Sunday, July 5, 2026 5:37 am

रघु राम ने ‘रोडीज’ छोड़ने के 11 साल बाद किया खुलासा

मुंबई रिएलिटी शो ‘रोडीज’ बहुत पॉपुलर रियलिटी शो है. इसमें पहले रघु राम जज के तौर पर नजर आते थे. आज भी कंटेस्टेंट्स को डांटने और सख्त अंदाज में बात करने वाले कई वीडियोज सोशल मीडिया पर वायरल होते हैं. वहीं, अब हाल ही में रघु राम ने 11 साल बाद शो क्यों छोड़ा इसका खुलासा किया है. हाल ही में एक पॉडकास्ट में रघु राम ने बताया कि उस समय उनका व्यवहार ऐसा था, जिससे लोगों को परेशानी हो सकती थी, लेकिन वे बस अपनी नौकरी कर रहे थे. उन्होंने कहा कि वे ये नहीं जानते कि वो सही थे या गलत. अगर लोग उन बातों के लिए उनसे नफरत करते हैं, तो वो इसके लिए माफी नहीं मांगेंगे. रघु राम ने बताया कि उम्र के साथ दबाव महसूस होता है और ऐसा ही उनके साथ भी हुआ. इसी दबाव और बढ़ती दखलअंदाजी की वजह से उन्होंने और राजीव ने रोडीज़ छोड़ने का फैसला किया. लोगों पर चिल्लाने को कहते थे मेकर्स रघु राम ने आगे बात करते हुए बताया कि शो में उन्हें लोगों पर चिल्लाने के लिए कहा जाता था. ये ऐसा था जैसे आपको उनकी शर्तों पर काम करना पड़ता था. उन्होंने कहा कि ये एक्सपीरियंस अच्छा था, क्योंकि इससे सफलता मिलती थी, लेकिन आप खुद को खो देते हैं. रघु राम ने बताया कि आज का ‘रोडीज’ मेकर्स की सोच के हिसाब से है, लेकिन वे इसे ऐसा नहीं चाहते थे. उन्होंने ये भी कहा कि उनका ऑन-स्क्रीन व्यक्तित्व उनकी पर्सनल लाइफ और समाज में हो रही चीज़ों का रिफ्लेक्शन था. शेयर किया शो का एक खास किस्सा रघु राम ने आगे बताया कि उनकी इमेज हमेशा गुस्से वाले इंसान की बन गई थी, जबकि वे लोगों से वैसा ही व्यवहार करते हैं जैसा लोग उनसे करते हैं. उन्होंने कहा, ‘मैं आपसे उसी तरह पेश आऊंगा जैसे आप मुझसे. अगर कोई पहले से परेशान है, तो हम उससे प्यार से बात करेंगे’. उन्होंने रोडीज 9 के एक खास पल को याद किया, जहां एक कंटेस्टेंट, राजू बाबू चौधरी, जो वड़ा पाव का स्टॉल चलाता था, ने उनसे कहा, ‘सर, प्लीज एक बार मुस्कुरा दीजिए. मैं गरीब परिवार से हूं. अगर आप डांटेंगे तो डर जाऊंगा’. ये सुनकर रघु ने उसे गले लगा लिया था. recent visitors 73

CM यादव ने देश के 40 विशेष पर्यटन स्थलों को विश्व के पर्यटन स्थलों भांति की विकसित करने PM मोदी का आभार माना

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने देश के 40 विशेष पर्यटन स्थलों को विश्व के पर्यटन स्थलों भांति की विकसित करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को प्रदेशवासियों की ओर से धन्यवाद देते हुए आभार माना है।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 3 हजार 295.76 करोड़ की राशि देश के 40 चिन्हित पर्यटन स्थलों के लिए स्वीकृत की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पर्यटन स्थलों के सौंदर्यीकरण से ये स्थल देशी और विदेशी पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनते है। उन्होंने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पर्यटन स्थलों के लिए निर्धारित मापदंड के लिए पर्यटन स्थलों के रख-रखाव एवं पर्यटकों के लिए संपूर्ण गाईड, कैफ़ेटरिया रहने के लिए होटल, गेस्ट हाउस आदि की व्यवस्था का होना आवश्यक है। केंद्र सरकार द्वारा देश के 23 राज्यों के 40 पर्यटन स्थलों में से मध्यप्रदेश की धार्मिक एवं पावन नगरी ओरछा ए मेडिएबल स्प्लेन्डर एवं भोपाल में इंटरनेशनल सेंटर फॉर एम.आई.सी.ई को विश्व स्तरीय आईकॉनिक सेंटर के रूप में विकसित करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केन्द्रीय पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत के प्रति भी आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पर्यटन स्थल के विकसित होने से पर्यटकों की संख्या से पर्यटन उद्योग और उससे जुड़े छोटे-बड़े उद्योग एवं स्थानीय बाजार भी लाभान्वित होते हैं। इस योजना में राज्यों के प्रतिष्ठित पर्यटन केन्द्रों के विकास, ब्रांडिंग और विश्व व्यापार स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के साथ ही रोजगार सृजन को बढ़ावा देना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इससे निश्चित ही पर्यटन, रोजगार, बाजार, अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के साथ ही भारत की गौरवशाली संस्कृति एवं परंपरा का भी प्रसार होगा।   recent visitors 49

