आधी रात से लागू हुई नई समय सारिणी, कई पैसेंजर और एक्सप्रेस ट्रेनों का बदल रहा नंबर; यहां देखें

भोपाल यात्रीगण कृपया ध्यान न दें… एक जनवरी 2025 से भारतीय रेलवे ट्रेनों की समयसारिणी में बदलाव हुआ । 31 दिसंबर 2024 की रात्रि 12 बजे के बाद यह समयसारिणी लागू हुई । उत्तर मध्य रेलवे की बात करें तो नई समय सारिणी में आगरा-बनारस वंदे भारत समेत कुल 15 ट्रेनों को शामिल किया जा रहा है। दूसरी ओर ओर कोरोना काल में जो ट्रेनें स्पेशल नंबर से चलाई गई थीं, उनका नंबर भी एक जनवरी से पुराना हो जाएगा। यह दो बड़े फैसले होने के चलते स्टेशनों पर लग रहे डिजिटल और साधारण बोर्ड में बदलाव होना तय है। रेलवे की पिछली समय सारिणी एक अक्तूबर 2023 से प्रभावी हुई थी। तब समय सारिणी में उसकी अवधि अक्तूबर 23 से जून 24 दर्शाई गई थी। इस हिसाब से एक जुलाई 24 को नई समय सारिणी लागू होनी थी, लेकिन वह छह माह की देरी से अब एक जनवरी 25 से लागू हो रही है। फिलहाल नई समय सारिणी में एनसीआर से गुजरने वाली कन्याकुमारी-बनारस, आगरा-बनारस, खजुराहो-निजामुद्दीन समेत 15 नई ट्रेनों को शामिल किया गया है। इसके अलावा शिवगंगा समेत दस जोड़ी ऐसी ट्रेनों को भी इसमें दर्शाया गया है, जिनका विस्तार रेलवे द्वारा किया गया है। समय सारिणी में एनसीआर द्वारा संचालित 86 और अन्य जोनल रेलवे की 104 पैसेंजर ट्रेनें जो एनसीआर के प्रयागराज, कानपुर, आगरा आदि स्टेशनों पर आती हैं, उनका नंबर बदल दिया गया है। चार जनवरी से बदल रहा माता वैष्णो देवी जाने वाली ट्रेन का नंबर प्रयागराज के सूबेदारगंज से श्री माता वैष्णो देवी कटरा जाने वाली जम्मू मेल का नंबर भी नई समय सारिणी में बदलने जा रहा है। चार जनवरी से इस ट्रेन का सूबेदारगंज से नंबर 20433 और श्री माता वैष्णो देवी कटरा से 20434 रहेगा। जम्मू मेल समेत एनसीआर से गुजरने वाली कुल 18 मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों के नंबर बदल रहे हैं। इसके अलावा समय सारिणी में एनसीआर जोन से गुजरने वाली 56 ट्रेनों के प्रायोगिक ठहराव वाले स्टेशनों का भी उल्लेख किया गया है। रात 8:50 की जगह 8:30 बजे रवाना होगी सूबेदारगंज-देहरादून एक्सप्रेस एक जनवरी से उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज, आगरा और झांसी मंडल की 80 ट्रेनों के आगमन-प्रस्थान के समय में बदलाव होने जा रहा है। नई व्यवस्था के तहत सूबेदारगंज से देहरादून जाने वाली 14113 देहरादून एक्सप्रेस अब रात 8:50 की जगह रात 8:30 बजे रवाना होगी। इसी तरह 22432 उधमपुर-सूबेदारगंज एक्सप्रेस अब यहां दोपहर 12:50 की जगह 12:55 बजे पहुंचेगी। 12404-22404 लालगढ़-प्रयागराज एक्सप्रेस का यहां पहुंचने का समय सुबह 4:45 की जगह 4:50 होने जा रहा है। इसी तरह कानपुर आने वाली छह, कानपुर अनवरगंज की दो, टूंडला की पांच, अलीगढ़ की पांच, खुर्जा की दो, दनकौर की दो, हाथरस किला की दो, हाथरस, फतेहपुर, मानिकपुर, मैनपुरी, फफूंद और इटावा आने वाली एक-एक ट्रेन के समय में बदलाव होने जा रहा है। इसी तरह झांसी मंडल के तमाम स्टेशनों की 17 और आगरा मंडल के स्टेशनों पर आने वाली 29 ट्रेनों के समय में एक जनवरी से बदलाव हो रहा है।   recent visitors 74

