कमलनाथ ने मोहन सरकार को घेरा, कहा प्रदेश में निवेश तो दूर की बात, केन्द्रीय योजनाओं की राशि……..?

Kamal Nath targeted the government: Leave alone investment in MP, only half the amount of central schemes was received. भोपाल। कांग्रेस नेता एवं पूर्व सीएम कमलनाथ ने मध्यप्रदेश में निवेश को लेकर सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि- मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव आए दिन प्रदेश में बड़े पैमाने पर निवेश के वादों की चर्चा करते रहते हैं, लेकिन सच्चाई यह है कि निजी क्षेत्र से आने वाला यह निवेश तो दूर की बात है, केंद्र सरकार से प्रदेश में चल रही विभिन्न योजनाओं के लिए आने वाले पैसे को ही अब तक राज्य सरकार प्राप्त नहीं कर सकी है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक़ मध्य प्रदेश को चालू वित्त वर्ष में केंद्रीय योजनाओं के लिए केंद्र सरकार की ओर से 37,652 करोड़ रुपया मिलने थे लेकिन अब तक सिर्फ़ 16,194 करोड़ रुपये ही मिले हैं। उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा- जिन महत्वपूर्ण केंद्रीय योजनाओं के लिए पर्याप्त राशि नहीं मिली है उनमें -आयुष्मान योजना, आदिवासी समुदाय के छात्रों की छात्रवृत्ति, राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना, जल जीवन मिशन जैसी महत्वपूर्ण योजनाएं शामिल हैं। इसके अलावा केंद्रीय सड़क निधि, PM श्री स्कूल और अदालत के भवन निर्माण की राशि भी अटकी हुई है।मुख्यमंत्री यह सारी रकम मध्य प्रदेश की जनता का अधिकार और केंद्र पैसा देकर कोई एहसान नहीं कर रहा है। प्रदेश की जनता अपनी गाढ़ी कमाई से केंद्र सरकार को जो टैक्स देती है, उसी का एक छोटा सा हिस्सा केंद्रीय मदद के रूप में प्रदेश को वापस मिलता है। इसलिए आप दलगत राजनीति से ऊपर उठकर केंद्र सरकार पर प्रदेश को उसका अधिकार देने के लिए दबाव बनाएं। recent visitors 175

‘भाषण दिया, माला पहनी, अब रिजाइन करो’, वरना… हिम्मत रखकर निर्मला सप्रे से इस्तीफा ले BJP, जीतू पटवारी

‘Given speech, wore garland, resign now’, otherwise… BJP should take courage from Nirmala Sapre and resign, Jitu Patwari भोपाल । कांग्रेस विधायक निर्मला सप्रे की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही है। हाईकोर्ट ने विधानसभा की सदस्यता रद्द करने की याचिका पर उन्हें नोटिस जारी किया है। कोर्ट के इस कदम के बाद जीतू पटवारी ने सप्रे पर तीखा हमला बोला। जीतू पटवारी ने कहा कि विधायक निर्मला सप्रे से कोर्ट ने जवाब मांगा है। वह अपना जवाब पेश करें, क्योंकि उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली। भारतीय जनता पार्टी के कार्यक्रम में मंच पर जाकर दिए भाषण पर निर्मला सप्रे अपना स्पष्ट जवाब दें, और इस्तीफा दें। अगर वह रिजाइन नहीं करेंगी तो दल-बदल कानून के अंतर्गत हम कोर्ट के माध्यम से इस्तीफा लेंगे और चुनाव करवा कर चुनाव जीतेंगे। दरअसल, विधायक निर्मला सप्रे की विधायकी निरस्त करने की मांग को लेकर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। जिसकी सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर की एकल पीठ ने विधायक को नोटिस जारी किया था। अगली सुनवाई के लिए 19 दिसंबर की तारीख तय की है। बता दें कि निर्मला सप्रे बीते दिनों भाजपा के कार्यक्रम में भी शामिल हुई थी। इसके बाद कांग्रेस ने उन्हें विधानसभा में अपने साथ बैठाने से इंकार कर दिया था। निर्मला सप्रे की सदस्यता निरस्त करने के लिए कांग्रेस ने विधानसभा अध्यक्ष को पत्र लिखा था। विधानसभा अध्यक्ष ने कांग्रेस की याचिका पर कोई फैसला नहीं दिया था। इसके बाद कांग्रेस ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी। गौरतलब है कि विधानसभा का शीतकालीन सत्र जल्द ही शुरू होने वाला है। इसके पहले कांग्रेस ने निर्मला सप्रे की सदस्यता रद्द करने की मांग की है। कांग्रेस ने दलबदल कानून के तहत निर्मला सप्रे पर कार्रवाई की मांग की है। कांग्रेस का कहना है कि अनुसूची 10 के तहत अगर कोई विधायक दल बदलता है तो उसकी सदस्यता निरस्त होती है। निर्मला सप्रे पर भी इसी के तहत कार्रवाई हो। recent visitors 121

