खाकी बदनाम! टीकमगढ़ में पुलिस वाले खेल रहे थे जुआ, वीडियो वायरल होने के बाद 6 पर गिरी गाज

Khaki is infamous! Policemen were gambling in Tikamgarh, 6 arrested after video went viral

Khaki is infamous! Policemen were gambling in Tikamgarh, 6 arrested after video went viral टीकमगढ़ ! जिन पुलिसवालों के कंधे पर जुआ और सट्टा रोकने की जिम्मेदारी थी वे खुद ही गैंबलिंग में लिप्त पाए गए. इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद टीकमगढ़ एसपी ने 6 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है. इसके अलावा अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है. सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें टीकमगढ़ के अलग-अलग थानों में पदस्थ 6 पुलिसकर्मी जुआ खेलते हुए नजर आ रहे हैं. वे ताश के 52 पत्तों पर एक के बाद एक दांव लगा रहे हैं. इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो वायरल होने के बाद टीकमगढ़ एसपी रोहित काशवानी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 6 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. इन पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभाग की जांच भी शुरू हो गई है. कहा जा रहा है कि पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो सकती है. इन पुलिसकर्मियों पर हुई कार्रवाईजुआ खेलने के शौकीन पुलिसकर्मियों पर कई महीनो बाद कार्रवाई हुई है. बताया जाता है कि दीपावली पर्व के आसपास पुलिसकर्मियों द्वारा जुआ खेला गया था, जिसका वीडियो अब वायरल हुआ है. इस मामले में टीकमगढ़ कोतवाली में पदस्थ सूरज राजपूत, अनिल पचौरी और मनोज अहिरवार के खिलाफ कार्रवाई हुई है. इसके अलावा देहात थाना क्षेत्र के भुवनेश्वर अग्निहोत्री, सलमान खान और पुलिस लाइन में तैनात रितेश मिश्रा पर निलंबन की गाज गिरी है. एक दर्जन लोगों के बीच लग रहा था हार-जीत का दांवपुलिस अधिकारियों ने बताया कि जो वीडियो वायरल हो रहा है, उसमें एक दर्जन लोग दिखाई दे रहे हैं. इसमें 6 पुलिस वालों पर कार्रवाई हो गई है, जबकि अन्य लोगों के खिलाफ जांच के बाद कार्रवाई होगी. पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर इस मामले में मुकदमा भी दर्ज हो सकता है. अभी पुलिस विभाग के आला अधिकारियों द्वारा जांच की जा रही है. recent visitors 243

भाजपा नेता ने वर्दी उतरवाने की धमकी दी, तो गुस्से में आकर ASI ने फाड़ी वर्दी, वीडियो वायरल

When BJP leader threatened to remove his uniform, ASI got angry and tore his uniform.

When BJP leader threatened to remove his uniform, ASI got angry and tore his uniform. सिंगरौली ! मध्यप्रदेश के सिंगरौली जिले से बड़ा मामला सामने आया है। जहां एक ASI के वर्दी फाड़ने और बेल्ट-टोपी फेंकने का वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में साफतौर पर नजर आ रहा है कि एएसआई ने टीआई के केबिन में अपनी वर्दी फाड़ ली। केवल इतना ही नहीं एसआई ने अपनी टोपी-बेल्ट भी फेंक दिए। यह वीडियो सात महीने पहले का बताया जा रहा है। जो कि अब वायरल हो रहा है। क्या था मामला जानकारी के मुताबिक, सड़क और नाली को लेकर विवाद था। जिसका नगर निगम और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मुआयना किया था। इस मामले का हल निकलने के लिए कोतवाली थाने में बैठक बुलाई गई थी। इसी दौरान ज्यादा बहस होने के कारण एएसआई ने गुस्से में आकर अपनी वर्दी फाड़ दी। जिसके बाद वहां मौजूद पुलिसकर्मियों द्वारा एएसआई को शांत कराया गया। वर्दी फाड़ने के दौरान एएसआई ने अपनी टोपी-बेल्ट भी निकालकर फेंक दी। जिसका वीडियो थाने में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया।वर्दी का अपमान करने पर हुई थी कार्रवाई वर्दी का अपमान करने पर एएसआई पर कार्रवाई की गई थी। इस पर एसपी निवेदिता गुप्ता ने कहा कि यह वीडियो 7-8 महीने पुराना है। यहां पर मेरी ज्वाइनिंग हुई थी। तो यह मामला मेरे संज्ञान में आया था। उस समय जांच के बाद एएसआई विवेक मिश्रा को दंडित भी किया जा चुका है। वर्दी का अपमान करने पर उनकी वेतन वृद्धि रोकी गी थी। यह सीसीटीवी फुटेज कैसे बाहर आए। इसकी जांच की जाएगी। कांग्रेस ने खड़े किए सवाल मध्यप्रदेश कांग्रेस के आधिकारिक एक्स हैंडल से लिखा गया कि यह सत्ता की हनक है…भाजपा के पार्षद की धमक देखिए। एक वर्दीधारी को अपनी वर्दी फाड़ना पड़ गई। प्रदेश में पुलिसिंग का स्तर जीरो हो गया है! अपराध अनियंत्रित हैं, अपराधी बेखौफ और पुलिस कहीं लाचार तो कहीं दबाव में है। यह वायरल वीडियो सिंगरौली के बैढन थाने का बताया जा रहा है, जहां BJP पार्षद के दबाव से एक पुलिसकर्मी इतने परेशान हो गए कि अपनी वर्दी तक फाड़ ली! यानि मुख्यमंत्री मोहन यादव के प्रभाव में गृह विभाग की दशा और दिशा दोनों बिगड़ चुकी है! जनता को न्याय कैसे मिलेगा, जब पुलिस को ही अपनी वर्दी फाड़नी पड़ रही है। recent visitors 158

