CM मोहन यादव का एक्शन मोड: देर रात समीक्षा बैठक में 11 अधिकारी निलंबित, तीन कलेक्टरों को फटकार

CM Mohan Yadav’s action mode: 11 officers suspended in late night review meeting, three collectors reprimanded भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बीती रात समाधान ऑनलाइन हेल्पलाइन की समीक्षा बैठक में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ा रुख अपनाते हुए बिजली वितरण कंपनी के जीएम सहित 11 अधिकारी-कर्मचारियों को निलंबित कर दिया। बैठक के दौरान विभिन्न शिकायतों पर ध्यान देते हुए मुख्यमंत्री ने तीन जिला कलेक्टरों पर भी नाराजगी जताई। बैठक में रायसेन जिले के एक व्यक्ति की बिजली बिल में गड़बड़ी की शिकायत पर बिजली वितरण कंपनी के जनरल मैनेजर को निलंबित कर दिया गया, जबकि खंडवा में एक लापता लड़की की रिपोर्ट दर्ज न होने पर संबंधित उपनिरीक्षक पर भी कार्रवाई की गई। इसके अलावा, झाबुआ जिले में कपिलधारा कूप निर्माण योजना में भुगतान में देरी पर पंचायत सचिव को निलंबित कर सीईओ और लेखाधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। तीन कलेक्टरों पर नाराजगी समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने तीन कलेक्टरों पर भी असंतोष जताया। अशोकनगर के कलेक्टर को छात्रवृत्ति वितरण में देरी पर फटकार लगाई, जबकि आलीराजपुर कलेक्टर से नि:शक्त जन मामलों की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई। बालाघाट कलेक्टर को बैठक में आईटी और डीआईजी के बीच बैठने पर निर्देशित किया गया कि प्रशासनिक अधिकारियों का सम्मान करते हुए वे सही जगह पर बैठें। कर्मचारियों को जिम्मेदारी का संदेश मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सरकारी कार्यों में देरी और लापरवाही को अस्वीकार्य बताया और कहा कि समाज के प्रति सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी दी कि लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, जबकि बेहतर प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को पुरस्कार और प्रमोशन से प्रोत्साहित किया जाएगा। मुख्यमंत्री के इस कड़े रुख से प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाने का संदेश स्पष्ट है। recent visitors 145

महाराष्ट्र चुनाव : एनडीए के चार अन्य सहयोगी दल को बीजेपी अपने खाते से चार विधानसभा सीटें देने का फैसला किया

