जीआरपी थाना के सामने ही बदमाशों ने गोली दागी, युवक हुआ घायल

Miscreants opened fire in front of GRP police station, youth injured

Miscreants opened fire in front of GRP police station, youth injured कटनी ! कटनी में भदोही उप्र निवासी अरुण कुमार दुबे अपनी मां को छोड़ने गया था और कटनी स्टेशन आकर घर जाने के लिए दूसरी गाड़ी का इंतजार कर रहा था। गुरुवार की रात को कटनी स्टेशन के भीड़ भाड़ वाले क्षेत्र में जीआरपी थाना के सामने ही बदमाशों ने गोली दागी, जो अरुण कुमार दुबे को लगी। गोली चलते ही दहशत फैल गई। लोगों ने पुलिस को सूचना देने के साथ ही घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां से उसे मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गया। पुराने विवाद पर एक युवक पर गोली चलाईघटना में पुराने विवाद पर एक युवक पर गोली चलाई गई थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है। रात 11.30 बजे के लगभग वह नाश्ता करने के लिए स्टेशन के बाहर निकला। जैसे ही वह जीआरपी थाना के पास पहुंचा पीछे गोली चलने की आवाज आई और गोली उसके कमर के पास आकर लगी। यात्री मौके पर गिरा। गोली चलते ही दहशत फैल गई। रात को मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गयालोगों ने घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। साथ ही कोतवाली पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने स्थल का निरीक्षण किया और घायल से भी पूछताछ की। यात्री की हालत गंभीर होने के चलते उसे रात को मेडिकल कालेज जबलपुर रेफर कर दिया गया। कोतवाली प्रभारी बोले- गोली चलाने वाले तीन लोग थेकोतवाली प्रभारी आशीष शर्मा ने बताया कि गोली चलाने वाले तीन लोग थे, जिसमें तरुण जाटव, रितेश निषाद, विष्णु निषाद शामिल थे। जिन्होंने बैलट घाट निवासी ओम गोस्वामी पिता रंजन गोस्वामी के ऊपर पुराने विवाद पर कट्टे से फायर किया था और युवक हट गया तो गोली यात्री को जाकर लगी। पुलिस ने हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है और आरोपितों की तलाश कर रही है। recent visitors 348

इंदौर में प्रशासन ने कांग्रेस के किसान न्याय यात्रा को घुसने से रोका

Administration stopped Congress' Kisan Nyay Yatra from entering Indore

Administration stopped Congress’ Kisan Nyay Yatra from entering Indore मध्य प्रदेश में सोयाबीन के भाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच जमकर राजनीतिक रस्साकशी चल रही है. इसी के चलते आज (शुक्रवार, 20 सितंबर) पूरे मध्य प्रदेश में कांग्रेस आंदोलन कर रही है. सोयाबीन के दाम बढ़ाने को लेकर इंदौर में भी किसान न्याय यात्रा निकाली गई. इसे लेकर आंशिक रूप से अनुमति को रद्द कर दिया गया. शहर के बीच ट्रैक्टर यात्रा निकालने पर जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए. इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि कांग्रेस के आंदोलन को लेकर पुलिस विभाग के माध्यम से अनुमतियां जारी की गई थी. कांग्रेस नेताओं को स्पष्ट रूप से निर्देश दे दिए गए थे कि वे सांकेतिक रूप से कलेक्टर कार्यालय आ सकते हैं, लेकिन उन्हें शहर के बीच से ट्रैक्टर रैली के माध्यम से कलेक्टर कार्यालय आने की अनुमति नहीं है. इसी को लेकर कांग्रेस नेताओं द्वारा विरोध किया जा रहा था. बढ़ जाती है दुर्घटना की आशंका- कलेक्टरकांग्रेस नेताओं का कहना था कि वे ट्रैक्टर रैली के माध्यम से कलेक्टर कार्यालय में पहुंचेगे. इसे लेकर पुलिस महकमे ने अनुमति नहीं दी. इंदौर में पुलिस कमिश्नरी लागू है, इसलिए इस प्रकार की अनुमति को लेकर पुलिस विभाग के पास अधिकार है. कलेक्टर आशीष सिंह ने एबीपी न्यूज़ से कहा कि शहर में इतनी संख्या में ट्रैक्टर लेकर प्रवेश करने से दुर्घटना की आशंका बढ़ जाएगी. इसके अलावा यातायात व्यवस्था भी बाधित होगी है. इसी के चलते अनुमति नहीं दी गई है सोयाबीन के भाव को लेकर निकली जा रही है यात्रासोयाबीन के भाव को लेकर इंदौर में किसान न्याय यात्रा निकाली गई. इसका नेतृत्व कांग्रेस नेताओं ने किया. कांग्रेस नेता चाहते थे कि यह यात्रा शहर के बीच ट्रैक्टर के माध्यम से निकले. recent visitors 195

