कमल नाथ के गढ़ रहे छिंदवाड़ा में नगर निगम अध्यक्ष का तख्ता पलट करने की तैयारी में जुटी भाजपा

BJP is preparing to overthrow the Municipal Corporation President in Chhindwara

BJP is preparing to overthrow the Municipal Corporation President in Chhindwara, the stronghold of Kamal Nath. छिंदवाड़ा (Chhindwara News)। नगर निगम अध्यक्ष धर्मेंद्र सोनू बाबू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए भाजपा ने तैयारी शुरू कर दी है। कभी कमल नाथ के गढ़ रहे छिंदवाड़ा में बड़ा उलटफेर होने वाला है। नियमों के मुताबिक 48 पार्षद और एक वोट महापौर का है। ऐसे में 25 पार्षद के समर्थन के आधार पर अध्यक्ष के लाभ पर विश्वास प्रस्ताव पारित हो सकता है। 48 पार्षदों के सदन में बहुमत का आंकड़ा 25पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ के गढ़ में भाजपा अंतिम किला फतह करने की तैयारी में है। भाजपा अब नगर निगम में सभापति का पद अपने कब्जे में लेना चाह रही है। इसी को लेकर बीती देर रात एक होटल में भाजपा के सभी पदाधिकारी और भाजपा समर्थित पार्षदों के बीच मंत्रणा हुई। अविश्वास प्रस्ताव पारित होने की संभावनाएं प्रबलइस दौरान जहां भाजपा के नाराज पार्षदों को समझाइश दी गई, वहीं सभापति पद के लिए तय नाम (जो कि अभी तय नहीं हुआ है) का समर्थन करने के लिए कहा गया। इससे पहले सभी भाजपा समर्थित पार्षदों को अविश्वास प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करने के लिए सहमत किया गया। बता दें कि सदन में संख्या बल के आधार पर अविश्वास प्रस्ताव पारित होने की संभावनाएं प्रबल हैं। 2022 के नगरीय निकाय चुनाव में कांग्रेस ने कब्जा किया था2022 में हुए नगरीय निकाय चुनाव में कांग्रेस ने छिंदवाड़ा नगर निगम में महापौर पद पर कब्जा किया था। यहां उसके पार्षदों की संख्या भी अधिक रही, लिहाजा बिना किसी अड़चन के कांग्रेस के धर्मेंद्र सोनू बाबू को नगर निगम अध्यक्ष चुन लिया गया था। बदले राजनीतिक परिवेश में जहां महापौर भाजपा का दामन थाम चुके हैं। कुछ कांग्रेसी व निर्दलीय पार्षद भी भाजपा के पक्ष मेंकुछ कांग्रेसी व निर्दलीय पार्षद भी भाजपा के पक्ष में आ गए हैं। ऐसे में अंकगणित मौजूदा सभापति के प्रतिकूल हो चुका है। इसलिए भाजपा जल्द ही उनके विरोध में अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी में है। गुरुवार की देररात इसे लेकर वरिष्ठ भाजपा के नेताओं और पदाधिकारियों के साथ भाजपा-समर्थक पार्षदों की बैठक हुई। इस बैठक में 32 पार्षद शामिल हुए। ये है सदन का अंकगणितछिंदवाड़ा में कुल 48 पार्षद हैं और एक वोट महापौर का है। मौजूदा परिस्थिति में 32 पार्षदों ने अविश्वास प्रस्ताव को लेकर अपनी सहमति दे दी। भाजपा जिला अध्यक्ष ने नाराज चल रहे सात पार्षदों को भी समझाइश देकर मना लिया गया है कि नया निगम अध्यक्ष सभी की सहमति से बनाया जाएगा। दो ने कांग्रेस का दामन थाम लिया था2022 में हुए नगर निगम के चुनाव में कांग्रेस के 26, भाजपा के 18 और चार निर्दलीय पार्षद जीते थे। दो निर्दलीय पार्षदों ने भाजपा तो दो ने कांग्रेस का दामन थाम लिया था। इसके बाद विधानसभा और लोकसभा चुनाव के समय महापौर विक्रम अहाके सहित कुछ अन्य पार्षदों ने भाजपा का दामन थाम लिया। recent visitors 215

