NFL यूरिया के नाम पर बड़ा घोटाला! गोदाम में ग्राइंडर से पीसकर नकली पोटाश बनाने का संदेह, लाखों का माल जब्त

NFL यूरिया के नाम पर बड़ा घोटाला! गोदाम में ग्राइंडर से पीसकर नकली पोटाश बनाने का संदेह, लाखों का माल जब्त

NFL Urea scam: Suspected of manufacturing fake potash by grinding it in a warehouse, goods worth millions seized खरगोन ! मध्य प्रदेश खरगोन जिले के बलकवाड़ा थाने के तहत आने वाले निमरानी इंडस्ट्रियल एरिया में नेशनल फर्टिलाइज़र लिमिटेड (NFL) के यूरिया के अवैध भंडारण और संदिग्ध मिलावट का बड़ा मामला सामने आया है। बीती देर रात पुलिस ने गोदाम पर छापा मारकर भारी मात्रा में यूरिया और अन्य सामग्री बरामद की और मामला दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, सीनियर एग्रीकल्चर एक्सटेंशन ऑफिसर बीएस सेंगर की शिकायत पर गुजरात निवासी महेंद्र हफ़्दा और सुपरवाइज़र सत्यराज सिंह के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने चौंकाने वाला तथ्य बताया कि यह गोदाम वर्ष 2010 में इंदौर निवासी दिनेश पाटीदार को आवंटित किया गया था, लेकिन उद्योग स्थापित न करने पर 2015 में इसका आवंटन निरस्त कर दिया गया था। महाकाल ट्रेडर्स का गोदाम सील भारतीय किसान संघ की सूचना पर प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने महाकाल ट्रेडर्स के गोदाम पर छापा मारा। निरीक्षण के दौरान अवैध भंडारण और यूरिया के संदिग्ध उपयोग का खुलासा हुआ, जिसके बाद गोदाम को तत्काल सील कर दिया गया। छापे के दौरान यह खाद व यूरिया जब्त किा गया छापे में 268 बैग NFL यूरिया, जो एक गोदाम में एक ट्रक में अवैध रूप से लदे हुए थे, इसके अलावा 45 बैग NFL यूरिया और 215 बैग इंडस्ट्रियल सॉल्ट, 431 बिना लेबल के पिसे हुए यूरिया के बैग, 4050 खाली बिना लेबल की बोरियाँ और ग्राइंडर मशीन, सिलाई मशीन और वेट मशीन जब्त की गईं। ग्राइंडर से यूरिया पीसकर बोरियों में पैक सेंगर ने बताया कि ग्राइंडर की मदद से यूरिया को पीसकर बिना लेबल की बोरियों में पैक किया जा रहा था। उन्होंने आशंका जताई कि इस पिसे हुए यूरिया को संभवतः नकली पोटाश बनाकर बेचा जा रहा था, क्योंकि पोटाश महंगा और विभिन्न रंगों में उपलब्ध होता है। यूरिया में रंग मिलाकर इसे आसानी से पोटाश जैसा दिखाया जा सकता है। इसके अलावा, एक और संभावना यह भी है कि पिसे हुए यूरिया को जैविक खाद में मिलाकर उसे ऑर्गेनिक खाद के रूप में बेचा जा रहा हो। पिसे हुए यूरिया के नमूने जब्त कर प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं। recent visitors 75

पंचायत में हैंडपंप घोटाला: पानी संकट पर भ्रष्टाचार सरपंच के ससुर द्वारा 20 हजार की वसूली

पंचायत में हैंडपंप घोटाला: पानी संकट पर भ्रष्टाचार सरपंच के ससुर द्वारा 20 हजार की वसूली

