कांग्रेस ने हमेंशा से डॉ भीमराव अंबेडकर का करती रही अपमान, रैली से पूर्व माफी मांगे : विधायक सप्रे

सुशील दामले (विशेष संवाददाता) भोपाल। भाजपा ने हमेशा से डॉ भीमराव अंबेडकर का सम्मान किया है, जबकि कांग्रेस बाबा साहब की हमेशा से विरोधी रही है। जय भीम, जय बापू, जय संविधान” को लेकर विदिशा जिले की कुरवाई विधानसभा से भाजपा के विधायक हरिसिंह सप्रे ने कांग्रेसियों को डॉक्टर भीमराव अंबेडकर से माफी मांगने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने एक बार नहीं, बल्कि कई बार बाबा साहब का अपमान किया है। कांग्रेस उनके नाम का इस्तेमाल करके राजनीतिक रोटियां सेंकती रही, लेकिन उनका कभी सम्मान नहीं किया। वहीं भाजपा ने डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के नाम को अमर बनाने के लिए जहां-जहां डॉक्टर अंबेडकर के चरण पड़े, उन स्थानो को ऐतिहासिक स्थल बनाया है। भाजपा सबका विकास-सबका साथ के सिद्धांत पर चलती है, जबकि कांग्रेस सिर्फ अपने परिवार के नाम पर ही सब कुछ करती है। Read more: MP CONGRESS PRESIDENT JITU PATWARI बोले- ‘कैंसर की तरह है गुटबाजी, इसे…’ विधायक सप्रे ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के कार्यकाल में महू को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया गया था। अब वहाँ हर साल बड़ी संख्या में डॉ आंबेडकर के अनुयायी के अलावा विभिन्न राजनीतिक दलों के लोग पहुंचते हैं। यानि 14 अप्रैल और 6 दिसम्बर को डॉ साहब के सम्मान में मेला लगता है। कांग्रेस बताए कि उसने क्या किया है? यहीं नहीं पूर्व सीएम शिवराज ने महू में डॉ भीमराव अंबेडकर के नाम से एक विश्वविद्यालय की स्थापना भी की है, जिसमें हजारों बच्चे बाबा साहब के जीवन पर शोध और अध्ययन कर रहे हैं। ऐसे अनेकों काम भाजपा ने अंबेडकर साहब के सम्मान में किए हैं। कांग्रेस सिर्फ वोट बैंक की राजनीति कर दलित हितैषी बनने का ढोंग रचकर सत्ता हासिल करना चाहती है। उन्होंने कहा कि इतिहास पढ़ कर देख लीजिए कांग्रेस ने कभी बाबा साहब को सम्मान के लायक नहीं समझा है। कांग्रेस को महू में डॉ भीमराव अंबेडकर की जन्मस्थली पर रैली करने का कोई अधिकार ही नहीं है। उसे तो बारम्बार डॉ साहब से माफी मांगना चाहिए। उस पवित्र स्थल को भाजपा ने ही विकसित कर हम सभी के लिए आस्था का केंद्र बनाया है। विधायक सप्रे ने कहा कि मैं भी एक दलित वर्ग से आता हूं। मैं उनके संविधान के कारण ही आज विधायक बना हूं। मेरा दलित भाइयों से आग्रह है कि कांग्रेस के बहकाबे में ना आए। recent visitors 139

MP CONGRESS PRESIDENT JITU PATWARI बोले- ‘कैंसर की तरह है गुटबाजी, इसे…’

