आईसीसी रैंकिंग में अश्विन की बादशाहत पर जसप्रीत बुमराह की नजर, क्या MCG में रचा जाएगा इतिहास?

 नई दिल्ली इंडिया वर्सेस ऑस्ट्रेलिया 5 मैच की बॉर्डर गावस्कर टेस्ट सीरीज का चौथा मुकाबला 26 दिसंबर से मेलबर्न क्रिकेट गाउंड में खेला जाना है। गाबा टेस्ट के बाद दोनों टीमों के लिए यह मैच काफी अहम है। सीरीज फिलहाल 1-1 की बराबरी पर खड़ी है। भारत के लिए पिछले तीनों मैचों में शानदार प्रदर्शन करने वाले जसप्रीत बुमराह पर एक बार फिर हर किसी की निगाहें रहेगी, वहीं बुमराह की नजरें आर अश्विन के आईसीसी रिकॉर्ड पर होगी। यह रिकॉर्ड है आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे ज्यादा रेटिंग हासिल करने का। फिलहाल जसप्रीत बुमराह 890 की रेटिंग्स के साथ पहले पायदान पर बने हैं। वहीं आर अश्विन के नाम बतौर भारतीय आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे ज्यादा रेटिंग लेने का रिकॉर्ड है। अश्विन 2016 में सर्वाधिक 904 रेटिंग हासिल कर चुके हैं। अश्विन और बुमराह में सिर्फ 14 ही रेटिंग का अंतर है, अगर बुमराह एमसीजी में अपनी पिछले प्रदर्शन को दोहराते हैं तो जरूर वह अश्विन के इस रिकॉर्ड को तोड़ सकते हैं। जसप्रीत बुमराह के नाम मौजूदा BGT में सर्वाधिक 21 विकेट हैं। उन्होंने यह विकेट मात्र 10.90 के औसत और 25.14 के स्ट्राइक रेट से लिए हैं। इस सीरीज में उनका कोई सानी नहीं है। वहीं बुमराह अगर एमसीजी में 9 विकेट चटकाने में कामयाब रहते हैं तो वह बीजीटी की एक सीरीज में 30 विकेट चटकाने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बन जाएंगे। वहीं बीजीटी की एक सीरीज में सर्वाधिक विकेट चटकाने का रिकॉर्ड हरभजन सिंह के नाम है, उन्होंने 2000-01 में 32 विकेट चटकाए थे। बुमराह अगर ऐसा ही प्रदर्शन करते रहे तो बचे दो मैचों में वह भज्जी से आगे निकल सकते हैं। बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी की एस सीरीज में 30 विकेट लेने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बनने के लिए MCG में नौ विकेट की जरूरत है। कुल मिलाकर, हरभजन सिंह के पास 2000-2001 की श्रृंखला में 32 विकेट के साथ श्रृंखला के एक संस्करण में सबसे अधिक विकेट लेने का रिकॉर्ड है, और बुमराह के पास इस सूची में उनसे आगे निकलने की बहुत संभावना है। बुमराह को प्रतिष्ठित MCG पर 20 विकेट लेने वाले पहले भारतीय गेंदबाज बनने के लिए चौथे टेस्ट में पांच विकेट की भी जरूरत है। तेज गेंदबाज के पास MCG में 15 विकेट हैं और चौथे टेस्ट में एक विकेट उन्हें अनिल कुंबले को पछाड़कर इस स्थल पर सबसे अधिक विकेट लेने वाले भारतीय बनने में मदद करेगा। बात एमसीजी में सबसे ज्यादा विकेट चटकाने वाले भारतीय गेंदबाजों की करें तो इस लिस्ट में जसप्रीत बुमराह 15 विकेट के साथ संयुक्त रूप से पहले स्थान पर हैं। उनके अलावा लीजेंड स्पिनर अनिल कुंबले ने भी इस मैदान पर इतने ही विकेट चटकाए हैं। बॉक्सिंग डे टेस्ट में बुमराह एक विकेट लेते ही कुंबले को भी पछाड़ देंगे। recent visitors 72

