सीएम यादव का ऐतिहासिक निर्णय, सरकारी अस्पतालों में ‘गर्भ संस्कार’ कक्ष की अनिवार्यता, 13 आयुर्वेदिक कॉलेज खुलेंगे

इंदौर   सीएम मोहन यादव ने प्रदेश के लिए एक नई पहल की घोषणा की है। यह पहल 'दिव्य संतान प्रकल्प' के तहत 'गर्भ संस्कार' को बढ़ावा देगी। इसका मकसद बच्चों के जन्म से पहले ही उनके शारीरिक, मानसिक और नैतिक विकास को मजबूत बनाना है। यह पहल आयुष्मान भारत योजना के तहत आयुष मंत्रालय के सहयोग से लागू की जाएगी। मुख्यमंत्री ने बताए फायदे सीएम यादव ने इंदौर में 'दिव्य संतान प्रकल्प' कार्यक्रम में कहा कि गर्भ संस्कार एक ऐसी प्रक्रिया है जो आने वाली पीढ़ी को शारीरिक, मानसिक और नैतिक रूप से मजबूत बनाती है। उन्होंने बताया कि यह आधुनिक विज्ञान और भारत की पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों का एक मेल है। इसे राष्ट्र निर्माण में एक लंबे समय का निवेश माना जाना चाहिए। अस्पतालों में बनेंगे अलग कमरे मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि भविष्य में राज्य के सरकारी अस्पतालों के डिज़ाइन में गर्भ संस्कार के लिए विशेष कमरे बनाना अनिवार्य होगा। उन्होंने कहा कि एलोपैथी के डॉक्टर भी अब व्यापक प्रसव पूर्व देखभाल के फायदों को स्वीकार कर रहे हैं। 13 आयुर्वेदिक कॉलेज खुलेंगे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य पर जोर देते हुए, यादव ने कहा कि राज्य सामान्य प्रसव को बढ़ावा दे रहा है और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत कर रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि राज्य में 13 नए आयुर्वेदिक कॉलेज खोले जाएंगे। यह आजादी के बाद पहली बार है जब इतने सारे आयुर्वेदिक कॉलेज खोले जा रहे हैं। इनमें से आठ कॉलेज एक साल के भीतर चालू हो जाएंगे। अभिमन्यु और अष्टावक्र का दिया उदाहरण मुख्यमंत्री ने गर्भ संस्कार की अवधारणा को समझाते हुए कहा कि भारतीय परंपरा में अभिमन्यु और अष्टावक्र जैसे उदाहरण हैं। इनसे पता चलता है कि गर्भ में ही मूल्यों, सीखने और संस्कारों को ग्रहण किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि COVID-19 महामारी ने एकीकृत स्वास्थ्य दृष्टिकोण की प्रभावशीलता को दिखाया है, जहां आयुर्वेद और एलोपैथी एक दूसरे के पूरक थे। उन्होंने पारंपरिक ग्रामीण जीवन शैली, भारतीय रसोई और स्वदेशी आहार के वैज्ञानिक महत्व पर भी प्रकाश डाला। recent visitors 25

International Cheetah Day 2025: कूनो नेशनल पार्क में सीएम डॉ. मोहन यादव तीन चीतों को खुले जंगल में करेंगे आजाद

International Cheetah Day 2025: कूनो नेशनल पार्क में सीएम डॉ. मोहन यादव तीन चीतों को खुले जंगल में करेंगे आजाद