CONGRESS PRESIDENT JITU PATWARI इन दिनों मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ रैली को लेकर पूरे राज्य में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को महू आने का निमंत्रण दे रही है. प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी खुद कई विधानसभाओं में जाकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आमंत्रित कर रहे हैं. इस दौरान वे गुटबाजी छोड़ने का भी आह्वान कर रहे हैं. ऐसा ही कुछ जोशीला बयान पटवारी ने मनावर में भी दिया. पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने मनावर में कांग्रेस के कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधित करते हुए कहा, “अब गुटबाजी छोड़कर कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए आगे बढ़ना होगा”. उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर तक कांग्रेस के संगठन को मजबूत करना पड़ेगा. इसमें ग्राम पंचायत स्तर तक कांग्रेस कमेटी का गठन होना चाहिए. जीतू पटवारी ने कहा कि आने वाले 4 साल तक अगर कांग्रेस के कार्यकर्ता और नेता बिना छुट्टी लिए संगठन का काम करते हैं तो एमपी में आने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार को सत्ता में आने से कोई नहीं रोक सकता है. पटवारी ने मनावर के साथ-साथ कुक्षी और बड़वानी में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक लेकर उन्हें महू आने का आमंत्रण दिया. ‘कांग्रेस में ‘कैंसर’ की तरह है गुटबाजी’- जीतू पटवारीजीतू पटवारी ने गुटबाजी को कांग्रेस का ‘कैंसर’ बताया है. इस पर बीजेपी प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने पलटवार किया है और कहा कि हम लगातार कांग्रेस में गुटबाजी होने का दावा कर रहे हैं, जिसे कांग्रेस झुठलाती आ रही है. अब जीतू पटवारी खुद कांग्रेस में गुटबाजी को कैंसर बता रहे हैं. जीतू पटवारी ने बीजेपी कार्यकर्ता का दिया उदाहरण प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि बीजेपी का छोटा सा छोटा कार्यकर्ता गांव की चौपाल पर चार लोगों को बीजेपी के समर्थन में आगे बढ़ाने के लिए सफलतापूर्वक समझाइश दे देता है. जब विकास की बात होती है तो गांव और विधानसभा से लेकर प्रदेश और देश तक बात नहीं बनती है, तो बीजेपी कार्यकर्ता पाकिस्तान से अफगानिस्तान तक चर्चा करता है. इसी तरह कांग्रेस को भी अपना संगठन मजबूत करते हुए अपनी विचारधारा को लोगों तक पहुंचाना है. Read more: कुत्ते ने जिला उपाध्यक्ष समेत 35 लोगों को काटा: जिला अस्पताल में नहीं मिली वैक्सीन; लोगों ने जताई नाराजगी हर गांव हर बूथ से एक गाड़ी जरूरी- पटवारी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने मनावर में यह भी कहा कि एक गांव से दो गाड़ी की आवश्यकता नहीं है बल्कि हर एक पोलिंग बूथ और एक गांव से एक ही गाड़ी महू पहुंचनी चाहिए. इसके पीछे उन्होंने तर्क दिया कि गांव-गांव तक रैली का संदेश पहुंचाना चाहिए, इसलिए हर गांव से एक गाड़ी लानी जरूरी है. बीजेपी संगठन की बराबरी करने में कई जन्म लगेंगे- बीजेपी भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता राजपाल सिंह सिसोदिया के मुताबिक, कांग्रेस नेताओं को यह बात समझ लेनी चाहिए कि बीजेपी संगठन के बराबरी करने में कांग्रेस नेताओं को कई जन्म लेने पड़ेंगे. सिसोदिया ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को भी यह बात समझ में आ गई है कि बीजेपी का संगठन काफी मजबूत और बड़ा है. यही वजह है कि वे अपने हर सभा में भाजपा के संगठन की मजबूती को लेकर बयान दे रहे हैं. recent visitors 142

क्या पट्टा धारकों की सम्पत्ति का पट्टा रिन्यूअल करेंगे मुख्यमंत्री और भाजपा सरकार।

Will the Chief Minister and the BJP government renew the lease of the property of the lease holders? भोपाल। मप्र में अर्जून सिंह सरकार समय तथा दिग्विजय सिंह सरकार समय लाखों लोगों को देकर आशियाने के अधिकार वैधानिक रूप में दिए। दिग्विजय सिंह शासन काल में तो पति-पत्नी को संयुक्त रुप से दिया गया था। पट्टो का नवीनीकरण किया जाना है, पट्टों में नामांतरण किया जाना है क्योंकि मूल पट्टे धारक की मृत्यु होने पर उसके वारिसों के नाम चढ़ना है,,, पंरतु भाजपा सरकार जो मप्र में सन् 2003 से काबिज हैं उसके व्दारा इस बाबद प्रशासनिक अधिकारियों व्दारा तैयारी धरातल पर नहीं कि जा रही है। सन् 1980 और 1994 के समय दिये गये पट्टो की समयावधि 30साल की थी इस प्रकार 1980 के पट्टो की समयावधि 2010 में तो 1994 के 2024 में समाप्त हो चुकी है। डॉ मोहन यादव मुख्यमंत्री बताए क्या इन पट्टे धारकों को सरकार ध्यान देकर कानूनी मान्यता देगी। क्या कांग्रेस सरकार की सौगात समझकर भाजपा कदम नहीं उठा रही। क्या ये सब भारत के नागरिक नहीं है। लेखक  प्रमोद कुमार व्दिवेदी एड्वोकेट प्रवक्ता मप्र कांग्रेस कमेटी recent visitors 111