मुंबई महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों क लिए बीजेपी ने कैंडिडेट की चौथी सूची जारी की है। पार्टी ने इस सूची में कुल दो उम्मीदवारों के नाम ऐलान किया है। मुंबई मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र की मीरा भाईंदर सीट बीजेपी के हिस्से में आई है। पार्टी ने यहां से नरेंद्र मेहता को उतारा है। मौजूदा विधायक गीता जैन को टिकट नहीं मिला है। गीता जैन राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से पहले मीरा रोड पर हिंसा के दौरान सुर्खियों में आई थीं। इसके बाद उनके साथ तेलंगाना बीजेपी के विधायक टी राजा सिंह ने एक शोभायात्रा भी निकाली थी। पूर्व में मीरा भाईंयर की मेयर रही गीता जैन को टिकट मिलने की चर्चा थी लेकिन पार्टी ने यहां नए कैंडिडेट को मौका दिया है। वह पिछली बार निर्दलीय जीती थीं। अब तक 152 कैंडिडेट घोषित बीजेपी ने उमरेड से सुधीर लक्ष्मण राव पारवे को उतारा है। दो कैंडिडेट के ऐलान के साथ राज्य में बीजेपी के कुल प्रत्याशियों की संख्या 152 हो गई है। महायुति में नौ सीटों पर ऐलान बाकी थी। अब सिर्फ पांच सीटों ऐलान बाकी रह गया है। बीजेपी ने सबसे बड़े नेता और राज्य के डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस नागपुर दक्षिण पश्चिम से लड़ रहे हैं। मीरा भाईंयर सीट से महाविकास आघाडी (MVA) ने मुस्लिम कार्ड खेलते हुए मुज्जफर हुसैन को उम्मीदवार बनाया है। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से पहले मुंबई की मीरा रोड पर हिंसा सामने आई थी। इसके बाद पुलिस एक्शन हुआ था। मीरा रोड पर बुलडोजर भी चला था। विधानसभा चुनावों में इस पूरे प्रकरण का असर दिखने की उम्मीद की जा रही है। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने अपने छोटे सहयोगी दलों के लिए बड़ा दिल दिखाया है। बीजेपी ने इन सहयोगी दलों को अपने कोटे से कुछ सीटे दी हैं। बीजेपी ने अपने कोटे से महाराष्ट्र की 4 विधानसभा सीट सहयोगी दलों को दिया है। बीजेपी ने केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले की पार्टी RPI (A) को भी सीटें दी हैं। महायुति में अठावले की पार्टी को रिपब्लिकन पार्टी ऑफ़ इंडिया को 2 सीटें दी गईं हैं। कलीना विधानसभा सीट बीजेपी कोटे से और धारावी विधानसभा सीट शिवसेना कोटे से दी गई हैं। रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) के अलावा बीजेपी ने एक सीट युवा स्वाभिमान पार्टी को बडनेरा, राष्ट्रीय समाज पक्ष को गंगाखेड और जनसुराज्य शक्ति पक्ष को शाहुवाडी सीट देने का ऐलान किया है। बीजेपी ने क्यों दी चार सीटें अपने चार सहयोगियों को टिकट देने पर बीजेपी का कहना है कि महाराष्ट्र में क्षेत्रीय साझेदारों को एनडीए के साथ जोड़े रखने की दृष्टि से अपने सहयोगियों के साथ टिकटें साझा किया है। कलिना की सीट पर उम्मीदवारी मिलने के बाद आठवले की पार्टी ने अपने उम्मीदवार के नाम का ऐलान कर दिया है। आरपीआई ने कलिना से अमरजीत सिंह को चुनावी मैदान में उतारा है। बीजेपी ने जारी की उम्मीदवारों की तीसरी लिस्ट बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए बीजेपी ने सोमवार दोपहर तीसरी लिस्ट जारी की। इसमें 25 उम्मीदवारों के नाम हैं। पार्टी अब तक तीन लिस्ट जारी कर चुकी है। इसमें कुल 146 प्रत्याशियों का ऐलान किया गया है। महायुति में अब तक 260 नाम की घोषणा हो चुकी है। इसमें बीजेपी, शिवसेना शिंदे गुट और NCP अजित गुट शामिल हैं। शिवसेना शिंदे गुट की दो लिस्ट में 65 उम्मीदवार घोषित किए गए हैं। recent visitors 89

