Sunday, July 5, 2026 5:04 pm

रामनवमी के अवसर पर प्रधानमंत्री तमिलनाडु का दौरा करेंगे और रामेश्वरम को मुख्य भूमि से जोड़ने वाले नए पंबन रेल पुल का उद्घाटन करेंगे

रामनवमी के अवसर पर प्रधानमंत्री तमिलनाडु का दौरा करेंगे और रामेश्वरम को मुख्य भूमि से जोड़ने वाले नए पंबन रेल पुल का उद्घाटन करेंगे प्रधानमंत्री तमिलनाडु में 8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न रेल और सड़क परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे और उन्हें राष्ट्र को समर्पित करेंगे प्रधानमंत्री रामेश्वरम-तांबरम (चेन्नई) नई ट्रेन सेवा को हरी झंडी दिखाएंगे भोपाल प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी 6 अप्रैल को तमिलनाडु का दौरा करेंगे। रामनवमी के अवसर पर, दोपहर करीब 12 बजे, वे भारत के पहले वर्टिकल लिफ्ट समुद्री पुल – नए पंबन रेल पुल का उद्घाटन करेंगे। श्री मोदी सड़क पुल से एक ट्रेन और एक जहाज को हरी झंडी दिखाएंगे और पुल के संचालन को देखेंगे। इसके बाद दोपहर करीब 12:45 बजे, वे रामेश्वरम में रामनाथस्वामी मंदिर में दर्शन और पूजा करेंगे। रामेश्वरम में दोपहर करीब 1:30 बजे वह तमिलनाडु में 8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न रेल और सड़क परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे और उन्हें राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इस अवसर पर वह जनसभा को भी संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री नए पंबन रेल पुल का उद्घाटन करेंगे और रामेश्वरम-तांबरम (चेन्नई) नई ट्रेन सेवा को हरी झंडी दिखाएंगे। इस पुल का सांस्कृतिक महत्व बहुत गहरा है। रामायण के अनुसार, राम सेतु का निर्माण रामेश्वरम के पास धनुषकोडी से शुरू हुआ था। रामेश्वरम को मुख्य भूमि से जोड़ने वाला यह पुल वैश्विक मंच पर भारतीय इंजीनियरिंग की उल्लेखनीय उपलब्धि के रूप में खड़ा है। इसे 550 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से बनाया गया है। इसकी लंबाई 2.08 किमी है, इसमें 99 स्पैन और 72.5 मीटर का वर्टिकल लिफ्ट स्पैन है जो 17 मीटर की ऊंचाई तक उठता है। इससे निर्बाध ट्रेन संचालन सुनिश्चित करते हुए जहाजों की सुचारू आवाजाही की सुविधा मिलती है। स्टेनलेस स्टील सुदृढीकरण, उच्च श्रेणी के सुरक्षात्मक पेंट और पूरी तरह से वेल्डेड जोड़ों के साथ निर्मित, पुल में अधिक स्थायित्व और कम रखरखाव की आवश्यकता है। इसे भविष्य की मांगों को पूरा करने के लिए दोहरी रेल पटरियों के लिए डिज़ाइन किया गया है। विशेष पॉलीसिलोक्सेन कोटिंग इसे जंग से बचाती है, जिससे कठोर समुद्री वातावरण में दीर्घायु सुनिश्चित होती है। प्रधानमंत्री तमिलनाडु में 8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न रेल और सड़क परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे और उन्हें राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इन परियोजनाओं में एनएच-40 के 28 किलोमीटर लंबे वालाजापेट-रानीपेट खंड को चार लेन का बनाने के कार्य का शिलान्यास और एनएच-332 के 29 किलोमीटर लंबे विलुप्पुरम-पुदुचेरी खंड को चार लेन का बनाने का काम, एनएच-32 का 57 किलोमीटर लंबा पूंडियनकुप्पम-सत्तनाथपुरम खंड और एनएच-36 का 48 किलोमीटर लंबा चोलापुरम-तंजावुर खंड शामिल हैं। ये राजमार्ग कई तीर्थस्थलों और पर्यटन स्थलों को जोड़ेंगे, शहरों के बीच की दूरी कम करेंगे और मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, बंदरगाहों तक तेज पहुंच सक्षम करेंगे। इसके अलावा ये स्थानीय किसानों को कृषि उत्पादों को नजदीकी बाजारों तक पहुंचाने और स्थानीय चमड़ा और लघु उद्योगों की आर्थिक गतिविधि को बढ़ावा देने में सशक्त बनाएंगे। recent visitors 18