कुत्ते ने जिला उपाध्यक्ष समेत 35 लोगों को काटा: जिला अस्पताल में नहीं मिली वैक्सीन; लोगों ने जताई नाराजगी

Dog bites 35 people including BJP leader: Vaccine not available in Chhatarpur district hospital; People expressed anger कुत्ते के काटने के बाद अचानक से जिला हॉस्पिटल में लोगों की भीड़ लग गई। छतरपुर । छतरपुर में एक कुत्ते ने एक ही दिन में भाजपा के जिला उपाध्यक्ष समेत करीब 35 लोगों को काट लिया। इनमें बच्चे, युवा और बुजुर्ग शामिल हैं। कुत्ते ने रविवार दोपहर 2 बजे से रात 8 बजे के बीच इन सभी को काट कर जख्मी कर दिया। जिसके बाद सभी जिला अस्पताल में इलाज कराने पहुंचे। जिला अस्पताल में वैक्सीन नहीं मिलने पर लोगों ने नाराजगी जताई। इधर, नगर निगम की टीम कुत्ते को पड़ने निकली है। अभी तक कुत्ता पकड़ा नहीं जा सका है। बीजेपी दफ्तर के बाहर पार्टी के जिला उपाध्यक्ष को काटा भाजपा जिला अध्यक्ष चंद्रभान सिंह गौतम रविवार शाम को पार्टी कार्यालय में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर रहे थे। बैठक का बाद जब रात करीब 8 बजे भाजपा जिला उपाध्यक्ष अशोक दुबे कार्यालय से बाहर निकले, तभी सफेद रंग के एक कुत्ते ने उन्हें काट लिया। भाजपा जिला अध्यक्ष और अन्य कार्यकर्ता तुरंत उन्हें जिला अस्पताल ले गए, जहां उनका प्राथमिक इलाज किया गया। अस्पताल में नहीं मिली रैबीज की वैक्सीन, बाहर से खरीदी जिला अस्पताल में रैबीज की वैक्सीन नहीं थी। जिसके बाद सभी पीड़ितों को मजबूरी में बाहर से वैक्सीन खरीदकर लगवानी पड़ी। अस्पताल में वैक्सीन नहीं मिलने पर भाजपा के जिला अध्यक्ष चंद्रभान सिंह गौतम ने नाराजगी जताई। पठापुर रोड के निवासी राघवेंद्र सिंह बुंदेला ने बताया कि उन्हें तलैया के पास कुत्ते ने जांघ में काटा था, डॉक्टरों ने उन्हें भी बाहर से वैक्सीन खरीदने की सलाह दी। सिविल सर्जन डॉ. जीएल अहिरवार ने बताया- सभी को वैक्सीन लगवाई जा रही है। वैक्सीन सेंटर खुलवा कर रैबीज की वैक्सीन उपलब्ध कराई गई है। recent visitors 233

Delhi Election 2025: केजरीवाल के इशारों पर लड़कों पर चढ़ाई गई गाड़ी, BJP प्रत्याशी प्रवेश वर्मा ने किया दावा