जीजी फ्लाईओवर का मैनिट के एक्सपर्ट और ट्रैफिक के अधिकारियों ने किया मुआयना, 100 मीटर की दूरी से लेना पड़ रहा यू-टर्न

भोपाल  शहर की जनता जिस जीजी फ्लाईओवर के शुरू होने का बेसब्री से इंतजार कर रही है। उस ब्रिज की गलत डिजाइन अब ट्रैफिक पुलिस के लिए गले की हड्डी बन गई है। दरअसल ब्रिज का भोपाल हाट की तरफ का बना हुआ हिस्सा सुरक्षित यातायात के मानकों पर खरा नहीं उतरा है। इसलिए ब्रिज के शुरुआती हिस्से को तोड़कर दोबारा नए सिरे से बनाया जाएगा। ताकि भोपाल हाट की तरफ से चौराहे की तरफ जाने वाले ट्रैफिक और ब्रिज से नीचे की तरफ आने वाले वाहन चालक सुरक्षित आवाजाही कर सकें। चूंकि ब्रिज के बनने के बाद उक्त चौराहे पर पांच रास्ते निकल रहे हैं। ऐसे में पांच रास्तों के लिए अलग-अलग ट्रैफिक सिग्नल लगा पाना ट्रैफिक पुलिस के लिए आसान नहीं होगा। इसको ध्यान में रखकर फिलहाल चौराहे पर बड़ी रोटरी बनाई जाएगी। साथ ही भोपाल हाट की तरफ से आने वाले ट्रैफिक और ब्रिज से नीचे उतरने वाले ट्रैफिक के लिए अलग-अलग सिग्नल लगने की प्लानिंग चल रही है। हालांकि यह प्लानिंग कितनी कारगर साबित होगी, यह तो आने वाला समय ही बताएगा। फिलहाल ब्रिज की गलत डिजाइन की वजह से ट्रैफिक पुलिस यातायात क्लियरेंस नहीं दे रही है। ज्ञात हो कि शुरुआत में ही ब्रिज का डिजाइन विवादों में रहा, लेकिन विभाग के इंजीनियर इससे नकारते रहे और आज स्थिति बिगड़ चुकी है। अब एक्सपर्ट ब्रिज के शुरुआती हिस्से को तोड़ने की बात कह रहे हैं। ताकि कुछ हद तक ट्रैफिक को कंट्रोल किया जा सकता है। इस पर विचार मंथन चल रहा है। डिवाइडर बना अड़ंगा गणेश मंदिर की तरफ की साइट अब क्लियर हो चुकी है। यहां भी ट्रैफिक पुलिस ने सुरक्षित यातायात मानकों के तहत बीच में डिवाइडर बनाने के लिए कहा था। पीडब्ल्यूडी ने डिवाइडर बनाकर गणेश मंदिर की तरफ से जो वाहन चालक अरेरा कालोनी की तरफ मुड़ जाते थे। वह अब 100 मीटर दूरी से यानी वीर सावरकर सेतू का पूरा चक्कर लगाने के बाद हबीबगंज अंडरब्रिज से होकर अरेरा कलोनी, 1100 क्वार्टर पहुंच पाते हैं। पूर्व में गणेश मंदिर की तरफ से ही वाहन चालक अरेरा कालोनी वाले क्षेत्र से होकर अपने ज्ञातव्य तक आसानी से पहुंच जाते थे। 80 मीटर बचा आरईवाल का काम गायत्री मंदिर की तरफ ब्रिज के किनारों पर बनाई जा रही आरईवाल का काम 80 मीटर का बचा हुआ है। इस काम के पूरा होने के बाद ब्रिज पूरी तरह बनकर तैयार हो जाएगा। फिलहाल ब्रिज का यही हिस्सा है, जहां निर्माण कार्य लंबे समय से जारी है। ज्ञात हो कि पीडब्ल्यूडी के अधिकारी पहले कोलार पाइप लाइन का हवाला देकर इस काम में देरी की बात कह रहे थे, लेकिन पाइप लाइन को हटे हुए काफी समय हो चुका है, लेकिन अभी तक यहां आरईवाल का काम पूरा नहीं हुआ। नियंत्रित रफ्तार से चलेंगे वाहन गुरुवार को ट्रैफिक पुलिस के अधिकारी और मैनिट के एक्सपर्ट सिद्धार्थ रोकड़े ने ब्रिज पर यातायात मानकों का जायजा लिया था। इस दौरान ब्रिज पर जगह-जगह लगाए गए ट्रैफिक पुलिस के संकेत उन्होंने देखे। सिद्धार्थ रोकड़े ने बताया कि ब्रिज पर टू व्हीलर की स्पीड अधिकतम 60 और जंक्शन पर न्यूनतम गति 30 की रहेगी। ब्रिज का निरीक्षण किया है, भोपाल हाट की तरफ से ब्रिज से नीचे उतरने वाले ट्रैफिक को कंट्रोल करने के लिए वहां बड़ी रोटरी की अनुशंसा की है। सुरक्षित यातायात के लिए ब्रिज का शुरुआती हिस्से को तोड़ने की भी अनुशंसा की है। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को इस बारे में बताया गया है। – सिद्धार्थ रोकड़े, प्रोफेसर, मैनिट ट्रैफिक पुलिस ने मैनिट के एक्सपर्ट के साथ ब्रिज का निरीक्षण किया था। उन्होंने कुछ बातें बताई हैं उस आधार पर काम होगा। यह फिलहाल नहीं बता सकते कि ब्रिज का शुभारंभ कब होगा। – जावेद शकील, सहायक यंत्री, पीडब्ल्यूडी, भोपाल recent visitors 68