इंदौर में हुई 36 मौतों में कोई दोषी नहीं, मामले में ट्रस्ट के दोनों पदाधिकारी बरी

इंदौर मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में 2 साल पहले हुए चर्चित बेलेश्वर बावड़ी हादसे में बड़ा अपडेट सामने आया है। 100 से अधिक लोगों में 36 लोगों की जान जान जाने का दर्दनाक हादसा हुआ था। हादसे में महादेव झूलेलाल मंदिर न्यास के अध्यक्ष सेवाराम गलानी और सचिव मुरली कुमार सबनानी को 22 मार्च 2024 को पुलिस ने अरेस्ट किया था। इस हादसे की दूसरी बरसी के कुछ दिनों बाद ही इंदौर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला सामने आया है। भारतीय दंड विधान की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या) के तहत दर्ज शिकायत में अरेस्ट हुए अध्यक्ष और सचिव को कोर्ट से बरी कर दिया है। एक साल तक चले ट्रायल के बाद गुरुवार को जिला कोर्ट ने दोषमुक्त कर दिया है। साथ ही पुलिस पर सही से जांच नहीं करने की बात कही। 33 लोगों की हुई गवाही बावड़ी हादसे में गलानी और सचवि सबनानी के लिए वकील राघवेंद्र सिंह बैस ने केस लड़ा। इस मामले में सुनवाई के दौरान 33 गवाह पेश किए गए। सुनवाई में यह सामने आया कि आसपास रहने वालों के साथ ही अन्य लोगों को भी यह नहीं पता था कि नीचे बावड़ी है। इन हालातों में मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों की कोई गलती नहीं है। कोर्ट ने कहा कि ऐसे में अध्यक्ष और सचिव को बिना वजह आरोपी बनाया गया। इस बारे में जानकारी देते हुए बचाव पक्ष के एक वकील राघवेंद्र सिंह बैस ने मीडिया कर्मियों को बताया कि इस केस का फैसला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ने सुनाया, जिन्होंने बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष सेवाराम गलानी और सचिव मुरली कुमार सबनानी को भारतीय दंड विधान की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या), धारा 323 (जान-बूझकर चोट पहुंचाना) और धारा 325 (जान-बूझकर गंभीर चोट पहुंचाना) के आरोपों से मुक्त कर दिया। उन्होंने कहा,‘अदालत ने मेरे दोनों मुवक्किलों को सबूतों के अभाव में आरोपों से बरी किया।’ बैस के मुताबिक अभियोजन पक्ष ने उनके दोनों मुवक्किलों पर आरोप साबित करने के लिए अदालत में कुल 33 गवाह पेश किए थे जिनमें कुछ सरकारी अधिकारी भी थे। बचाव पक्ष के वकील बैस ने बताया कि गवाहों में शामिल इंदौर विकास प्राधिकरण के एक अधिकारी ने अदालत में बयान दिया कि हादसे से जुड़ी बावड़ी सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज ही नहीं है। बचाव पक्ष के वकील ने कहा कि मामले की सुनवाई के दौरान इंदौर नगर निगम के कर्मचारियों ने भी इस बावड़ी को लेकर अनभिज्ञता जताई, जबकि निगम का एक कार्यालय घटनास्थल के एकदम पास स्थित है। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर का फर्श 30 मार्च 2023 को रामनवमी के मौके पर हो रहे हवन-पूजन के दौरान ढह गया था। इस दौरान फर्श के नीचे बनी बावड़ी में गिरकर 21 महिलाओं और दो बच्चों समेत 36 लोगों की जान चली गई थी। प्रशासन ने हादसे के चार दिन बाद 3 अप्रैल 2023 को बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर के देवी-देवताओं की मूर्तियां अन्य देवस्थान में पहुंचाई थीं। इसके बाद आम लोगों की सुरक्षा का हवाला देते हुए बेलेश्वर महादेव झूलेलाल मंदिर को ढहा दिया था। और भीषण हादसे की गवाह रही बावड़ी को मलबा डालकर हमेशा के लिए बंद कर दिया था।   recent visitors 31

