भाजपा-कांग्रेस नेताओं में विवाद, चलीं गोलियां, भारी पुलिस बल तैनात

Dispute between BJP-Congress leaders, bullets fired, heavy police force deployed MP NEWS ! मध्यप्रदेश के भिंड के गोहद मे भाजपा-कांग्रेस नेताओं के बीच हुए विवाद के बाद दोनों पक्षों की ओर से जमकर गोलियां चलीं। दोनों पक्षों की ओर से हुई ताबड़तोड़ फायरिंग के बाद शहर में सनसनी फैल गई और माहौल तनाव पूर्ण हो गया। घटना का पता चलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को देखते हुए चार थानों का पुलिस बल बुलाकर मौके पर तैनात किया गया है। पुलिस इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। साथ ही कई लोगों के हथियार भी जब्त किए हैं। भाजपा-कांग्रेस नेताओं में विवादघटना गोहद चौराहे की जहां बुधवार की सुबह कांग्रेस नेता विश्वनाथ प्रताप सिंह अपने खेतों की ओर जा रहे थे। बताया जा रहा है कि तभी भाजपा नेता सत्येन्द्र गुर्जर व उसके साथियों ने विश्वनाथ प्रताप सिंह को घेर लिया। इस दौरान भाजपा नेता सत्येन्द्र गुर्जर के साथियों ने फायरिंग भी की जिससे बचते हुए किसी तरह विश्वनाथ प्रताप सिंह घर पहुंचे और अपनी बंदूक निकाल कर वापस घटना स्थल पर लौटे। दोनों तरफ से चलीं गोलियांकांग्रेस नेता विश्वनाथ प्रताप सिंह जब बंदूक लेकर मौके पर पहुंचे तो एक बार फिर भाजपा नेता सत्येन्द्र गुर्जर के साथियों ने गोलियां चलाईं जिसके जवाब में विश्वनाथ प्रताप सिंह के पक्ष की ओर से भी गोलियां चलाई गईं। सुबह-सुबह चौराहे पर हुई फायरिंग की इस घटना से पूरे शहर में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि दोनों नेताओं के बीच लंबे समय से वर्चस्व की लड़ाई चल रही है और ये घटना उसी का परिणाम है। हालात बिगड़ते देख चार थानों का पुलिस बल इलाके में तैनात किया गया है और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। recent visitors 160