दुष्कर्म मामले में बीजेपी नेता पर FIR: जीतू पटवारी ने सरकार को घेरा, कहा- 5 से 10 भाजपा नेता लग गए होंगे उसे बचाने में…

भोपाल। मध्य प्रदेश के विदिशा में भाजपा जिला उपाध्यक्ष योगेंद्र सोलंकी पर रेप का मामला दर्ज होने पर पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधा है। राजधानी भोपाल में प्रेस कांफ्रेंस कर पटवारी ने कहा कि बीजेपी नेता का अपनी ही भतीजी के साथ बलात्कार करने का मामला आज सुर्खियां बनी हुई है। ये अराजकता और अद्भुत सरकार का फेलियर है। पटवारी ने कहा कि सरकार का आज तक कोई प्रयास इन घटनाओं को रोकने के लिए नहीं हुआ।10 दिन पहले एक शिक्षिका के साथ बालाघाट में बीजेपी के नेता ने दुष्कर्म किया, अक्टूबर में इंदौर के महू में सेना के जवानों के साथ जो महिलाएं थी, उनके साथ जो बीजेपी के नेताओं ने किया बहुत ही चर्चित मामला था। दतिया में भी भाजपा नेता ने कुछ लोगों के साथ मिलकर दो महिलाओं के साथ बलात्कार किया, तब नरोत्तम मिश्रा के मुंह में दही जम गया था। जबलपुर में नौकरी दिलाने के नाम पर 28 साल की युवती के साथ बीजेपी के नेता शशिकांत सोनी ने बलात्कार किया। पीसीसी चीफ ने कहा कि आखिर ऐसी सैकड़ों घटनाओं में बीजेपी के नेता ही सामने क्यों आते हैं यह सवाल तो है? उन्होंने कहा कि राजनीतिक दबाव में हजारों मामले दब जाते हैं। भोपाल विदिशा समेत पूरे प्रदेश के जिलों में 17 मिनट में एक बलात्कार हो रहे हैं, जनता सरकार का चाल चरित्र चेहरा पहचानें। भाजपा नेताओं पर इस तरीके के मामले सामने आते हैं, तो उन्हें बचाया जाता है ना की कार्रवाई की जाती है। जीतू पटवारी ने कहा कि अभी जो सोलंकी पर रेप का मामला दर्ज हुआ, उसमें 5 से 10 बीजेपी नेता लग गए होंगे उसे बचाने के लिए। recent visitors 125

विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता खतरे में! हाईकोर्ट ने विधानसभा अध्यक्ष से मांगा जवाब

इंदौर ! मध्यप्रदेश की बीना विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता खतरे में है। कांग्रेस की विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता के संबंध में हाईकोर्ट ने विधानसभा अध्यक्ष से जवाब मांगा है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार की याचिका पर हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने विधायक निर्मला सप्रे को भी नोटिस जारी किया है। कांग्रेस ने विधायक निर्मला सप्रे की सदस्यता निरस्त करने की मांग की है। इसके लिए नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार ने विधानसभा अध्यक्ष को आवेदन दिया था। अब कांग्रेस ने कोर्ट में याचिका दायर की है। बता दें कि निर्मला सप्रे लोकसभा चुनावों के दौरान बीजेपी में शामिल हो गई थीं लेकिन उन्होंने विधानसभा की सदस्यता से त्यागपत्र नहीं दिया है। recent visitors 127