लाखों की धोखाधड़ी मामले में आया क्रिकेटर उथप्पा का नाम, जारी हुआ अरेस्ट वारंट

मुंबई टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर रॉबिन उथप्पा मुश्किलों में हैं. उथप्पा के खिलाफ अरेस्ट वारंट जारी किया गया है. उथप्पा को कथित तौर पर भविष्य निधि (PF) में धोखाधड़ी के लिए ये वारंट जारी किया गया है. दरअसल उथप्पा सेंचुरीज लाइफस्टाइल ब्रांड प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी चलाते हैं. यह कंपनी कर्मचारियों के वेतन से काटे गए रुपये उनके पीएफ खातों में जमा करने में विफल रही, जिसके कारण लगभग 24 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई. …नहीं तो अरेस्ट होंगे रॉबिन उथप्पा अब रॉबिन उथप्पा को लगभग 24 लाख रुपये का बकाया चुकाने के लिए 27 दिसंबर तक का समय दिया गया है. अन्यथा उन्हें गिरफ्तारी का सामना करना पड़ सकता है. वारंट पीएफ क्षेत्रीय आयुक्त शदाक्षरी गोपाल रेड्डी ने जारी किया है. यह वारंट, पुलकेशीनगर पुलिस को उचित कार्रवाई करने का निर्देश देती है. 4 दिसंबर को लिखे एक पत्र में रेड्डी ने पुलिस को वारंट पर अमल करने का निर्देश दिया. हालांकि, इसे पीएफ कार्यालय को वापस कर दिया गया क्योंकि उथप्पा कथित तौर पर अब अपने पिछले पते पर नहीं रहते हैं. अधिकारी अब जांच को आगे बढ़ाने और कानूनी प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए उथप्पा के ठिकाने का पता लगाने के लिए काम कर रहे हैं. ऐसा है रॉबिन उथप्पा का क्रिकेट करियर 39 साल के रॉबिन उथप्पा ने भारत के लिए 46 वनडे और 13 टी20 इंटरनेशनल में क्रमश: 934 और 249 रन बनाए. उन्होंने इसके साथ ही प्रथम श्रेणी में 9446 और लिस्ट ए में 6534 रन बनाए. टीम इंडिया ने जब टी20 वर्ल्ड कप का पहला यानी 2007 सीजन जीता था, तब उथप्पा टीम के स्टार ओपनर रहे थे. उथप्पा के नाम इंडियन प्रीमियर लीग की दो (2014 और 2021) ट्रॉफी है. वह 2014 में कोलकाता नाइट राइडर्स और 2021 में चेन्नई सुपर किंग्स टीम के सदस्य थे. उथप्पा ने आईपीएल के शुरुआती 15 सीजन खेले. टूर्नामेंट में उथप्पा ने 6 टीमों के साथ क्रिकेट खेली. यह टीमें चेन्नई, कोलकाता के अलावा मुंबई इंडियंस, पुणे वॉरियर्स, रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और राजस्थान रॉयल्स हैं. उथप्पा ने आईपीएल में 205 मैच खेले, जिसमें 4952 रन बनाए. उथप्पा क्रीज से आगे बढ़कर अटैकिंग गेम खेलने के लिए पहचाने जाते थे.   recent visitors 74

राज्यपाल ने कहा कि अब समय आ गया है कि बिना डरे इतिहास के बारे में सही परिप्रेक्ष्य सामने लाया जाए