मुख्यमंत्री का अखाड़ा परिषद उज्जैन के संत-जनों ने किया सम्मान

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्णय से धर्मनगरी उज्जैन का वातावरण धर्ममय होगा  मुख्यमंत्री डॉ. यादव का सभी संतों ने शॉल और फूलों की बड़ी माला पहनाकर अभिनंदन किया एवं आशीर्वाद दिया मुख्यमंत्री का अखाड़ा परिषद उज्जैन के संत-जनों ने किया सम्मान भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के धर्मनगरी उज्जैन में साधु संतों, महंत, अखाड़ा प्रमुखों, महामंडलेश्वर इत्यादि को स्थाई आश्रम बनाने की अनुमति दिए जाने के निर्णय से उज्जैन नगरी का वातावरण धर्ममय होगा। यह बात उज्जैन से पधारे अखाड़ा परिषद के संतजनों ने मुख्यमंत्री निवास समत्व भवन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव का सम्मान करते हुए कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का सभी संतों ने शॉल और फूलों की बड़ी माला पहनाकर अभिनंदन किया एवं आशीर्वाद दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सनातन परंपरा का पालन करते हुए संतजनों का स्वागत किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जय महाकाल के उद्घोष से सभी का अभिनंदन भी किया। सभी संतों ने आगामी सिंहस्थ की तैयारी अभी से प्रारम्भ करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव के प्रयासों की सराहना की। उज्जैन तीर्थ विकास एवं संतों के प्रति संवेदनशीलता के लिये मुख्यमंत्री डॉ. यादव को साधुवाद भी दिया। सभी संतों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को स्मृति चिन्ह भी भेंट किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी संतों को उज्जैन में विकास कार्यों की जानकारी दी और उनके सुझाव प्राप्त किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शिप्रा नदी के जल संरक्षण, उज्जैन में स्वच्छता, अखाड़ों के निर्माण की योजना, जल निकासी, आगामी कुंभ की तैयारियों की जानकारी दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी संतजनों को निवास में भोजन कराया तथा स्वयं भी संतों के साथ भोजन किया। मुख्यमंत्री निवास पर अखाड़ा परिषद उज्जैन के अध्यक्ष महंत रामेश्वरदास जी महाराज, उपाध्यक्ष महंत आनन्दपुरी जी महाराज जूना अखाड़ा, उपाध्यक्ष महंत सत्यानन्द जी महाराज बडा अखाड़ा, महामंत्री महंत रामेश्वरगिरी जी महाराज जूना अखाड़ा, महंत भगवानदास जी महाराज निर्मोही अखाड़ा, महंत श्यामागिरी जी महाराज, महंत प्रेमगिरी जी महाराज, महंत राजीव दास जी महाराज, महंत रामचन्द्र दास जी महाराज दिगम्बर अखाड़ा, महंत सेवागिरी जी महाराज अव्हान अखाड़ा, महंत रामेश्वर गिरी जी महाराज अव्हान अखाड़ा, महंत महेशदास जी महाराज, महंत दिग्विजय दास जी महाराज, महंत समुन्दर गिरी जी महाराज आनंद अखाड़ा, महंत सुरेशानंद गिरी जी महाराज, महंत कृष्णानन्द जी महाराज, महंत रमेशानंद ब्रहमचारी जी, महंत मंगलदास जी महाराज नया अखाड़ा, महंत राजेन्द्र गिरी जी महाराज अव्हान अखाड़ा, महंत विशालदास जी महाराज, महंत राघवेन्द्रदास महाराज और महंत देवगिरी जी महाराज सहित अन्य संतजन उपस्थित रहे।   recent visitors 75

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समाधान ऑनलाइन से पहले किया प्रदेशवासियों को संबोधित

धनतेरस से एकादशी तक छोटे व्यापारियों एवं हाथ ठेला वालों से बाजार शुल्क न लिया जाये : मुख्यमंत्री डॉ. यादव दीपावली पर स्थानीय विक्रेताओं से सामग्री खरीदी को प्रोत्साहित करें  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समाधान ऑनलाइन से पहले किया प्रदेशवासियों को संबोधित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश में वोकल फॉर लोकल को बढ़ावा देने के लिये दीपावली पर्व पर स्थानीय विक्रेताओं से सामग्री की खरीदी को प्रोत्साहित किया जाये। धनतेरस से एकादशी तक सभी शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे व्यापारियों एवं हाथ ठेला वालों से बाजार शुल्क न लिया जाये। सभी नगरीय निकाय स्थानीय स्तर पर साफ-सफाई की व्यवस्था सुनिश्चित करने विशेष अभियान चलायें। साथ ही प्रदेश में रोशनी के पर्व दीपावली पर विद्युत की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव आज मंत्रालय में समाधान ऑनलाइन कार्यक्रम के पहले प्रदेशवासियों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीपावली और मध्यप्रदेश के स्थापना दिवस पर सभी को शुभकामनाएं दी। 29 अक्टूबर को होगी रन फॉर यूनिटी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती के उपलक्ष्य में 29 अक्टूबर को प्रात: 9 बजे रन फॉर यूनिटी का शुभारंभ तात्याटोपे स्टेडियम से किया जायेगा। साथ ही राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई जायेगी। मुख्यमंत्री ने सभी जिला कलेक्टर्स को अपने जिले में भी इस कार्यक्रम को प्रभावी रूप से आयोजित करने के निर्देश दिये। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि एक नवंबर को मध्यप्रदेश के स्थापना दिवस पर सभी जिलों में गरिमापूर्ण आयोजन सुनिश्चित किया जाये। इसी क्रम में 2 नवंबर को रवीन्द्र भवन भोपाल में गोवर्धन पूजा का राज्य स्तरीय कार्यक्रम होगा। कार्यक्रम से स्थानीय स्तर पर सभी जन-प्रतिनिधि जुड़ सकें, इसकी व्यवस्था सुनिश्चित की जाये। जिला एवं विधानसभा स्तर पर गौशालाओं में गोवर्धन पूजा के कार्यक्रम किये जायें। साथ ही पंचगव्य उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई जाये। डीएपी के स्थान पर एनपीके को बढ़ावा देने किसानों के मध्य चलायें जागरूकता अभियान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में 25 अक्टूबर से सोयाबीन का समर्थन मूल्य पर उपार्जन शुरू हो चुका है। धान का उपार्जन 2 दिसम्बर से प्रारंभ होगा। उपार्जन के दौरान किसानों की सुविधाओं के लिये सभी आवश्यक उपाय किये जायें। सभी जिला कलेक्टर अपने जिले में खाद वितरण व्यवस्था की निगरानी करें। उन्होंने कहा कि डीएपी की तुलना में एनपीके में पोषक तत्व प्रचुर मात्रा में पाये जाते हैं। अत: डीएपी के स्थान पर एनपीके को बढ़ावा देने के लिए किसानों के मध्य जागरूकता अभियान चलाया जाये।   recent visitors 80