ई-चालान का पेमेंट नहीं किया तो ड्राइविंग लाइसेंस होगा कैंसिल, ट्रैफिक के नए नियम

MP E CHALLAN RULES इंदौर ! ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले सावधान हो जाएं. अगर ट्रैफिक रूल्स तोड़े तो आपका ड्राइविंग लाइसेंस निरस्त हो सकता है. जी हां मध्य प्रदेश में ट्रैफिक पुलिस ई-चालान के भुगतान को लेकर अब काफी सख्त रुख अपना रही है. ई-चालान को जमा नहीं करने वाले वाहन चालकों के अब लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जा रही है. ट्रैफिक सिग्नल्स पर लगे सीसीटीवी कैमरों के जरिये ट्रैफिक नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ फाइन की कार्रवाई की जा रही है. क्या होता है ई-चालान अगर आप नहीं जानते ई-चालान क्या होता है तो जान लीजिए. दरअसल ई-चालान जिसे इलेक्ट्रॉनिक चालान कहते हैं. यह एक डिजिटल प्रणाली है. जिसके तहत पुलिस कैमरे से फोटो खींचकर चालान काटती है. जब कोई वाहन चालक ट्रैफिक नियमों को तोड़ता है, जैसे ओवरस्पीडिंग, गलत पार्किंग, रेड सिग्नल क्रॉस करना और अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करना आदि. तब सिग्नल पर लगे हाईटेक कैमरे द्वारा पुलिस ई-चालान काटती है. मध्य प्रदेश में नियमों के मुताबिक, 15 दिन के अंदर चालान भरना होता है. यह हैं मध्य प्रदेश में ई-चालान से जुड़े नियम ट्रैफिक नियम तोड़ने पर ट्रैफिक पुलिस ई-चालान काटती है. अलग-अलग मामलों में फाइन की राशि अलग-अलग निर्धारित है.अगर आप शराब के नशे में कार चलाते हुए पकड़े गए तो पुलिस 15,000 तक का चालान काट सकती है.वहीं शराब के नशे में टू व्हीलर चलाते पकड़े गए तो जुर्माने की 7500 तक हो सकती है.ट्रैफिक सिग्नल तोड़ने और हेलमेट न पहनने पर पर 500 रुपये का फाइन लगता है.ई-चालान कटने के बाद, इसे भरने के लिए 15 दिन का समय होता है.अगर आपने 15 दिन के अंदर फाइन नहीं भरा तो पुलिस गाड़ी जब्त कर सकती है.इसके अलावा लाइसेंस निरस्त किया जा सकता है. फाइन की राशी डबल हो सकती है. इंदौर में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई इंदौर में ट्रैफिक पुलिस ट्रैफिक नियमों का पालन करने वाले लोगों को जहां गुलाब के फूल हेलमेट सहित तमाम तरह के पुरस्कार देकर सम्मानित कर रही है. वहीं दूसरी तरफ ट्रैफिक रूल का पालन नहीं करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ चालानी कार्रवाई भी की जा रही है. इसी कड़ी में पिछले दिनों पुलिस के द्वारा ई चालान बड़ी तादाद में बनाए गए. साथ ही कुछ लोगों ने जब ई चालान का भुगतान नहीं किया तो उन्हें फोन लगाकर ई-चालान के भुगतान को लेकर बात कही. ई-चालान भुगतान की नई योजना साथ ही यह भी निर्देश दिए कि यदि आने वाले दिनों में ई-चालान का भुगतान नहीं किया तो आपके लाइसेंस को निरस्त कर दिया जाएगा. इंदौर की ट्रैफिक पुलिस के द्वारा जिस तरह से ई-चालान के भुगतान को लेकर योजना बनाई उसके बाद तकरीबन 850 वाहन चालकों ने अपने लंबित वाहन चालकों का भुगतान कर दिया है. बता दें कि, जिन वाहन चालकों ने अपने ई-चालान का भुगतान किया है उनका दो बार चालान बन गया था. लेकिन उसके बाद भी वह भुगतान नहीं कर रहे थे. इसी के चलते अब इंदौर की ट्रैफिक पुलिस ने ई-चालान भुगतान को लेकर यह योजना बनाई है. लाइसेंस निरस्त को लेकर आईटीओ को पत्र पुलिस के द्वारा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को चिन्हित कर आने वाले दिनों में लाइसेंस निरस्त करने को लेकर भी आईटीओ को पत्र लिखा जाएगा. ट्रैफिक डीसीपी अरविंद तिवारी का कहना है कि, ”ई-चालान के प्रति अवेयरनेस को लेकर ही इस तरह का अभियान चलाया जा रहा है. आने वाले दिनों में ई चालान के प्रति लोग जागरुक रहें और उसका भुगतान समय पर करें इसको लेकर और भी कई आदेश निकल जाएंगे.” recent visitors 129

प्रदेश में विशेष परिस्थिति में मंत्री कर सकेंगे ट्रांसफर, GAD ने स्थानांतरण नीति (संशोधन)-2025 जारी