Panchayat hand pump scam: Sarpanch’s father-in-law extorts Rs 20,000 for corruption amid water crisis Money Extortion Viral video: मुरैना जिले के जनपद पोरसा की कौंधरखुर्द पंचायत में ग्रामीणों ने महिला सरपंच सोनम बाल्मीकि के ससुर रामपाल वाल्मीकि पर हैंडपंप खनन कराने के नाम पर 20-20 हजार रुपए वसूलने के आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों द्वारा महिला सरपंच के ससुर का रुपए गिनते हुए का वीडियो भी सोशल मीडिया पर डाला है। इसके बारे में पूछने पर महिला सरपंच के ससुर ने पहले तो कहा कि यह रुपए मैने किसी दूसरे मद के लिए वसूले हैं। बाद में उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि यह हैंडपंप खनन के लिए सिक्योरिटी मनी थी, ताकि उसका सामान चोरी न हो जाए। जबकि हैंडपंप खनन के लिए सिक्योरिटी मनी जैसा कोई प्रावधान ही नहीं होता। (MP News) ससुर देखते है महिला सरपंच का पूरा कामजानकारी के अनुसार कौंधरखुर्द पंचायत में रहने वाले ग्रामीण कन्हैया माहौर के घर पानी की किल्लत थी। इस पर कन्हैया माहौर लंबे समय से कौंधरखुर्द की सरपंच सोनम वाल्मीकि के ससुर रामपाल वाल्मीकि से कई बार हैंडपंप लगाने के लिए गुहार लगाई। चूंकि महिला सरपंच का पूरा काम उनके ससुर ही देखते हैं, इस पर उन्होंने कन्हैया से कहा कि 20 हजार रुपए खर्च होंगे, तब हैंडपंप लग सकेगा। ग्रामीण ने कर्ज लेकर रुपए दिए, हैंडपंप आज तक नहीं लगाग्रामीणों ने कर्ज लेकर 20 हजार का चंदा एकत्रित किया और यह रुपए सरपंच रामपाल वाल्मीकि को दिए। लेकिन कई महीने बीतने के बाद भी सरपंच के ससुर हैंडपंप का खनन नहीं करवा सके। दूसरे काम के लिए थे पैसे- सरपंच ससुरमैने कन्हैया से पैसे किसी दूसरे मद में लिए थे, पहले दिए फिर वापस लिए। यह पैसा हैंडपंप का सिक्योरिटी अमाउंट था ताकि समान चोरी न हो। रामपाल वाल्मीकि, महिला सरपंच का ससुर कलेक्टर ने दिए कार्रवाई करने के निर्देशसरकारी हैंडपंप के बदले सिक्योरिटी या अमानत राशि लेने का कोई प्रावधान नहीं है। संबंधित सरपंच के विरुद्ध धारा 40 की कार्रवाई तत्काल संस्थित की जाएगी। अवैध वसूली के लिए सरपंच के ससुर पर भी सुसंगत धाराओं में आपराधिक मामला दर्ज कराया जाएगा।- लोकेश कुमार जांगिड़, कलेक्टर मुरैना वायरल वीडियो में यह बातचीत रिकॉर्ड recent visitors 76

बाल भारती पब्लिक स्कूल में धूमधाम से मनाया वार्षिक उत्सव

बाल भारती पब्लिक स्कूल में धूमधाम से मनाया वार्षिक उत्सव

Bal Bharti Public School celebrated its annual function with great pomp and show भोपाल। बाल भारती पब्लिक स्कूल, नीलबड़ में वार्षिक उत्सव “तेजस्विनी” का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ स्कूल की प्राचार्या दीपा अग्रवाल, उपप्राचार्या डॉ सकीना नायडू, मुख्य अतिथि अतिरिक्त उप पुलिस कमांडर नीतू ठाकुर विश्वकर्मा, विशिष्ट अतिथि पर्वतारोही ज्योति रात्रे तथा अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मंच पर ‘सर्वधर्म समभाव’ पर आधारित गीत तथा मनमोहक नृत्य प्रस्तुति दी गई।विद्यार्थियों ने तबला, बांसुरी, हारमोनियम, गिटार और कीबोर्ड पर रंगारंग नृत्य प्रस्तुतियाँ दीं।‘रेट्रो रिवाइंड’ में रंग-बिरंगे परिधानों में सजे नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पुराने सदाबहार मनमोहक गीतों पर नृत्य करके सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। “तेजस्विनी – मध्य प्रदेश की सात रानियां” नामक विशेष प्रस्तुति हुई, जिसमें विद्यार्थियों ने ऐतिहासिक रानियों के प्रेरणादायी जीवन का मंचन किया। मधुर धुनों ने पूरे कार्यक्रम का माहौल खुशनुमा बना दिया। इस दौरान आयोजन में बड़ी संख्या में बच्चों के अभिभावक और अन्य लोग मौजूद रहे। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी के लिए प्रेरणादायी : नीतू मुख्य अतिथि नीतू ने कहा कि- ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, देशभक्ति और इतिहास के प्रति सम्मान की भावना को मजबूत करते हैं और आज की पीढ़ी को प्रेरित करते हैं। प्राचार्या ने वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए वि‌द्यालय की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने वि‌द्यालय के अनेक प्रतिभागियों को विभिन्न क्षेत्रों में उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार ने सभी अभिभावकों और अतिथियों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया और राष्ट्रगान के साथ समारोह का समापन हुआ। recent visitors 68