पणजी बिहार के राज्यपाल ने अंग्रेजों के भारत छोड़ने को लेकर एक बयान दिया है. राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर ने गोवा में कहा कि ब्रिटिश शासकों ने सत्याग्रह के कारण भारत नहीं छोड़ा. अंग्रेजों ने जब लोगों के हाथों में हथियार देखे तो उन्हें लगने लगा कि लोग अब किसी भी हद तक जा सकते हैं. बिहार के राज्यपाल आर्लेकर ने पणजी गोवा में कहा,'आक्रमणकारियों (ब्रिटिशर्स) ने एक कहानी गढ़ने की कोशिश की. लेकिन सच्चाई यह है कि भारतीय स्वतंत्रता संग्राम हथियारों के बिना नहीं लड़ा गया. अंग्रेज 'सत्याग्रह' के कारण भारत नहीं छोड़कर गए.' तत्कालीन सरकार ने भी किया समर्थन गोवा पर पुर्तगाली आक्रमण का उल्लेख करते हुए राज्यपाल ने कहा कि अब समय आ गया है कि बिना डरे इतिहास के बारे में सही परिप्रेक्ष्य सामने लाया जाए. उन्होंने कांग्रेस की पिछली सरकारों पर नाम लिए बिना गंभीर आरोप लगाए. राज्यपाल ने कहा,'भारतीय ऐतिहासिक अनुसंधान परिषद (ICHR) ने एक कहानी गढ़ी थी कि आप गुलाम बनने के लिए पैदा हुए हैं और तत्कालीन सरकार ने भी इसका समर्थन किया था.' पूछा, गोवा इनक्विजिशन क्या है? वह आनंदिता सिंह की लिखित पुस्तक 'भारत के उत्तर पूर्व में स्वतंत्रता संग्राम का संक्षिप्त इतिहास (1498 से 1947)' पर बोल रहे थे. आर्लेकर ने कहा,'गोवा इनक्विजिशन क्या है? अगर हम इसे सामने लाने की कोशिश करते हैं तो गोवा में कुछ लोग परेशान हो जाते हैं. उन्हें दर्द होता है. क्या हमें यह नहीं बताना चाहिए कि आपकी जड़ें क्या हैं? कुछ लोग तब परेशान हो जाते हैं, जब उन्हें यह बताया जाता है कि आपकी जड़ें कहां हैं.' 'सामने लाना चाहिए अपना दृष्टिकोण' उन्होंने कहा,'हमें बिना किसी से डरे अपनी बात कहनी चाहिए. जिन लोगों ने हम पर आक्रमण किया, वे कभी हमारे नहीं हो सकते. इसलिए हमें अपना दृष्टिकोण सामने लाना चाहिए. अगर गुवाहाटी जैसी जगहों से लोग हमें अपना इतिहास बता रहे हैं, तो गोवा के लोग अपनी भूमि का सच्चा इतिहास क्यों नहीं लिखते.' बता दें कि आर्लेकर गोवा विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष भी रह चुके हैं.   recent visitors 81

महाकालेश्वर मंदिर में भयंकर हादसा, मशीन में बुरी तरह से उलझने से महिला की गर्दन दुपट्टे में फंस गई और उसकी मौत हो गई

उज्जैन उज्जैन में महाकालेश्वर मंदिर में भयंकर हादसा हो गया. एक अधिकारी ने बताया कि शनिवार को मंदिर के फूड सेंटर में एक महिला का दुपट्टा आलू छीलने वाली मशीन में फंस गया. 30 साल की महिला रसोई में काम कर रही थी जब  मशीन में बुरी तरह से उलझने से महिला की गर्दन दुपट्टे में फंस गई और उसकी मौत हो गई.   सुबह, उप-विभागीय मजिस्ट्रेट (एसडीएम) लक्ष्मी नारायण गर्ग ने संवाददाताओं को बताया कि यह दुर्घटना मंदिर के अन्न क्षेत्र में हुई. उन्होंने कहा कि एक निजी सुरक्षा सेवा के कर्मचारियों और परिसर की अन्य महिलाओं ने बताया कि पीड़िता रजनी खत्री भोजनशाला (रसोई) में काम कर रही थी, जब उसका 'दुपट्टा' आलू छीलने वाली मशीन में फंस गया. जब तक कोई कुछ समझ पाता तो महिला के गले में दुपट्टा कस गया. एसडीएम ने कहा कि महिला को एक निजी अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. उन्होंने कहा कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और रिपोर्ट से सही कारण पता चलेगा. एसडीएम ने कहा कि सरकार महिला के परिवार को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी. महिला का परिवार अन्न क्षेत्र महाकालेश्वर मंदिर से लगभग 500 मीटर की दूरी पर है और भक्तों को भोजन उपलब्ध कराता है. बता दें कि पहले भी ऐसे मामले सामने आए हैं जिसमें कभी किसी फर्राटा पंखे, कूलर या जनरेटर में किसी के कपड़े या बाल फंसे हों और भयंकर हादसा हुआ हो. recent visitors 124