मप्र के 50 जिला अस्पतालों में जन-औषधि केंद्रों का शुभारंभ, सीएम मोहन यादव ने की घोषणा

Inauguration of Jan Aushadhi Centers in 50 district hospitals of Madhya Pradesh, CM Mohan Yadav announced

Inauguration of Jan Aushadhi Centers in 50 district hospitals of Madhya Pradesh, CM Mohan Yadav announced भोपाल। प्रदेश के 50 जिला चिकित्सालयों में प्रधानमंत्री जन-औषधि केंद्रो । इन केंद्रों पर लोगों को गुणवत्तापूर्ण जेनेरिक दवाइयां बेहद सस्ती कीमतों में उपलब्ध होंगी। भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल मंगुभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इन जन-औषधि केंद्रों का शुभारंभ किया। जन-औषधि केंद्रों का संचालन रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा किया जाएगा। इसी कार्यक्रम के दौरान सीएम डॉ. यादव ने स्वच्छता से सेवा पखवाड़े का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि कचरा मुक्त शहर के आधार पर सफाई कर्मियों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। राज्यपाल मंगुभाई पटेल और सीएम ने सिंगल क्लिक से राशि खातों में ट्रांसफर की। कार्यक्रम में भोपाल को स्वच्छता सर्वेक्षण में 5 स्टार रेटिंग मिलने पर नगर निगम के 8,117 सफाई मित्रों को 5-5 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी गई।स्टार रेटिंग के हिसाब से मिलेगी प्रोत्साहन राशिमुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कचरा मुक्त शहर स्टार प्रमाणीकरण के आधार पर सफाई मित्रों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। जिस निकाय को जितने स्टार मिलेंगे, उसमें कार्यरत उतने हजार रुपए की राशि दी जाएगी यानी एक स्टार हासिल करने वाले निकाय को एक-एक हजार, दो, तीन स्टार से लेकर 5 स्तर और 7 स्टार तक प्राप्त कर सकते हैं। 7 स्टार वालों को 7 हजार रुपए प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा राज्य मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल, नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह, भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा, भोपाल सांसद आलोक शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा, भगवान दास सबनानी समेत अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। स्वच्छता के साथ स्वास्थ्य को भी तरजीहकार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम डॉ. यादव ने कहा कि हमारे 33 करोड देवी-देवताओं में एक देवी स्वच्छता की हैं शीतला माता। चेचक की बीमारी से बचाने टीकाकरण की शुरुआत हुई। चेचक का जिसे फोड़ा हुआ था, उसके मवाद से चेचक का टीका बनाया। ये हमारे प्राचीन चिकित्सा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुजुर्गों को पांच लाख तक का मुफ्त इलाज दिया। अब सस्ती दरों पर जेनेरिक दवा भी उपलब्ध होगी। सफाई मित्रों की स्वच्छता और स्वास्थ्य में बड़ी भूमिका है मैं आपको प्रणाम करता हूं।हेत्थ पैरामीटर्स में छुएंगे शिखरइससे पहले उप मुख्यमंत्री डॉ. राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऐसा वातावरण तैयार किया कि आमजन स्वच्छता के प्रति जागरूक हुए है। सस्ती दवाएं उपलब्ध कराने के लिए रेडक्रॉस सोसायटी के माध्यम से 50 जिला अस्पतालों में जन-औषधि केंद्र खोलने का निर्णय लिया है। मध्य प्रदेश का स्वास्थ्य विभाग हेल्थ के पैरामीटर के मामले में उच्च शिखर को प्रात करेगा।उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री जन-औषधि केंद्र परियोजना का शुभारंभ वर्ष 2008 में सस्ती और गुणवत्तापूर्ण जेनेरिक दवाइयां उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया गया था। वर्ष 2015 के बाद से इस योजना में और गति आयी। इसका उद्देश्य पूरे देश में सस्ती दवाइयों की पहुंच को व्यापक बनाना था। वर्तमान में इस परियोजना में देश में प्रधानमंत्री भारतीय जन-औषधि केंद्र खोले जा रहे हैं, जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में लोग सस्ती जेनेरिक दवाओं का लाभ उठा सकें।500 से अधिक जन-औषधि केंद्र खुलेवर्तमान में मध्य प्रदेश में 500 से अधिक जन औषधि केंद्र कार्यरत हैं, जो प्रदेश के विभिन्न जिलों में संचालित हैं। ये केंद्र शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में स्थापित किए गए हैं। इन केंद्रों के माध्यम से प्रतिदिन हजारों लोग सस्ती और गुणवत्तापूर्ण दवाइयां खरीद रहे हैं। उनके मासिक चिकित्सा खर्चों में बड़ी बचत हो रही है। अब सभी जिला चिकित्सालयों में भी प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र खोले जा रहे हैं।जन-औषधि केंद्र खुलने से ये फायदेसभी को सस्ती दरों पर गुणवत्तापूर्ण जेनेरिक दवाइयां उपलब्ध होंगी। मरीजों को ब्रांडेड दवाओं की तुलना में 50% से 90% तक कम दाम पर दवाइयां मिलेंगी।इससे लोगों के मासिक चिकित्सा खर्चों में बड़ी बचत होगी। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए विशेष रूप से फायदेमंद होगी।सस्ती और सुलभ दवाओं के माध्यम से लोग अपने उपचार को निरंतर जारी रख सकेंगे, जिससे स्वास्थ्य परिणामों में सुधार आएगा। खासकर मधुमेह, उच्च रक्तचाप और हृदय रोग जैसी पुरानी बीमारियों के प्रबंधन में जन-औषधि केंद्र अहम भूमिका निभाएगा।जन-औषधि केंद्र के माध्यम से जेनेरिक दवाओं की गुणवत्ता और प्रभावशीलता को लेकर जागरूकता बढ़ेगी, जिससे लोग ब्रांडेड दवाओं पर निर्भरता कम करेंगे और सस्ती जेनेरिक दवाओं को अपनाएंगे।स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी उत्पन्न होंगे। प्रत्येक केंद्र के चालन के लिए फार्मासिस्ट और अन्य कर्मचारी आवश्यक होंगे, जिससे राज्य में नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। recent visitors 173