International Cheetah Day 2025 श्योपुर। अंतर्राष्ट्रीय चीता दिवस पर आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव श्योपुर के कूनो नेशनल पार्क पहुंचकर तीन चीतों को बड़े बाड़े से खुले जंगल में रिलीज करेंगे। वर्तमान में कूनो के बड़े बाड़े में 8 चीते बंद हैं, जिनमें से तीन चीतों को जंगल में छोड़े जाने की अनुमति स्टेरिंग कमेटी द्वारा दी जा चुकी है। प्रशासन और वन विभाग आज होने वाली इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया को लेकर सतर्क और मुस्तैद है। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए आज कलेक्टर अर्पित वर्मा और पुलिस अधीक्षक सुधीर अग्रवाल ने कूनो और आसपास के क्षेत्रों में तैयारियों का निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने दिनभर कई स्थानों का दौरा कर सुरक्षा और व्यवस्था से जुड़े सभी बिंदुओं की समीक्षा की। निरीक्षण में शिवपुरी कलेक्टर रविन्द्र चौधरी और एसपी अमन सिंह राठौड़ भी शामिल रहे। वन विभाग द्वारा तैयारियों को परखा गयाश्योपुर-शिवपुरी के कलेक्टर व एसपी ने संयुक्त रूप से सुरक्षा व्यवस्था और तैनाती को लेकर समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। इसके पश्चात निरीक्षण दल कूनो नेशनल पार्क के अहेरा गेट पहुंचा, जहां वन विभाग द्वारा की गई तैयारियों को परखा गया। अधिकारियों ने गेट से रिलीज प्वाइंट तक बनाई गई सड़क, सुरक्षा, संचार व्यवस्था और टीमों की तैनाती का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान डीएफओ आर. थिरुकुराल, अपर कलेक्टर रूपेश उपाध्याय, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रवीण भूरिया, वन विभाग के कई रेंजर-डिप्टी रेंजर और जिला प्रशासन की टीमें उपस्थित थीं। सभी अधिकारियों को रिलीज से जुड़ी सभी तकनीकी और सुरक्षा प्रक्रियाओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। recent visitors 66

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे दो साल की समीक्षा, मंत्री बताएंगे लेखा-जोखा और कार्य योजना

Chief Minister Dr. Mohan Yadav will review the two years, ministers will present the accounts and action plan. भोपाल ! मोहन सरकार 13 दिसंबर को अपने दो वर्ष के कार्यकाल पूर्ण करने जा रही है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शासन के विभिन्न क्षेत्रों में हुई प्रगति की व्यापक समीक्षा करेंगे। समीक्षा प्रक्रिया की शुरुआत मंगलवार से होगी, जिसमें सभी मंत्रियों को अपने-अपने विभागों की उपलब्धियों, कमियों और चुनौतियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत करना होगा।साथ ही, उनसे आगामी तीन वर्षों की कार्ययोजना भी साझा करने के लिए कहा गया है, ताकि सरकार के अगले चरण के लक्ष्यों और प्राथमिकताओं को स्पष्ट दिशा मिल सके।दो दिन समीक्षा भोपाल और दो दिन खजुराहो में होगीसमीक्षा का कार्यक्रम चार दिनों का होगा, जिसमें दो दिन बैठकें भोपाल में और दो दिन खजुराहो में आयोजित की जाएंगी। इन बैठकों के पश्चात सरकार आगामी तीन वर्षों की व्यापक कार्ययोजना जारी करेगी। पिछले दो वर्षों में सरकार ने चरणबद्ध तरीके से अपने फोकस क्षेत्रों को परिभाषित किया है। वित्तीय वर्ष 2023-24 को सुशासन के लिए समर्पित किया गया था, वहीं 2025-26 में निवेश प्रोत्साहन को प्राथमिकता दी गई है। इसके बाद वित्तीय वर्ष 2026-27 को कृषि-आधारित उद्योगों के विकास के लिए निर्धारित किया गया है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है।सभी विभाग अपनी-अपनी कार्य योजना बनाएंगेसरकार ने निर्देश दिए हैं कि सभी विभाग अपनी-अपनी कार्ययोजनाएं तैयार करें, जो आगामी तीन वर्षों के लक्ष्यों के अनुरूप हों। समीक्षा बैठकों में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंत्रीगणों से केवल उपलब्धियों की जानकारी ही नहीं, बल्कि उन क्षेत्रों पर भी स्पष्ट चर्चा करेंगे जहां सुधार की आवश्यकता है। इसके साथ ही, विभागीय योजनाओं को जमीन पर प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए ठोस रणनीतियों और समाधान पर विचार-विमर्श किया जाएगा।यह भी पढ़ें- जिस घर में CM मोहन यादव ने अपनी बेटी ब्याही उसी घर की लड़की को बना रहे अपने घर की बहू, जानें कौन हैं इशिता?क्या है समीक्षा का उद्देश्य? बैठक में विभागीय मंत्रियों के साथ मुख्य सचिव अनुराग जैन तथा सभी वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इस व्यापक समीक्षा का उद्देश्य न केवल पिछले दो वर्षों के कार्यों का मूल्यांकन करना है, बल्कि आगामी तीन वर्षों के लिए एक सुदृढ़, लक्ष्य-उन्मुख और परिणाम आधारित शासन ढांचा तैयार करना भी है।2 दिसंबर- पंचायत एवं ग्रामीण विकास, स्कूल शिक्षा, नर्मदा घाटी विकास, नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा।3 दिसंबर- लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सहकारिता, महिला एवं बाल विकास, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण, सामाजिक न्याय एवं निश्शक्तजन कल्याण, कृषि, उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण।8 दिसंबर- खाद्य नागरिक आपूर्ति, वाणिज्यिक कर, पशुपालन एवं डेयरी, नगरीय विकास एवं आवास, जनजातीय कार्य, अनुसूचित जाति विकास, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम।9 दिसंबर- लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी। recent visitors 61