सागर रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में पहुंचे सीएम मोहन यादव, बुंदेलखंड में होगी निवेश की अमृत वर्षा

CM Mohan Yadav reached Sagar Regional Industry Conclave

CM Mohan Yadav reached Sagar Regional Industry Conclave, there will be nectar of investment in Bundelkhand सागर। सागर संभागीय मुख्यालय पर शुक्रवार को रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन किया जा रहा है। कॉन्क्लेव का उद्घाटन मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डाॅ. मोहन यादव ने किया। मंत्री, विधायक समेत अनेक गणमान्यजन सीएम के साथ मंच पर मौजूद हैं। आयोजन पीटीसी ग्राउंड में किया जा रहा है। इस कॉन्क्लेव में देश और विदेश के 4500 से अधिक उद्यमियों ने अपना पंजीयन कराया है। इसमें उद्योग के विभिन्न क्षेत्रों से 60 से अधिक उद्योगपति भी शामिल हैं। इस एकदिवसीय आयोजन में खनिज, पर्यटन, नवकरणीय उर्जा, पेट्रोल केमिकल्स, प्लास्टिक, खाद्य प्रसंस्करण, डेरी और फर्नीचर निर्माण, टेक्सटाइल, आईटी, डेटा सेंटर के क्षेत्र में निवेश होने की संभावना है। आयोजन के अंत में ओडीओपी पर कार्यशाला आयोजित की जाएगी। कॉन्क्लेव में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव उद्यमियों से चर्चा कर बुंदेलखंड में निवेश करने के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करेंगे। शुभारंभ सत्र में देश के प्रमुख उद्योगपति राज्य में निवेश के प्रति अपने विचार रखेंगे। इससे पहले अगस्त में ग्वालियर, जुलाई में जबलपुर और फरवरी में उज्जैन में कॉन्क्लेव हो चुके हैं।इस कॉन्क्लेव के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और एमपी इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन के अधिकारी विभिन्न् कंपनियों के डेलिगेट्स से राउंड टेबल पर बुंदेलखंड में विकास की संभावना और उद्योगों को लेकर चर्चा करेंगे। वन-टू-वन संवाद भी होगा। होंगे सेक्टोरल-सत्रकॉन्क्लेव में विभिन्न सेक्टोरल-सत्र आयोजित किये जायेंगे। इसमें पेट्रोकेमिकल, प्लास्टिक एवं संबधित सेक्टर को लेकर बीना रिफाइनरी से संबंधित विषय पर मुख्य फोकस होगा। इसके अलावा कृषि, खाद्य प्रसंस्करण और डेयरी क्षेत्र, एमएसएमई एवं स्टार्टअप, कुटीर उद्योग को लेकर सेक्टोरल सत्र होगा, जिसमें मुख्य फोकस-बीड़ी उद्योग पर होगा। रिन्यूएबल एनर्जी, टेक्सटाइल व टेक्निकल टेक्सटाइल पर दो राउंड-टेबल सत्र होंगे। एक ज़िला-एक उत्पाद (ओडीओपी) से संबंधित कार्यशाला और स्थानीय समस्याओं के आईटी आधारित समाधान के लिए हैकाथॉन का आयोजन भी शामिल हैं। कुटीर उद्योग पर फोकसकॉन्क्लेव का मुख्य फोकस स्थानीय कुटीर उद्योग होगा। बीड़ी उद्योग पर आधारित पृथक सेशन में विस्तृत कार्य-योजना पर चर्चा की जायेगी। ‘एक ज़िला-एक उत्पाद’ में सागर संभाग के सभी जिलों के स्थानीय उत्पादों की विश्व स्तरीय गुणवत्ता, विपणन एवं प्र-संस्करण सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा होगी। पीटीसी मैदान पर पंडाल तैयारकॉन्क्लेव के लिए पीटीसी ग्राउंड में विशाल व भव्य पंडाल बनाया गया है। इसमें छह हजार लोगों के आने की उम्मीद है। इनमें निवेशकों के अलावा विभागीय अफसर सहित उद्योगपति शामिल हैं। इनके भोजन की व्यवस्था पीटीसी मैदान पर ही की गई है। भोजन की जिम्मेदारी पर्यटन निगम को दी गई है। इस काम को पर्यटन निगम के अफसर ही देख रहे हैं। जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री के साथ उद्योगपतियों को भी बुंदेली व्यंजन परोसे जाएंगे। मुख्यमंत्री करीब तीन सौ लोगों के साथ भोज करेंगे। भोजन में कढ़ी, बरा, सीरा, सफेद तिल के बिजौरा सहित कोदो, ज्वार व कुटकी व जवार की रोटियां परोसी जाएंगी। शहर के सभी होटल बुककाॅन्क्लेव को लेकर शहर के सभी होटल बुक हैं। अतिथियों की संख्या ज्यादा होने से कुछ कमरों में अतिरिक्त गद्दे लगवाए जा रहे हैं। अभी भी अतिथि आ रहे हैं। हालांकि कांक्लेव में आने वाले ज्यादातर मेहमानों का आना अभी भी बाकी है। होटल्स के अलावा शासकीय रेस्ट हाउस, गेस्ट हाउस सहित अन्य भवनों में भी मेहमानों की व्यवस्था की गई है। रीजनल कॉन्क्लेव के चलते शहर की यातायात व्यवस्था में परिवर्तन किया गया है। आयोजन स्थल के आसपास दिन में यातायात को डायवर्ट किया गया है। वाहन पार्किंग के लिए पीटीसी ग्राउंड के पास सेना के मैदान सहित अन्य जगह वाहनों की व्यवस्था के इंतजाम किए गए हैं। recent visitors 209