अरविंद केजरीवाल ने हनुमान जी का आशीर्वाद लेकर पुजारी का रजिस्ट्रेशन कर ‘पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना’ की शुरुआत की

नई दिल्ली आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने 'पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना' के रजिस्ट्रेशन की शुरुआत मंगलवार से कर दी। उनके साथ उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल भी मौजूद थी। अरविंद केजरीवाल ने आईएसबीटी स्थित मरघट वाले बाबा के मंदिर पहुंचकर हनुमान जी के दर्शन किए और उनका आशीर्वाद लिया। इसके साथ वहां मौजूद पुजारी का रजिस्ट्रेशन कर इस योजना की शुरुआत की। आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने मरघट वाले बाबा मंदिर के महंत का योजना के तहत रजिस्ट्रेशन करके प्रदेशभर में ‘पुजारी-ग्रंथी सम्मान योजना’ के रजिस्ट्रेशन कार्यक्रम की शुरुआत की। अरविंद केजरीवाल ने कहा, "आज मरघट वाले बाबा के मंदिर (आईएसबीटी) में दर्शन किए और पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना का शुभारंभ किया। यहां के महंत जी का आज जन्मदिन है। उनके साथ जन्मदिन भी मनाया।" उन्होंने कहा, "भाजपा ने रजिस्ट्रेशन रोकने की पूरी कोशिश की। लेकिन, भक्त को अपने भगवान से मिलने से कोई नहीं रोक सकता।" अरविंद केजरीवाल ने सुबह ही सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया था, जिसमें उन्होंने लिखा था, "बीजेपी वाले मुझे कल से गंदी-गंदी गालियां दे रहे हैं, जब से पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना की घोषणा हुई है। मेरा उनसे प्रश्न है – क्या मुझे गाली देने से देश का फायदा होगा? आपकी 20 राज्यों में सरकारें हैं। गुजरात में तो आपकी 30 साल से सरकार है। अभी तक आपने वहां पुजारियों और ग्रंथियों का सम्मान क्यों नहीं किया? चलो अब ही कर दो? मैंने अब सबको रास्ता दिखा दिया है। मुझे गाली देने की बजाय आप अपने बीस राज्यों में इसे लागू करो ना, तब तो सबका फायदा होगा? मुझे गालियां क्यों देते हो?" दिल्ली विधानसभा चुनाव को लेकर आम आदमी पार्टी और बीजेपी के बीच वाद-विवाद और आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है। इससे पहले महिला सम्मान योजना और बुजुर्गों के लिए शुरू की गई संजीवनी योजना को लेकर भी बीजेपी और आम आदमी पार्टी के बीच भिड़ंत हो चुकी है। recent visitors 204

रामराजा सरकार की नगरी ओरछा में नव वर्ष की लेकर खासा उत्साह है, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, जुटेंगे लाखों श्रद्धालु