एमपी गजब: पिटा भाजपाईयों ने पिटें भाजपाई और एफआईआर कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर क्यों?

MP Amazing: Why did BJP workers beat up BJP workers and FIR against Congress workers? भोपाल ! प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने आज उज्जैन के महिदपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर झूठे एवं द्वेषपूर्ण प्रकरणों के विरोध में प्रदर्शन का नेतृत्व किया। इस दौरान उन्होंने भाजपा सरकार और प्रशासन को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि अगर झूठे प्रकरण लादने की हठधर्मिता बंद नहीं हुई, तो कांग्रेस उग्र आंदोलन करेगी। भाजपा की आपसी गुटबाजी का बोझ कांग्रेस पर क्यों? पटवारी ने सवाल उठाया, “जब लड़ाई भाजपाइयों की है, मारपीट पूर्व विधायक के साथ होती है, और हमलावर भाजपा कार्यकर्ता हैं, तो फिर FIR कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर क्यों?” यह भाजपा सरकार की हठधर्मिता और प्रशासन की पक्षपाती कार्रवाई का स्पष्ट प्रमाण है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का स्वाभिमान सर्वोपरि उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने कार्यकर्ताओं के स्वाभिमान की रक्षा के लिए मजबूती से खड़ी है। अगर मुख्यमंत्री के गृह जिले की पुलिस पारदर्शिता से काम नहीं करती है, तो कांग्रेस गांधीवादी तरीके से लोकतंत्र का पाठ पढ़ाना जानती है। 24 घंटे का अल्टीमेटम प्रदेश अध्यक्ष ने चेतावनी दी कि 24 घंटे के भीतर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ झूठे प्रकरण वापस नहीं लिए गए, तो उज्जैन की सड़कों पर कांग्रेस का सैलाब दिखाई देगा। उन्होंने कहा, “भाजपा सरकार और उनका पिट्ठू प्रशासन यह सुन ले कि कांग्रेस अन्याय सहने वाली नहीं है।” कांग्रेस ने यह स्पष्ट कर दिया है कि कार्यकर्ताओं पर झूठे आरोप मढ़ने की कोई भी कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी और हर स्तर पर इसके खिलाफ लड़ाई लड़ी जाएगी। recent visitors 311