Ministers will be able to transfer in special circumstances in the state मध्य प्रदेश में अभी राज्य और जिला स्तर पर स्थानांतरण पर प्रतिबंध है। शासन ने 24 जून 2021 को राज्य एवं जिला स्तर पर ट्रांसफर नीति जारी की थी। सरकार ने कार्य की सुविधा से उपरोक्त नीति की कण्डिका 9 में संशोधन किया है। इसमें विभाग के मंत्री विशेष परिस्थिति में ट्रांसफर कर सकेंगे। बुधवार को साामन्य प्रशासन विभाग की तरफ से स्थानांतरण नीति (संशोधन)-2025 जारी कर दी गई। बता दें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षा में महेश्वर में हुई कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई थी। वहीं, मुख्यमंत्री कार्यालय से प्राप्त उच्च प्राथमिकता के प्रकरणों में सचिव प्राशसकीय अनुमोदन प्राप्त कर आदेश जारी कर सकेंगे। साथ ही ऐसे ट्रांसफर प्रकरण जिनको करने में विभाग नीति के अनुरूप नहीं पाता है तो ऐसे प्रकरण विभागीय सचिव, विभागीय मंत्री के अनुमोदन के बाद कारण समेत अपर मुख्य सचिव/ प्रमुख सचिव, मुख्यमंत्री कार्यालय को दोबारा प्रस्तुत कर अग्रिम आदेश प्राप्त करेंगे। इसके अलावा ट्रांसफर नीति के तहत ट्रांसफर करते हुए यह भी सुनिश्चित करना होगा कि जिस स्थान से ट्रांसफर किया जा रहा है, उस स्थान पर रिक्त पदों का प्रतिशत ट्रांसफर किए जा रहे स्थान से अधिक तो नहीं हो रहा है। ऐसी स्थिति में ट्रांसफर नहीं किया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग ने कुछ शर्तों के तहत शासकीय कर्मचारियों के ट्रांसफर (स्थानांतरण) के लिए एक नीति जारी की है। इस नीति के अनुसार, सामान्य रूप से ट्रांसफर केवल विशेष परिस्थितियों में ही किए जा सकते हैं। इन परिस्थितियों में शामिल हैं- स्वास्थ्य कारण- जैसे गंभीर बीमारियां (कैंसर, लकवा, दिल का दौरा आदि) के कारण तत्काल स्थानांतरण की आवश्यकता हो।न्यायालय के आदेश- यदि किसी न्यायालय का आदेश हो और उस आदेश का पालन करना आवश्यक हो, लेकिन स्थानांतरण के दौरान कर्मचारी पर कोई विभागीय कार्रवाई लंबित न हो।गंभीर शिकायत या अनियमितता- यदि शासकीय कर्मचारी के खिलाफ गंभीर शिकायत या लापरवाही हो और विभाग ने उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की हो।आपसी अपराध मामला- यदि लोकायुक्त या पुलिस ने कर्मचारी के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया हो और जांच में कोई रुकावट न हो, तो इस कारण भी स्थानांतरण किया जा सकता है।रिक्त पदों की पूर्ति- यदि किसी कर्मचारी के निलंबन, त्यागपत्र, सेवानिवृत्ति या मृत्यु के कारण पद खाली हो और विभाग को लगे कि उस पद को भरना जरूरी है, तो भी स्थानांतरण किया जा सकता है। recent visitors 135

आषाढी कार्तिकी वारी महामंडल द्वारा आयोजित हल्दी कुमकुम कार्यक्रम संपन्न।

Haldi Kunku program organized by Ashadhi Kartiki Wari Mahamandal concluded. भोपाल। आषाढी कार्तिकी वारी महामंडल द्वारा आयोजित हल्दी कुंकु कार्यक्रम संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिनमें फुगड़ी, पारंपरिक नृत्य और भजन की प्रस्तुति शामिल थी।कार्यक्रम में श्रीमती रंजनाताई चितळे और संतोष गोडबोले मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। उन्होंने इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए और कार्यक्रम की सराहना की। कार्यक्रम का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ और इसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। आयोजकों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए अपनी पूरी कोशिश की और इसके लिए उन्हें बधाई दी गई। कार्यक्रम का संयोजन दीपाली सोनवाने ने किया। recent visitors 221