ग्वालियर में सम्यक समाज संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर जानलेवा हमला, कार से खींचने की कोशिश, पथराव

ग्वालियर में सम्यक समाज संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर जानलेवा हमला, कार से खींचने की कोशिश, पथराव

Deadly attack on the national president of Samyak Samaj Sangh in Gwalior, attempt to drag him from the car, stone pelting ग्वालियर। ग्वालियर में एस-3 सम्यक समाज संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाखन सिंह बौद्ध पर बाइक सवार बदमाशों ने हमला कर दिया। लाखन शादी समारोह से लौट रहे थे, इस बीच उनकी कार के सामने अचानक दो बाइक पर सवार चार युवक आ गए। उन्होंने कार रोकने का इशारा किया और लाखन को बाहर खींचने का प्रयास किया। लाखन ने तुरंत गेट लॉक किया और कार तेजी से आगे बढ़ा दी, जिस पर बदमाशों ने पीछे से पथराव कर दिया।पत्थर लगने से कार का पिछला कांच टूट गया। हमले के बाद बदमाश बाइक दौड़ाते हुए करीब आधा किलोमीटर तक लाखन का पीछा करते रहे। घटना सुरेश नगर सरकारी मल्टी के पास हुई। इसके बाद लाखन थाटीपुर थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात चार हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। इस घटना के बाद ग्वालियर में एक बार फिर जातिगत तनाव की स्थिति बन गई है। लाखन सिंह मुरार स्थित मुगलपुरा में इंटरनेशनल बुद्ध विहार के रहने वाले है। वह सम्यक समाज संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। मीटिंग में शामिल होने के बाद वे अपनी स्विफ्ट डिजायर से थाटीपुर स्थित अंबेडकर मांगलिक भवन पहुंचे थे। उनके साथ एस-3 की प्रदेश सुरक्षा अधिकारी दीपिका बौद्ध भी थीं। लाखन का कहना है कि उनकी जान को भी खतरा था।हमला होने पर लाखन के कार दौड़ाते ही बदमाश भी बाइक से पीछे लग गए। वे करीब आधा किलोमीटर तक पीछा करते हुए मेला ग्राउंड तक पहुंचे। आगे पुलिस प्वाइंट होने के कारण वे फरार हो गए। 2018 के जातिगत उपद्रव में इस संगठन और लाखन सिंह का नाम आया था।लाखन सिंह पर उपद्रव भड़काने के आरोप में एफआईआर दर्ज हुई थी। recent visitors 71