वन मेले में हर्बल उत्पाद से तैयार औषधियों का बोलबाला

भोपाल ! अंतरराष्ट्रीय वन मेले 2024 की शुरुआत हो चुकी हैं ! मेले में हजारों की संख्या में लोग पहुंच रहे हैं लोगों ने जड़ी बूटियों के अलावा हर्बल उत्पाद से तैयार औषधियों की खरीदी कर रहे हैं ! मेले में न केवल भोपाल बल्कि आस-पास के जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं ! मेले मे लेमन ग्रास जंगली अदरक,एलोवेरा और आंवला,एवं अन्य वनोपज से बने ! उत्पादों औषधीय गुण जानने एवं खरीदने में काफी रुचि ले रहे है ! वही हम आपको बतादे की वन मेले में ज्योतिष्मती पंडाल में छिन्दवाड़ा जिले से वैध प्रीतम डोंगरे अपनी अनोखी जड़ी बूटियों के साथ उपस्थित हुए हैं ! वहीं वैध प्रीतम डोंगरे ने हमें बताया कि हमारे पास अचूक लेप एवं अचूक तेल उपलब्ध है ! जो सिर दर्द,माइग्रेशन,सर्दी,खांसी के लिए काफी उपयोगी है ! हमारे पास कैसी भी बवासीर की बीमारी का इलाज के साथ साथ मसे काटने की दवा भी उपलब्ध है ! recent visitors 102

यह भी आपके अधिकार: शादी वाली फोटो खोने पर फोटोग्राफर पर कर सकते हैं केस, मिलेगा मुआवजा

