महापरिनिर्वाण श्रद्धांजलि एवं संविधान दिवस कार्यक्रम संपन्न

Mahaparinirvan Tribute and Constitution Day program concluded भोपाल ! मध्य प्रदेश सर्व जाटव संघ के पूर्व अध्यक्ष रामसिंह अहिरवाल जी की धर्मपत्नी श्रीमती डोली देवी अहिरवाल जी का 15 नवंबर 2024 को महापरिनिर्वाण को प्राप्त हो गया था। उनके परिवार को संबल प्रदान किये जाने हेतु भदंत शाक्यपुत्र सागर थैरोजी अध्यक्ष/ संस्थापक ,भंते राहुलपुत्र कोषाध्यक्ष द बुद्ध भूमि धम्मदूत संघ मप्र के सानिध्य में बुद्ध वंदना कर दुखी परिवार को संबल प्रदान किया गया। इसी दिवस 26 नवंबर 2024 को संविधान दिवस होने के कारण उपस्थित जन समूह के साथ भारतीय संविधान की उद्देशिका का भी वाचन कराया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से भदंत शाक्यपुत्र सागर थैरोजी अध्यक्ष/ संस्थापक ,भंते राहुलपुत्र कोषाध्यक्ष द बुद्ध भूमि धम्मदूत संघ मप्र के साथ महापरिनिर्वाण को प्राप्त श्रीमती डोली देवी अहिरवाल जी के जीवन साथी एवं सर्व जाटव संघ के पूर्व अध्यक्ष रामसिंह अहिरवाल तथा पुत्र एवं पुत्रवधू श्रीमती लक्ष्मी -दिनेश बिजोले, श्रीमती चंचल-महेश बिजोले, श्रीमती मनोरमा-अरुण बिजोले, श्रीमति श्रुति-चंद्रशेखर बिजोले तथा बेटी-दामादश्रीमती सरोज-सत्य विजय चन्दन,श्रीमती मीना-डॉक्टर शेखर अहिरवार तथा नाती-नातिन अभिजीत चन्दन, अभिषेक चन्दन, प्रिंसी अहिरवार, मिशेख अहिरवार,तथा पोता-पोती पलक बिजोले, तनिष्क बिजोले, डिंपी बिजोले, मिली बिजोले, मेहुल बिजोले, गुनगुन बिजोले, टीशा बिजोले, पल्लवित बिजोले सहित परिवार के समस्त नाते रिश्तेदार ईष्ट मित्र एवं सहयोगी, मार्गदर्शक उपस्थित रहे। recent visitors 171

साइबर फ्रॉड होने पर टोल-फ्री नंबर 1930 पर तुरंत करें संपर्क, पैसे जल्द मिल सकते हैं वापस

 जबलपुर यदि आप डिजिटल अरेस्ट और साइबर फ्राड के शिकार होते हैं तो सर्वप्रथम हेल्पलाइन टोल-फ्री नंबर 1930 पर डायल करें। स्टेट साइबर सेल आपकी शिकायत को गंभीरता से लेकर अविलंब कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। समय रहते शिकायत अपराधियों के पकड़े जाने का आधार बन सकती है समय रहते शिकायत करने की सावधानी और जागरूकता डिजिटल अरेस्ट और साइबर फ्राड करने वालों के पकड़े जाने का आधार बन सकती है। एकदम से काल उठाने पर साइबर ठगों की बातों के शिकार इंटरनेशनल काल भी नहीं उठाने चाहिए। इनके जरिए साइबर ठगी हो सकती है। मोबाइल पर जब भी कोई काल आए सबसे पहले जांच-परख कर लें। एकदम से काल उठाने से आप साइबर ठगों की बातों के शिकार हो सकते हैं। recent visitors 80

मुख्यमंत्री ने कहा कि रेल लाइन के विस्तार से धार्मिक, सांस्कृतिक एवं इको पर्यटन को प्रोत्साहन मिलेगा