MP NEWS : सिंधिया बोले- ‘चप्पा-चप्पा बीजेपी’, कांग्रेस बोली, ‘ये पब्लिक है सब जानती है…’

Union Minister Scindia said - 'BJP, no matter what', Congress said, 'This is public, it knows everything…'

Union Minister Scindia said – ‘BJP, no matter what’, Congress said, ‘This is public, it knows everything…’ केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मध्य प्रदेश में चल रहे भारतीय जनता पार्टी के सदस्यता अभियान को “चप्पा-चप्पा बीजेपी” का नारा दिया है. दूसरी तरफ कांग्रेस ने एक बार फिर सदस्यता अभियान को लेकर सवाल खड़े करते हुए सरकारी कर्मचारियों और आउटसोर्स के कर्मचारियों के जरिए जबरन बीजेपी का सदस्य बनाने का आरोप लगाया है. ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बढ़ाया हौंसला केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने भारतीय जनता पार्टी के सदस्यता अभियान में बढ़ रहे सदस्यों को लेकर कार्यकर्ताओं का हौंसला बढ़ाया है. उन्होंने नारा दिया है कि चप्पा चप्पा बीजेपी. केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सोशल मीडिया के माध्यम से यह भी लिखा है कि 22 दिनों में कार्यकर्ताओं और नेताओं की मेहनत से भारतीय जनता पार्टी के एक करोड़ से ज्यादा सदस्य बन चुके हैं. इस तरह मध्य प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी काफी कम दिनों में सबसे ज्यादा सदस्य बनाने वाली पार्टी बन गई है. नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने निशाना साधा वहीं भारतीय जनता पार्टी के सदस्यता अभियान को लेकर विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने चर्चा के दौरान कहा कि भारतीय जनता पार्टी केवल आंकड़ों पर चल रही है, मगर आंकड़े कैसे बढ़ाए जा रहे हैं, यह मध्य प्रदेश की जनता को अच्छी तरह पता है. उन्होंने कहा कि आउट सोर्स के कर्मचारियों को सदस्यता अभियान में लगा दिया गया है. सिंघार ने आरोप लगाया कि पीडीएस की दुकान पर राशन लेने आने वाले और सरकारी कर्मचारियों को भी बीजेपी का सदस्य बनाया जा रहा है. डेढ़ करोड़ सदस्य बनाने का लक्ष्य भारतीय जनता पार्टी ने इस साल डेढ़ करोड़ सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा है. इस लक्ष्य की पूर्ति के लिए मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक, बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सहित अन्य पदाधिकारी घूम रहे हैं. अभी तक एक करोड़ 14,429 सदस्य बना लिए गए हैं. पहले चरण में एक करोड़ का आंकड़ा पार हो जाने से भारतीय जनता पार्टी के नेता उत्साहित है. recent visitors 181