दुष्कर्म पीड़िता के परिवार से मिलने एम्स पहुंचे PCC चीफ ,हिंदू संगठन ने दी भोपाल बंद की चेतावनी

PCC chief visits AIIMS to meet rape victim’s family; Hindu organisation warns of Bhopal shutdown रायसेन के गौहरगंज में वर्षीय मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म ने पूरे प्रदेश को हिला दिया है। एक ओर कांग्रेस ने सरकार और पुलिस प्रशासन को कठघरे में खड़ा करते हुए तत्काल गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग की है, वहीं दूसरी ओर हिंदू उत्सव समिति और संस्कृति बचाओ मंच ने आरोपित की गिरफ्तारी न होने पर 5 दिनों में भोपाल बंद का अल्टीमेटम दे दिया है। घटना के बाद शहर में आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। एम्स पहुंचे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, बच्ची के परिजनों से मुलाकातबुधवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी एम्स अस्पताल पहुंचे और दुष्कर्म पीड़िता बच्ची के परिजनों से मुलाक़ात की। पटवारी ने बच्ची के स्वास्थ्य, इलाज और सुरक्षा को लेकर डॉक्टरों से विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी हर संभव सहायता और समर्थन परिवार को उपलब्ध कराएगी।इस दौरान पूर्व मंत्री पी.सी. शर्मा, मीडिया हेड मुकेश नायक, पूर्व महिला कांग्रेस अध्यक्ष विभा पटेल, वरिष्ठ नेता रविंद्र साहू, शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण सक्सेना, ग्रामीण जिला अध्यक्ष अनोखी पटेल, प्रदेश प्रवक्ता अभिनव बरोलिया, पूर्व यूथ कांग्रेस अध्यक्ष अभिषेक शर्मा सहित कई नेता मौजूद रहे। यह पीड़ा शब्दों में नहीं, आरोपी राक्षस हैः पटवारीपटवारी ने घटना पर गहरा आक्रोश जताते हुए कहा कि यह दर्द शब्दों में बयान नहीं किया जा सकता। ऐसा कृत्य करने वाला इंसान नहीं, राक्षस है। आरोपी को तुरंत गिरफ्तार कर कठोरतम सजा दी जाए, ताकि समाज को सख्त संदेश जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बच्चियों के साथ लगातार हो रही घटनाओं ने कानून-व्यवस्था की पोल खोल दी है और सरकार अपराध रोकने में पूरी तरह विफल साबित हो रही है। मुख्यमंत्री और गृहमंत्री पर निशाना साधते हुए पटवारी ने कह कि सिर्फ एसपी या टीआई हटाने से अपराध नहीं रुकते। अपराध पर नियंत्रण के लिए आधुनिक संसाधन, पर्याप्त पुलिस बल और टेक्नोलॉजी आधारित मॉनिटरिंग की जरूरत है। सरकार सिर्फ इमेज मैनेजमेंट में जुटी है। कांग्रेस ने उठाई तीन बड़ी मांगें आरोपी अब तक गिरफ्त से बाहर, 5 दिन में भोपाल बंद का अल्टीमेटमदूसरी ओर, हिंदू उत्सव समिति और संस्कृति बचाओ मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने प्रशासन पर सख्त नाराजगी जताते हुए कहा कि आरोपी सलमान की गिरफ्तारी में हो रही देरी चिंताजनक है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर 5 दिन में आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो हम भोपाल बंद कराएंगे। अब ऐसी घटनाओं को समाज और बर्दाश्त नहीं करेगा। तिवारी ने कहा कि मामले को लेकर समाज में गहरा रोष है और न्याय की मांग लगातार बढ़ रही है। उन्होंने प्रशासन से तुरंत कार्रवाई कर आरोपित को गिरफ्तार करने की मांग की। recent visitors 73