बीना विधायक निर्मला सप्रे के खिलाफ लगाई याचिका में सुनवाई आज

भोपाल। बीना विधायक निर्मला सप्रे की विधायकी निरस्त करने की मांग करते हुए नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार द्वारा प्रस्तुत याचिका पर हाई कोर्ट सोमवार को सुनवाई करेगा। न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर की एकल पीठ के समक्ष सुनवाई होगी। याचिका में सिंघार ने कहा है कि बीना से विधायक सप्रे ने कांग्रेस की सदस्यता त्याग कर भाजपा का दामन थाम लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में उन्होंने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की थी। इस संबंध में सिंघार ने मप्र विधानसभा के अध्यक्ष नरेंद्रसिंह तोमर के समक्ष एक याचिका सप्रे की विधायकी निरस्त करने की गुहार लगाते हुए दायर की थी, लेकिन अध्यक्ष ने अब तक इसका निराकरण नहीं किया। इससे व्यथित होकर हाई कोर्ट की शरण लेना पड़ी है। याचिका में मांग की गई है कि सप्रे की विधानसभा सदस्यता शीतकालीन सत्र से पहले निरस्त की जाए। याचिका में यह भी कहा है कि संविधान की अनुसूची 10 के अनुसार अगर कोई विधायक दल बदलता है, उसकी विधानसभा से सदस्यता निरस्त की जानी चाहिए। अगर दल-बदल के बाद भी ऐसे व्यक्ति को विधायक बने रहना है तो उसे फिर से चुनाव लड़ना पड़ता है। recent visitors 132

किसान खाद के लिए परेशान, लंदन में डायनासोर के अंडे देख रहे मोहन यादव, उमंग सिंगार

रीवा ! मध्य प्रदेश के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार 2 दिवसीय प्रवास पर रीवा आए. उमंग सिंघार ने राज निवास भवन में अयोजित पत्रकार वार्ता में केंद्र और प्रदेश सरकार पर जमकर निशाना साधा. नेता प्रतिपक्ष ने सिंगरौली जिले में बढ़ते प्रदूषण को लेकर चिंता व्यक्त की. इसके साथ ही उन्होंने खाद की समस्या पर भी प्रदेश सरकार को घेरा. प्रदेश के प्रशानिक अधिकारियों पर सवाल खड़े करते हुऐ उमंग सिंघार ने बड़ा बयान दे दिया. उन्होंने कहा कि यहां पर अधिकारी जिस प्रकार से भाजपा नेताओं की गुलामी कर रहे उन्हें तेल ले लेना चाहिए और भाजपा नेताओं के लगाना चाहिए. पत्रकारवार्ता को संबोधित करते हुए मध्य प्रदेश के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर जमकर हमला बोला. नेता प्रतिपक्ष ने कहा, “सिंगरौली जिला देश के नक्शे में सबसे ज्यादा प्रदूषण वाला जिला बनता जा रहा है. सिंगरौली मध्य प्रदेश की ऊर्जाधानी कहलाता है. प्रदूषण के मामले में दिल्ली के बाद सिंगरौली दूसरे नंबर पर है. भविष्य में यह जगह वहां पर निवासरत लोगों के लिए बड़ी मुश्किल वाली जगह होगी. लगता है वहां पर सिर्फ खदाने ही रह जाएगी और लोगों को वहां से विस्थापित होना पड़ेगा. निजी कंपनियों की कोल माइंस ने वहां पर अपनी अपनी नीतियां बनाई है. नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा, “वहां पर पुलिस और एसएएफ की बटालियन लगाकर लोगों के घर तोड़ दिए गए. ऐसा लगता है की मोहन यादव की सरकार दबाव में काम कर रही है. मुझे लगता है कि देश के अंदर मोदी के साथ अडानी सेफ है और प्रदेश के अंदर मोहन यादव के साथ अडानी सेफ है. झारखंड से कोल डस्ट सिंगरौली आती है. इसके बाद उसे कोयले में मिलाकर अन्य जगहों पर भेजा जाता है. इस तरह से कई प्रकार के घोटाले हैं, जो देखने को मिले हैं. इन सभी मुद्दों को विधानसभा में उठाने के साथ ही अगर पार्टी को जरुरत पड़ी, तो आने वाले समय में आंदोलन भी करेंगे.” नेता प्रतिपक्ष ने कहा, “रीवा जिले में 50% भी बोवनी नहीं हो पाई. किसानों को खाद नहीं मिली. इनके तो कृषि मंत्री को पता ही नहीं है कि खाद कौन देता है. सरकार पिछले 4 सालों से बहाना बना रही है कि रसिया यूक्रेन में युद्ध चल रहा है, लेकिन मैं सरकार से जानना चाहता हूं. भारत सरकार और मध्य प्रदेश सरकार ने कई बार चाइना, अमेरिका और मोरक्को सहित कई ऐसे देश है, जहां से खाद को इंपोर्ट किया, तो अब क्या दिक्कत है. क्या सरकार के पास पैसे नहीं है, किसानों के लिए, मुख्यमंत्री लंदन में घूम रहे थे, उसके पहले शिवराज गए थे, तब वह अमेरिका की सड़कों को चिकने गालों की तरह बता रहे थे. मोहन यादव लंदन में डायनासोर के अंडे देख रहे थे.” उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला पर निशाना साधते हुए नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि उप मुख्यमंत्री अस्पतालों के बातें करते हैं, लेकिन अस्पतालों की स्थिति ऐसी है की मरीजों को दवाईयां नहीं मिल पा रही है. प्रदेश के उपमुख्यमंत्री हैं, लेकिन अपने ही जिले में मरीजों को दवाई उपलब्ध नहीं कर पा रही है. उमंग सिंघार ने कहा कि अगर उपमुख्यमंत्री से प्रदेश नहीं संभल रहा तो वह अपना जिला ही संभाल ले. स्वास्थ्य विभाग में जो घोटाले चल रहे हैं, जांचों के नाम पर पूरे प्रदेश के अंदर 200 – 300 करोड़ रुपए ब्लड टेस्ट के नाम से जिन कंपनियों को कम दिया जा रहा है, क्या वह कंपनियां सही जांच कर रही है या फिर फर्जी तरीके से सेंपल के नाम पर उनसे पैसे निकाले जा रहे हैं. कई आधिकारी तो ऐसे हो गए है, जो भारतीय जनता पार्टी के नेताओं की गुलाम हो गए है. ऐसे अधिकारी जो भारतीय जनता पार्टी के नाम से माला जप रहे हैं. इनके लिए कांग्रेस को एक अभियान शुरू करना पड़ेगा कि इन्हें एक तेल की सीसी दें. यह भारतीय जनता पार्टी के नेताओं को तेल लगाएं. क्योंकि ये तो जानता के काम नहीं कर रहे. 16 दिसंबर को हम जन हितैसी मुद्दों को लेकर सरकार को घेरने का प्रयास करेंगे. नेता प्रतिपक्ष के तीखे प्रहार पर पलटवार करते हुए भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा, “कांग्रेस के नेताओं को किसी भी मुद्दे में सरकार के बारे में बोलने का कोई अधिकार नहीं है. 2003 के पहले की स्थिति मध्य प्रदेश की जनता अब तक नहीं भूली है. मैंने भी देखा है, सब ने देखा है कि कैसे खाद के लिए किसानों को तीन से चार दिन तक लाईन में लगना पड़ता था और डंडे भी खाने पड़ते थे. अभी तो खबर बनती है, लाइट जाने की तब खबर बनती थी. सिगरौली के सड़क बन रही है. दुनिया की सर्वाधिक कृषि प्रगति दर अगर कहीं है, तो वह मध्य प्रदेश में है. कांग्रेस मुद्दा विहीन है कांग्रेस को जनता समझ भी चुकी है और जवाब भी दे चुकी है. बहुत जल्द हमारा प्रदेश और देश कांग्रेस मुक्त राष्ट्र होगा. recent visitors 126