नई दिल्ली। शादी की तस्वीरें और वीडियो बहुत ज्यादा भावनात्मक महत्व रखते हैं। पीढ़ियों तक यादों को संजोकर रखने में इनका अमूल्य योगदान होता है। अब जबकि शादी की फोटोग्राफी के पैकेज लाखों में आने लगे हैं तो इस क्षेत्र में उपभोक्ता अधिकारों को समझना बहुत जरूरी हो गया है। उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 की धारा 2(7) के तहत फोटोग्राफी सेवाओं को भाड़े पर लेने वाला कोई भी व्यक्ति उपभोक्ता है। धारा 2(11) में उस कमी को परिभाषित किया गया है, जिससे उपभोक्ता को नुकसान होता है। कानून ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों तरह के लेन-देन को मान्यता देता है और शिकायत घटना के दो साल के भीतर उपभोक्ता आयोगों में इलेक्ट्रॉनिक रूप से दर्ज की जा सकती है। फोटोग्राफी सेवाएं अधिनियम की धारा 2(42) के तहत परिकल्पित “सेवाओं’ की परिभाषा के अंतर्गत आती हैं। उपभोक्ता मंच फोटोग्राफी सेवाओं में स्पष्ट अनुबंधों के महत्व पर जोर देते हैं। साक्षी कुमार बनाम राणा गुरतेज सिंह (2018) मामले में चंडीगढ़ राज्य आयोग ने कहा कि फोटोग्राफी अनुबंध में भले ही समय इतना मायने ना रखता हो, लेकिन फोटोग्राफरों को उचित समय के भीतर काम पूरा करना चाहिए। अनुबंध में स्पष्ट रूप से डिलीवरेबल्स (फोटो की संख्या, संपादन की जरूरत और डिलीवरी फॉर्मेट) का उल्लेख होना चाहिए। आयोग ने माना कि फोटो का चयन एक व्यक्तिगत मामला है और फोटोग्राफरों से उनके स्तर पर फोटो को शॉर्टलिस्ट करने की अपेक्षा नहीं की जा सकती, क्योंकि उन्हें आमंत्रित लोगों का शादी वाले परिवार से जुड़ाव के बारे में पता नहीं होता। इस मामले में अगर फोटोग्राफर ने उचित प्रक्रिया का पालन किया और अनुबंध के अनुसार संपादित फोटो वितरित किए तो आयोग ने उनके अधिकारों की भी रक्षा की। एक बड़ी चिंता तकनीकी विफलताओं के कारण शादी की तस्वीरों का नुकसान होता है। सत्यम गुरुंग बनाम सैमडेन योल्मो (2024) मामले में जब एक फोटोग्राफर ने दावा किया कि बिजली गिरने से शादी की तस्वीरों वाली हार्ड डिस्क क्षतिग्रस्त हो गई थी तो पश्चिम बंगाल राज्य आयोग ने 10 लाख रुपए का मुआवजा दिया। आयोग ने कहा कि कि पेशेवर फोटोग्राफरों को उपकरण और डेटा बैकअप के लिए उचित सुरक्षा उपाय करने शिकायतकर्ता को तकनीकी विफलताओं के दावों को विशेषज्ञ रिपोर्ट या फोरेंसिक विश्लेषण जैसे साक्ष्यों से साबित करना चाहिए। आयोग ने कहा कि पेशेवर फोटोग्राफर होने के नाते इस तरह के डेटा नुकसान को रोकने के लिए उचित व्यवस्था होनी चाहिए थी। ऐसे मामलों में केवल अग्रिम राशि वापस करने से फोटोग्राफरों की जिम्मेदारी खत्म नहीं हो जाती। जगदीश चंद्र शर्मा बनाम आर.के. वर्मा (2005) मामले में दिल्ली राज्य आयोग ने एक ऐसे मामले पर विचार किया, जिसमें फोटोग्राफर ने पांच साल तक शादी का एल्बम नहीं दिया था। आयोग ने कहा कि “किसी की बेटी के विवाह समारोह के फोटो एल्बम का भावनात्मक मूल्य होता है और इसकी अहमियत कभी भी खत्म नहीं हो सकती, क्योंकि यह आने वाले समय के लिए यादों को संजोए रखता है।’ फोटोग्राफर को एल्बम देने और लंबित भुगतान जब्त करने का निर्देश दिया गया। इसी तरह, पी. मुरलीकृष्णुडु बनाम वरिकल्ला श्रीनिवास (2016) मामले में जब फोटोग्राफर 85% अग्रिम भुगतान लेने के बावजूद वादा किए गए समय पर एल्बम देने में विफल रहा तो जिला फोरम ने ब्याज सहित राशि वापसी का आदेश दिया। फोटोग्राफरों की जिम्मेदारी केवल तस्वीरों की क्वांटिटी से कहीं अधिक है। फोटोग्राफरों को वादा किए गए गुणवत्ता मानकों के अनुसार संपादित तस्वीरें देनी सत्यम गुरुंग मामले में गूगल ड्राइव के माध्यम से असंपादित फोटो साझा करने को पर्याप्त नहीं माना गया। आयोग ने नोट किया कि विवाह फोटोग्राफी अनुबंधों में क्वांटिटी और क्वालिटी दोनों मायने रखता है। स्मृतियों को संजोने के महत्व के मद्देनजर उपभोक्ताओं को विस्तृत लिखित अनुबंध हासिल करना चाहिए, जिसमें डिलीवरेबल्स, समयसीमा और गुणवत्ता मानकों का उल्लेख किया गया हो। अनुबंध में बैकअप प्रक्रियाओं, संपादित फोटो की जरूरतों और तकनीकी विफलताओं के मामले में वैकल्पिक व्यवस्था का भी जिक्र होना चाहिए। उपभोक्ता को सभी कम्युनिकेशन और भुगतानों का रिकॉर्ड रखना चाहिए। उपभोक्ता आयोगों ने विवाह फोटोग्राफी मामलों में लगातार पर्याप्त मुआवजा दिया है। हालांकि मौद्रिक मुआवजा भावनात्मक नुकसान की पूरी तरह से भरपाई नहीं कर सकता, फिर भी यह कीमती यादों को खोने की पीड़ा को कम करने में मदद कर सकता है। recent visitors 189

