रोहित के लिए फिर से टेस्ट खेलना लंबा और कठिन होगा : पोंटिंग

सिडनी ऑस्ट्रेलिया के महान क्रिकेटर रिकी पोंटिंग को लगता है कि रोहित शर्मा के लिए फिर से टेस्ट खेलना लंबा और कठिन होगा, क्योंकि नियमित भारतीय कप्तान ने शुक्रवार को सिडनी क्रिकेट ग्राउंड में चल रहे पांचवें बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी टेस्ट से आराम लेने का फैसला किया है। रोहित ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेले गए तीन टेस्ट मैचों में सिर्फ 6.2 की औसत से रन बनाए हैं, जिसमें उनका उच्चतम स्कोर 10 रहा है। सिडनी में उनके न खेलने की अटकलें तब सामने आईं, जब मुख्य कोच गौतम गंभीर ने प्री-मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्हें गारंटीड स्टार्टर कहने से इनकार कर दिया। रोहित ने 2024 में आईसीसी पुरुष टी20 विश्व कप में भारत की कप्तानी करने के बाद टी20 को पहले ही अलविदा कह दिया था। “मुझे लगता है कि प्रतिक्रिया यह रही है कि वे सभी उम्मीद कर रहे थे कि ऐसा हो सकता है। पिछले कुछ दिनों से चर्चा चल रही थी कि सभी को उम्मीद थी कि रोहित इस मैच में नहीं खेलेंगे, शुभमन गिल वापस आएंगे और (जसप्रीत) बुमराह शायद फिर से कप्तानी संभालेंगे और ऐसा ही हुआ। पोंटिंग ने कहा, “आपको लगता होगा कि खेल के इस प्रारूप में रोहित शर्मा के लिए अब बहुत लंबा सफर तय करना बाकी है। मेरा मानना है कि भारत जून के मध्य या अंत तक कोई टेस्ट मैच नहीं खेलता है, जो कि आपके करियर के अंतिम चरण में आने के लिए बहुत लंबा समय है।” उन्होंने कहा,… "जब मैंने इतने महत्वपूर्ण मैच में 'ऑप्ट आउट' शब्द सुना तो मैं बहुत हैरान रह गया। हम जानते हैं कि वह लंबे समय से भारतीय क्रिकेट के लिए एक महान खिलाड़ी रहे हैं।इसलिए जिस तरह से उन्होंने इसे कहा है, आप इसे केवल सतही तौर पर ही ले सकते हैं। हमें भारतीय खेमे से जो सुनने को मिल रहा है, उस पर हमें विश्वास करना होगा, लेकिन इतना बड़ा मैच होने के कारण, यह जानते हुए कि उन्हें ट्रॉफी बरकरार रखने के लिए यह मैच जीतना ही होगा, उनके सबसे अनुभवी खिलाड़ियों में से एक के लिए ऑप्ट आउट करना एक दिलचस्प समय था।"   recent visitors 78

राज्य सरकार द्वारा किए गए अच्छे कार्यों के लिए सीएम फडणवीस की संजय राउत ने प्रशंसा की, करीब आना चाहते हैं उद्धव?