निवाड़ी नए साल को लेकर पर्यटन नगरी ओरछा में शासन ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। ओरछा के सभी होटल बुक है। बताया जा रहा है कि नव वर्ष के मौके पर यहां दो लाख से ज्यादा संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। बुंदेलखंड की अयोध्या और रामराजा सरकार की नगरी में नव वर्ष की लेकर खासा उत्साह है। देश-विदेश से लोग अपने नए साल के पहले दिन की शुरुआत भगवान श्री राम के चरणों के साथ करना चाहता है। यही कारण है कि ओरछा के तमाम बड़े और छोटे होटेलों में महीनों पहले से इस दिन के लिए बुकिंग हो चुकी है।   ओरछा के सभी होटेल पूरी तरह से फुल हैं। इसके साथ ही देश विदेश से भी लाखों श्रद्धालुओं की भी ओरछा पंहुचने की संभावना है। प्रशासन ने पूरी तरह से इसकी तैयारियां कर ली हैं। श्री रामराजा मंदिर में श्रद्धालुओं को किसी तरह की कोई परेशानी न हो, इसके लिए बैरिकेडिंग की व्यवस्था की गई है। साथ ही अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है। दरअसल ओरछा ही विश्व में एकमात्र ऐसी जगह है। जहां भगवान श्री राम को राजा की तरह पूजा जाता है। recent visitors 202

केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने कहा- वर्ष 2024 किसानों की आय बढ़ाने और आत्मनिर्भर बनाने वाला रहा

भोपाल केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि वर्ष 2024 विकसित भारत के विराट संकल्प की सिद्धि का आधार बना है। किसानों की आय बढ़ाने के साथ आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में उल्लेखनीय कार्य हुए हैं। केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2024 विकसित भारत के विराट संकल्पों की सिद्धि का आधार बना है। इस दौरान कृषि क्षेत्र में भी हमने अभूतपूर्व उपलब्धियां अर्जित की हैं। प्रधानमंत्री द्वारा प्रत्येक कैबिनेट में कृषि और किसान से संबंधित अनेक महत्वपूर्ण सौगात दी गईं। इस दौरान किसानों की आय बढ़ाने, उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में उल्लेखनीय कार्य हुए।” केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने आगे कहा किसान की सेवा मोदी सरकार के लिए भगवान की पूजा है। प्रधानमंत्री ने अपने तीसरे कार्यकाल का शुभारंभ ‘पीएम किसान सम्मान निधि’ राशि जारी करने के साथ किया और 9.26 करोड़ किसानों को 20 हजार करोड़ सीधे भेजे। साथ ही फसलों की जलवायु अनुकूल 109 किस्में किसानों को समर्पित की और खरीफ विपणन सीजन 2024-25 के लिए 14 खरीफ फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ोतरी का ऐतिहासिक निर्णय लिया। उन्होने कहा, “किसान कल्याण के प्रति संवेदनशील मोदी सरकार ने खाद्य तेलों के आयात शुल्क को शून्य प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत किया। बासमती चावल से न्यूनतम निर्यात शुल्क हटाने का निर्णय लिया और गैर बासमती चावल से निर्यात पर प्रतिबंध हटाया। साथ ही प्याज के निर्यात शुल्क को 40 प्रतिशत से 20 प्रतिशत किया। इस दौरान हमने 100 दिन सैचुरेशन अभियान चलाकर 25 लाख नए किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना से जोड़ा। साथ ही केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन-तिलहन, कृषोन्नति योजना, डिजिटल कृषि मिशन और राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन को मंजूरी दी। इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में किसान कल्याण हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।” चौहान ने आगे कहा, “किसानों की आय बढ़ाने के लिए हमने 6 सूत्रीय रणनीति बनाई और निरंतर प्रयास किया कि किसान समृद्ध हों। केंद्र सरकार की किसान हितैषी नीतियों के परिणामस्वरूप इस वर्ष कृषि वृद्धि दर 3.5 प्रतिशत रही, जिसके अगले साल बढ़कर चार प्रतिशत होने का अनुमान है। विकसित भारत के लिए विकसित कृषि आवश्यक है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में बीते एक वर्ष में इस हेतु हमने अनेक निर्णय किए हैं। आने वाले वर्ष में दोगुनी ऊर्जा और उत्साह के साथ किसानों के जीवन को खुशहाल बनाने में जुटेंगे।” उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2024 ग्रामीण भारत के विकास के उन संकल्पों का साक्षी बन रहा है, जो विकसित और आत्मनिर्भर भारत की नींव हैं। इस वर्ष दुनिया ने हमारी नमो ड्रोन दीदियों की उड़ान देखी तो साथ ही सशक्तिकरण का पर्याय बनीं लखपति दीदियों के सामर्थ्य से भी परिचित हुई। ग्रामीण इलाकों में बनाए जा रहे आवास को लेकर केंद्रीय मंत्री चौहान ने कहा, “प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण से 3 करोड़ नागरिकों का अपने पक्के घर का सपना सच हुआ तो वहीं प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के माध्यम से गांव का खुशियों से नाता जुड़ा। मनरेगा ने संबल दिया तो आजीविका मिशन से बहनों को समृद्धि मिली। बीते एक वर्ष में संपूर्ण देश ग्रामीण भारत के विकास की अभूतपूर्व यात्रा का साक्षी बना है। निश्चय ही आने वाला वर्ष भी नई उपलब्धियों से भरा होगा और हम दृढ़ संकल्प के साथ ग्रामीण विकास हेतु समर्पित रहेंगे।”   recent visitors 62