ऊर्जाधानी में अवैध शराब का कारोबार, अवैध कारखाने में दबिश देकर पुलिस ने 860 लीटर महुआ शराब की जब्त

कोरबा ऊर्जाधानी में अवैध शराब का कारोबार थमने का नाम ही नहीं ले रहा है. जहां खाली जगह देखी नहीं वहां महुआ शराब बनाने की अवैध कारखाना खड़ा कर दे रहे हैं. ऐसे ही नाला किनारे चल रहे अवैध कारखाने में दबिश देकर पुलिस ने 860 लीटर महुआ शराब जब्त किया. मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, वहीं चार आरोपी मौके से फरार हो गए, जिनकी तलाश की जा रही है. बताया जा रहा है कि देवलापाठ इलाके में काफी लंबे समय से एक गिरोह नाला किनारे अवैध रूप से महुआ शराब बनाकर आसपास इलाकों में सप्लाई कर रहा था. उरगा थाना प्रभारी राजेश तिवारी ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर छापा मारा गया. पुलिस को आते देख कुछ लोग भाग गए, एक पकड़ा गया है. मामले में राजू धनवार को गिरफ्तार किया गया है, जबकि गजेंद्र धनवार, शिव धनवार, सरोज धनवार और सुखलाल धनवार फरार हो गए. मौके से पुलिस ने 5 बाइक और भारी मात्रा में महुआ लहान समेत 90 हजार रुपए कीमत का 860 लीटर महुआ शराब जब्त किया. बरामद महुआ लहान सहित शराब बनाने वाले सामान और भट्टी को नष्ट किया. उरगा थाना इलाके में इससे पहले भी कई बार चिकनीपाली गांव में पुलिस ने छापा मार कर नाला किनारे भारी मात्रा में महुआ शराब जब्त किया था, वहीं बरामद महुआ लहान को नष्ट किया गया था. इसके बावजूद भी महुआ शराब बनाने वालों के हौसले बुलंद हैं, और नाला किनारे महुआ शराब बनाकर आसपास बेचा जा रहा था, जिसकी शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई की. recent visitors 22

एमपी में 900 करोड़ का एंबुलेंस घोटाला! कांग्रेस नेता जयवर्धन सिंह का सनसनीखेज खुलासा, जानें क्या कहा?