मुंबई महाराष्ट्र की सियासत में एक दिलचस्प तस्वीर देखने को मिली है। पानी पी-पीकर भाजपा को कोसने वाले शिवसेना (UBT) के नेता संजय राउत ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की प्रशंसा की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा किए गए अच्छे कार्यों के लिए सीएम की उन्होंने प्रशंसा की है। राउत ने विशेष रूप से गढ़चिरौली जिले का उल्लेख करते हुए कहा कि यह जिला नक्सलवाद से प्रभावित है, लेकिन अगर नक्सलवादी आत्मसमर्पण करके संविधान के रास्ते पर चलते हैं तो उनका स्वागत किया जाएगा। राउत ने आगे कहा कि गढ़चिरौली में बेरोजगारी और गरीबी एक गंभीर समस्या है। देवेंद्र फडणवीस इसे सुधारने की दिशा में काम कर रहे हैं। फडणवीस ने वहां एक "स्टील सिटी" बनाने का प्रस्ताव रखा है, जिससे महाराष्ट्र की प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी और स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा। संजय राउत ने इस पहल का स्वागत किया और कहा कि यह राज्य के विकास में फडणवीस का यह कदम सहायक होगा। इससे पहले शिवसेना के मुखपत्र सामना के संपादकीय के जरिए इसी मुद्दे पर देवेंद्र फडणवीस की सराहना की गई थी। सामना ने लिखा था- ‘सामना ने लिखा था- जब मंत्रिमंडल के कई मंत्री मलाईदार महकमों और विशेष जिले के ही पालकमंत्री पद के लिए अड़े बैठे हुए थे, मुख्यमंत्री फडणवीस गढ़चिरौली पहुंचे और उस नक्सल प्रभावित जिले में विकास के एक नए पर्व की शुरुआत की। जब पूरा देश नए साल के स्वागत और जश्न में मगन था तब मुख्यमंत्री फडणवीस ने नए साल का पहला दिन गढ़चिरौली में बिताया। सिर्फ बिताया ही नहीं, बल्कि कई विकास परियोजनाओं का भूमिपूजन, उद्घाटन किया। यदि मुख्यमंत्री ने जो कहा वह सच है तो यह न केवल गढ़चिरौली, बल्कि कहना होगा कि यह पूरे महाराष्ट्र के लिए सकारात्मक होगा। यदि मुख्यमंत्री फडणवीस ने इसे करके दिखाने का निर्णय लिया है तो यह खुशी की बात है। नक्सलवाद भारतीय समाज पर एक कलंक है।’   केंद्र सरकार दो साल तक नहीं चलेगी: संजय राउत आपको बता दें कि आज से सिर्फ एक ही दिन पहले शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत ने भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर कटाक्ष किया और कहा कि उन्हें संदेह है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार 2026 तक दो साल भी चल पाएगी या नहीं। एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए संजय राउत ने कहा कि अगर उनका संदेह हकीकत में बदल गया तो महाराष्ट्र भी प्रभावित होगा और महाराष्ट्र के साथ-साथ अन्य राज्यों में भी बदलाव होने की संभावना है। संजय राउत ने कहा, "मुझे संदेह है कि केंद्र सरकार 2026 के बाद बचेगी या नहीं। मुझे लगता है कि मोदी अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर पाएंगे और एक बार केंद्र सरकार अस्थिर हो गई, तो इसका असर महाराष्ट्र पर भी पड़ेगा।" recent visitors 66

मध्य प्रदेश में ठंड ने लोगों का जनजीवन पूरी तरह अस्त व्यस्त, तापमान गिरने के साथ ठिठुरन बढ़ी