फ्री स्कीम से राज्य के ‘कपड़े’ उतारना ठीक नहीं : कैलाश विजयवर्गीय

It is not right to take off the 'clothes' of the state through free scheme: Kailash Vijayvargiya

It is not right to take off the ‘clothes’ of the state through free scheme: Kailash Vijayvargiya भोपाल ! कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विभिन्न राज्यों में चलाई जा रही मुफ्त की योजनाओं पर तंज कसा है। उन्होंने कहा है कि कुछ निर्णय होते हैं, जो लोकहित में नहीं होते, बावजूद इसके सिर्फ लोकप्रियता प्राप्त करने और चुनाव जीतने के लिए ले लिए जाते हैं। फिर भुगतना जनता को पड़ता है। यह ठीक नहीं है। सिर्फ कुर्सी प्राप्त करने के लिए इस प्रकार से किसी राज्य के ‘कपड़े’ उतार दें, यह नहीं होना चाहिए। विजयवर्गीय के इस बयान को पूर्व की शिवराज सरकार के समय शुरू हुई लाड़ली बहना योजना से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, विजयवर्गीय ने किसी योजना का नाम नहीं लिया है। उल्लेखनीय है कि मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से ठीक पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लाड़ली बहना योजना शुरू की थी। इसकी वजह से प्रदेश पर प्रतिमाह करीब 2600 करोड़ रुपये का अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ रहा है। विजवयर्गीय ने कहा कि मुफ्त की योजनाओं पर सवाल खड़े करना चाहिए। सरकार को सचेत करना चाहिए कि आप ऐसी घोषणाएं नहीं कर सकते, क्योंकि इनमें हमारा पैसा लगा है। यह समाज और देश के लिए चिंता की बात है। recent visitors 157

किसानों को खुशखबरी, MSP पर होगी सोयाबीन की खरीदारी, क्या बोली कांग्रेस?

Good news for farmers, soybean will be purchased at MSP

Good news for farmers, soybean will be purchased at MSP, what did Congress say? भोपाल ! मध्य प्रदेश में किसानों को बड़ी राहत मिलने वाली है. मोहन यादव की सरकार ने 25 साल बाद सोयाबीन को समर्थन मूल्य पर खरीदने का फैसला लिया है. सोयाबीन की खरीदारी 25 अक्टूबर से शुरू होकर 31 दिसंबर तक चलेगी. आदेश मिलने के बाद खरीदी केंद्रों पर प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है. किसान पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन 25 सितंबर से 15 अक्टूबर तक किया जा सकता है. मध्य प्रदेश की सरकार ने सोयाबीन का समर्थन मूल्य इस बार 4, 892 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है. समर्थन मूल्य पर सोयाबीन खरीदी का काम मार्कफेड एजेंसी के मातहत होगा. सरकार की घोषणा पर कांग्रेस ने कहा कि किसानों ने अभी आधी लड़ाई जीती है. प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि आधी लड़ाई के लिए कांग्रेस का आंदोलन जारी रहेगा. उन्होंने कहा कि किसानों को अभी सोयाबीन का समर्थन मूल्य और अधिक दिलाना है. कांग्रेस किसानों के हक की लड़ाई लगातार जारी रखेगी. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के आंदोलन में किसानों का भरपूर समर्थन मिल रहा है. सोयाबीन का समर्थन मूल्य सरकार ने किया ऐलान पटवारी का कहना है कि 6 हजार प्रति क्विंटल सोयाबीन के दाम पर ही समझौता हो सकता है. उन्होंने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधा. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री रहते हुए शिवराज सिंह चौहान कई बार किसानों से आय दोगुनी करने का वादा कर चुके हैं. उन्होंने कहा कि सोयाबीन का 6 हजार समर्थन मूल्य होने तक कांग्रेस का आंदोलन जारी रहेगा. बता दें कि सोयाबीन किसानों के मुद्दे को कांग्रेस ने प्रमुखता से उठाया है. समर्थन मूल्य का मामला मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिल्ली में केंद्रीय नेताओं के सामने भी उठाया था. कांग्रेस किसानों के हित की लड़ाई बताकर लगातार मोहन यादव सरकार को घेर रही थी. recent visitors 173

