विवाह सम्मेलन में पैसे वाले भी कराएं बेटे -बेटी की शादी : चेयरमैन जयनारायण चौकसे

भोपाल। वरिष्ठ नागरिक मंच कलार समाज मप्र व एलएनसीटी ग्रुप के संयुक्त तत्वाधान में मंगलवार दिनांक 10 दिसंबर 2024 को कलचुरि समाज का निशुल्क: विवाह सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। अंतिम तैयारियो को लेकर आज रविवार को एलएनसीटी सभागार में बैठक आयोजित की गई जिसमें सभी आयोजन समितियों के प्रभारियों को उनके कार्यों और दायित्वों को सौंपा गया। बैठक में अखिल भारतवर्षीय हैहय कलचुरि महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व एलएनसीटी ग्रुप के चेयरमैन जयनारायण चौकसे ने कहा कि सामुहिक विवाह सम्मेलन में पूरा समाज आपके सामने होता है कलचुरि समाज में सभी की सहभागिता से ऐसे विवाह सम्मेलन होना चाहिए जिसे देखने के लिए देश विदेश भी लोग आये। सामूहिक विवाह सम्मेलन में वर-वधु का विवाह होने से समय की बर्बादी, दहेज एवं शादी पर होने वाले फिजूलखर्ची जैसी कुरितियों से भी समाज को धीरे-धीरे मुक्ति मिल रही है। श्री चौकसे ने कहा कि अब जरूरत है समाज का बड़ा वर्ग भी इसमें सम्मिलित हो ताकि कोई भी जरूरतमंद और कमजोर परिवार अपनी नजरों में हीन होने का पात्र ना महसूस करें। साथ ही आने वाले समय में संपन्न व समृद्ध परिवार के लोग भी अपने डॉक्टर, इंजीनियर, बिजनेसमेन बेटे-बेटियों का विवाह भी सम्मेलन से कराने पर फ्रक महसूस करें। मंच की संरक्षक श्रीमती पूनम चौकसे ने कहा कि मंच के माध्यम से कई ऐसे गरीब परिवारों की बेटियों को संबल प्रदान हो रहा है जिनके माता-पिता शादी-ब्याह का खर्च उठाने में असमर्थ हैं कलचुरि समाज पूरी शानो शौकत के साथ सम्मेलन में शादी करने का प्रयास करता है। कई ऐसी बेटियां हैं जिनके पास गृहस्थी का सामान खरीदने तक की व्यवस्था नही है लेकिन समाज के लोगो की सहभागिता से वर-वधु को शादी का पूरा जोडा (सूट पगडी, लहंगा, साडी, मैकअप का सामान इत्यादि), सोने का मंगलसूत्र, चांदी की पायल- बिछुडी, पलंग, रजाई-गद्दे, स्टील अलमारी, फ्रीज, एलईडी टीवी, सिलाई मशीन, कूलर, मिक्सी, कुकर, घडी, ओवन, इलेक्ट्रिक प्रेस, स्टील की पानी की टंकी, परात, किचन के बर्तन सहित गृहस्थी का आवश्यक सामान उपहार स्वरूप प्रदान किया जा रहा है। इस मौके पर वरिष्ठ नागरिक मंच की अध्यक्ष कल्पना आईडी राय ने बताया कि विवाह सम्मेलन के पीछे मंच की मुख्य संरक्षक श्रीमती पूनम जयनारायण चौकसे सबसे बड़ी प्रेरणा हैं, और इस कार्यक्रम में उनका विशेष सहयोग प्राप्त रहता है। जिसकी वजह से हम बहुत भव्य और सुव्यवस्थित कार्यक्रम कर पाते हैं। दो वर्ष पूर्व जब हम अपने सीमित संसाधनों के चलते हम सम्मेलन करने की हिम्मत नहीं कर पा रहे थे तब श्रीमती चौकसे ने भरोसा दिया कि आप संसाधनों की