भोपाल  मध्य प्रदेश में ठंड ने लोगों का जनजीवन पूरी तरह अस्त व्यस्त कर दिया है। लगातार बर्फीली हवाएं चल रही है, जिसकी वजह से तापमान में गिरावट का असर नजर आ रहा है। तापमान गिरने के साथ ठिठुरन बढ़ गई है और दिन में भी सर्दी का एहसास हो रहा है। प्रदेश के अधिकांश जिले घने कोहरे की चपेट में आ चुके हैं। सुबह-सुबह सड़कों पर दूर तक कोहरा फैला हुआ नजर आ रहा है और रात को भी यही हाल देखने को मिल रहा है। अधिकांश जिले भयानक ठंड की चपेट में हैं। चलिए जान लेते हैं कि आने वाले दिनों में मध्य प्रदेश का मौसम कैसा रहने वाला है। बर्फीली हवाओं ने बढ़ाई ठंड इस समय उत्तराखंड, जम्मू, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश जैसे इलाकों में बर्फबारी हो रही है। इस बर्फबारी के चलते प्रदेश का तापमान लगातार गिर रहा है। बर्फीली हवाओं के असर से हाड़ कंपाने वाली सर्दी का सितम देखने को मिल रहा है। अधिकांश जिलों का न्यूनतम तापमान तीन से चार डिग्री तक लुढ़क गया है। बढ़ने वाली है ठंड फिलहाल पड़ रही ठंड ने लोगों का जीवन बुरी तरह से अस्त व्यस्त किया है, लेकिन ठंड की ये रफ्तार अभी कम नहीं होने वाली है। आने वाले दिनों में पहाड़ों से आ रही हवाओं की रफ्तार और भी तेज होगी, जिसके कारण ठंड बढ़ जाएगी। जनवरी के 20 से 22 दिन इसी तरह से शीतलहर और कोहरे की चपेट में निकलने वाले हैं। यहां शीतलहर की चेतावनी मौसम विभाग ने भोपाल, नर्मदापुरम, जबलपुर, रायसेन, सीधी, नौगांव, शिवपुरी, सतना, सिवनी, बालाघाट, गुना, उज्जैन, उमरिया, सिवनी में कोल्ड डे की स्थिति बने रहने की जानकारी दी है। आने वाले तीन से चार दिनों तक कोहरे और शीतलहर का अलर्ट भी जारी किया गया है। प्रदेश में आज के मौसम की बात करें तो कई हिस्सों में सुबह से ही घना कोहरा छाया हुआ दिखाई दे रहा है। दतिया, राजगढ़, निवाड़ी, सागर, भिंड, मुरैना, छतरपुर, टीकमगढ़, उमरिया, कटनी, दमोह में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया गया है। इन दिनों में शीतलहर का प्रकोप भी देखने को मिलेगा। मौसम विभाग द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक कई शहरों का तापमान 7 डिग्री से नीचे पहुंच चुका है। उज्जैन, ग्वालियर, इंदौर, जबलपुर, भोपाल में जबरदस्त ठंड पड़ रही है। अब आने वाले 3 दिनों में कड़ाके की ठंड का असर देखने को मिलेगा। recent visitors 54

यूनियन कार्बाइड कचरा जलाने का विरोध: युवक बुरी तरह झुलसे ,कमलनाथ ने चिंता व्यक्त की

भोपाल। यूनियन कार्बाइड के कचरे को जलाने के विरोध में आज दो युवकों ने आत्मदाह का प्रयास किया, जिससे वे गंभीर रूप से झुलस गए। घटना ने प्रदेश में एक बार फिर इस विवादित मुद्दे को गर्मा दिया है। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने इस घटना पर चिंता व्यक्त करते हुए दोनों युवकों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। उन्होंने राज्य सरकार से अपील की कि इस मामले में सभी पक्षों को विश्वास में लेकर ही कोई निर्णय लिया जाए। कमलनाथ ने कहा, “यह मामला अत्यंत संवेदनशील है। मुख्यमंत्री मोहन यादव से मेरा आग्रह है कि जनभावनाओं और जन स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए ही कोई कदम उठाया जाए।” इस मुद्दे पर इंदौर और पीथमपुर में विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। सामाजिक कार्यकर्ताओं, स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ कांग्रेस और भाजपा दोनों दलों के नेता कचरा जलाने की कार्यवाही का विरोध कर रहे हैं। गौरतलब है कि यूनियन कार्बाइड का यह कचरा लंबे समय से विवाद का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों और पर्यावरणविदों का मानना है कि इसे जलाने से पर्यावरण और जन स्वास्थ्य को गंभीर खतरा हो सकता है। जनभावनाओं को देखते हुए यह देखना होगा कि सरकार इस विवाद का समाधान कैसे करती है। recent visitors 180

पंजाब की हालिया बल्लेबाजी ने हैदराबाद के खिलाफ 426/4 का चौंका देने वाला स्कोर बनाने में मदद की, दो बार किया ये कारनामा