Delhi Election 2025: नई दिल्ली विधानसभा सीट से बीजेपी प्रत्याशी प्रवेश वर्मा ने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर बड़ा आरोप लगाया है। बीजेपी प्रत्याशी ने दावा किया है कि अरविंद केजरीवाल के इशारों पर तीन लड़कों को गाड़ी से टक्कर मारी गई। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को मामले की शिकायत भेज दी है और लड़के भी पुलिस से शिकायत करेंगे। बीजेपी प्रत्याशी प्रवेश वर्मा ने दावा किया है कि AAP प्रत्याशी अरविंद केजरीवाल जिस गाड़ी में बैठे थे, उसी गाड़ी ने तीन युवाओं को टक्कर मारी। तीनों युवाओं ने कहा कि ड्राइवर ने देखा कि हम उनकी गाड़ी के आगे चल रहे हैं तो उसने ब्रेक मार दिए। लेकिन अरविंद केजरीवाल ने इशारा किया कि गाड़ी चढ़ा दो। केजरीवाल के इशारे के बाद ड्राइवर ने आगे चढ़ाया और तीनों लड़कों के पैर में चोट लगी। AAP ने केजरीवाल की कार पर पत्थर फेंकने का BJP पर लगाया आरोप बता दें कि नई दिल्ली विधासनभा सीट से AAP प्रत्याशी अरविंद केजरीवाल की कार पर शनिवार को चुनाव प्रचार के दौरान ईंट-पत्थर से हमला किया गया। AAP ने एक्स पर हमले का वीडियो शेयर करते हुए बीजेपी प्रत्याशी प्रवेश वर्मा पर आरोप लगाया था। एक्स पर वीडियो शेयर करते हुए AAP ने लिखा अपनी हार सामने देख बौखला गई है BJP‼️ बीजेपी उम्मीदवार प्रवेश वर्मा ने अपने गुंडे भेजकर अरविंद केजरीवाल पर जानलेवा हमला कराया। इस दौरान जनता ने केजरीवाल की जान बचाई। बीजेपी और उसके गुंडे ध्यान से सुन लें, हम भगत सिंह जी के चेले हैं, हम तुम्हारी गुंडई और हमलों से डरने वाले नहीं हैं। 20 हजार वोटों से हारेंगे केजरीवाल बीजेपी प्रत्याशी प्रवेश वर्मा ने रविवार को दावा किया कि नई दिल्ली विधानसभा सीट से अवरिंद केजरीवाल 20 हजार वोटों से चुनाव हारेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि नई दिल्ली विधानसभा सीट से अरविंद केजरीवाल पिछले एक महीने से बाहर नहीं निकले हैं, जो व्यक्ति 11 साल सीएम रहा है उसे आज डोर टू डोर कैंपेन करना पड़ रहा है। नई दिल्ली विधानसभा सीट से प्रत्याशी है प्रवेश वर्मा बता दें कि नई दिल्ली विधानसभा सीट से बीजेपी ने प्रवेश वर्मा को उतारा है। वहीं दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल भी इसी सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। कांग्रेस ने इस सीट से संदीप दीक्षित को उम्मीदवार बनाया है। नई दिल्ली सीट से केजरीवाल के खिलाफ प्रवेश वर्मा और संदीप दीक्षित के चुनाव लड़ने से यहां पर मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है। इसी बीच बीजेपी प्रत्याशी प्रवेश वर्मा ने दावा किया है कि अरविंद केजरीवाल नई दिल्ली विधानसभा सीट से 20 हजार वोटों से चुनाव हार रहे हैं। 5 फरवरी को होगा मतदानबता दें कि दिल्ली में 70 विधानसभा सीटें है। इन सभी सीटों पर एक ही चरण में 5 फरवरी को मतदान होगा और 8 फरवरी को परिणाम घोषित होंगे। विधानसभा चुनाव 2020 में आम आदमी पार्टी को 62 सीटें मिली थी और बीजेपी ने 8 सीटों पर जीत हासिल की थी। कांग्रेस का इस चुनाव में खाता भी नहीं खुला था। वहीं अरविंद केजरीवाल पर बीजेपी नेता अनुराग ठाकर ने साधा निशाना [/more] recent visitors 194