खुली पहली ‘प्रभारी मंत्री की खिड़की’, अब आमजन आसानी से कर सकेंगे शिकायत

First 'Incharge Minister's Window' opened, now common people will be able to complain easily

First ‘Incharge Minister’s Window’ opened, now common people will be able to complain easily रतलाम ! प्रदेश में जनता की समस्या सुनने और उसका समाधान करने के लिए सीएम हेल्पलाइन और जनसुनवाई जैसी योजनाएं चल रही थी. वहीं अब ‘प्रभारी मंत्री की खिड़की’ भी इसी प्रकार की समस्याओं को हल करने के लिए खोली जा रही है. प्रदेश के रतलाम में सबसे पहले प्रभारी मंत्री की खिड़की खुली है. रतलाम कलेक्टर राजेश बाथम ने बताया कि जिले के प्रभारी मंत्री विजय शाह ने निर्देश दिए थे कि जिले में एक ऐसी जन शिकायत, जन समस्या निवारण संबंधी खिड़की होनी चाहिए, जिसमें आम लोगों की शिकायतों का समाधान हो सके. इसी को देखते हुए ‘प्रभारी मंत्री की खिड़की’ नाम से जन शिकायत के समाधान के लिए यह व्यवस्था शुरू की गई है. यह समस्या निवारण केंद्र प्रतिदिन सुबह 11:00 से शाम 5:00 बजे तक चालू रहेगा. कलेक्टर राजेश बाथम के मुताबिक, प्रभारी मंत्री की खिड़की नाम से जो शिकायत निवारण केंद्र शुरू किया गया है, उसमें सभी विभागों से जुड़ी समस्या या शिकायत आम लोग कर सकते हैं. कलेक्टर ने बताया कि शुक्रवार से यह व्यवस्था शुरू कर दी गई है. इसमें शिकायतें भी आना शुरू हो गई है. जानकारी के मुताबिक, कलेक्टर कार्यालय में प्रतिदिन लोगों के आवेदन को स्कैन कर प्रभारी मंत्री को ईमेल किया जाएगा. वहीं संबंधित विभाग को भी कार्रवाई के लिए आवेदन की प्रति भेजी जाएगी. प्रभारी मंत्री की खिड़की खुलने के बाद आवेदन आने का सिलसिला भी शुरू हो चुका है. शुक्रवार दोपहर तक पांच आवेदन इस विंडो पर आ चुके हैं. इस तरह की और भी कई योजनाएंजन समस्या का निवारण करने के लिए मध्य प्रदेश सरकार ने कई योजनाएं चला रखी है. इसके तहत मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और प्रति मंगलवार होने वाली जनसुनवाई प्रमुख रूप से शामिल है. इसके अलावा आमतौर पर प्रतिदिन ही प्रशासनिक और पुलिस विभाग के कार्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा आम लोगों की समस्याओं का निवारण किया जाता है. recent visitors 199

मध्य प्रदेश: सोयाबीन पॉलिटिक्स के बीच में पिस्ता किसान , किसानों की आप बीती

Madhya Pradesh: Pistachio farmers in the midst of soybean politics, AAP of farmers