एमपी गज़ब : महिला नायब तहसीलदार ने गार्ड को थप्पड़, डंडे से पीटा

एमपी गज़ब : महिला नायब तहसीलदार ने गार्ड को थप्पड़, डंडे से पीटा

Naib Tehsildar Jyoti Lakshakar: मध्यप्रदेश के मुरैना में पदस्थ महिला नायब तहसीलदार ज्योति लाक्षाकार पर एक बिल्डिंग के सुरक्षा गार्ड के साथ मारपीट करने का आरोप लगा है। घटना से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है जो बिल्डिंग में लगे सीसीटीवी का है और उसमें नायब तहसीलदार ज्योति लाक्षाकार गार्ड के साथ मारपीट करती नजर आ रही हैं। पीड़ित सुरक्षा गार्ड ने नायब तहसीलदार के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है, लेकिन मामला प्रशासनिक अधिकारी से जुड़ा होने के कारण पुलिस कह रही है कि जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। पहले मारे थप्पड़ फिर डंडे से पीटाघटना हाईवे स्थित आशीर्वाद मल्टी की है, जहां नायब तहसीलदार ज्योति लाक्षाकार का निवास है। इसी बिल्डिंग में 50 साल के मोहरमन शर्मा सिक्योरिटी गार्ड हैं। बुधवार शाम को ज्योति लाक्षाकार ने गार्ड के साथ मारपीट की। जो सीसीटीवी फुटेज सामने आया है उसमें पहले वह गार्ड को थप्पड़ मारती और फिर डंडे से पीटती दिख रही हैं। मारपीट में गार्ड को चोटें भी आई हैं। जिस वक्त मारपीट की जा रही थी, वहां नायब तहसीलदार ज्योति लाक्षाकार व गार्ड के अलावा और भी लोग खड़े वीडियो में नजर आ रहे हैं। गार्ड ने बताई आपबीतीपीड़ित गार्ड मोहरमन शर्मा ने अपने आवेदन में लिखा कि ज्योति मैडम ने ड्राइवर के जरिए उसे बुलवाया और जब वह पहुंचा तो पूछा कि “तू मेरे ड्राइवर से क्या बोल रहा था।” जिस पर मैंने जवाब देते हुए कहा कि “मैंने कहा था कि मैडम आज तुम्हारी गाड़ी में नहीं गईं, किसी अन्य की गाड़ी में गई हैं।” यह बात सुनते ही वह नाराज़ हो गईं और मुझे गालियाँ देते हुए पीटना शुरू कर दिया। पीड़ित गार्ड का यह भी कहना है कि अगर उससे कोई गलती हुई थी तो मैडम सजा देतीं, लेकिन मैंने कोई गलती नहीं की, फिर भी मैडम ने मुझे सबके सामने गालियाँ दीं और पीटा। पीड़ित का यह भी कहना है कि अब उसकी सुनवाई भी नहीं हो रही है। recent visitors 86

सिंगरौली में 8 करोड़ में बनी 9 किमी की सड़क, कमीशन खोरी की सड़क ने शुरुआत में ही तोड़ दिया दम गई

A 9-km road built in Singrauli for 8 crore rupees, the Commission Khori road collapsed at the very beginning. सिंगरौली। जिले में भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण कार्य का एक और गंभीर मामला सामने आया है। बरगवां से नैकहवा मार्ग तक बनाई गई पीसीसी सड़क जिसकी लंबाई लगभग 9 किलोमीटर है। जनता के पैसों की खुली लूट का उदाहरण बन चुकी है। इस सड़क निर्माण पर शासन द्वारा 8 करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च की गई, लेकिन गुणवत्ता इतनी खराब है कि सड़क सेशवकाल में ही दम तोड़ चुकी है। सड़क कार्य की प्रारंभ तिथि 15 मार्च 2024 दर्शाई गई है। चौंकाने वाली बात यह है कि सड़क का कार्य अभी हाल ही में पूरा हुआ है, लेकिन स्थिति यह है कि सड़क जगह-जगह से टूटने लगी है। पीसीसी सड़क मार्ग में एक-दो नहीं, बल्कि कम से कम 50 से अधिक स्थानों पर दरारें पड़ चुकी हैं। इन दरारों को छिपाने के लिए मरम्मत के नाम पर सिर्फ सीमेंट का लेप लगाया जा रहा है, जो आने वाले समय में और बड़े हादसों को आमंत्रण देगा। सड़क का कार्य पूरी तरह गुणवत्ताविहीन निर्माण कार्य में गंभीर में अनियमितताएं साफ नजर आ रही हैं। सड़क का कार्य पूरी तरह गुणवत्ताविहीन है। मानकों की खुलेआम अनदेखी की गई है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि ठेकेदार द्वारा नियमों का पालन नहीं किया गया। इस कार्य को अंजाम देने वाली ठेका कंपनी मेसर्स सिन्हा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रालि बताई जा रही है, जिसने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से घटिया निर्माण किया है। उच्च स्तरीय जांच की उठी मांग इतना ही नहीं, बरगवां क्षेत्र में नाले पर बनाया गया पुल भी भ्रष्टाचार का जीता-जागता उदाहरण है। यह पुल बेहद संकीर्ण बनाया गया है और गुणवत्ता भी अत्यंत खराब है। पुल की चौड़ाई इतनी कम है कि दो वाहन ठीक से एक साथ पार नहीं कर सकते। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि भविष्य में कभी भारी बारिश या बाढ़ की स्थिति बनी तो, इस पुल के कारण आवागमन पूरी तरह बाधित हो सकता है, जिससे जान-माल का गंभीर खतरा उत्पन्न होगा। स्थानीय नागरिकों में इस पूरे मामले को लेकर भारी आक्रोश है।लोगों का कहना है कि जब करोड़ों रुपए जनता के टैक्स से खर्च किए जाते हैं, तो सड़क और पुल जैसी बुनियादी सुविधाएं टिकाऊ और सुरक्षित होनी चाहिए थी, लेकिन यहां तो निर्माण पूरा होते ही सड़क टूटने लगी, जो सीधे-सीधे भ्रष्टाचार और लापरवाही की ओर इशारा करता है। संदेह के घेरे में लोनिवि की भूमिका इस पूरे प्रकरण में सबसे चिंताजनक बात यह है कि लोक निर्माण विभाग की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। बिना गुणवत्ता जांच के कार्य को स्वीकृति देना और भुगतान करना स्पष्ट करता है कि अधिकारियों ने आंख मूंदकर ठेकेदार को संरक्षण दिया है। यदि समय रहते इस मामले की उच्च स्तरीय जांच नहीं हुई, तो ऐसी लापरवाहियां भविष्य में और बढ़ती रहेंगी। अब यह आवश्यक हो गया है कि इस सड़क और पुल निर्माण की निष्पक्ष जांच कराई जाए। दोषी ठेकेदार और अधिकारियों पर कार्रवाई हो तथा जनता के पैसों की बर्बादी रोकने के लिए कठोर कदम उठाए जाएं। आम जनता यही कह रही है कि बरगवां से नैकहवा पीसीसी सड़क निर्माण में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के मिलीभगत से ठेकेदार ने सड़क निर्माण कार्य में जमकर अनियमितता की है। तभी तो सेशवकाल में ही सड़क ने दम तोड़ दिया है। समयावधि के पहले ही सड़क फटी, होगी जांच सिंगरौली लोनिवि के कार्यपालन यंत्री एसबी सिंह कर्चुली का कहना है कि अगर बरगवां से नैकहवा पीसीसी सड़क निर्माण में गुणवत्ता की अनदेखी की गई है, समया अवधि के पहले ही सड़क फट रही है और दरार आ रही है तो इसकी जांच मैं स्वयं करने जाउंगा। recent visitors 76