भाजपा ने ऑडियो जारी करते हुए उत्तम नगर के विधायक पर गैंगस्टर के साथ मिलकर वसूली का आरोप लगाया

नई दिल्ली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आम आदमी पार्टी (आप) के विधायक नरेश बालियान पर बड़ा आरोप लगाया है। भाजपा के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा और राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने शनिवार को तीन ऑडियो जारी करते हुए उत्तम नगर के विधायक पर गैंगस्टर के साथ मिलकर वसूली का आरोप लगाया है। नरेश बालियान ने भाजपा के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा है कि यह मामला कई साल पुराना है और फर्जी है। उन्होंने कहा कि हाई कोर्ट ने इसे गलत, ट्रैप और धमकी बताते हुए चैनलों से हटवाया था। कथित ऑडियो क्लिप्स की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। गौरव भाटिया और वीरेंद्र सचदेवा ने एक ऑडियो क्लिप को प्रेस कॉन्फ्रेंस में सुनाते हुए कहा कि ऐसे तीन ऑडियो उनके पास हैं जिन्हें सार्वजनिक किया जा रहा है। भाजपा के प्रवक्ता ने कहा, ' हम ऑडियो क्लिप जारी कर रहे हैं जो आम आदमी पार्टी के वसूली करने वाले विधायक नरेश बालियान की एक गैंगस्टर के साथ बातचीत है। ऐसा व्यवहार है जैसे एक माता के दो भाई। एमएलए बोल रहा है कि फलाना बिल्डर है इससे रुपए वसूल लें और साठगांठ देखिए ऑडियो क्लिप में बिलकुल स्पष्ट है। अंदर डर भी है कहते हैं कि दूसरे फोन पर बात करते हैं, सिग्नल में बात करते हैं, पकड़े ना जाएं। बिल्डर से कहा जा रहा है कि हवाला के माध्यम से रुपए बांट लेंगे आपस में।' भाजपा ने यह आरोप ऐसे समय पर लगाया है जब एक दिन पहले ही विधानसभा में दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कानून व्यवस्था को लेकर केंद्र सरकार और भाजपा पर जोरदार हमला किया था। गौरव भाटिया ने कहा कि अराजक पार्टी को समझना होगा कि आपको जनता ने इसलिए नहीं चुना है कि कभी आप शराब घोटाला करें और कभी वसूली रैकेट चलाएं। भाटिया ने कहा कि यह अरविंद केजरीवाल की सहमति के बिना नहीं हो सकता है, क्योंकि कुछ समय पहले भी नरेश बालियान का एक ऑडियो सामने आया था, जिसमें इसी तरह की वसूली कर रहे थे। यह दूसरी बार है। मतलब यह एक सिंडिकेट है। गौरव भाटिया ने कहा कि दिल्ली की जनता आज त्रस्त है और बदलाव की बेला है। गुंडों और अपराधियों का कुछ दिन का खेला है। उन्होंने मांग की कि नरेश बालियान को पार्टी से निष्कासित किया जाए और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। नरेश बालियान ने क्या कहा? बालियान ने भाजपा के आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय के एक ट्वीट पर जवाब देते हुए लिखा, 'माननीय हाईकोर्ट कोर्ट ने खुद इसे गलत और ट्रैप और धमकी बताते हुए सभी चैनलों से इस फर्जी खबर को हटवाया था, ये कई साल पुराना मामला है , जब केजरीवाल जी ने कानून व्यवस्था पर भाजपा को घेरा तो ये कई साल पुरानी फर्जी खबर लेकर आए हैं, माननीय कोर्ट ने न्यूज चैनलों को फटकार लगाते हुए वीडियो हटवाया था , बाकी तुम्हें ऐसे देख कर मजा आ रहा है, कुछ काम धाम कर लिए होते तो आज कुछ फर्जी करने की जरूरत नहीं होती। करते रहो मुझे मजा आ रहा है, मनोरंजन हो रहा है। पुलिस तुम्हारी , CBI तुम्हारी और भौंक भी रहे हो तुम। आप विधायक ने 2023 की एक खबर साझा करते हुए एक्स पर लिखा, 'भाजपा के कुकर्मियों ये कोर्ट का आदेश पढ़ लो तुम्हारे मनोहर कहानियों की खबर पर, और अपनी बकवास चालू रखो और मनोरंजन करते रहो, इस बार 3 सीट भी तुम्हे नहीं लाने देंगे।' नजफगढ़ ड्रेन में नाक डुबा लो।' recent visitors 110

