस में गुटबाजी को कैंसर बता रहे हैं. जीतू पटवारी ने बीजेपी कार्यकर्ता का दिया उदाहरण प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि बीजेपी का छोटा सा छोटा कार्यकर्ता गांव की चौपाल पर चार लोगों को बीजेपी के समर्थन में आगे बढ़ाने के लिए सफलतापूर्वक समझाइश दे देता है. जब विकास की बात होती है तो गांव और विधानसभा से लेकर प्रदेश और देश तक बात नहीं बनती है, तो बीजेपी कार्यकर्ता पाकिस्तान से अफगानिस्तान तक चर्चा करता है. इसी तरह कांग्रेस को भी अपना संगठन मजबूत करते हुए अपनी विचारधारा को लोगों तक पहुंचाना है. Read more: कुत्ते ने जिला उपाध्यक्ष समेत 35 लोगों को काटा: जिला अस्पताल में नहीं मिली वैक्सीन; लोगों ने जताई नाराजगी हर गांव हर बूथ से एक गाड़ी जरूरी- पटवारी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने मनावर में यह भी कहा कि एक गांव से दो गाड़ी की आवश्यकता नहीं है बल्कि हर एक पोलिंग बूथ और एक गांव से एक ही गाड़ी महू पहुंचनी चाहिए. इसके पीछे उन्होंने तर्क दिया कि गांव-गांव तक रैली का संदेश पहुंचाना चाहिए, इसलिए हर गांव से एक गाड़ी लानी जरूरी है. बीजेपी संगठन की बराबरी करने में कई जन्म लगेंगे- बीजेपी भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता राजपाल सिंह सिसोदिया के मुताबिक, कांग्रेस नेताओं को यह बात समझ लेनी चाहिए कि बीजेपी संगठन के बराबरी करने में कांग्रेस नेताओं को कई जन्म लेने पड़ेंगे. सिसोदिया ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को भी यह बात समझ में आ गई है कि बीजेपी का संगठन काफी मजबूत और बड़ा है. यही वजह है कि वे अपने हर सभा में भाजपा के संगठन की मजबूती को लेकर बयान दे रहे हैं. recent visitors 139

क्या पट्टा धारकों की सम्पत्ति का पट्टा रिन्यूअल करेंगे मुख्यमंत्री और भाजपा सरकार।

Will the Chief Minister and the BJP government renew the lease of the property of the lease holders? भोपाल। मप्र में अर्जून सिंह सरकार समय तथा दिग्विजय सिंह सरकार समय लाखों लोगों को देकर आशियाने के अधिकार वैधानिक रूप में दिए। दिग्विजय सिंह शासन काल में तो पति-पत्नी को संयुक्त रुप से दिया गया था। पट्टो का नवीनीकरण किया जाना है, पट्टों में नामांतरण किया जाना है क्योंकि मूल पट्टे धारक की मृत्यु होने पर उसके वारिसों के नाम चढ़ना है,,, पंरतु भाजपा सरकार जो मप्र में सन् 2003 से काबिज हैं उसके व्दारा इस बाबद प्रशासनिक अधिकारियों व्दारा तैयारी धरातल पर नहीं कि जा रही है। सन् 1980 और 1994 के समय दिये गये पट्टो की समयावधि 30साल की थी इस प्रकार 1980 के पट्टो की समयावधि 2010 में तो 1994 के 2024 में समाप्त हो चुकी है। डॉ मोहन यादव मुख्यमंत्री बताए क्या इन पट्टे धारकों को सरकार ध्यान देकर कानूनी मान्यता देगी। क्या कांग्रेस सरकार की सौगात समझकर भाजपा कदम नहीं उठा रही। क्या ये सब भारत के नागरिक नहीं है। लेखक  प्रमोद कुमार व्दिवेदी एड्वोकेट प्रवक्ता मप्र कांग्रेस कमेटी recent visitors 107