Ambulance scam 900crore in MP

Ambulance scam 900crore in MP ! Sensational disclosure by Congress leader Jaivardhan Singh, know what he said? Ambulance scam of Rs 900 crore in MP भोपाल ! Ambulance scam 900crore in MP कांग्रेस विधायक और पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने मध्य प्रदेश सरकार में एक बड़े घोटाले का पर्दाफाश करने का दावा किया। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया है कि वह पिछले ढाई साल में दो हजार एंबुलेंस के लिए 900 करोड़ रुपये का भुगतान कर चुकी है, जो एक बड़े भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है। इस मामले को गंभीर बताते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ढाई साल में एंबुलेंस के लिए किराये के तौर पर छत्तीसगढ़ की एक निजी कंपनी को जो पैसा दिया है, वह एंबुलेंस की कीमत से तीन गुना ज्यादा है। जयवर्धन सिंह ने कहा कि हर सरकार का दायित्व होता है कि राज्य में चिकित्सा सुविधाओं पर नियंत्रण हो और उसकी गुणवत्ता अच्छी हो। मैंने विधानसभा में एक सवाल पूछा था कि एंबुलेंस के लिए प्रदेश सरकार ने अब तक कितना भुगतान किया है। मुझे जानकारी मिली कि पिछले ढाई साल में छत्तीसगढ़ की एक निजी कंपनी जय अम्बे इमरजेंसी सर्विसेज को 900 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। इस कंपनी के पास करीब दो हजार एंबुलेंस हैं और इसका औसत किराया प्रति एंबुलेंस 45 लाख रुपये दिया गया है। एनएचएम के तहत मिलने वाले पैसों का गलत इस्तेमाल उन्होंने कहा कि अगर आप इसकी तुलना करें तो एक पूरी तरह से सुसज्जित एंबुलेंस, जिसमें हर आधुनिक उपकरण जैसे वेंटिलेटर और ऑक्सीजन की व्यवस्था हो, उसकी अधिकतम कीमत 20 लाख रुपये होती है। लेकिन, यहां सरकार 45 लाख रुपये किराये के रूप में भुगतान कर चुकी है। यह सीधा-साधा भ्रष्टाचार और सरकारी धन का दुरुपयोग है। यह सब राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत मिलने वाले केंद्र सरकार के पैसों का गलत इस्तेमाल है। कम से कम 600 से 700 करोड़ रुपये का भ्रष्टाचार हुआ है। इसमें भाजपा के दलाल, कुछ सरकारी अधिकारी और यह छत्तीसगढ़ी निजी कंपनी शामिल हैं, जिन्होंने सरकारी पैसों का गबन किया है। इस पैसे को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रयोग किया जाना चाहिए था, जिससे लाखों बच्चों और गर्भवती महिलाओं की मदद हो सकती थी। Read more: Ladli Laxmi Yojana: मध्य प्रदेश के कई जिलों में लाड़ली लक्ष्मी योजना के लिए बजट ही नहीं कंपनी को जारी किए गए थे 40 नोटिस उन्होंने इस घोटाले के कई उदाहरण भी पेश किए। उन्होंने कहा कि गुना से एक बच्चा भोपाल इलाज के लिए जा रहा था, लेकिन रास्ते में ऑक्सीजन खत्म हो गया और बच्चे की मौत हो गई। ऐसे कई मामले सामने आए हैं। जयवर्धन सिंह ने यह भी बताया कि जय अम्बे कंपनी के खिलाफ 40 से अधिक नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन सरकार ने इसके बावजूद इस कंपनी को पूरा भुगतान किया। Ambulance scam 900crore in MP दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो कांग्रेस विधायक ने बताया कि वह इस मामले में लोकायुक्त और आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (ईओडब्ल्यू) में शिकायत करने का निर्णय ले चुके हैं। उन्होंने कहा, “मैंने तय किया है कि मैं इस मामले में लोकायुक्त और ईओडब्ल्यू में शिकायत करूंगा ताकि इस पूरे घोटाले की जांच हो सके। जिन लोगों ने सरकारी पैसों का दुरुपयोग किया है, उन्हें सजा मिलनी चाहिए और इस घोटाले में शामिल हर व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। यह घोटाला एक बड़े खेल का हिस्सा है, जिसे पूरी तरह से उजागर किया जाना चाहिए ताकि सरकारी पैसों का सही उपयोग हो सके और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार हो। recent visitors 91

राजस्थान में भीषण गर्मी का प्रकोप, बाड़मेर और जैसलमेर, हीट वेव का अलर्ट जारी

जयपुर राजस्थान में भीषण गर्मी ने अपना प्रकोप दिखाना शुरू कर दिया है। पश्चिमी राजस्थान में बाड़मेर और जैसलमेर देश के सर्वाधिक गर्म स्थानों में शामिल हो गए हैं। गुजरात के सुंदरनगर के बाद बाड़मेर दूसरे नंबर पर देश में सबसे गर्म इलाका दर्ज किया गया है। यहां पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री दर्ज किया गया है। वहीं मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 3 दिनों तक न्यूनतम व अधिकतम तापमान में 4 डिग्री का इजाफा हो सकता है। यानी अप्रेल में राजस्थान में अधिकतम तापमान 45 डिग्री के भी पार जा सकता है। जयुपर मौसम केंद्र ने 6 अप्रेल को बाड़मेर, जैसलमेर और इनके आसपास के इलाकों में जबरदस्त हीटवेव चलने की चेतावनी भी जारी की है। वहीं 7 अप्रेल के लिए भी भीलवाड़ा, जोधपुर, बीकानेर, बाड़मेर और जैसलमेर में हीट वेव का अलर्ट जारी किया गया है।   पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से चला अंधड़ इधर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राजधानी जयपुर सहित कई शहरों में कल देर शाम अंधड़ चला। हालांकि मौसम विभाग ने जयपुर सहित कई जगहों पर ओलावृष्टि की चेतावनी दी थी।  प्रदेश में बीते 24 घंटों में तापमान की स्थिति इस प्रकार रही।  प्रदेश के ज्यादातर शहरों में अधिकतम तापमान व न्यूनतम तापमान का स्तर सामान्य औसत से उपर बना हुआ है। सर्वाधिक तापमान बाड़मेर में 42.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं निम्नतम न्यूनतम तापमान संगरिया में 14.1 डिग्री रहा। प्रदेश के अन्य शहरों में तापमान की स्थिति इस प्रकार रही। प्रदेश के अधिकांश शहरों में हवा में आर्द्रता की मात्रा 10 से 30 प्रतिशत के बीच रही। अजमेर में अधिकतम तापमान 36.9 व न्यूनतम 21.2 डिग्री रहा। अलवर में अधिकतम तापमान 39 व न्यूनतम तापमान 12.5 डिग्री रहा।  जयपुर में अधिकतम 36.2 व न्यूतनम 24 डिग्री रहा। पिलानी में अधिकतम 38.3 व न्यूनतम 19 डिग्री रहा। सीकर में अधिकतम 37 व न्यूनतम 20.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा में अधिकतम 39.7 व न्यूनतम 22 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं चित्तोड़गढ़ में अधिकतम तापमान 38.9 डिग्री व न्यूनतम 20.3 डिग्री दर्ज किया गया। recent visitors 43