मैहर के मां शारदा मंदिर में इस वर्ष नवरात्रि के लिए नई व्‍यवस्‍था

New arrangements for Navratri this year in Maa Sharda Temple of Maihar

मैहर ! 3 अक्टूबर से शुरू होने वाले नवरात्रि मेले के दौरान भक्तों को मातारानी के दर्शन के लिए वीआईपी व्यवस्था नहीं मिल सकेगी। नवरात्र मेले के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मां शारदा मंदिर के गर्भगृह के अंदर से वीआईपी दर्शन की व्यवस्था पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है। वीआईपी सुविधा की मांग न करें मां शारदा देवी मंदिर प्रबंध समिति की बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार एसडीएम और प्रशासक मां शारदा देवी मंदिर प्रबंध समिति ने इस संबंध में सार्वजनिक सूचना जारी की है। इस दौरान प्रशासक ने बुद्धिजीवियों और गणमान्य नागरिकों से भी अनुरोध किया है कि वे मां शारदा देवी के दर्शन और व्यवस्था के लिए वीआईपी सुविधा की मांग न करें। मांस-मछली की बिक्री पर पाबंदी एक अन्य आदेश में नवरात्रि मेले के मद्देनजर एसडीएम मैहर विकास सिंह ने दंड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144 के तहत 3 अक्टूबर से 12 अक्टूबर की मध्यरात्रि तक संपूर्ण नगर पालिका क्षेत्र में मांस, मछली और अंडे की खरीद-बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। आदेश का उल्लंघन भारतीय दण्ड विधान की धारा 188 के तहत दण्डनीय होगा। बता दें कि मध्य प्रदेश शासन पर्यटन विभाग द्वारा घोषित धार्मिक नगरी मैहर में देश के कोने-कोने से लाखों श्रद्धालु मां शारदा देवी के दर्शन के लिए आते हैं। recent visitors 321

MP NEWS: शिप्रा नदी को लेकर को मोहन यादव सरकार का बड़ा प्लान, बनेंगे 6 डैम

MP NEWS: Mohan Yadav government's big plan regarding Shipra river, 6 dams will be built