चिंता मत करें, आगे बढ़े…हम हैं न। तब जाकर हमने सामुहिक विवाह कराने का निर्णय लिया और अब हम 10 दिसंबर को तीसरा निशुल्क विवाह सम्मेलन कराने जा रहे है। इसे सफल बनाने के लिए अखिल भारतवर्षीय हैहय कलचुरि महासभा, श्री सहस्त्रबाहु कलचुरि महासभा, कलचुरि सेना, युवा हैहय क्षत्रिय कलचुरि कलार समाज, कलचुरि मित्र मंडल व समाजिक बंधु सहयोग प्रदान कर रहे है। बारात प्रभारी कौशल राय ने बताया कि सम्मेलन में आकर्षण का केन्द्र 11 दुल्हों की सामुहिक बारात होगी जिसमें दुल्हे घोडे पर सवार होंगे तो आयोजक डीजे, ढोल की ताल पर डांस करते हुए नजर आयेंगे। बारात का जगह-जगह फूलों से स्वागत होगा तो मन लुभावनी आतिशबाजी से नजारा आकर्षित होगा। तत्पश्चात मंगलगीतों के साथ दुल्हे विवाह स्थल पर पहुंचेंगे जहां सुसज्जित स्टेज पर 11 दुल्हे अपनी दुल्हनों को वरमाला पहनाकर अपना जीवनसाथी बनायेंगे। मंत्री विश्वास सारंग, खेल एवं युवक कल्याण विभाग, कृष्णा गौर, राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार), दिलीप जायसवाल राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कुटीर एवं ग्रामोद्योग मंत्रालय, पूर्व प्रोटेम स्पीकर व हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवानदास सबनानी, महापौर मालती राय, विधायक सुदेश राय, वर-वधु के जोडो को मंच पर आशीर्वाद देंगे। मध्यप्रदेश के विदिशा जिले के रहने वाले अमन चौकसे को डीफ क्रिकेट टीम का कप्तान बनने पर आयोजकों द्वारा उन्हें शाल-श्रीफल से सम्मानित किया। सामुहिक विवाह सम्मेलन में “दहेज प्रथा बंद करो”, “मृत्युभोज बंद हो” जैसी कुरितियों को बंद करने और “पर्यावरण को संरक्षण और संबर्धन हेतु पौधारोपण करो बारंबार”, “भोजन करो छक कर, थाली में न छोडों कण भर”, “मितव्यायी बनो सामुहिक विवाह सम्मेलन को अपनाओं”, “बेटियां होंगी शिक्षित तभी समाज बनेगा सशक्त”, का संदेश कलचुरि समाज देगा। मंच से दहेज प्रथा जैसी कुरीति बंद हो ऐसी शपथ भी युवाओं को दिलाई जाएगी। आयोजन समिति की महिलाएं गोल्डन साडी और पुरुष सफेद कुर्ता-पायजामा जैकेट (मनपसंद रंग) की वेशभूषा में शामिल होंगे ताकि आयोजको का परिधान मेहमानों से भिन्न नजर आएं और सम्मेलन में एकरुपता प्रदर्शित हो। प्रचार-प्रसार समिति के राजेश राय ने बताया कि बैठक में जयनारायण चौकसे, श्रीमती पूनम चौकसे, श्रीमती कल्पना राय, आईडी राय, डीपी गुप्ता, सतीश आर्य, प्रकाश मालवीय, सुशीला चौकसे, रामकृष्ण चौकसे, उर्मिला आर्य, कमलेश राय, दीपक राय, जीसी जायसवाल, मिनी शिवहरे, जागृति आलोक मालवीय, पद्मश्री बनवारी लाल राय, हरिराम राय, कौशल राय, राजाराम शिवहरे, राजेश राय, संगीता चौरागढे, प्रदीप राय, माया चौरिवार सहित बडी संख्या में कलचुरि कलार समाज के लोग शामिल हुए। recent visitors 105