केरल को ‘मिनी पाकिस्तान’ बताने पर अब CM पिनराई विजयन का आया जवाब, नितेश राणे पर बदनाम करने का आरोप

कोच्चि, मुंबई महाराष्ट्र सरकार के मंत्री और भाजपा लीडर नितेश राणे ने पिछले दिनों राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के केरल से चुने जाने पर हमला बोला था और राज्य को ‘मिनी पाकिस्तान’ करार दिया था। इस पर जमकर बवाल मचा तो नितेश राणे ने सफाई भी दी और कहा कि मैंने इसलिए केरल को मिनी पाकिस्तान कहा था क्योंकि वहां लव जिहाद का एजेंडा आगे बढ़ रहा है। हिंदू और मुसलमान महिलाओं का धर्मांतरण कराया जाता है। हमारा देश कैसे हिंदू राष्ट्र बना रहे, हमें इसके लिए प्रयास करने होंगे। यह तो सच है कि राहुल गांधी और प्रियंका को वहां जीत मिली क्योंकि वह आतंकियों का समर्थन लेते हैं। यदि मैं गलत हूं तो फिर कांग्रेस मुझे गलत साबित करे। नितेश राणे के विवादित बयान देने और उस पर कायम रहने के बीच अब केरल के सीएम का ही बयान आया है। केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने नितेश राणे पर राज्य को बदनाम करने का आरोप लगाया है और कहा कि यह संघ परिवार का एजेंडा है। पिनराई विजयन ने एक्स पर लिखा, 'महाराष्ट्र के मत्स्य पालन और जहाजरानी मंत्री नितेश राणे ने केरल को मिनी पाकिस्तान का लेबल दिया है। यह बेहद आपत्तिजनक और निंदनीय है। इस तरह के नफरती बयान बताते हैं कि कैसे संघ परिवार की ओर से केरल के खिलाफ एजेंडा चलाया जाता रहा है और उसे बदनाम किया जाता है। केरल तो सेकुलरिज्म और सांप्रदायिक सद्भाव की जमीन है।' उन्होंने कहा कि हम केरल के खिलाफ इस तरह के आपत्तिजनक बयान की निंदा करते हैं।' यही नहीं पिनराई विजयन ने कहा कि केरल के लोगों को संघ के इस हेटफुल एजेंडे के खिलाफ एकजुट हो जाना चाहिए। महाराष्ट्र के दिग्गज नेता नारायण राणे के बेटे नितेश फिलहाल देवेंद्र फडणवीस सरकार में मंत्री हैं। वह पहले भी ऐसे बयान दे चुके हैं, जिस पर विवाद छिड़ गया था। हाल ही में उन्होंने वायनाड लोकसभा सीट से प्रियंका गांधी की जीत को लेकर टिप्पणी की थी। राणे का कहना है कि केरल से ही दोनों भाई-बहन इसलिए चुनाव लड़ने जाते हैं क्योंकि वहां से उनका जीतना आसान है। इसके अलावा केरल में मुस्लिमों की बड़ी आबादी को लेकर विवादित टिप्पणी करते हुए नितेश ने राज्य को 'मिनी पाकिस्तान' करार दिया था। नितेश राणे ने कहा था, 'केरल मिनी पाकिस्तान है। इसीलीए राहुल गांधी और उनकी बहन वहां से चुनाव लड़ने जाते हैं। सारे आतंकवादी उन्हें वोट करते हैं। यह सच है औऱ आप पूछ सकते हैं। वे लोग आतंकियों को साथ लेकर ही सांसद चुने गए।' recent visitors 78