एमपी में कानून व्यवस्था ठप्प: फिर पेशाब कांड, बदमाश ने दिव्यांग के चेहरे पर की पेशाब

एमपी में कानून व्यवस्था ठप्प: फिर पेशाब कांड, बदमाश ने दिव्यांग के चेहरे पर की पेशाब

Law and order collapses in MP: Another urination incident, miscreant urinates on the face of a disabled person रायसेन । मध्यप्रदेश में एक बार फिर पेशाब कांड हुआ है इस बार शर्मसार करने वाली ये घटना रायसेन जिले की है जहां एक दिव्यांग युवक के चेहरे पर बदमाश ने सरेराह पेशाब किया। इस शर्मसार कर देने वाली घटना का वीडियो भी सामने आया है जो तेजी से वायरल हो रहा है। घटना का वीडियो वायरल होने के बाद एक तरफ जहां लोग इस घटना को लेकर कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार को आड़े हाथों लिया है। दिव्यांग के चेहरे पर किया पेशाब शर्मसार कर देने वाली घटना रायसेन जिले के मंडीदीप की है। जहां शराब के नशे में धुत एक युवक ने जमीन पर सो रहे दिव्यांग के चेहरे पर पेशाब कर दी। जो वीडियो सामने आया है उसमें दिख रहा है कि शराब के नशे में धुत बदमाश को उसका एक साथी रोकने की कोशिश भी करता है लेकिन वो नहीं मानता। दिव्यांग युवक के चेहरे पर पेशाब करने का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने इस पर संज्ञान लिया। बताया गया है कि तीन आरोपियों को हिरासत में लिया गया है जो कि आपस में रिश्तेदार हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है। recent visitors 82

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल गंगा संवर्धन अभियान को जन आंदोलन बनाने का आह्वान