विकास कार्य करवाए बिना सरपंच-सचिव डकार गए 23 लाख , EOW ने गबन का किया खुलासा, FIR दर्ज

Sarpanch and Secretary embezzled Rs 23 lakh without carrying out development work; EOW exposed the embezzlement and registered an FIR. जबलपुर ! मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में लाखों की सरकारी राशि के गबन का मामला सामने आया है। विकास कार्य कराए बिना ही सरपंच और सचिव ने 23 लाख रूपये का गबन किया। ईओडब्ल्यू ने जांच के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी व भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की अलग-अलग धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। ईओडब्ल्यू से मिली जानकारी के अनुसार मामला मंडला जिले के ग्राम बरखेड़ा का है। यहां के तत्कालीन सरपंच बीरन सिंह काकोडिया और सचिव मिथलेश उददे के खिलाफ शिकायत मिली थी। इसमें विकास कार्य के नाम पर राशि के दुरुपयोग की बात कही गई थी। ईओडब्ल्यू ने जांच में पाया कि ग्राम पंचायत बरखेड़ा में साल 2014 से 2022 तक विभिन्न निर्माण कार्यो के लिए राशि का आवंटन सरकार के द्वारा किया गया है। कागजों में बनी सड़कें और नाली-पुलियाइस दौरान तत्कालीन सरपंच और सचिव ने विकास कार्यों को कागजों में दिखाते हुए बिना निर्माण कराए 22 लाख 87 हजार रूपये की शासकीय राशि का गबन किया है। सरपंच और सचिव ने अपने 6 वर्षों के कार्यकाल में गांव में सीसी रोड,चौपाल सभा निर्माण,पुलिया एव नाली निर्माण,पंचायत भवन मरम्मत सहित 9 प्रकार के कार्यों में उक्त राशि का गबन किया गया है। यह कार्य वास्तव में नहीं हुए थे और कागजों में दिखाये गये थे। ईओडब्ल्यू ने जांच के पाया कि दोनों आरोपियों ने पद का दुरुपयोग करते हुए शासकीय राशि का दुरुपयोग किया है। साथ ही विकास कार्यों के फर्जी दस्तावेज पेश किए गए हैं। ईओडब्ल्यू ने दोनों अधिकारियों के खिलाफ धोखाधड़ी के साथ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है। recent visitors 79