मध्य प्रदेश को मिलने वाला है नया प्रदेशाध्यक्ष जल्द , इस दिन आएगी सूची

भाजपा जिला अध्यक्ष चुने जाने की मप्र भाजपा की अड़चनें शीर्ष नेतृत्व ने दूर कर दी है। सबकुछ ठीक रहा तो जल्द ही भाजपा को प्रदेश अध्यक्ष भी मिल जाएगा। इन बिंदुओं पर दिल्ली में शुरू हुई केंद्रीय भाजपा की बैठक में मंथन हुआ। इसमें मप्र भाजपा संगठन पदाधिकारियों का एक दल शामिल रहा। चुनाव को लेकर अलग-अलग स्तर पर बातचीत हुई। प्रदेश भाजपा ने किया था मंथन प्रदेश भाजपा खुद के स्तर पर मंथन कर रही थी, लेकिन जिला अध्यक्ष चुने जाने को लेकर एक राय नहीं बनी। सूत्रों के मुताबिक केंद्रीय नेतृत्व की लाइन पर पार्टी बढ़ेगी। प्रत्येक जिले से तीन-तीन नामों का पैनल मंगवाया जाएगा। इसी में से एक नाम संगठन के संज्ञान में लाकर फाइनल किया जाएगा। बता दें कि अध्यक्षों की सूची पांच जनवरी तक आ जाएगी। उसके बाद प्रदेश अध्यक्ष चुनाव की प्रक्रिया शुरू होगी। बूथ व मंडल अध्यक्ष चुनने में अव्वल राष्ट्रीय बैठक में मप्र भाजपा द्वारा बूथ और मंडल अध्यक्ष चुने जाने को लेकर बरती गई पारदर्शिता व सक्रियता चर्चा का विषय रही। सूत्रों के मुताबिक अन्य राज्यों के संगठन को मप्र भाजपा के कामों से सीख लेने की सलाह दी गई। सक्रिय सदस्यता में भी अच्छा काम प्रदेश भाजपा ने सक्रिय सदस्य बनाने में भी अच्छा काम किया। मप्र भाजपा इसमें पहले स्थान पर रहा तो गुजरात को दूसरी व यूपी को तीसरी रैंक मिली। इस पर भी प्रदेश भाजपा संगठन को सरहाना मिली है। पूर्व संगठन मंत्री भी ठोक रहे ताल पार्टी के पूर्व संगठन मंत्री से लेकर पूर्व विधायक तक जिला अध्यक्ष के लिए ताल ठोक रहे हैं। क्षेत्रीय क्षत्रपों से समीकरण बैठाने में जुटे हैं। सूत्रों के मुताबिक कई नेता पूर्व संगठन मंत्रियों के नाम की पुरजोर पैरवी भी कर रहे हैं। ऐसा होता है पार्टी में ही नई लकीर खींची जाएगी। भाजपा संगठन ने सितंबर 2021 में छह संभागीय संगठन मंत्रियों की छुट्टी कर दी थी। शैलेंद्र बरूआ, जितेंद्र लिटोरिया, आशुतोष तिवारी, श्याम महाजन, जयपाल सिंह चावड़ा और केशव सिंह भदौरिया को पद से मुक्त करते हुए पूरी जिम्मेदारी संगठन महामंत्री सुहास भगत और सह संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा को दी गई थी। तीन फैक्टर हावी लंबे समय बाद जिला अध्यक्षों के चुनाव हो रहे हैं। 75 फीसदी जिलों में मौजूदा अध्यक्ष भारी पड़ रहे हैं, क्योंकि इन्हीं के नेतृत्व में प्रदेश भाजपा ने विधानसभा चुनाव 2023, लोकसभा चुनाव 2024 और सक्रिय सदस्यता बनाने में देशभर में बाजी मारी।जमीनी पदाधिकारी दावा ठोक रहे हैं कि वे लंबे समय से बिना पद के काम किए जा रहे हैं। उन्हें निगम मंडलों में जगह नहीं दी गई। कम से कम अब संगठन चुनाव में ही मौका मिल जाए।कई सांसद व भाजपा विधायक भी जोड़-तोड़ में लगे हैं कि उनके गुट का अध्यक्ष हो तो चुनाव लड़ने को लेकर थोड़ी मदद मिलेगी। इसके अलावा भी अध्यक्षों को लेकर कई फैक्टर प्रभावी हैं। recent visitors 175