थाना अयोध्यानगर, जोन -2 पुलिस की खुले स्थानो में शराब पीने वालो पर कार्यवाही।

Police station Ayodhyanagar, Zone-2 took action against those drinking alcohol in open places. • डीसीपी जोन-2 के निर्देश के पालन में खुले में नशाखोरी के विरुद्ध अभियान के तहत सप्ताह भर में 36 व्यक्तियों पर आबकारी एक्ट के तहत कार्यवाही। • शराब दुकान के आसपास, रोड किनारे तथा अन्य सार्वजनिक स्थानो पर शराब पीते हुये पाये गये आरोपीगण। कार्यवाही का विवरण – सराहनीय भूमिका – थाना प्रभारी महेश लिल्हारे, उनि. सुदील देशमुख, सउनि मनोज सिंह कछवाह, सउनि संजय चौबे, सउनि बद्रीप्रसाद, प्रआर 1177 अमित व्यास, प्रआर 3178 बृजेश सिंह, प्रआर 2233 रूपेश सिंह जादौन, प्रआर सुदीप राजपूत, प्रआर दिनेश मिश्रा, प्रआर मनीष मिश्रा, प्रआर कल्याण सिंह, प्रआर जगदीश तिवारी, आर 2115 मनोज जाट, आर 4548 मन मोहन मेहरा, आर 3688 नीरज साहू, आर 3223 जितेन्द्र उच्चारिया, आर सतीष, आर आदित्य की सराहनीय भूमिका रही । recent visitors 94

Farmers good news: किसानों को सलाह- फसलों की हल्की सिंचाई करें, पाले से बचाने छिड़के सल्फ्यूरिक एसिड

Farmers good news: Advice to farmers- do light irrigation of crops, spray sulfuric acid to protect them from frost छतरपुर । शहर में कड़ाके की ठंड का असर जारी है। आज सुबह का तापमान 14 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 11 डिग्री और अधिकतम तापमान 23 डिग्री रहा। सर्द हवाएं 3 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही हैं। मौसम विभाग के अनुसार 30 जनवरी तक मौसम साफ रहने की संभावना है। इधर कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। ठंड से फसलों को बचाने के लिए हल्की सिंचाई और पाला पड़ने की स्थिति में गंधक के तेजाब का छिड़काव करने की सलाह दी गई है। फसलों को टाट, पॉलीथीन या भूसे से ढकने के साथ-साथ चारों ओर मेढ़ें बनाकर धुआं करने और वायुरोधी टाटियां लगाने की सलाह भी दी गई है। विभिन्न फसलों में कीट और रोगों का खतरा बढ़ गया है। चने में फल छेदक कीट, गेहूं में पीला रतुआ रोग, अलसी में कली मक्खी, पान और अरबी में पद गलन रोग, अदरक में कंद गलन रोग, और भिंडी में लाल कीट की समस्या से सावधान रहने की आवश्यकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने आम जनता को भी सावधानी बरतने की सलाह दी है। मौसम परिवर्तन के दौरान गर्म कपड़े पहनने, गुनगुना पानी पीने और इम्यूनिटी बढ़ाने वाले आहार लेने पर जोर दिया गया है। हवा में बढ़ते धूल, पराग और वायरस से बचाव के लिए ग्रीन टी, अदरक, हल्दी, तुलसी और शहद का सेवन करने की सलाह दी गई है। recent visitors 113

महू में हुआ अंबेडकर समर्थकों का महाकुंभ, लाखों कि संख्या में संविधान रक्षक हुए शामिल