भाजपा सरकार का नया कौतुक,,, धारणा प्रमाण पत्र।

BJP government’s new prodigy,,, perception certificate. भोपाल। आज 261 गांवो में 61900 से अधिक भु अधिकार पुस्तिका बांटी गई है। सवाल उठता है क्या मुख्यमंत्री यह बताएंगे कि यह रहवासी क्षेत्रों ने सरकारी जमीनों पर मकान बनाया,,, क्या मप्र में या देश में भुराजस्व संहिता नहीं है, क्या संपत्तियों का पंजीयन रजिस्ट्रेशन एक्ट 1908 के लागू होने से पहले से चल रहा। स्टाम्प एक्ट 1899 से चलन में है। गांव आजादी के पहले से बसे हुए हैं। पिंडियों से लोग रह रहे। परिवार की पिंडियों से रेवेन्यू रिकार्ड, पंचायत अधिनियम अंतर्गत गांव की पंचायत में, जिला प्रशासन के रिकार्ड में नाम दर्ज है। डॉ मोहन यादव को पता ना हो कि मप्र में पंचायत सर्टिफिकेट, सम्पतिकर रसीद या अन्य दस्तावेज से नाम मात्र के शुल्क पर सहस्वामित्व दस्तावेज पंजीयन करवाने का विधान 2003 से कांग्रेस सरकार ने बनाया दिग्विजय सिंह सरकार ने महिलाओं खातिर बडी सौगात दी,, पत्नी, बेटी,बहु के नाम 1फीसदी स्टाम्प शुल्क तथा रसीद पर सम्पत्ति के दस्तावेज सहस्वामित्व दस्तावेज रुप में व्यवस्था की,,,यह जरूर हुआ भाजपा सरकार ने इस योजना को खत्म नहीं किया परंतु स्टाम्प ड्यूटी पिछले दरवाजे से नगरनिगम पंचायत की बसूली। फिर सरकार ने बिजली बिल आधार पर भी दस्तावेज पंजीयन करने का कायदा कानून बनाया। कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने महिलाओं, बेटी, पत्नी को संपत्ति में भागीदारी सुनिश्चित करने खातिर सहस्वामित्व दस्तावेज पर स्टाम्प ड्यूटी 1000 तथा पंजीयन शुल्क 100 कर दिया तथा यह भी स्पष्ट किया कि नगरनिगम पंचायत आदि ड्यूटी भी नहीं लगेगी फलस्वरूप हजारों दस्तावेज पंजीयन होने लगे। इंदौर में भी हुवे,,, नामांतरण भी तहसीलदार तथा नगरनिगम कार्यालय में पंचायत, स्थानीय निकायों में होने लगे। कांग्रेस सरकार के तात्कालीन वाणिज्य एवं वित मंत्री बृजेन्द्र सिंह राठौड़ ने 23 जनवरी 2020 को सैकड़ों महिलाओं को सहस्वामित्व दस्तावेज नीजि आयोजन में कलेक्टर कार्यालय पास आयोजित कार्यक्रम में किया। भाजपा सरकार ने पुनः सत्ता में आने के बाद इस योजना पर अंडगे लगाऐं,अधिकांश स्थानीय निकाय पर भाजपा काबिज है तो उसने अघोषित रूप से नामांतरण रोका, इंदौर में भी हजारों महिलाएं परेशान हैं नगरनिगम नामांतरण नहीं करता। व्दिवेदी ने सवाल उठाया अगर संपत्ति स्वामी नहीं थे इन 261 गांवो के 62000 नागरिकों पास तो फिर मतदाता सूची में किस आधार पर नाम शामिल किए गए,, मतदाता बनने खातिर स्वामित्व या रहवासी होने का सर्टिफिकेट चाहिए तो क्या था इनके पास,,, सरकारी सुख सुविधा राशन आदि कैसे मिलता रहा। अवैध रूप से ये रहने वाले नहीं थे,,, फिर इस योजना की पात्रता  के लिए सरकार बताए क्या आधार रखा गया। मप्र कांग्रेस कमेटी  ने सवाल उठाया कि कानूनी सवाल है, सवाल चलन वाली योजनाओं का फायदा इन्होंने कैसे पाया। सवाल मप्र के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से है कि सहस्वामित्व दस्तावेज अगर गलत है तो बैंकों ने ऋण कैसे देती है। कांग्रेस ने डॉ मोहन यादव से भी सवाल किया, तो केंद्र सरकार से भी,कि बताएं कि फिर ये मतदाता कैसे बने आधार क्या  लेखक  प्रमोद कुमार व्दिवेदी एड्वोकेट प्रवक्ता मप्र कांग्रेस कमेटी मप्र recent visitors 139

लाडली बहना योजना में कटौती पर कांग्रेस विधायक बाबू जंडेल का भाजपा पर हमला

सुशील दामले विशेष संवाददाता श्योपुर ! कांग्रेस विधायक बाबू जंडेल ने लाडली बहना योजना से एक लाख 63,000 बहनों को हटाए जाने के मुद्दे पर भाजपा सरकार की कड़ी आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने चुनाव से पहले लाडली बहनों से 3,000 रुपये मासिक देने का वादा किया था, लेकिन सरकार बनने के बाद यह वादा पूरा नहीं हुआ। बाबू जंडेल ने कहा, “3000 रुपये तो दूर, इन बहनों को केवल 1250 रुपये महीना ही दिया गया। अब, एक लाख 63,000 बहनों को इस योजना से बाहर कर दिया गया है, जो कि उनके सम्मान निधि के अधिकार का हनन है।” उन्होंने इसे भाजपा सरकार का झूठ और वादा खिलाफी करार दिया। कांग्रेस विधायक ने विश्वास जताया कि यह कदम लाडली बहनों के सम्मान और अधिकारों पर चोट है और ये बहनें 2028 के चुनाव में भाजपा को सबक सिखाने का काम करेंगी। बाबू जंडेल के इस बयान ने स्थानीय राजनीति में हलचल मचा दी है। लाडली बहना योजना के मुद्दे पर सरकार और विपक्ष के बीच राजनीतिक सरगर्मी बढ़ने की संभावना है। recent visitors 252