मनोज श्रीवास्तव बने नए एमपी राज्य निर्वाचन आयुक्त: सीएम सचिवालय में सबसे पावरफुल अफसर रहे; बीपी सिंह का कार्यकाल पूरा

Manoj Srivastava becomes new MP State Election Commissioner: He was the most powerful officer in CM Secretariat; BP Singh’s tenure ends भोपाल । रिटायर्ड अपर मुख्य सचिव मनोज श्रीवास्तव मध्यप्रदेश मध्यप्रदेश के नए राज्य निर्वाचन आयुक्त बन गए हैं। सामान्य प्रशासन विभाग ने मंगलवार शाम को आदेश जारी कर दिया है। इससे पहले आयोग के आयुक्त रहे बसंत प्रताप सिंह का 6 माह का अतिरिक्त कार्यकाल 31 दिसंबर पूरा हुआ है। इसके चलते राज्य शासन ने आज ही राज्य निर्वाचन आयुक्त के पद पर नई नियुक्ति के आदेश जारी किए। श्रीवास्तव के पहले इस पद पर पूर्व मुख्य सचिव वीरा राणा और रिटायर्ड एसीएस मलय श्रीवास्तव की भी दावेदारी थी। वीरा राणा का आदेश ऐन मौके पर रुका थाइसके पहले 30 सितम्बर को पूर्व मुख्य सचिव वीरा राणा के रिटायरमेंट के दिन उन्हें नया राज्य निर्वाचन आयुक्त बनाए जाने के आदेश जारी होने वाले थे। राज्य निर्वाचन आयोग में इसकी तैयारी भी कर ली गई थी और बीपी सिंह ने स्टाफ को हाई-टी देकर खुद को कार्यमुक्त भी बता दिया था। हालांकि अनुराग जैन को मुख्य सचिव बनाने का आदेश जारी होने के बाद समीकरण बदल गए। इसके बाद वीरा राणा काे राज्य निर्वाचन आयुक्त बनने का फैसला टल गया। 30 जून को खत्म हो गया था सिंह का कार्यकालइससे पहले राज्य निर्वाचन आयुक्त रहे बीपी सिंह का कार्यकाल 30 जून 2024 को खत्म हो गया था। तब सरकार ने किसी नए आयुक्त को नियुक्ति नहीं देते हुए बीपी सिंह को ही पद पर बने रहने के आदेश जारी किए थे। इसमें कहा गया था कि राज्य निर्वाचन आयुक्त कार्यकाल पूरा होने के बाद 6 माह तक पद पर बने रह सकते हैं। recent visitors 201