जल बचायें, क्योंकि जल की हर बूंद में समाया है जीवन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शीतलदास की बगिया में घाटों की सफाई की सफाई मित्रों को किया सम्मानित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल गंगा संवर्धन अभियान को जन आंदोलन बनाने का आह्वान भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंगलवार की सुबह भोपाल शहर स्थित शीतलदास की बगिया पहुंचे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यहां जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत बड़े तालाब के घाटों की सफाई में सेवा कार्य (श्रमदान) किया और सफाई मित्रों का सम्मान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यहां घाटों की सफाई की। मुख्यमंत्री ने सफाई नौका में बैठकर सफाई कर्मियों से चर्चा की और उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने नागरिकों से जल संरक्षण की दिशा में सक्रिय भागीदारी निभाने की आत्मीय अपील भी की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी नागरिकों से आव्हान किया कि हर संभव तरीके से जल बचाईये, क्योंकि जल की हर बूंद में जीवन है, अमृत है। इसकी हर बूंद में हमारा सुनहरा भविष्य समाया है। जल बचाना हमारी आज की जरूरत भी है और बेहतर कल के लिए जिम्मेदारी भी। आज जल बचेगा, तभी हमारा कल सुरक्षित होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जल संरक्षण के लिए सभी संभव उपाय किये जायें। जल बचाना सिर्फ सरकार की ही क्यूं, पूरे समाज, हर वर्ग, हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है। आज जल सहजेंगे, तभी तो हमारा आने वाला कल संवरेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के सभी जल स्रोतों के संरक्षण, पुनर्जीवन और सतत उपयोग के लिए लगातार योजनाबद्ध तरीके से काम कर रही है। जल गंगा संवर्धन अभियान इसी दिशा में एक ठोस कदम है, जिसके तहत पुरानी बावड़ियों, कुंओं, तालाबों, सरोवरों और अन्य परम्परागत जल स्रोतों का जीर्णोद्धार एवं पुनर्विकास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सभी अपने-अपने स्तर पर पानी बचाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि जल है तो कल है, यह पुण्य भावना प्रदेश के हर नागरिक के मन में होनी ही चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सफाई मित्रों को "सफाई दूत" निरुपित करते हुए कहा कि स्वच्छता केवल एक औपचारिक अभियान नहीं, बल्कि हमारे जीवन की शैली का अभिन्न हिस्सा होना चाहिए। जहां स्वच्छता होती है, वहीं लक्ष्मी का वास होता है। उन्होंने नागरिकों से कहा कि अपने घर, आस-पड़ोस और सार्वजनिक स्थानों की स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि वे जल गंगा संवर्धन अभियान में सक्रिय सहभागिता दें और जल स्रोतों की स्वच्छता व संरक्षण को प्राथमिकता दें। बड़ा बाग की पुरानी बावड़ी के जीर्णोद्धार कार्य का अवलोकन भी किया मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शीतलदास की बगिया से बड़ा बाग स्थित ऐतिहासिक पुरानी बावड़ी पहुंचें और वहां जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत नगर निगम भोपाल द्वारा कराए जा चल रहे जीर्णोद्धार कार्यों का अवलोकन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार "विरासत से विकास" की सोच के साथ आगे बढ़ रही है और पुरानी विरासतों के संरक्षण को प्राथमिकता दे रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने जल संरक्षण के लिए अद्भुत व्यवस्थाएं बनाई थीं। आज जरूरत है कि हम उन ऐतिहासिक जल स्रोतों का पुनर्जीवन करें और उन्हें अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए भी संजोकर रखें। उन्होंने सभी नागरिकों से जल संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 'जल गंगा संवर्धन अभियान' में सबकी सक्रिय भागीदारी होनी चाहिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि बावड़ी का जीर्णोद्धार कार्य पूरी गुणवत्ता और समय-सीमा के साथ पूर्ण किए जाएं। इस दौरान लोकसभा सांसद आलोक शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवान दास सबनानी, महापौर श्रीमती मालती राय, नगर निगम सभापति किशन सूर्यवंशी, कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह, नगर निगम आयुक्त, अन्य अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, समाजसेवी और बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे। बड़े बाग की पुरानी बावड़ी नगर निगम भोपाल के जोन क्रमांक 05 वार्ड क्रमांक 09 में स्थित जल संरचनाओं में बड़े बाग की बावड़ी का महत्वपूर्ण स्थान है। बावड़ी का निर्माण लगभग 200 वर्ष पूर्व किया गया था। बावड़ी तीन मंजिला है, इसकी दीवार सीढियों और मुंडेर से लेकर मेहराब तक बेल पत्तियां बनी है। नगर निगम आयुक्त ने बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत नगर निगम भोपाल द्वारा इस बावड़ी से प्लास्टिक वेस्ट, फ्लोटिंग पदार्थ एवं लगभग 40 क्यूबिक मीटर सिल्ट निकाली गयी। बावड़ी की दीवारों से नुकसानदेह खरपतवार को अलग किया गया, जिससे बावड़ी की आवक क्षमता 2000 लीटर प्रति घंटा हो गयी है। वर्तमान में इसके जल का उपयोग निस्तार कार्यों में हो रहा है। बावड़ी में दीवारों एवं सीढ़ियों की मरम्मत कर इनकी रंगाई-पुताई, पलेग स्टोन बिछाने एवं लोहे की जाली (फेब्रीकेशन) लगाने का कार्य भी किया गया है।   recent visitors 59