बुमराह की नजरें आर अश्विन के आईसीसी रिकॉर्ड पर होगी, यह रिकॉर्ड है आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे ज्यादा रेटिंग का

नई दिल्ली इंडिया वर्सेस ऑस्ट्रेलिया 5 मैच की बॉर्डर गावस्कर टेस्ट सीरीज का चौथा मुकाबला 26 दिसंबर से मेलबर्न क्रिकेट गाउंड में खेला जाना है। गाबा टेस्ट के बाद दोनों टीमों के लिए यह मैच काफी अहम है। सीरीज फिलहाल 1-1 की बराबरी पर खड़ी है। भारत के लिए पिछले तीनों मैचों में शानदार प्रदर्शन करने वाले जसप्रीत बुमराह पर एक बार फिर हर किसी की निगाहें रहेगी, वहीं बुमराह की नजरें आर अश्विन के आईसीसी रिकॉर्ड पर होगी। यह रिकॉर्ड है आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे ज्यादा रेटिंग हासिल करने का। फिलहाल जसप्रीत बुमराह 890 की रेटिंग्स के साथ पहले पायदान पर बने हैं। वहीं आर अश्विन के नाम बतौर भारतीय आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे ज्यादा रेटिंग लेने का रिकॉर्ड है। अश्विन 2016 में सर्वाधिक 904 रेटिंग हासिल कर चुके हैं। अश्विन और बुमराह में सिर्फ 14 ही रेटिंग का अंतर है, अगर बुमराह एमसीजी में अपनी पिछले प्रदर्शन को दोहराते हैं तो जरूर वह अश्विन के इस रिकॉर्ड को तोड़ सकते हैं। जसप्रीत बुमराह के नाम मौजूदा BGT में सर्वाधिक 21 विकेट हैं। उन्होंने यह विकेट मात्र 10.90 के औसत और 25.14 के स्ट्राइक रेट से लिए हैं। इस सीरीज में उनका कोई सानी नहीं है। वहीं बुमराह अगर एमसीजी में 9 विकेट चटकाने में कामयाब रहते हैं तो वह बीजीटी की एक सीरीज में 30 विकेट चटकाने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बन जाएंगे। वहीं बीजीटी की एक सीरीज में सर्वाधिक विकेट चटकाने का रिकॉर्ड हरभजन सिंह के नाम है, उन्होंने 2000-01 में 32 विकेट चटकाए थे। बुमराह अगर ऐसा ही प्रदर्शन करते रहे तो बचे दो मैचों में वह भज्जी से आगे निकल सकते हैं। बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी की एस सीरीज में 30 विकेट लेने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बनने के लिए MCG में नौ विकेट की जरूरत है। कुल मिलाकर, हरभजन सिंह के पास 2000-2001 की श्रृंखला में 32 विकेट के साथ श्रृंखला के एक संस्करण में सबसे अधिक विकेट लेने का रिकॉर्ड है, और बुमराह के पास इस सूची में उनसे आगे निकलने की बहुत संभावना है। बुमराह को प्रतिष्ठित MCG पर 20 विकेट लेने वाले पहले भारतीय गेंदबाज बनने के लिए चौथे टेस्ट में पांच विकेट की भी जरूरत है। तेज गेंदबाज के पास MCG में 15 विकेट हैं और चौथे टेस्ट में एक विकेट उन्हें अनिल कुंबले को पछाड़कर इस स्थल पर सबसे अधिक विकेट लेने वाले भारतीय बनने में मदद करेगा। बात एमसीजी में सबसे ज्यादा विकेट चटकाने वाले भारतीय गेंदबाजों की करें तो इस लिस्ट में जसप्रीत बुमराह 15 विकेट के साथ संयुक्त रूप से पहले स्थान पर हैं। उनके अलावा लीजेंड स्पिनर अनिल कुंबले ने भी इस मैदान पर इतने ही विकेट चटकाए हैं। बॉक्सिंग डे टेस्ट में बुमराह एक विकेट लेते ही कुंबले को भी पछाड़ देंगे। recent visitors 95