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- अन्नदाताओं की खुशहाली और बेहतरी के लिये राज्य सरकार प्रतिबद्ध

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के अन्नदाताओं की खुशहाली और बेहतरी के लिये नित नये आयाम स्थापित किये जा रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का अन्नदाताओं के प्रति असीम स्नेह सरकार की योजनाओं में भी निरंतर दिखाई दे रहा है। प्रधानमंत्री श्री मोदी 29 अक्टूबर को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (वर्ष 2024-25 की द्वितीय किश्त अंतरित करेंगे। प्रदेश के 81 लाख से अधिक किसानों को 1624 करोड़ रुपये की सहायता राशि का अंतरण किया जायेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के साथ राज्य सरकार भी मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना में किसानों को लाभान्वित कर रही है। इन दोनों योजनाओं में किसानों को प्रतिवर्ष 12000 रुपये का लाभ प्रदान किया जा रहा है। अब तक म.प्र. के किसानों के बैंक खातों में 41 हजार 200 करोड़ रुपये की राशि अतिरिक्त दी जा चुकी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र के लिये वर्ष 2024-25 बजट में 66 हजार 605 करोड़ रुपये का प्रावधान करते हुए कृषि उत्पादकता को बढ़ावा देने के लिये शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर कृषकों को अल्पावधि फसल ऋण दिये जाने की योजना को जारी रखा गया है। इसके लिये 600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे लगभग 32 लाख से अधिक कृषक लाभान्वित होंगे। वर्ष 2024-25 में 23 हजार करोड़ रुपये के फसल ऋण वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि फसल बीमा योजना के इतिहास में पहली बार प्रदेश में किसानों के लिये ऋण की अदायगी की अंतिम तिथि (28 मार्च) से पहले सरकार ने दावों का भुगतान किया और किसानों को अनावश्यक ब्याज भरने के दण्ड से बचाया। किसानों को समर्थन मूल्य पर उपार्जित गेहूँ पर प्रति क्विंटल 125 रुपये बोनस का भुगतान भी किया गया। रबी विपणन वर्ष 2024-25 में 6 लाख से अधिक किसानों से 48 लाख 35 हजार मीट्रिक टन से अधिक गेहूँ का समर्थन मूल्य पर उपार्जन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना में वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिये घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को बिजली बिलों में राहत देने 24 हजार 420 करोड़ रुपये की सब्सिडी देने का निर्णय लिया गया है। अटल कृषि ज्योति योजना अंतर्गत 10 हॉर्स-पॉवर तक के किसानों को ऊर्जा प्रभार में सब्सिडी दी जा रही है। इस योजना में चालू वित्तीय वर्ष में 11 हजार 65 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में सोयाबीन का केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित समर्थन मूल्य पर उपार्जन किया जा रहा है। इसके लिए प्रदेश में 1400 केंद्र स्थापित किए गए हैं। समर्थन मूल्य पर खरीदी का कार्य ई-उपार्जन पोर्टल से किया जा रहा है। उपार्जित सोयाबीन के लिये किसानों को ऑनलाइन भुगतान की व्यवस्था की गई है। प्रदेश में सोयाबीन उपार्जन के लिए तीन लाख 44 हजार किसानों ने अपना पंजीयन कराया है। प्रदेश में दतिया, भिंड, कटनी, मंडला, बालाघाट, सीधी एवं सिंगरौली 7 जिलों को छोड़कर समस्त जिलों में सोयाबीन का उपार्जन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार ने "रानी दुर्गावती श्रीअन्न प्रोत्साहन योजना" प्रारंभ की है। इस योजना से मिलेट्स उत्पादक किसानों को लाभ मिलेगा। योजना में कोदो-कुटकी के उत्पादन पर किसानों को भुगतान किए गए न्यूनतम क्रय मूल्य के अतिरिक्त सहायता राशि के रूप में खाते में 1000 रुपए प्रति क्विंटल डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर स्कीम के तहत प्रदाय किए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता है। राज्य में उर्वरकों की कोई कमी नहीं है। किसानों को आवश्यक मात्रा में उर्वरक मिल रहा है। प्रदेश में प्रतिदिन 5 रैक यूरिया, 2 रैक डीएपी एवं 2 रैक एनपीके की आ रही है। विगत वर्ष अक्टूबर 2023 में डीएपी + एनपीके 1.89 लाख मीट्रिक टन प्राप्त हुआ था, इस वर्ष माह अक्टूबर में अभी तक लगभग 2.70 लाख मीट्रिक टन प्राप्त हो गया है। प्रदेश में यूरिया 5.20 लाख मीट्रिक टन, डीएपी + एनपीके का लगभग 2.80 लाख मीट्रिक टन स्टॉक उपलब्ध है। प्रदेश के सभी ज़िलों में उर्वरक की पर्याप्त उपलब्धता है। माँग अनुसार उर्वरक प्रदाय किया जा रहा है।   recent visitors 70