Maha Kumbh of Ambedkar supporters took place in Mhow, lakhs of constitution protectors participated मध्य प्रदेश कांग्रेस के जय बापू, जय भीम, जय संविधान कार्यक्रम के लिए महू पहुंचने के आव्हान पर 3 लाख से अधिक लोगों ने महू पहुंचकर मध्यप्रदेश की राजनीतिक दशा और दिशा बदलकर रख दी है। कार्यक्रम में शामिल जनता का जोश प्रदेश में कांग्रेस के नवोदय की ओर इशारा कर रहा था, वहीं पूरे कार्यक्रम की सफलता का श्रेय राहुल गांधी के उस निर्णय को जाता है जिसके तहत मध्यप्रदेश को जीतू पटवारी के रूप में एक युवा और ऊर्जावान प्रदेश अध्यक्ष देने की पहल हुई। ऐतिहासिक जनसैलाब महू में आयोजित जय बापू, जय भीम जय संविधान कार्यक्रम के दौरान केवल मंच और ग्राउंड ही नहीं, बल्कि पूरा महू खचाखच भरा हुआ था। जनसैलाब को रोकने के सरकार के सभी षड्यंत्र फेल नज़र आ रहे थे, धरती से लेकर आसमान तक तिरंगे और नीले ध्वज नज़र आ रहे थे, जय भीम और जय बापू का उद्घोष इतना तेज था कि कंपन राज्य और केंद्र सरकार की कुर्सी हिला रहा था। पूरा इंदौर शहर अंबेडकर और बापू मय नज़र आ रहा था। हर तरफ़ संविधान की रक्षा के संकल्प की गूंज थी। जीतू पटवारी का बेहतरीन प्रबंधन मध्यप्रदेश कांग्रेस की कमान संभाल रहे जीतू पटवारी के बेहतरीन प्रबंधन की बदौलत पूरा कार्यक्रम निर्विरोध संपन्न हुआ। दूरस्थ क्षेत्रों से आए कार्यकर्ताओं के लिए भोजन, पानी और बैठने की व्यवस्था ने सबका दिल जीत लिया। पार्किंग से लेकर भोजन वितरण की व्यवस्था भी आखरी पलों तक समुचित चलती रही। पास वितरण इतना व्यवस्थित था, कि कहीं कोई विवाद की गुंजाइश ही नहीं थी। जीतू पटवारी ने व्यवस्था की मुख्य बागडोर हमेशा अपने नियंत्रण में रखी, जिससे पूरा कार्यक्रम बेहतरीन प्रबंधन का प्रतीक बना। नेताओं का समन्वय इंदौर में नेताओं के बीच समन्वय भी हमेशा से चुनौती रही है, लेकिन जय बापू, जय भीम, जय संविधान कार्यक्रम में तालमेल और समन्वय की कहीं कोई कमी नहीं नज़र आई। कार्यक्रम की व्यवस्था संभालने वाली सभी कमेटियों के सदस्यों ने अपनी ज़िम्मेदारी को निभाने में कोई कसर नहीं छोड़ी।  बीजेपी का तिकड़म फेल बीजेपी ने कांग्रेस के कार्यक्रम को फेल करने के लिए इसी समय इंदौर में मुख्यमंत्री का कार्यक्रम रखा और बसों का अधिग्रहण कर महू पहुंचने के सभी रास्ते बंद कर दिये। हैरानी की बात है कि बीजेपी के इस षड्यंत्र का जवाब जनता ने खुद दे दिया। जनता बसों को छोड़कर पैदल ही पहुंचने लगी, कई कोसों तक जनता का हुजूम नारे लगाते चलता नज़र आया। बीजेपी का कार्यक्रम पिट गया, कुर्सियाँ ख़ाली रही, वहीं कांग्रेस के कार्यक्रम की सफलता की गवाह लाखों जनता बनी। जीतू पटवारी ने दिया संदेश प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पिछले 15 दिनों से अलग अलग स्थानों पर सभा कर जनता से महू पहुंचने की अपील की, लोगों से व्यक्तिगत संपर्क किया। नतीजतन महू कार्यक्रम सबके लिए खुद का कार्यक्रम बन गया और लोगों ने जी जान लगाकर कार्यक्रम की सफलता में अपनी भूमिका निभाई। सोशल मीडिया जय बापू, जय भीम और जय संविधान के आमंत्रण से पटा रहा, हर तरफ़ संविधान की चर्चा होती रही। जीतू पटवारी कार्यकर्ताओं को मेहनत करने का संदेश देने में सफल रहे। मध्यप्रदेश कांग्रेस के जोश और लगातार बढ़ते जनाधार ने बीजेपी को संकट में डाल दिया है। कांग्रेस अब सड़क, गली और मोहल्लों में लड़ती दिख रही है। राहुल गांधी की वह सोच कामयाब होती दिख रही है, जिसके मद्देनजर प्रदेश की कमान जीतू पटवारी को सौंपी गई थी। जीतू पटवारी अब मेहनत और संघर्ष का प्रतीक बनते नज़र आ रहे हैं। recent visitors 144