जीतू पटवारी ने कांग्रेस नेताओं से पूरे प्रदेश में एफआईआर दर्ज करने को क्यों कहा? जानिए वजह

Why did Jitu Patwari ask Congress leaders to register FIR in entire MP

Why did Jitu Patwari ask Congress leaders to register FIR in entire MP? Know the reason भोपाल ! कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर जीतू पटवारी ने प्रदेश के कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं तथा सभी अनुसांगिक संगठन के नेताओं से आज अपने संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज करने को कहा है. इस संबंध में जीतू पटवारी ने एफआईआर दर्ज करने का एक फॉर्मेट भी कांग्रेस नेताओं को उपलब्ध कराया है. प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इशारे पर राहुल गांधी के खिलाफ बीजेपी नेताओं और अन्य कार्यकर्ताओं तथा मंत्रियों द्वारा आपत्तिजनक टिप्पणी की जा रही है. इस संबंध में महाराष्ट्र में भी एफआईआर दर्ज हो चुकी है जबकि महाराष्ट्र में बीजेपी की सरकार है. शाम 4 बजे बीजेपी नेताओं के खिलाफ दर्ज कराएंगे केसइसी के चलते उन्होंने मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ताओं, एनएसयूआई के नेताओं, महिला कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं से अपील की है कि वे आज अपने संबंधित थाने पर पहुंचकर शाम 4:00 बजे भाजपा नेताओं द्वारा आपत्तिजनक बयान देने के संबंध में मुकदमा दर्ज कराएं. जीतू पटवारी खुद भोपाल के टीटी नगर थाने में जाकर बीजेपी नेताओं के खिलाफ शिकायत दर्ज कराएंगे. इस संबंध में जीतू पटवारी ने एक फॉर्मेट भी कांग्रेस के कार्यकर्ताओं और नेताओं को भेजा है. महाराष्ट्र में दर्ज केस के बाद गरमाई राजनीतिमहाराष्ट्र में शिवसेना विधायक की आपत्तिजनक टिप्पणी के बाद पुलिस ने उनके खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. इसी आधार पर मध्य प्रदेश में भी अभियान चलाए जाने की बात कही जा रही है. महाराष्ट्र का उदाहरण देते हुए कांग्रेस नेताओं से जीतू पटवारी ने एफआईआर दर्ज कराने की अपील की है. उल्लेखनीय है कि राहुल गांधी की जीभ काटने वाले को 11 लाख रुपये का ऐलान देने की घोषणा शिवसेना विधायक संजय गायकवाड ने की थी, जिसके बाद उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज हो चुका है. संजय गायकवाड ने राहुल गांधी द्वारा आरक्षण को लेकर दिए गए बयान पर नाराजगी जताई थी. अभी इस मुद्दे को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीतिक गर्मा गई है. recent visitors 181