खाद्य प्रसंस्करण उद्यमियों के सम्मेलन में 4376.30 करोड़ रूपये का निवेश, सृजित होंगे 6164 रोजगार

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हम वर्ष 2025 को उद्योग वर्ष के रूप में मना रहे हैं। यह अद्भुत समय चल रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में निवेश की खुशबू देशभर में फैल रही है। प्रदेश में विकास का क्रम जारी है। इस विकास यात्रा में सभी राज्यों के उद्योगपतियों का स्वागत है। जहां जनप्रतिनिधि, उद्योगपति, अधिकारी साथ में मिलकर प्रदेश के औद्योगिक विकास में अपना योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुझे प्रसन्नता है कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 के फरवरी में आयोजन के बाद पूरे देश ही नहीं बल्कि विदेशों से भी मध्यप्रदेश को निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं। यह प्रदेश के लिए गौरव की बात है कि जीआईएस में 65 से अधिक देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 15 औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधियों को आवंटन आदेश और आशय पत्र वितरित किये। उन्होंने कहा कि बदलती तकनीक के दौर में हमें टेक्नोलॉजी का उपयोग बढ़ाना होगा। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में मेड इन इंडिया का दौर चल रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को नरसिंहपुर जिले में कृषि उद्योग समागम में "खाद्य प्रसंस्करण उद्यमियों के सम्मेलन" को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विकसित मध्यप्रदेश की संकल्पनाओं को साकार करने के लिए हमें सभी क्षेत्रों में समान प्रगति करनी होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में माइनिंग, टेक्सटाइल, कृषि और खाद्य प्रसंस्करण आधारित उद्योगों के विकास की अपार संभावनायें हैं। कृषि आधारित उद्योगों के लिए चार स्थानों पर कृषि उद्योग समागम का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश की एग्रीकल्चर ग्रोथ रेट वर्तमान में 12 प्रतिशत से अधिक होकर देश में अग्रणी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 (जीआईएस) के सफल आयोजन के बाद मध्यप्रदेश में उद्योगों के लिए नए अवसर सृजित हुए हैं। राज्य सरकार द्वारा 1744 एकड़ भूमि 46 औद्योगिक इकाइयों को आवंटित की गई है। इन इकाइयों में लगभग 24,500 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्तावित है, जिससे लगभग 35,000 रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है। भूमि आवंटन प्राप्त प्रमुख औद्योगिक इकाइयों में मेसर्स पतंजलि ग्रुप, रीवा को सर्वाधिक 433 एकड़ भूमि आवंटित की गई है। इसके अलावा मेसर्स अल्ट्राटेक सीमेंट, सीधी को 264 एकड़, मेसर्स बीईएमएल, रायसेन को 148 एकड़, मेसर्स गौतम सोलार को 55 एकड़ एवं मेसर्स ग्लेक्सो स्मीथ एशिया प्रा. को 40 एकड़ भूमि आवंटित की गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज के कार्यक्रम में कुल 52 इकाईयों से रू. 4376 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे 6100 से अधिक रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। इन निवेश प्रस्तावों के राज्य में औद्योगिक विकास को गति मिलेगी और युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे। औद्योगिक इकाईयों को वितरित किये गये आवंटन आदेश एवं आशय पत्र क्र. जिला इकाई का नाम प्रस्तावित निवेश (करोड़ रूपये) प्रस्तावित रोजगार   नर्मदापुरम     ग्रेनटेक फूड्स एण्ड बेवरेजेस इण्डिया प्रा.लि. एवं मे. सेक्टर सेवन फूड्स प्रा.लि. 1150.00   630   सिवनी बड़ेबाबा मेटेलिक प्रा.