अहमदाबाद पंजाब एक ही विजय हजारे ट्रॉफी टूर्नामेंट में दो बार 400 से अधिक का स्कोर बनाने वाली पहली टीम बन गई। पंजाब की हालिया बल्लेबाजी ने उन्हें नरेंद्र मोदी स्टेडियम ग्राउंड 'ए' में हैदराबाद के खिलाफ 426/4 का चौंका देने वाला स्कोर बनाने में मदद की। यह टूर्नामेंट में दूसरी बार था जब पंजाब ने 400 रन का आंकड़ा पार किया, इससे पहले प्रतियोगिता में सौराष्ट्र के खिलाफ उन्होंने पांच विकेट पर 424 रन बनाए थे। पंजाब की पारी की नींव सलामी बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह ने रखी, जिनकी शानदार शतकीय पारी (137) आक्रामक बल्लेबाजी की मिसाल थी। दाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने अपनी पारी में 20 चौके और तीन छक्के लगाए और हैदराबाद के गेंदबाजी आक्रमण को आसानी से ध्वस्त कर दिया। उनकी पारी ने पंजाब को धमाकेदार शुरुआत दिलाई, क्योंकि उन्होंने और अभिषेक शर्मा ने ओपनिंग विकेट के लिए 196 रनों की विशाल साझेदारी की। प्रभसिमरन ने जहां सुर्खियां बटोरीं, वहीं उनके ओपनिंग पार्टनर अभिषेक ने तेज अर्धशतक (93) के साथ अहम भूमिका निभाई। शर्मा की पारी में बाउंड्री लगी हुई थी, क्योंकि उन्होंने पावरप्ले के दौरान प्रभसिमरन के स्ट्रोक का मुकाबला किया, जिससे पंजाब ने शुरुआती बढ़त हासिल कर ली। जैसे-जैसे पारी आगे बढ़ी, मध्यक्रम ने सलामी बल्लेबाजों द्वारा बनाए गए मंच का फायदा उठाया। रमनदीप सिंह (80) और नेहल वढेरा (35) ने पारी को शानदार तरीके से समाप्त किया। रमनदीप के तेज अर्धशतक ने रस्सियों को साफ करने की उनकी क्षमता को दिखाया, जबकि वढेरा ने स्ट्राइक रोटेट करने और हैदराबाद के गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। दोनों ने अंत में शानदार बल्लेबाजी की और पंजाब को 426 रनों के विशाल स्कोर तक पहुंचाया, जिससे हैदराबाद के सामने एक कठिन चुनौती खड़ी हो गई।   recent visitors 105

इंदौर नगर निगम के 60 हजार नल कनेक्शनधारियों ने नहीं चुकाया वाटर टैक्स, एफआईआर की तैयारी

 इंदौर  इंदौर में पानी का टैक्स (जल कर) न चुकाने वालों की मुश्किल बढ़ सकती है। बकायादारों के खिलाफ FIR दर्ज कराने की तैयारी है। जलकर वसूली के लिए इंदौर नगर निगम प्रशासन 6 जनवरी से विशेष अभियान चलाएगा। लंबे समय से बिल न चुकाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। इंदौर नगर निगम क्षेत्र में 1.89 लाख नल कनेक्शन हैं। इनमें से 60 हजार नल कनेक्शन अनियमित हैं। नगर निगम को एक साल से पानी का टैक्स जमा नहीं किया। 60 हजार कनेक्शनधारियों पर करोड़ों रुपए बकाया हैं। वन टाइम सेटलमेंट योजना से मिलेगी राहत इंदौर नगर निगम ने जलकर वसूली के लिए वन टाइम सेटलमेंट स्कीम भी शुरू की है। बकायादार बकाया राशि का 50 प्रतिशत हिस्सा एक साथ भुगतान कर अपना नल कनेक्शन नियमित करवा सकते हैं। यानी 50 प्रतिशत राशि की छूट ले सकते हैं। वाटर टैक्स के 400 करोड़ बताया इंदौर में वाटर टैक्स के 400 करोड़ रुपए बताया हैं। इनकी वसूली के लिए नगर निगम प्रशासन ने वन टाइम सेटलमेंट योजना शुरू की है, लेकिन यह स्कीम बहुत प्रभावी नहीं रही। महज 45 करोड़ रुपए ही नगर निगम के खाते में जमा हो पाई है। अब सख्त कार्रवाई करने का निर्णय इंदौर नगर निगम ने बकायादारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का निर्णय लिया है। 6 जनवरी से अलग-अलग इलाकों में शिविर लगाकर जलकर की बताया राशि जमा कराई जाएगी। शुल्क न चुकाने पर एफआईआर भी दर्ज कराई जा सकती है।  recent visitors 35