MP NEWS: Mohan Yadav government’s big plan regarding Shipra river, 6 dams will be built भोपाल ! प्रदेश में सिंचाई के साधन को समृद्ध बनाने के लिए बड़ी योजना बनाई गई है. उज्जैन और इंदौर के लिए बड़ी सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई है. इस पर 36 करोड़ 64 लाख रुपये खर्च होंगे. सांवरा खेड़ी, सिलर खेड़ी परियोजना का काम भी शुरू होगा. कान्ह नदी को शिप्रा नदी से डायवर्ट करने का काम जारी है. इस पर 651 करोड़ रुपये खर्च होंगे. नए डैम बनने से जल संग्रहण की क्षमता बढ़ेगी. मध्य प्रदेश में मोहन यादव सरकार ने शिप्रा नदी को प्रवाहमान करने और सिंचाई के साधन को समृद्ध बनाने के लिए यह प्लान बनाया है. जल संसाधन विभाग के माध्यम से उज्जैन और इंदौर के लिए बड़ी सिंचाई परियोजना को हरी झंडी मिल गई है. जल संग्रहण की क्षमता भी बढ़ जाएगी अब जल संसाधन विभाग के माध्यम से सांवरा खेड़ी, सिलर खेड़ी परियोजना का कार्य भी शुरू होने वाला है. इस पर सरकार 614 करोड़ रुपये की राशि खर्च कर रही है, जिससे सिलार खेड़ी जलाशय की ऊंचाई बढ़ जाएगी. इससे जल संग्रहण की क्षमता भी बढ़ जाएगी. इस परियोजना से उज्जैन जिले के 65 गांव को 18000 हेक्टेयर से अधिक भूमि सिंचाई की सुविधा मिलेगी. सरकार ने 5 डैम और भी स्वीकृत किए हैं, जिस पर सरकार 36 करोड़ से ज्यादा की राशि खर्च कर रही है. कान्ह डायवर्सन का काम जारी इंदौर से आने वाली कान्ह नदी को शिप्रा नदी से डायवर्ट करने का कार्य अभी भी जारी है. सरकारी परियोजना पर 651 करोड़ रुपये की राशि खर्च कर रही है. अब नए पांच डैम बन जाने के बाद जल संग्रहण की क्षमता और भी बढ़ जाएगी. उज्जैन-इंदौर में यहां बनेंगे स्टॉप डैम योजना के अनुसार, उज्जैन जिले के पंथ पिपलाई, जमालपुर, गोठड़ा, रामवासा, पिपलिया राघो में डैम बनाए जाएंगे. इसके अलावा इंदौर के पिपलिया, दर्जी करीधिया, कुदाना, कायस्थ खेड़ी, सहाड़ा में स्टॉप डैम बनेंगे. recent visitors 172

मिड-डे मील में खाना खाने बैठे ऊर्जा मंत्री, सब्जी में ढूंढते रह गए आलू

Energy Minister sat down to eat mid-day meal, kept looking for potatoes among vegetables

Energy Minister sat down to eat mid-day meal, kept looking for potatoes among vegetables ग्वालियर ! ग्वालियर से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने शासकीय स्कूलों में परोसे जाने वाले मध्यान भोजन की गुणवत्ता पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए? इस बार खुद प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर अचानक एक सरकारी स्कूल का निरीक्षण करने पहुंच गए. वहां पर केंद्रीय मंत्री स्कूली बच्चों के साथ खाना खाने बैठ गए. जब बच्चों को मिलने वाला मध्याह्न भोजन उन्हें परोसा गया तो वह खुद सब्जी की बाल्टी में आलू ढूंढते रह गए. मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता पर फिर से सवाल उठने शुरू हो गए. हालांकि इस दौरान प्रद्युम्न सिंह ने बच्चों के साथ खाना खाया और गुणवत्ता को सही करने की हिदायत दी. इसके बाद उन्होंने बच्चों के साथ खाना खाया. बच्चे भी उनके साथ काफी खुश दिखाई दिए. निरीक्षण करने पहुंचे स्कूलस्वच्छता पखवाड़े के तहत प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर अपनी विधानसभा में कई जगहों पर जाकर निरीक्षण कर रहे हैं. इस दौरान ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने डीआरपी लाइन स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का औचक निरीक्षण किया. ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर ने बच्चों के मध्यान भोजन की गुणवत्ता का निरीक्षण किया. प्रद्युम्न खुद बच्चों के साथ खाना खाने बैठ गए. ढूंढते रह गए आलूजब ऊर्जा मंत्री को मध्यान भोजन का खाना परोसा गया वह पूरी तरह से ठंडा था. बच्चों के साथ बैठे ऊर्जा मंत्री को जो आलू की सब्जी परोसी गई थी वह भी गुणवत्ता युक्त नहीं थी. ऐसे में खुद ऊर्जा मंत्री ने सब्जी की बाल्टी में चमचा घुमा-घुमा कर देखा लेकिन उन्हें एक भी आलू नसीब नहीं हुआ. प्रद्युम्न सिंह ने उनके साथ मौजूद मौजूद अधिकारियों से भोजन की गुणवत्ता सही रखने की सख्ती से हिदायत दी. मंत्री को साथ खाना खाते हुए देखकर बच्चों के चेहरे पर मुस्कान आ गई. ऊर्जा मंत्री ने भी बड़े ही स्वाद से मध्यान भोजन का आनंद भी लिया. recent visitors 201