गोपाल और भूपेन्द्र ने एक दूसरे पर कटाक्ष को मन गलती, सुधार के साथ बदलाव का मास्टर प्लान हुआ तैयार

मध्यप्रदेश विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी को मिली प्रचंड जीत के प्रमुख चेहरों को किनारे करके पीछे की कतार को आगे ले जाकर के दुष्परिणाम मंत्रीमंडल विस्तार के बाद दिखाई देना शुरू हो गए । इन बदलावों को लेकर भारतीय जनता पार्टी की अनुभव और ग़ैरनुभव की चूक इस एक वर्ष के दौरान कई बार निकलकर सामने आ चुकी है। सागर ! राजनीति में खेमेबाजी न हो यह संभव नही । बात मध्यप्रदेश की करें तो शिवराज सिंह के मुखिया रहते इसका असर कभी खुलकर सामने नही आने पाया। अब जो हालात बने हैं वो स्प्ष्ट तौर पर प्रदेश में बीजेपी को कमजोर करने का काम कर रहे हैं। शिवराज सरकार में खेमेबाजी देखने को मिली पर उसका प्रभाव इतना नही हो पाया जिससे पार्टी को उसका नुकसान उठाना पड़ा हो। 2023 मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में बीजेपी को मिली प्रचंड जीत से सबके सामने यह सिद्ध हो चुका है। बुंदेलखंड में एक कहावत बहुत प्रसिद्ध है। इसमें लड़की पक्ष्य की शर्त में दूल्हे के साथ बुजुर्गों को आने की मनाही रहती है। जिसके उद्देश्य मे शादी रश्म के दौरान कठिन प्रश्नों को पूँछकर दूल्हा पक्ष्य को निरुत्तर करना होता है। इसके तोड़ के लिए वो होशियारी करके बारात में एक बुजुर्ग को साथ ले जाते हैं। जब वधु पक्ष्य सवाल करना शुरू करता है। बाराती गुप-चुप उस बुजुर्ग से सवालों के जबाब पूंछने लगते हैं। सही जबाब मिलने पर वधु पक्ष्य बगैर तजुर्बेकार के इनका जबाब देना कठिन है समझ जाता है। खोज करने पर बारात में बुजुर्ग के साथ आने की सच्चाई सामने आ जाती है। मोहन सरकार चलाने में दिख रही कमियों मे अनुभव की कमी बताने के लिए यह कहावत सटीक बैठ रही है। कहते हैं सही ज्ञान वहीं है जो जमीन से सीखकर मिला हो। किताबी ज्ञान का इससे कोई मुकाबला नही हो सकता। मध्यप्रदेश में नये को आगे लाकर सरकार चलाने के फार्मूले में हो रही निरंतर ख़ामियों में अनुभव और कुशल राजनेता को दरकिनार कर लिए निर्णय को उसका परिणाम माना जा रहा है। बात सागर जिले की राजनीति की करें तो आपको पूर्व मंत्री वर्तमान रहली विधायक पंडित गोपाल भार्गव और पूर्व गृहमंत्री वर्तमान खुरई विधायक भूपेंद्र सिंह की कमी दिख रही है। पार्टी के अंदर पनपी खेमेबाजी और प्रशासनिक लचरता से स्प्ष्ट है कि मोहन सरकार शिव के राज के करीब तक से होकर भी नही चल पा रही है। पार्टी के सीनियर विधायक की यह नाराजगी एक प्रकार से बीजेपी की भलाई होना माना जा सकता है। इन्होंने भारतीय जनता पार्टी में 1985 से सक्रिय राजनीति, उस दौरान के संघर्ष और अवसरवादी राजनीति से दूर रहकर आखिरी समय तक पार्टी से जुड़े रहने का कई बार संकल्प दोहराया है। आज जो हालात हैं उस पर चिंता जताना जिसमे मध्यप्रदेश में मंत्रीमंडल विस्तार को लेकर एक- एक नाम दिल्ली से फ़ाइनल हुआ मानकर चलें तो बेशक यह निर्णय गलत साबित हुआ है। आलाकमान को लीडरशिप में उन विशेष के बारे में अच्छी जानकारी होनी चाहिए जिनमे सबको साथ लेकर चलने की क्षमता दिखाई देती है। जहाँ वो दूसरों के अधिकारों और स्वतंत्रताओं की रक्षा करना खुद का कर्तव्य मानकर वैसे निर्णय लेते हैं। राजनीति सिद्धान्त के अन्तर्गत इसमें भिन्न- भिन्न पक्षों का अध्ययन किया जाता हैं। शिवराज और उनके मंत्रिमंडल में विभेदों को दूर करने के तरीके होते थे। वो क्रांति की भी वकालत करना जानते थे। राजनीतिक सिद्धांत में, स्वतंत्रता, समानता, न्याय, लोकतंत्र, और धर्मनिरपेक्षता जैसी अवधारणाओं का अर्थ स्पष्ट किया जाता है। साथ ही राजनीतिक सिद्धांत, विचारों और सार्वजनिक जीवन से जुड़ी अवधारणाओं का विश्लेषण किया जाता है। खुद को ताकतवर बनाने के लिए गुटबाजी एक विकल्प हो सकता है। मोहन मंत्रीमंडल में अनुभव की कमी को साफ तौर पर महसूस किया जा सकता है। मुखिया के ताकतवर बनने में जो कमियां पनपी हैं वो विपक्षियों को मजबूत बनाने में सहायक सिद्ध हो रही हैं। भारतीय जनता पार्टी आलाकमान मध्यप्रदेश और राजस्थान में किए इन प्रयोग के दुष्प्रभाव का बारीकी से अध्ययन कर रही है। जो सीनियर और अनुभवी को अभी कमजोर समझकर चल रहे हैं आने वाले कुछ समय बाद उनके सामने आलाकमान द्वारा चौकाने वाला निर्णय देखने को मिल सकता है। recent visitors 127