भाजपा सरकार का नया कौतुक,,, धारणा प्रमाण पत्र।

BJP government’s new prodigy,,, perception certificate. भोपाल। आज 261 गांवो में 61900 से अधिक भु अधिकार पुस्तिका बांटी गई है। सवाल उठता है क्या मुख्यमंत्री यह बताएंगे कि यह रहवासी क्षेत्रों ने सरकारी जमीनों पर मकान बनाया,,, क्या मप्र में या देश में भुराजस्व संहिता नहीं है, क्या संपत्तियों का पंजीयन रजिस्ट्रेशन एक्ट 1908 के लागू होने से पहले से चल रहा। स्टाम्प एक्ट 1899 से चलन में है। गांव आजादी के पहले से बसे हुए हैं। पिंडियों से लोग रह रहे। परिवार की पिंडियों से रेवेन्यू रिकार्ड, पंचायत अधिनियम अंतर्गत गांव की पंचायत में, जिला प्रशासन के रिकार्ड में नाम दर्ज है। डॉ मोहन यादव को पता ना हो कि मप्र में पंचायत सर्टिफिकेट, सम्पतिकर रसीद या अन्य दस्तावेज से नाम मात्र के शुल्क पर सहस्वामित्व दस्तावेज पंजीयन करवाने का विधान 2003 से कांग्रेस सरकार ने बनाया दिग्विजय सिंह सरकार ने महिलाओं खातिर बडी सौगात दी,, पत्नी, बेटी,बहु के नाम 1फीसदी स्टाम्प शुल्क तथा रसीद पर सम्पत्ति के दस्तावेज सहस्वामित्व दस्तावेज रुप में व्यवस्था की,,,यह जरूर हुआ भाजपा सरकार ने इस योजना को खत्म नहीं किया परंतु स्टाम्प ड्यूटी पिछले दरवाजे से नगरनिगम पंचायत की बसूली। फिर सरकार ने बिजली बिल आधार पर भी दस्तावेज पंजीयन करने का कायदा कानून बनाया। कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने महिलाओं, बेटी, पत्नी को संपत्ति में भागीदारी सुनिश्चित करने खातिर सहस्वामित्व दस्तावेज पर स्टाम्प ड्यूटी 1000 तथा पंजीयन शुल्क 100 कर दिया तथा यह भी स्पष्ट किया कि नगरनिगम पंचायत आदि ड्यूटी भी नहीं लगेगी फलस्वरूप हजारों दस्तावेज पंजीयन होने लगे। इंदौर में भी हुवे,,, नामांतरण भी तहसीलदार तथा नगरनिगम कार्यालय में पंचायत, स्थानीय निकायों में होने लगे। कांग्रेस सरकार के तात्कालीन वाणिज्य एवं वित मंत्री बृजेन्द्र सिंह राठौड़ ने 23 जनवरी 2020 को सैकड़ों महिलाओं को सहस्वामित्व दस्तावेज नीजि आयोजन में कलेक्टर कार्यालय पास आयोजित कार्यक्रम में किया। भाजपा सरकार ने पुनः सत्ता में आने के बाद इस योजना पर अंडगे लगाऐं,अधिकांश स्थानीय निकाय पर भाजपा काबिज है तो उसने अघोषित रूप से नामांतरण रोका, इंदौर में भी हजारों महिलाएं परेशान हैं नगरनिगम नामांतरण नहीं करता। व्दिवेदी ने सवाल उठाया अगर संपत्ति स्वामी नहीं थे इन 261 गांवो के 62000 नागरिकों पास तो फिर मतदाता सूची में किस आधार पर नाम शामिल किए गए,, मतदाता बनने खातिर स्वामित्व या रहवासी होने का सर्टिफिकेट चाहिए तो क्या था इनके पास,,, सरकारी सुख सुविधा राशन आदि कैसे मिलता रहा। अवैध रूप से ये रहने वाले नहीं थे,,, फिर इस योजना की पात्रता  के लिए सरकार बताए क्या आधार रखा गया। मप्र कांग्रेस कमेटी  ने सवाल उठाया कि कानूनी सवाल है, सवाल चलन वाली योजनाओं का फायदा इन्होंने कैसे पाया। सवाल मप्र के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से है कि सहस्वामित्व दस्तावेज अगर गलत है तो बैंकों ने ऋण कैसे देती है। कांग्रेस ने डॉ मोहन यादव से भी सवाल किया, तो केंद्र सरकार से भी,कि बताएं कि फिर ये मतदाता कैसे बने आधार क्या  लेखक  प्रमोद कुमार व्दिवेदी एड्वोकेट प्रवक्ता मप्र कांग्रेस कमेटी मप्र recent visitors 145