जनता के मुद्दों से दूर भाग रही भाजपा, विधानसभा में नहीं होने दे रही चर्चा

BJP is running away from public issues, not allowing discussion in the Assembly सुशील दामले विशेष संवाददाता रायसेन जिले के सिलवानी विधानसभा से कांग्रेस के विधायक देवेंद्र पटेल ने भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा है,उन्होंने कहा कि,भाजपा सरकार जनता के असल मुद्दों से दूर भाग रही है,वह नहीं चाहती की जनता के मुद्दों पर चर्चा हो,वहीं विधायक देवेंद्र पटेल ने कहा कि,भाजपा पार्टी ने विधानसभा चुनाव के दौरान जनता से बहुत सारे वादे किए थे, जो आज तक पूरे नहीं किए हैं,इससे पूरे प्रदेश की जनता अपने आप को ठगा महसूस कर रही है,भाजपा सरकार में किसानों को खाद लिए जेल जाना पड़ रहा है,किसानों को 12 घंटे बिजली देने का वादा किया था,जिसमें से वह मुश्किल 8 घंटे ही बिजली मिल पा रही है,लाडली बहनाओं को ₹3000 देने की बात कही थी,जिसको एक साल बीत गया है,पंरतु अभी तक इसमें से आधी राशि भी हर महीने तक नहीं मिल रही है,बमुश्किल 1250 ही दे रही है,अब सुना है कि,सरकार इसके भार नहीं झेल पा रही है,इसलिए इसको बंद करने की दिशा में बयानबाजी शुरू हो गई है recent visitors 121

थीम : ‘जय बापू-जय भीम-जय संविधान’ ,डॉ अंबेडकर की जन्मस्थली महू में होगी कांग्रेस की बड़ी रैली

भोपाल ! मध्य प्रदेश कांग्रेस 26 जनवरी को डॉ. भीमराव अंबेडकर की जन्मस्थली, महू में एक विशाल ‘संविधान’ रैली का आयोजन कर रही है। इस रैली में AICC अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी समेत कई बड़े नेता शामिल होंगे। यह रैली नवंबर 2023 और 2024 के चुनावी नुकसान के बाद कांग्रेस का पहला बड़ा आयोजन है। साथ ही जीतू पटवारी के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बनने के बाद एमपी में यह पहला बड़ा आयोजन है। इस रैली की तैयारी को लेकर पीसीसी मुख्यालय में बड़ी बैठक हुई है। बैठक में कांग्रेस के तमाम बड़े नेता दिखे। हालांकि कमलनाथ नहीं दिखाई दिए हैं। रैली को लेकर राजनीति इस रैली को लेकर राजनीतिक तनाव भी बढ़ गया है, क्योंकि मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कांग्रेस पर डॉ. अंबेडकर की विरासत का राजनीतिक फायदा उठाने का आरोप लगाया है। हाल ही में जीतू पटवारी द्वारा डॉ. अंबेडकर की तस्वीर अपने घुटने पर रखने के मामले ने भी विवाद को हवा दी है। 26 को महू में होगी रैली कांग्रेस अपनी ‘संविधान’ रैली की तैयारी जोर-शोर से कर रही है। यह रैली 26 जनवरी को महू में होगी, जहां डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म हुआ था। कांग्रेस ने इस रैली को सफल बनाने के लिए लगभग एक दर्जन कमेटियां बनाई हैं। इस रैली का थीम ‘जय बापू-जय भीम-जय संविधान’ रखा गया है। कांग्रेस अध्यक्ष और राहुल गांधी होंगे शामिल इस रैली में AICC अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी शामिल होंगे। कई अन्य वरिष्ठ नेता भी इस रैली में मौजूद रहेंगे। महू में एक मार्च निकाला जाएगा, जिसके बाद राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे भाषण देंगे। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ, दिग्विजय सिंह, और पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया सहित कई दिग्गज नेता 11 सदस्यीय समन्वय समिति का हिस्सा हैं जो रैली की व्यवस्था देख रही है। तैयारियों का दौर जारी PCC प्रमुख जीतू पटवारी और प्रदेश प्रभारी भंवर जितेंद्र सिंह भोपाल में पार्टी मुख्यालय पर विभिन्न समितियों के साथ लगातार बैठकें कर रहे हैं। जितेंद्र सिंह गुरुवार देर रात तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए भोपाल पहुंचे। नवंबर 2023 के विधानसभा चुनाव और उसके बाद 2024 के लोकसभा चुनाव में हार के बाद मध्य प्रदेश में कांग्रेस द्वारा आयोजित किया जा रहा यह पहला बड़ा कार्यक्रम है। मोहन यादव ने साधा निशाना रैली को लेकर सीएम मोहन यादव ने निशाना साधा है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस ने कभी भी डॉ. अंबेडकर का सच्चा सम्मान नहीं किया। उन्होंने राहुल गांधी से संविधान निर्माता का कथित तौर पर अपमान करने के लिए माफी मांगने की भी मांग की। recent visitors 460