Jabalpur में स्कूलों पर बड़ा एक्शन, प्रशासन ने फीस वापसी के दिए निर्देश, लगाया जुर्माना

जबलपुर  प्रशासन ने तीन स्कूलों को मनमानी फीस वृद्धि करने पर 33.78 करोड़ रुपये लौटाने का आदेश दिया है। यह राशि 2017 से 2024 के बीच बिना अनुमति अतिरिक्त फीस के रूप में वसूली गई थी। साथ ही, प्रत्येक स्कूल पर 2-2 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। आदेश के अनुसार, यह राशि 30 दिनों के भीतर जमा करनी होगी। जिला शिक्षा समिति की रिपोर्ट जिला शिक्षा समिति के अनुसार, इन स्कूलों ने कुल 48,000 से अधिक छात्रों से फीस के नाम पर अतिरिक्त राशि वसूली थी। जिन स्कूलों पर कार्रवाई हुई, उनमें शामिल हैं:     नचिकेता सीनियर सेकेंडरी स्कूल, विजय नगर: 10,865 बच्चों से 5.85 करोड़ रुपये।     स्मॉल वंडर सीनियर सेकेंडरी स्कूल: 18,541 बच्चों से 12.02 करोड़ रुपये।     सेंट जोसेफ कान्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल, रांझी: 18,498 बच्चों से 15.91 करोड़ रुपये। कलेक्टर ने क्या कहा जिला कलेक्टर दीपक सक्सेना ने बताया कि प्रशासन ने अब तक 28 स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई कर 219 करोड़ रुपये लौटाने के आदेश दिए हैं। इसके अलावा, प्रत्येक स्कूल पर 2 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। एक दर्जन स्कूल प्रबंधन से जुड़े 84 लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई है। यह कार्रवाई मध्य प्रदेश निजी विद्यालय अधिनियम के तहत की गई है। प्रशासन द्वारा अन्य स्कूलों की भी जांच जारी है, जिससे जल्द ही और दोषी स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की उम्मीद है। जिला शिक्षा अधिकारी घनश्याम सोनी ने बताया कि सेंट जोसेफ कॉन्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल (रांझी), स्मॉल वंडर सीनियर सेकेंडरी स्कूल (बलदेव बाग) और नचिकेता सीनियर सेकेंडरी स्कूल (विजय नगर) एक्शन लिया गया है। जांच के दौरान पाया गया कि मध्यप्रदेश निजी विद्यालय फीस और संबंधित विषयों का विनिमय अधिनियम 2017 के तहत गठित जिला समिति ने भी इन स्कूलों में अनियमितता पाई है। अधिनियम लागू होने के 90 दिन के भीतर वर्षों का लेखा – जोखा प्रस्तुत भी नहीं किया। दिसंबर 2020 में जब नियम लागू हुआ, तो ऑनलाइन पोर्टल पर हर साल की ऑडिट रिपोर्ट प्रस्तुत की जानी थी। जिला कार्यालय में भी जमा किया जाना थी। तीनों स्कूल प्रबंधन ने यह काम नहीं किया। शैक्षणिक वर्ष 2017-18 से लेकर 2020-21 को फीस में की गई बढ़ोतरी की जानकारी भी नहीं दी गई। इसके अलावा 10% तक फीस वृद्धि की जानकारी पोर्टल पर अपलोड नहीं की गई।   recent visitors 57