Madhya Pradesh: Pistachio farmers in the midst of soybean politics, AAP of farmers MP Soyabean MSP Rate: मध्य प्रदेश में सोयाबीन को किसानों का सोना कहा जाता है, लेकिन पिछले कुछ सालों से सोयाबीन के दाम नहीं बढ़ने की वजह से यह घाटे की फसल साबित हो रही थी. इस बार सरकार ने समर्थन मूल्य को निर्धारित करते हुए किसानों को बड़ी राहत पहुंचाने का काम किया है. मध्य प्रदेश में किसानों को लेकर लंबे समय से बीजेपी और कांग्रेस के बीच सियासत होती आई है. कांग्रेस का कहना है कि सोयाबीन के दाम को लेकर 6000 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य लागू होना चाहिए, जबकि मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने 4892 रुपये प्रति क्विंटल की दर पर सोयाबीन खरीदने की एमएसपी लागू होने की बात कही है. इस राजनीति के बीच किसानों से माइ सीक्रेट न्यूज़ टीम ने बातचीत की तो उन्होंने अपनी अलग ही कहानी बयां कर दी. किसान जानकी पटेल ने बताया कि सरकार द्वारा 4892 रुपये प्रति क्विंटल का जो भाव तय किया है, वह उचित है. अभी वर्तमान में सोयाबीन की फसल 3500 रुपये से 4000 रुपये प्रति क्विंटलल तक बिक रही थी. उन्होंने बताया कि समर्थन मूल्य उचित है. किसानों को इससे नुकसान नहीं होगा. सोयाबीन 6000 रुपये तक पहुंचाना आवश्यकअन्य किसान ने कहा कि सोयाबीन के दाम वर्तमान में 6000 रुपये प्रति क्विंटल होना चाहिए. किसान का कहना है कि साल 2012 से अभी तक सोयाबीन के दाम नहीं बढ़े हैं, जबकि बाजार में सभी वस्तुओं के दाम लगभग दो गुना तक पहुंच गए हैं. ऐसी स्थिति में सोयाबीन के दाम 6000 रुपये होना चाहिए. हालांकि अर्जुन का कहना है कि वह सरकार द्वारा तय किए गए समर्थन मूल्य का भी स्वागत करता है. एक बीघा में आता है 9000 रुपये का खर्चकिसान विजय पटेल का कहना है कि एक बीघा जमीन पर सोयाबीन की फसल लेने में लगभग 9000 रुपये का खर्च आता है, जबकि मौसम साथ दे तो ढाई से तीन क्विंटल सोयाबीन की पैदावार हो जाती है. छोटे किसान को सोयाबीन से काफी उम्मीद रहती है. वर्तमान में कई मंडियों में 3500 रुपये क्विंटल सोयाबीन बिक रही थी, जिससे किसानों को काफी नुकसान हो रहा था. recent visitors 140

इंदौर के उपचुनाव में जीती भाजपा, चार हजार वोट से कांग्रेस प्रत्याशी को हराया

BJP wins Indore by-election, defeats Congress candidate by four thousand votes

BJP wins Indore by-election, defeats Congress candidate by four thousand votes इंदौर नगर निगम के वार्ड 83 के उप चुनाव में भाजपा प्रत्याशी की जीत हो गई है। भाजपा के जीतू राठौर को 6490 और कांग्रेस के उम्मीदवार विकास जोशी को 2235 वोट मिले हैं। भाजपा उम्मीदवार 4255 वोटों से चुनाव जीत गए हैं। उप जिला निर्वाचन अधिकारी राजेंद्र रघुवंशी ने बताया कि मतगणना के लिए 15 टीमें बनाई थी। 11 टेबलों पर गणना हुई और 4 टीमें रिजर्व में थीं। शुक्रवार को नेहरू स्टेडियम में मतगणना सुबह 9 बजे शुरू हुई। मतदाताओं ने रुचि नहीं दिखाईपार्षद कमल लड्ढा के निधन के बाद यहां उपचुनाव हुए हैं। बुधवार को वोटिंग हुई थी। भाजपा से जीतू राठौर, कांग्रेस विकास जोशी सहित 6 उम्मीदवारों मैदान में थे। इस उप चुनाव में खास बात यह रही की भाजपा का गढ़ कहे जाने वाले इस वार्ड में मतदाताओं ने चुनाव में ज्यादा रुचि नहीं दिखाई। इस वार्ड में 11 सितंबर को 41.32 प्रतिशत ही मतदान हुआ। जो पिछली बार से कम है। 21 हजार 700 मतदाताओं में से महज 8900 वोटर्स ने ही वोट डाले। कमल लड्ढा 8 हजार वोट से जीते थेइंदौर नगर निगम चुनाव में कमल लड्ढा की जीत सबसे बड़ी जीत थी। बता दें कि इस वार्ड में अब लड्ढा के निधन के बाद यहां उपचुनाव हुआ है। 2022 में हुए चुनाव में इस वार्ड से बीजेपी के कमल लड्ढा की जीत 8803 वोट से हुई थी। कमल लड्ढा को उस समय 11 हजार 280 वोट मिले थे। वहीं उनके प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के आशीष लाहोटी को 2 हजार 477 वोट मिले थे। वहीं वार्ड 83 के बाद सबसे बड़ी जीत वार्ड 81 में बीजेपी के अभिषेक बबलू शर्मा की हुई थी। शर्मा 8 हजार 696 वोट से जीते थे। recent visitors 156