राज्य में उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना है हमारा लक्ष्य: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

Our aim is to create a favorable environment for industries in the state: Chief Minister Dr. Yadav

Our aim is to create a favorable environment for industries in the state: Chief Minister Dr. Yadav पुष्पेंद्र ( संपदाक ) भोपाल ! मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के सभी क्षेत्रों के समग्र विकास के लिये विभिन्न औद्योगिक समूहों के प्रमुखों से निरंतर वन-टू-वन चर्चा विभिन्न मंचों पर की जा रही है। इससे प्रदेश के विकास को गति मिलेगी। वन-टू-वन चर्चा से उद्योगपतियों को उद्योग स्थापना में आने वाली दिक्कतों एवं उनके निराकरण पर सकारात्मक चर्चा कर निराकरण भी हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इसी क्रम में शुक्रवार को कोलकाता में आयोजित इन्वेस्टर्स समिट में 31 प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वन-टू-वन चर्चा में उद्योगपतियों के सुझाव पर उन्हें आश्वस्त किया कि उनकी बातों पर न केवल गंभीरता से विचार किया जायेगा, बल्कि प्रदेश के विकास के लिये “आउट ऑफ द वे” जाकर निराकरण भी किया जायेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वन-टू-वन बैठक के माध्यम से विभिन्न उद्योगपतियों से उनकी आवश्यकताओं, चुनौतियों और विकास की संभावनाओं पर चर्चा की। डॉ. यादव ने राज्य में निवेश की नीतियों और प्रक्रियाओं को सरल बनाने की प्रतिबद्धता जताई और सरकार द्वारा दी जाने वाली विभिन्न सुविधाओं और प्रोत्साहनों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य राज्य में उद्योगों के लिए एक अनुकूल वातावरण तैयार करना है, जिससे न केवल स्थानीय व्यवसायों को फायदा हो, बल्कि बाहरी निवेशक भी प्रोत्साहित होकर मध्यप्रदेश में आकर अपने व्यवसाय को आगे बढ़ायें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कोलकाता के इंटरैक्टिव सेशन में प्रमुख रूप से श्री राजीव मुंद्रा – चैयरमेन जेएमएस माइनिंग, अश्विन जेलोढ़ा – एमडी और सीईओ ओरिएंट पेपर मिल, इंद्रजीत मुखर्जी – वाईस चैयरमैन टेक्स्मॉको रेल और इंजीनियरिंग लिमिटेड, विनोद कुमार गुप्ता – एमडी डॉलर उद्योग, आपरेश अग्रवाल – एमडी रूपा उद्योग, अनुराग चौधरी सीएमडी एवं अरूण कुमार शुक्ला अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड सहित फूड प्रोसेसिंग, प्लास्टिक एवं पैकेजिंग, मैटल, केमिकल एवं बैटरी, सीमेंट एवं जूट खनन, आयरन एवं स्टील, पॉवर सीमेंट, नवकरणीय ऊर्जा, अधोसंरचना विकास, रेलवे वैगन एवं उपकरण, पेपर एवं पल्प, टेक्सटाइल, लॉजिटिक्स एवं वेयर हाउसिंग एवं एविएशन, टेक्सटाइल एवं गारमेंट, पॉलीमर कम्पाउंड, हास्पिटेलिटी, लुब्रीकेंटस, होम केयर एवं ईवी प्रोडक्ट, सौर ऊर्जा, पशु आहार आदि सेक्टर से संबंधित 31 उद्योगपतियों से वन-टू-वन चर्चा की। चर्चा में उद्योगपतियों ने भी अपने विचार साझा किए और राज्य में निवेश करने की संभावनाओं पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार विभिन्न उद्योगों के बीच समन्वय बढ़ाने और नई योजनाओं को लागू करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी उद्योगपतियों को राज्य में अधिक से अधिक निवेश करने और सरकार के विकासात्मक एजेंडे में भागीदार बनने का निमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह पहल न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में मदद करेगी, बल्कि राज्य को एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। recent visitors 170