‘जीतू और जय’ की जोड़ी के पीछे है दिग्विजय सिंह का माइंडगेम! कमलनाथ होते जा रहे हैं साइड

भोपाल ! किसी बड़े टास्क या मिशन को पूरा करने के लिए पार्टनरशिप या कहे तो जोड़ी जरूरी होती है। खासकर कांग्रेस के अंदर की जोड़ी हमेशा चर्चा में रहती है। विधानसभा चुनाव के दौरान इस बार कमलनाथ और दिग्विजय सिंह की जोड़ी थी। सियासी गलियारों में इसे जय-वीरू की जोड़ी कहा जाता था लेकिन यह खास कमाल नहीं कर पाई है। इन दिनों एमपी कांग्रेस में नई जोड़ी की चर्चा है, यह जोड़ी जीतू और जय की है। यानी jeetu patwari and jai vardhan की। साथ आने के बाद इस जोड़ी ने कमाल भी शुरू कर दिया है। एमपी उपचुनाव में जीतू और जय की जोड़ी ने मिलकर श्योपुर में कमाल किया। कहा जा रहा है कि इस जोड़ी को आगे बढ़ाने में पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह का माइंडगेम है। इसकी वजह से कमलनाथ जैसे दिग्गज नेता असहज होने लगे हैं। पार्टी के दिग्गज नेता भी इशारों इशारों में कह चुके हैं कि इन सबके पीछे दिग्विजय सिंह ही हैं। दिग्गी राजा राजनीति से रिटायर्ड होने से पहले अपने बेटे के लिए मैदान तैयार करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। इसके लिए समय समय पर जयवर्धन सिंह को जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं। जिसे लेकर दूसरे नेता और कार्यकर्ताओं में असंतोष भी दिखा है। वहीं jeetu patwari and jai vardhan ने खुद को साबित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। इसके सबसे अच्छा एग्जांपल श्योपुर विधानसभा उपचुनाव हैं। इस चुनाव में जयवर्धन सिंह को प्रभारी बनाया गया था। इस दौरान जीतू और जयवर्धन ने जनमत साधने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी। और उसका परिणाम जीत को तौर पर कांग्रेस पार्टी को मिला भी है। Read More : दिल्ली के किसान, इस बार किसकी खड़ी करेंगे खाट, शिवराज-आतिशी में जमकर वाकयुद्ध! कांग्रेस में चल रहे इस माइंडगेम पर उनकी पार्टी के वरिष्ठ नेता सवाल खड़े कर चुके हैं। पूर्व नेता प्रतिपक्ष रह चुके कांग्रेस के दिग्गज नेता अजय सिंह जीतू पटवारी की अध्यक्षता वाली एमपी कांग्रेस की नई कार्यकारिणी पर भी निशाना साधा था। इसे दौरान उन्होंने बयान देते हुए यह भी कहा था कि कांग्रेस का भगवान ही मालिक है। पर्दें के पीछे वालों पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस को बर्बाद करने वाले लोग आज भी पार्टी को पीछे से चला रहे हैं। दोनों की एक मुलाकात से जुड़ा हुई वीडियो भी सामने आया है। जिसमें जीतू पटवारी और जयवर्धन सिंह हंसी खुशी एक दूसरे से बात करते नजर आ रहे हैं। इसे दौरान मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी चलते चलते उनका हाथ थामते भी नजर आ रहे हैं। ये वीडियो इंटरनेट पर खूब वायरल हो रहा है। जिस पर लोग अपनी अपनी प्रतिक्रिया भी देते नजर आ रहे हैं। ऐसे ही एक लाला यादव नामक यूजर से लिखा कि आने वाले विधानसभा चुनाव में ये जोड़ी बहुमत के साथ सरकार बनाएगी। अब देखना होगी कि आने वाले समय में क्या होता हैं। [/more] recent visitors 370