चुनावी प्रक्रिया पर शिवराज सिंह ने उठाए सवाल, बोले- चुनावों से देश हो रहा बर्बाद

भोपाल ! केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को विदिशा पहुंचे. जहां उन्होंने विदिशा को कृषि और बागवानी का मॉडल बनाने की बात कही. वहीं देश में बार-बार होने वाले चुनावों को लेकर शिवराज सिंह ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि देश में लगातार चुनाव होने के कारण समय, ऊर्जा और धन की बर्बादी होती है. देश में एक चुनाव खत्म होता है, तो दूसरा शुरू हो जाता है. प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और मंत्री सभी चुनाव प्रचार में व्यस्त हो जाते हैं, जिससे विकास कार्य प्रभावित होता है. शिवराज सिंह ने “एक देश एक चुनाव” अभियान की शुरुआत करते हुए विदिशा की जनता से इस विचार का समर्थन करने की अपील. कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने उनके साथ हाथ उठाकर इस अभियान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई. चौहान ने संविधान में संशोधन की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि एक बार में चुनाव हो ताकि बाकी समय देश के विकास पर ध्यान दिया जा सके. शिवराज सिंह चौहान ने अपने संबोधन में प्राकृतिक खेती को अपनाने की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला. उन्होंने कहा, “केमिकल फर्टिलाइजर और पेस्टिसाइड्स के अत्यधिक उपयोग ने जमीन की उपजाऊ क्षमता को खत्म कर दिया है. इससे न केवल इंसान बल्कि पशु-पक्षी भी प्रभावित हो रहे हैं. कई उपयोगी कीट-पतंगे जैसे केंचुए, जो धरती के डॉक्टर कहे जाते थे आज विलुप्त होने की कगार पर हैं.” शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि वे विदिशा जिले से प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू करेंगे. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्राकृतिक खेती नहीं अपनाई गई, तो आने वाली पीढ़ियां धरती पर रहने लायक परिस्थितियां नहीं पाएंगी.” recent visitors 121