सीरिया के शहर में विद्रोहियों ने किया कत्लेआम, एक और मुस्लिम देश में शुरू हो गया युद्ध, भागने लगी सेना

सीरिया दुनिया के खूबसूरत शहरों में गिने जाने वाले सीरिया के अलेप्पो शहर में इस्लामिक संगठन हयात तहरीर अल शाम (HTS) ने कत्लेआम मचा दिया है। आठ साल बाद एक बार फिर इस्लामिक कट्टरपंथी गुट ने शहर पर हमला करके कब्जा कर लिया है। इसके बाद सीरिया की बशर अल असद सरकार ने अलेप्पो की सड़कों और एयरपोर्ट को बंद कर दिया है। 2016 में ही अलेप्पो से विद्रोहियों को खदेड़ा गया था। अचानक विद्रोही शहर के केंद्र तक घुस गए और कई इलाकों पर कब्जा कर लिया है। विद्रोहियों की ताकत के आगे एक बार फिर असद की सेना कमजोर साहित हो रही है। सीरिया को भरोसा रहता था कि जरूरत पड़ने पर उसे ईरान औऱ रूस से मदद मिलेगी। ईरान इजरायल के खिलाफ औऱ रूस यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में ही व्यस्त है। इसका फायदा उठाकर विद्रोहियों ने हमला एक बार फिर कर दिया। एचटीएस का दावा है कि उसने अधे से ज्यादा अलेप्पो पर कब्जा कर लिया है। सीरिया 2011 से ही गृह युद्ध की चपेट में है। बताया जा रहा है कि सीरियाई शासन की मदद के लिए दो दिनों में गोला-बारूद और हथियार पहुंच सकते हैं। वहीं सूत्रों का कहना है कि असद प्रशासन ने सेना को विद्रोहियों के कब्जे वाले इलाके से सुरक्षित निकलने का आदेश दे दिया है। बता दें कि तुर्की इन विद्रोहियों के साथ खड़ा है। अलेप्पो को सीरिया की सांस्कृतिक और आर्थिक राजधानी के तौर पर जाना जाता है। अब यहां पैदा हुए हालात मध्य एशिया में तनाव की एक नई वजह बन सकते हैं। जानकारी के मुताबिक विद्रोही गुटों ने सीरियाई सरकार के 40 से ज्यादा सैन्य अड्डों पर कब्जा कर लिया है। 2011 में अरब क्रांति के बाद सीरिया में गृह युद्ध शुरू हुआ था। बशऱ अल असद के साथ लोकतंत्र के समर्तकों ने 2000 में ही विरोध शुरू कर दिया था। फ्री सीरियन आर्मी नाम के विद्रोही गुट ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। इसमें अमेरिका, रूस, ईरान और सऊदी अरब भी शामिल हो गए। इसके बाद यहां आईएसआईएस ने भी पैर पसारे। एक दशक तक चले गृह युद्ध में 3 लाख लोग मारे गए थे। इसके बाद 2020 में सीजफायर का समझौता हुआ था। recent visitors 52

दवा कारोबारी से 75 हजार की मांगी रिश्वत, छत्तीसगढ़-रायपुर में सीजीएसटी के दो अफसरों को CBI ने पकड़ा

रायपुर. सीबीआई की टीम ने शुक्रवार को केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (सीजीएसटी) के दो अफसरों को दवा कारोबारी से 60 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया है. रायपुर में पदस्थ सुपरिंटेंडेंट इलोंका ​मिंज और इंस्पेक्टर सौम्य रंजन मलिक जीएसटी की राशि में गड़बड़ी की सेटलमेंट करने और पेनल्टी से बचाने के नाम पर घूस मांग रहे थे. जानकारी के मुताबिक मिंज और मलिक ने दवा कारोबारी राहुल वर्मा को 3 लाख रुपए की ​पेनल्टी का डर दिखाया. इसके सेटलमेंट के लिए उसने पहले 75 हजार रुपए मांगे थे. छत्तीसगढ़ में ऐसा पहला मौका है, जब सीजीएसटी अफसरों को रिश्वत मामले में गिरफ्तार किया गया है. recent visitors 58