लि. 340.80 450   बालाघाट श्री गुरुदेव राइस इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड. 310.08   805     बालाघाट विसाग बायोफ्यूल्स प्राइवेट लिमिटेड 210.00   250     जबलपुर जबलपुर बायोफ्यूल्स 200.00 111   सीहोर   गोविन्द मिल्क एण्ड मिल्क प्रोडक्ट्स 150.00 210     सिवनी जनक फूड्स 2.00 15   मण्डला   माउंट कैलाश एग्री फ्रेश प्राइवेट लिमिटेड 5.00 35     मण्डला       जबलपुर कमर्शियल नेटवर्किंग एंड कंसल्टेंसी प्राइवेट लिमिटेड 1.00   14     छिंदवाड़ा   स्नेह ग्लोबल केम्स प्राइवेट लिमिटेड 1.20   30     मण्डला   स्टील क्लैड इन्फ्रा सॉल्यूशन 1.21   25   मण्डला दी ऑल सॉल्यूशन्स 0.92 15   मण्डला   पीके राइस एंड जनरल मिल्स एलएलपी 1.50   17     कटनी किआरा इम्पेक्स 1.25 9   सिवनी   विट फूड केम प्राइवेट लिमिटेड 7.00   35   योग 2381.96 2651   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि नरसिंहपुर जिला गन्ने की फसल के लिए देशभर में प्रसिद्ध है। उन्होंने कहा कि गन्ने की फसल के लिए स्प्रिंक्लर सिंचाई का लक्ष्य बढ़ाया जायेगा। उन्होंने कहा कि यह हमारा संकल्प है कि कृषकों की आय को बढ़ाया जायेगा। हमारी सरकार का प्रयास है कि कृषकों को उनके उत्पादों के सही दाम मिले। खाद्य प्रसंस्करण आधारित उद्योगों की अधिक से अधिक स्थापना होगी। खेती, बागवानी, फल-सब्जी उत्पादन सभी क्षेत्रों में बजट को बढ़ाया गया है। उन्होंने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने और युवाओं को रोजगार देने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। राज्य की प्रगतिशील नीतियों से निवेशकों की कठिनाईयों को दूर करने के प्रयास किये जा रहे हैं।   प्रमुख निवेश प्रस्ताव क्र. जिला इकाई का नाम प्रस्तावित निवेश (करोड़ रूपये) प्रस्तावित रोजगार क्षेत्र   सिवनी विस्तार एग्री फूड्स प्रा. 400 500   कृषि/खाद्य उत्पाद   नरसिंहपुर   काकड़ा मेटल्स प्रा. लि. 400   500   कृषि/खाद्य उत्पाद   नरसिंहपुर धारणी शुगर मिल प्रा. लि. 300 500 कृषि/खाद्य उत्पाद   नरसिंहपुर 1 मार्चे एलएलपी 160 140 ऊर्जा एवं नवीकरणीय ऊर्जा   नरसिंहपुर भूमि साहू 100 250 शिक्षा   नरसिंहपुर मेसर्स विजय कुमार लुनावत 4 15   ऊर्जा   नरसिंहपुर जैन पॉली प्लास्टिक्स 2.5 8 प्लास्टिक उत्पाद योग 1366.5 1913   नरसिंहपुर में कृषि आधारित और खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों के लिए अपार संभावनाएं: मंत्री श्री पटेल पंचायत एवं ग्रामीण विकास, श्रम मंत्री श्री प्रहलाद सिंह पटेल ने "कृषि उद्योग समागम-2025" के नरसिंहपुर जिले में आयोजन के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव का हार्दिक अभिनंदन और आभार माना। उन्होंने देश भर से आए निवेशको/ उद्योपतियों का आयोजन में सम्मिलित होने पर आभार भी व्यक्त किया। मंत्री श्री पटेल ने कहा कि नरसिंहपुर जिले के कृषकों ने अनुसंधान एवं नवीन तकनीकों को अपनाकर प्रदेश और देश की उन्नति में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने बताया कि नरसिंहपुर प्रदेश का सर्वाधिक गन्ना उत्पादक जिला है, जहां सर्वाधिक शुगर फैक्ट्रियां स्थापित हैं। जिले में कृषि के लिए अनुकूल परिस्थितियां हैं और कृषि उत्पादों के प्रसंस्करण की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश में हो रहा है आशातीत विकास : मंत्री श्री राजपूत खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री गोविन्द सिंह राजपूत ने कहा कि जब से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश की बागडोर संभाली … Read more