मऊगंज में सनसनीखेज मामला, पिता और दो बच्चे फंदे पर लटके थे; बदबू आने पर हुआ खुलासा

मऊगंज  मध्य प्रदेश के मऊगंज के गडरा गांव में एक घर के अंदर पिता और दो बच्चों की लाशें मिली हैं। घर के आस-पास रहने वालों को बदबू आ रही थी, उन्होंने पुलिस बुलवाकर दरवाजा तोड़ा तो अंदर कई दिनों पुरानी तीन लाशें मिलीं। इस घटना के बाद वहां ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। ये लाशें अवसेरी साकेत उम्र 60 वर्ष सहित उसकी 12 वर्षीय बेटी मूलर साकेत और 8 वर्षीय बेटे लाली साकेत की बताई जा रही हैं। तीनों की मौत कैसे और किन परिस्थितियों में हुई या स्पष्ट नहीं हो सका है। फिलहाल घटनास्थल पर फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया है और मौका मुआयना कर शवों को कब्जे में लेकर पीएम के लिए अस्पताल भेजने की तैयारी की जा रही है। दो बच्चों के साथ रहते थे अवसेरी की पत्नी का पहले निधन हो चुका है औरे वे अपने दोनों बच्चों के साथ रहते थे। घटना की सूचना मिलने के बाद कलेक्टर संजय कुमार जैन के साथ पुलिस एसपी दिलीप कुमार भी गडरा गांव पहुंच गए हैं। रीवा से फॉरेंसिक की टीम को घटनास्थल की जांच करने के लिए बुलाया गया है। पुलिस आस-पास के लोगों से पूछताछ कर पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घर कब से बंद था और उन्होंने औसेरी और उसके बच्चों को आखिरी बार कब देखा था। गांव में मचा हड़कंप गडरा गांव में एक साथ पिता बेटी और बेटे की लाश से मिलने के बाद हड़कंप मच गया है। सूचना मिलते ही कलेक्टर एसपी सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गया था। बता दें की यह वही गांव है जहां बीते कुछ दिन पूर्व एक शख्स की हत्या के बाद ग्रामीणों का आक्रोश इस कदर फूटा था कि उन्होंने पुलिस बल के ऊपर हमला कर दिया। हमले में एक एएसआई की मौत हो गई थी, जिसके बाद से यह गांव पुलिस छावनी में तब्दील रहा। इनकी मौत कैसे और किन परिस्थितियों में हुई है यह साफ नहीं हो सका है। सभी शव डीकंपोज हो चुके हैं और दुर्गंध आने लगी है। फिलहाल स्थानीय जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और घटना के कारणों का पता लगाने सहित मामले की जांच के निर्देश दिए है। इधर विवादित गांव में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत की लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है और मामले को गांव में हुई पूर्व की घटना से भी जोड़कर देखा जा रहा है। recent visitors 21

रायपुर : एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत् राज्यपाल श्री रमेन डेका ने लगाए रूद्राक्ष के पौधे

रायपुर छत्तीसगढ़ के राज्यपाल श्री रमेन डेका ने सुकमा जिले के कलेक्ट्रेट परिसर में एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत रुद्राक्ष के पौधे लगाए। इस दौरान उन्होंने  पर्यावरण संरक्षण और धरती को हरा-भरा बनाने सभी को अपने आसपास पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया। recent visitors 26