खाकी बदनाम! टीकमगढ़ में पुलिस वाले खेल रहे थे जुआ, वीडियो वायरल होने के बाद 6 पर गिरी गाज

Khaki is infamous! Policemen were gambling in Tikamgarh, 6 arrested after video went viral

Khaki is infamous! Policemen were gambling in Tikamgarh, 6 arrested after video went viral टीकमगढ़ ! जिन पुलिसवालों के कंधे पर जुआ और सट्टा रोकने की जिम्मेदारी थी वे खुद ही गैंबलिंग में लिप्त पाए गए. इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद टीकमगढ़ एसपी ने 6 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है. इसके अलावा अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है. सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें टीकमगढ़ के अलग-अलग थानों में पदस्थ 6 पुलिसकर्मी जुआ खेलते हुए नजर आ रहे हैं. वे ताश के 52 पत्तों पर एक के बाद एक दांव लगा रहे हैं. इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो वायरल होने के बाद टीकमगढ़ एसपी रोहित काशवानी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 6 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. इन पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभाग की जांच भी शुरू हो गई है. कहा जा रहा है कि पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो सकती है. इन पुलिसकर्मियों पर हुई कार्रवाईजुआ खेलने के शौकीन पुलिसकर्मियों पर कई महीनो बाद कार्रवाई हुई है. बताया जाता है कि दीपावली पर्व के आसपास पुलिसकर्मियों द्वारा जुआ खेला गया था, जिसका वीडियो अब वायरल हुआ है. इस मामले में टीकमगढ़ कोतवाली में पदस्थ सूरज राजपूत, अनिल पचौरी और मनोज अहिरवार के खिलाफ कार्रवाई हुई है. इसके अलावा देहात थाना क्षेत्र के भुवनेश्वर अग्निहोत्री, सलमान खान और पुलिस लाइन में तैनात रितेश मिश्रा पर निलंबन की गाज गिरी है. एक दर्जन लोगों के बीच लग रहा था हार-जीत का दांवपुलिस अधिकारियों ने बताया कि जो वीडियो वायरल हो रहा है, उसमें एक दर्जन लोग दिखाई दे रहे हैं. इसमें 6 पुलिस वालों पर कार्रवाई हो गई है, जबकि अन्य लोगों के खिलाफ जांच के बाद कार्रवाई होगी. पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर इस मामले में मुकदमा भी दर्ज हो सकता है. अभी पुलिस विभाग के आला अधिकारियों द्वारा जांच की जा रही है. recent visitors 251

भाजपा नेता ने वर्दी उतरवाने की धमकी दी, तो गुस्से में आकर ASI ने फाड़ी वर्दी, वीडियो वायरल

When BJP leader threatened to remove his uniform, ASI got angry and tore his uniform.