ED की बड़ी कार्रवाई, IAS और उत्पाद विभाग के अधिकारियों पर छापेमारी

Big ED action in Jharkhand amidst assembly elections, raids on IAS and excise department officials रांची। झारखंड में विधानसभा चुनाव के बीच प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्य के कई वरिष्ठ अधिकारियों पर शिकंजा कसा है। मंगलवार सुबह ED ने झारखंड के वरिष्ठ IAS अधिकारी विनय चौबे, उत्पाद विभाग के संयुक्त सचिव गजेंद्र सिंह और उनके करीबी रिश्तेदारों एवं संबंधित अधिकारियों के ठिकानों पर छापेमारी की। यह छापेमारी कथित शराब घोटाले से जुड़े मामले में की गई है। छापेमारी का मकसद और प्रमुख स्थान हालांकि, ED ने किन-किन स्थानों पर छापेमारी की है, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। बताया जा रहा है कि इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य शराब घोटाले से जुड़े कागजात, संपत्तियों और लेनदेन के सबूत जुटाना है। इस छापेमारी में कई आर्थिक दस्तावेज और बैंक रिकॉर्ड्स की भी जाँच की जा रही है। मामला और प्राथमिकी यह मामला उस समय प्रकाश में आया था जब झारखंड के विकास कुमार ने छत्तीसगढ़ के रायपुर में शराब घोटाले की साजिश और आबकारी नीति में हेरफेर को लेकर शिकायत दर्ज कराई थी। इसके आधार पर रायपुर में प्राथमिकी दर्ज की गई। आरोप है कि यह घोटाला रायपुर में बनाई गई आबकारी नीति में बदलाव के जरिए किया गया, और इसके तहत राज्य में शराब वितरण को लेकर बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएँ हुई हैं। पिछली छापेमारियाँ यह पहली बार नहीं है जब ED ने इस मामले में छापेमारी की है। बीते साल 23 अगस्त को भी ED ने राज्य के वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव, उनके बेटे रोहित उरांव और शराब कारोबारी योगेंद्र तिवारी के रांची, देवघर, दुमका और कोलकाता स्थित 32 ठिकानों पर छापेमारी की थी। इस कार्रवाई में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और संपत्तियों के रिकार्ड जब्त किए गए थे, जिससे घोटाले की जड़ तक पहुँचने में मदद मिली। चुनावी माहौल और ED का एक्शन चुनाव के बीच इस कार्रवाई से सियासी गलियारों में हलचल मच गई है। झारखंड में शराब घोटाले को लेकर विपक्षी दल पहले से ही सरकार पर हमलावर हैं, और ED की यह ताजा कार्रवाई चुनावी माहौल में एक बड़ा मुद्दा बन सकती है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि चुनावों के दौरान इस तरह की कार्रवाई से सत्तारूढ़ दल पर दबाव बढ़ सकता  इस मामले में ED की छापेमारी से झारखंड में शराब घोटाले की सच्चाई सामने आने की उम्मीदें बढ़ गई हैं। आगामी दिनों में ED की ओर से और भी बड़े खुलासे होने की संभावना है। वहीं, चुनावी माहौल में इस कार्रवाई के क्या असर होते हैं, यह देखना दिलचस्प होगा। recent visitors 162