दुष्कर्म मामले में बीजेपी नेता पर FIR: जीतू पटवारी ने सरकार को घेरा, कहा- 5 से 10 भाजपा नेता लग गए होंगे उसे बचाने में…

भोपाल। मध्य प्रदेश के विदिशा में भाजपा जिला उपाध्यक्ष योगेंद्र सोलंकी पर रेप का मामला दर्ज होने पर पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधा है। राजधानी भोपाल में प्रेस कांफ्रेंस कर पटवारी ने कहा कि बीजेपी नेता का अपनी ही भतीजी के साथ बलात्कार करने का मामला आज सुर्खियां बनी हुई है। ये अराजकता और अद्भुत सरकार का फेलियर है। पटवारी ने कहा कि सरकार का आज तक कोई प्रयास इन घटनाओं को रोकने के लिए नहीं हुआ।10 दिन पहले एक शिक्षिका के साथ बालाघाट में बीजेपी के नेता ने दुष्कर्म किया, अक्टूबर में इंदौर के महू में सेना के जवानों के साथ जो महिलाएं थी, उनके साथ जो बीजेपी के नेताओं ने किया बहुत ही चर्चित मामला था। दतिया में भी भाजपा नेता ने कुछ लोगों के साथ मिलकर दो महिलाओं के साथ बलात्कार किया, तब नरोत्तम मिश्रा के मुंह में दही जम गया था। जबलपुर में नौकरी दिलाने के नाम पर 28 साल की युवती के साथ बीजेपी के नेता शशिकांत सोनी ने बलात्कार किया। पीसीसी चीफ ने कहा कि आखिर ऐसी सैकड़ों घटनाओं में बीजेपी के नेता ही सामने क्यों आते हैं यह सवाल तो है? उन्होंने कहा कि राजनीतिक दबाव में हजारों मामले दब जाते हैं। भोपाल विदिशा समेत पूरे प्रदेश के जिलों में 17 मिनट में एक बलात्कार हो रहे हैं, जनता सरकार का चाल चरित्र चेहरा पहचानें। भाजपा नेताओं पर इस तरीके के मामले सामने आते हैं, तो उन्हें बचाया जाता है ना की कार्रवाई की जाती है। जीतू पटवारी ने कहा कि अभी जो सोलंकी पर रेप का मामला दर्ज हुआ, उसमें 5 से 10 बीजेपी नेता लग गए होंगे उसे बचाने के लिए। recent visitors 130

विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता खतरे में! हाईकोर्ट ने विधानसभा अध्यक्ष से मांगा जवाब

इंदौर ! मध्यप्रदेश की बीना विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता खतरे में है। कांग्रेस की विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता के संबंध में हाईकोर्ट ने विधानसभा अध्यक्ष से जवाब मांगा है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार की याचिका पर हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने विधायक निर्मला सप्रे को भी नोटिस जारी किया है। कांग्रेस ने विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता निरस्त करने की मांग की है। इसके लिए नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार ने विधानसभा अध्यक्ष को आवेदन दिया था। अब कांग्रेस ने कोर्ट में याचिका दायर की है। बता दें कि निर्मला सप्रे लोकसभा चुनावों के दौरान बीजेपी में शामिल हो गई थीं लेकिन उन्होंने विधानसभा की सदस्यता से त्यागपत्र नहीं दिया है। recent visitors 133