When BJP leader threatened to remove his uniform, ASI got angry and tore his uniform. सिंगरौली ! मध्यप्रदेश के सिंगरौली जिले से बड़ा मामला सामने आया है। जहां एक ASI के वर्दी फाड़ने और बेल्ट-टोपी फेंकने का वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में साफतौर पर नजर आ रहा है कि एएसआई ने टीआई के केबिन में अपनी वर्दी फाड़ ली। केवल इतना ही नहीं एसआई ने अपनी टोपी-बेल्ट भी फेंक दिए। यह वीडियो सात महीने पहले का बताया जा रहा है। जो कि अब वायरल हो रहा है। क्या था मामला जानकारी के मुताबिक, सड़क और नाली को लेकर विवाद था। जिसका नगर निगम और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मुआयना किया था। इस मामले का हल निकलने के लिए कोतवाली थाने में बैठक बुलाई गई थी। इसी दौरान ज्यादा बहस होने के कारण एएसआई ने गुस्से में आकर अपनी वर्दी फाड़ दी। जिसके बाद वहां मौजूद पुलिसकर्मियों द्वारा एएसआई को शांत कराया गया। वर्दी फाड़ने के दौरान एएसआई ने अपनी टोपी-बेल्ट भी निकालकर फेंक दी। जिसका वीडियो थाने में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया।वर्दी का अपमान करने पर हुई थी कार्रवाई वर्दी का अपमान करने पर एएसआई पर कार्रवाई की गई थी। इस पर एसपी निवेदिता गुप्ता ने कहा कि यह वीडियो 7-8 महीने पुराना है। यहां पर मेरी ज्वाइनिंग हुई थी। तो यह मामला मेरे संज्ञान में आया था। उस समय जांच के बाद एएसआई विवेक मिश्रा को दंडित भी किया जा चुका है। वर्दी का अपमान करने पर उनकी वेतन वृद्धि रोकी गी थी। यह सीसीटीवी फुटेज कैसे बाहर आए। इसकी जांच की जाएगी। कांग्रेस ने खड़े किए सवाल मध्यप्रदेश कांग्रेस के आधिकारिक एक्स हैंडल से लिखा गया कि यह सत्ता की हनक है…भाजपा के पार्षद की धमक देखिए। एक वर्दीधारी को अपनी वर्दी फाड़ना पड़ गई। प्रदेश में पुलिसिंग का स्तर जीरो हो गया है! अपराध अनियंत्रित हैं, अपराधी बेखौफ और पुलिस कहीं लाचार तो कहीं दबाव में है। यह वायरल वीडियो सिंगरौली के बैढन थाने का बताया जा रहा है, जहां BJP पार्षद के दबाव से एक पुलिसकर्मी इतने परेशान हो गए कि अपनी वर्दी तक फाड़ ली! यानि मुख्यमंत्री मोहन यादव के प्रभाव में गृह विभाग की दशा और दिशा दोनों बिगड़ चुकी है! जनता को न्याय कैसे मिलेगा, जब पुलिस को ही अपनी वर्दी फाड़नी पड़ रही है। recent visitors 168

फ्री स्कीम से राज्य के ‘कपड़े’ उतारना ठीक नहीं : कैलाश विजयवर्गीय

It is not right to take off the 'clothes' of the state through free scheme: Kailash Vijayvargiya

It is not right to take off the ‘clothes’ of the state through free scheme: Kailash Vijayvargiya भोपाल ! कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विभिन्न राज्यों में चलाई जा रही मुफ्त की योजनाओं पर तंज कसा है। उन्होंने कहा है कि कुछ निर्णय होते हैं, जो लोकहित में नहीं होते, बावजूद इसके सिर्फ लोकप्रियता प्राप्त करने और चुनाव जीतने के लिए ले लिए जाते हैं। फिर भुगतना जनता को पड़ता है। यह ठीक नहीं है। सिर्फ कुर्सी प्राप्त करने के लिए इस प्रकार से किसी राज्य के ‘कपड़े’ उतार दें, यह नहीं होना चाहिए। विजयवर्गीय के इस बयान को पूर्व की शिवराज सरकार के समय शुरू हुई लाड़ली बहना योजना से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, विजयवर्गीय ने किसी योजना का नाम नहीं लिया है। उल्लेखनीय है कि मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से ठीक पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लाड़ली बहना योजना शुरू की थी। इसकी वजह से प्रदेश पर प्रतिमाह करीब 2600 करोड़ रुपये का अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ रहा है। विजवयर्गीय ने कहा कि मुफ्त की योजनाओं पर सवाल खड़े करना चाहिए। सरकार को सचेत करना चाहिए कि आप ऐसी घोषणाएं नहीं कर सकते, क्योंकि इनमें हमारा पैसा लगा है। यह समाज और देश के लिए चिंता की बात है। recent visitors 166