बुंदेलखंड में सियासी घमासान, विधायक बोले मेरी जान को खतरा

DAMOH BJP INTERNAL POLITICS दमोह ! भाजपा का गढ़ माने जाने वाले बुंदेलखंड को मानो किसी की नजर लग गई है. दरअसल यहां पार्टी की गुटबाजी और आपसी खींचतान सतह पर आ गई है. सागर में दिग्गज नेताओं के बीच खींचतान और आरोप प्रत्यारोप लग रहे थे अब ये दमोह जिले में भी दिखाई दे रहा है. यहां अनुसूचित जाति की 3 बार की विधायक उमादेवी खटीक ने पार्टी के पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने पुलिस में शिकायत कर अपनी जान का खतरा बताया है. उन्होंने पार्टी और मुख्यमंत्री से भी शिकायत की है. जनपद अध्यक्ष पद के उपचुनाव से जुड़ा है मामलादरअसल पिछले हफ्ते हटा जनपद पंचायत अध्यक्ष पद का उपचुनाव हुआ था, क्योकिं हटा जनपद पंचायत के अध्यक्ष इंद्रपाल पटेल को 2018 के देवेन्द्र चौरसिया हत्याकांड में अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी. इस आधार पर उन्हें पद से हटा दिया गया था. जनपद अध्यक्ष पद के उपचुनाव के दौरान सत्ताधारी दल भाजपा दो धड़ में बंटा नजर आया. एक तरफ हटा से भाजपा की लगातार 3 बार से विधायक उमादेवी खटीक थी तो दूसरी तरफ भाजपा से दमोह के पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शिवचरण पटेल थे. दोनों प्रत्याशियों को मिले थे 8-8 वोटभाजपा विधायक उमादेवी खटीक ने अध्यक्ष पद के लिए शैलेष पटेल का समर्थन किया तो पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शिवचरण पटेल ने गंगाराम पटेल का समर्थन किया. दिन भर चली चुनाव प्रक्रिया में ऐसे कई मौके आए जब भाजपा के ही दोनों गुट एक दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप लगाते रहे और एक दूसरे के खिलाफ नारेबाजी करते रहे. इस दौरान हटा विधायक उमादेवी खटीक के मुर्दाबाद के नारे लगे उधर उपचुनाव में हुई वोटिंग में दोनों प्रत्याशियों को 8-8 वोटें मिलने से मुकाबला बराबरी पर छूटा. ऐसे में पर्ची निकाली गई, तो गंगाराम पटेल को निर्वाचित घोषित किया गया, जो पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के समर्थन से चुनाव लड़ रहे थे. हार के बाद फूटा विधायक का गुस्साउपचुनाव में भाजपा विधायक समर्थक की हार के बाद विधायक नाराज हो गईं और उन्होंने अपनी ही पार्टी के उन नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ मोर्चा खोल दिया. जो उनके खिलाफ थे और नारेबाजी कर रहे थे. इसकी शिकायत उन्होंने पुलिस में भी की और उनके खिलाफ हुई नारेबाजी के वीडियो फुटेज इकट्ठा कर वो मुख्यमंत्री और पार्टी संगठन से शिकायत करने भोपाल पहुंची. विधायक उमादेवी खटीक का कहना है कि “वो क्षेत्र में भ्रमण पर रहती हैं, ऐसी स्थिति में उनकी जान को खतरा हो सकता है. उन्होंने कहा कि मैं आरक्षित वर्ग से आती हूं, मेरा जो उपचुनाव के दौरान अपमान हुआ है उससे मैं बहुत ज्यादा आहत हूं.” दोनों नेताओं में पुराना झगड़ादरअसल पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शिवचरण पटेल और विधायक उमादेवी खटीक के बीच झगड़ा कोई नई बात नहीं है. इसके पहले विधानसभा चुनाव के दौरान पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शिवचरण पटेल, उमादेवी खटीक के खिलाफ बसपा प्रत्याशी के समर्थन में खड़े हो गए थे, हालांकि इसके बावजूद भी उमादेवी खटीक 55 हजार वोटों से चुनाव जीतने में कामयाब रही थीं. तभी से विधायक भी नाराज थीं और उन्होंने जनपद पंचायत अध्यक्ष चुनाव में शैलेष पटेल का समर्थन किया. दमोह एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने बताया कि “उन्हें विधायक उमादेवी खटीक की ओर से एक आवेदन मिला है. इस संबंध में जांच की जा रही है. जनपद अध्यक्ष का उपचुनाव टाई हो गया था इस कारण दोनों पक्ष के लोग उतावले हो रहे थे इस कारण धक्कामुक्की हुई थी लेकिन उपचुनाव में वैधानिक क्षति नहीं हुई थी.” recent visitors 230