बीना विधायक निर्मला सप्रे के खिलाफ लगाई याचिका में सुनवाई आज

भोपाल। बीना विधायक निर्मला सप्रे की विधायकी निरस्त करने की मांग करते हुए नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार द्वारा प्रस्तुत याचिका पर हाई कोर्ट सोमवार को सुनवाई करेगा। न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर की एकल पीठ के समक्ष सुनवाई होगी। याचिका में सिंघार ने कहा है कि बीना से विधायक सप्रे ने कांग्रेस की सदस्यता त्याग कर भाजपा का दामन थाम लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में उन्होंने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की थी। इस संबंध में सिंघार ने मप्र विधानसभा के अध्यक्ष नरेंद्रसिंह तोमर के समक्ष एक याचिका सप्रे की विधायकी निरस्त करने की गुहार लगाते हुए दायर की थी, लेकिन अध्यक्ष ने अब तक इसका निराकरण नहीं किया। इससे व्यथित होकर हाई कोर्ट की शरण लेना पड़ी है। याचिका में मांग की गई है कि सप्रे की विधानसभा सदस्यता शीतकालीन सत्र से पहले निरस्त की जाए। याचिका में यह भी कहा है कि संविधान की अनुसूची 10 के अनुसार अगर कोई विधायक दल बदलता है, उसकी विधानसभा से सदस्यता निरस्त की जानी चाहिए। अगर दल-बदल के बाद भी ऐसे व्यक्ति को विधायक बने रहना है तो उसे फिर से चुनाव लड़ना पड़ता है। recent visitors 137

राजधानी स्थित सेंट जॉन चर्च गोविंदपुरा में प्रभु यीशु के जन्मोत्सव की तैयारियां शुरू

भोपाल ! प्रभु यीशु के आगमन के दूसरे रविवार पर,गोविंदपुरा के सेंट जॉन्स चर्च में यूथ संडे मनाया गया,इस अवसर पर चर्च में विशेष प्रार्थना की गई,और प्रभु यीशु के आगमन का संदेश दिए,वही सेंट जोंस स्कूल की प्रिंसिपल सुमन मार्टिन ने बताया कि,चर्च में प्रभु यीशु के आगमनकाल पर विशेष तैयारियां शुरू हो गई है,समाज के लोग धूमधाम से क्रिसमस मनाएंगे,वहीं उन्होंने बताया कि,यूथ संडे युवाओं को समर्पित किया गया, इस मौके पर युवाओं द्वारा अनेक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी गई,इस अवसर पर युवाओं ने नृत्य नाटिका के माध्यम से बाइबल की शिक्षा को लेकर प्रस्तुति दी,और प्रभु यीशु के बताए हुए मार्ग पर चलने का संदेश दिया,वहीं फॉदर अनिल मार्टिन ने युवाओं को संदेश दिया कि,वे मोबाइल, फेसबुक,इंस्ट्राग्राम से परे हटकर,समाज के उत्थान में अपना योगदान दें,माता पिता, बुजुर्गों का आदर करे,इसके साथ ही समाज के उत्थान में भागीदार बनकर अपना योगदान दें, इस अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी रही recent visitors 103

फिर चली प्रदेश सरकार की तबादला एक्सप्रेस, 15 आईएएस के तबादले

भोपाल ! राज्य सरकार ने रविवार रात को कई अधिकारियों को इधर से उधर कर दिया है. राज्य सरकार ने एसटीएफ के स्पेशल डीजे पंकज कुमार श्रीवास्तव को नक्सल विरोधी अभियान की कमान भी सौंप दी है. वे एसटीएफ के साथ नक्सल विरोधी अभियान की भी कमान संभालेंगे. इसके अलावा 2021 बैच के आईपीएस अधिकारी आदर्श कांत शुक्ला को नक्सल विरोधी अभियान में प्रभारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बनाया गया है. उधर राज्य सरकार ने लोक निर्माण विभाग के अपर मुख्य सचिव केसी गुप्ता को लोक निर्माण विभाग से हटा दिया है. उनको राज भवन में अपर मुख्य सचिव बनाया गया है. इसके साथ ही राज्य सरकार ने 15 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं. recent visitors 144