आयुष्मान भारत में बुजुर्गों को राहत: 70+ उम्र के लोगों को मुफ्त चिकित्सा सेवाएं

Relief to the elderly in Ayushman Bharat: Free medical services to people aged 70+ नई दिल्ली। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आयुष्मान भारत योजना का विस्तार करते हुए 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र के बुजुर्गों को इस योजना के दायरे में शामिल किया है। अब देश के लगभग 6 करोड़ बुजुर्ग बिना किसी शर्त के सरकारी और निजी अस्पतालों में हर साल 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज करा सकेंगे। इस योजना का लाभ लेने के लिए इनकम, पेंशन, बैंक बैलेंस, जमीन या किसी पुरानी बीमारी जैसी किसी भी आधार पर कोई पाबंदी नहीं होगी। आयुष्मान योजना के तहत विस्तारित लाभ इस योजना में मरीजों के अस्पताल में भर्ती होने से पहले और बाद का खर्च, सभी प्रकार की जांच, ऑपरेशन और दवाइयों का खर्च भी कवर होता है। किसी भी पुरानी बीमारी का इलाज भी इस योजना के तहत किया जा सकता है। खास बात यह है कि बुजुर्ग भी अब सरकारी और चुनिंदा निजी अस्पतालों में मुफ्त इलाज पा सकेंगे, जिससे उनकी आर्थिक सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं को पूरा किया जा सकेगा। योजना का मौजूदा लाभ और विस्तार आयुष्मान भारत योजना के तहत पहले ही 35 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित हो रहे हैं, और अब बुजुर्गों को शामिल करने के बाद यह संख्या 40 करोड़ के करीब पहुँच जाएगी। यह योजना दुनिया की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना मानी जाती है, जो हर साल भारत के गरीब तबके को 5 लाख रुपए तक की मुफ्त स्वास्थ्य सेवा प्रदान करती है। इस योजना की शुरुआत केंद्र सरकार ने 2017 में की थी और इसे राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति के अंतर्गत लागू किया गया था। बुजुर्गों के लिए राहत और आर्थिक सुरक्षा बुजुर्गों की सेहत और उनकी चिकित्सा आवश्यकताओं को देखते हुए इस योजना का विस्तार बेहद लाभदायक साबित होगा। इलाज में लगने वाले महंगे खर्च और गंभीर बीमारियों के इलाज का बोझ बुजुर्गों पर नहीं पड़ेगा, जिससे वे आर्थिक रूप से सुरक्षित रह सकेंगे और उनकी देखभाल का जिम्मा सरकार उठाएगी। आयुष्मान भारत योजना में बुजुर्गों का समावेश एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील कदम है। इससे न केवल उनकी आर्थिक सुरक्षा में मदद मिलेगी, बल्कि उन्हें गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं का भी लाभ मिलेगा। यह योजना स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक बड़ी क्रांति है और इससे करोड़ों बुजुर्गों को जीवन के इस चरण में चिकित्सा राहत मिलेगी। recent visitors 181