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय कैबिनेट द्वारा रेल मंत्रालय की 7 हजार 927 करोड़ रुपये लागत की 3 मल्टी ट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी प्रदान करने पर प्रधानमंत्री मोदी और केन्द्रीय कैबिनेट का आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि रेल लाइन के विस्तार से धार्मिक, सांस्कृतिक एवं इको पर्यटन को प्रोत्साहन मिलेगा। इस पहल से प्रदेश में ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग (खंडवा), खजुराहो यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल, असीरगढ़ किला और रीवा किला जैसे विभिन्न आकर्षणों तक बेहतर पहुंच सुनिश्चित होगी, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेश में रोजगार के अवसर भी बढ़ेगी। मुख्यमंत्री ने परियोजनाओं की स्वीकृत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री का आभार माना। मध्यप्रदेश सहित महाराष्ट्र और उत्तरप्रदेश के 7 जिलें होंगे कवर बता दें कि केंद्रीय मंत्री-मंडल ने रेल मंत्रालय की 3 परियोजनाओं को मंजूरी दी, जिनकी लागत 7 हजार 927 करोड़ रुपये है। इनमें जलगांव-मनमाड चौथी लाइन (160 किमी), भुसावल-खंडवा तीसरी और चौथी लाइन (131 किमी) तथा प्रयागराज (इरादतगंज) मानिकपुर तीसरी लाइन (84 किमी) शामिल हैं। ये परियोजनाएं 3 राज्यों अर्थात महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश के 7 जिलों को कवर करेंगी। इससे भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 639 किलोमीटर की वृद्धि होगी। निर्माण अवधि के दौरान लगभग एक लाख मानव-दिनों के लिए प्रत्यक्ष रोजगार उत्पन्न होंगे। इससे कोयला परिवहन और यात्री ट्रेनों के लिए निर्बाध कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी और मालगाड़ी के यात्रा समय में कमी करने में भी मदद मिलेगी। तीर्थ यात्रियों, प्रकृति प्रेमियों को मिलेगा लाभ स्वीकृत परियोजना खंडवा और चित्रकूट जैसे 2 आकांक्षी जिलों में कनेक्टिविटी बढ़ाएगी, जिससे लगभग एक हजार 319 गांवों और लगभग 38 लाख आबादी को सेवा मिलेगी। मुंबई-प्रयागराज-वाराणसी रूट पर अतिरिक्त यात्री ट्रेनों के संचालन को सक्षम करके कनेक्टिविटी को बढ़ाएगा। नासिक (त्र्यंबकेश्वर) और वाराणसी (काशी विश्वनाथ) के ज्योतिर्लिंग के साथ प्रयागराज, चित्रकूट, गया और शिरडी जैसे धार्मिक स्थलों की यात्रा करने वाले तीर्थयात्रियों को लाभ होगा। अजंता और एलोरा गुफाएँ यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल, देवगिरी किला, यावल वन्यजीव अभयारण्य, केवटी फॉल्स और पुरवा फॉल्स आदि जैसे विभिन्न आकर्षणों तक बेहतर पहुँच के माध्यम से प्रकृति प्रेमियों और इतिहास में रूचि रखने वाले पर्यटकों को भी सुविधा होगी और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।   recent visitors 69

नशे के सौदागर, आतंकवादी, आय के स्त्रोत सहित अन्य गतिविधियों को छिपाने के लिए इसका उपयोग हो रहा : विशेषज्ञ

इंदौर इंदौर में आयोजित यूरेशियन ग्रुप की मीटिंग के तीसरे दिन अलग-अलग देश से आए विशेषज्ञों ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि यह वित्तीय नवाचार का दौर है, जो जोखिम से भी भरा है। नशे के सौदागर, आतंकवादी, आय के स्त्रोत सहित अन्य गतिविधियों को छिपाने के लिए इसका उपयोग हो रहा है। इन जोखिमों को कम करने के लिए वैश्विक स्तर पर कानून और मजबूत करना होंगे। वित्तीय अपराध रोकने के लिए तकनीक को ही औजार बनाने के जरूरत है। भारत सरकार के अतिरिक्त सचिव विवेक अग्रवाल ने कहा कि आर्थिक अपराधों को रोकने के लिए हमारे पास वैश्विक दृष्टिकोण चाहिए। वैश्विक वित्तीय प्रणाली की अखंडता को बनाकर रखना होगा, ताकि अपराधी कमजोर वित्तीय नीतियों का फायदा न उठा सके। जापान के प्रतिनिधि सोशी काजे कवाका ने कहा कि नई तकनीकों का उपयोग पैसे के स्त्रोत को छिपाने के लिए हो रहा है। अंतर्राष्ट्रीय आतंकवाद विश्व के लिए खतरा है। आजकल आतंकवादी फंडिंग के लिए क्रिप्टो करेंसी का उपयोग कर रहे हैं। इन अपराधियों को रोकने के लिए सदस्य देशों को मिलकर वैश्विक नेटवर्क और मॉडल विकसित करना होंगे। मीटिंग के अलग अलग सत्रों में प्रतिनिधियों ने अपनी बात रखी। बता दें कि इंदौर में हो रही यूरेशियन ग्रुप की अंतर्राष्ट्रीय बैठक   में 25 देशों के 200 से ज्यादा प्रतिनिधि आए हुए हैं। इस बैठक में आतंकवाद के लिए होने वाली फंडिंग, मनी लॉन्ड्रिंग जैसे अपराधों की रोकथाम को लेकर सभी सदस्य देशों की कारगर रणनीति बनाई जा रही है। बुधवार को एक फिनटेक प्रदर्शनी का शुभारंभ भी हुआ।   recent visitors 67

पहाड़ों पर बर्फबारी ने एमपी में बढ़ाई ठिठुरन, पचमढ़ी सबसे ठंडा, भोपाल

भोपाल  जम्मू कश्मीर, मनाली सहित उत्तर भारत के राज्यों में हो रही बर्फबारी का असर मध्य प्रदेश में दिखने लगा है। राज्य के कई हिस्सों में सर्द हवाएं चलना शुरू हो चुकी हैं। मंगलवार को प्रदेश का न्यूनतम तापमान गिरकर 5.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। मैदानी जिलों की बात करें तो यहां न्यूनतम पारा 7.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। राजधानी भोपाल सहित पांच शहरों का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस के नीचे पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार बुधवार से तापमान में और गिरावट आने के आसार नजर आ रहे हैं। सर्द हवाओं के चलने से मध्य प्रदेश में सिहरन हो सकती है। कहां कितना तापमान प्रमुख स्थानों के न्यूनतम तापमान को देखा जाये तो मैदानी क्षेत्र के जिलों में मंडला सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 7.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। वहीं, एकमात्र हिल स्टेशन पचमढ़ी की बात करें तो यहां न्यूनतम तापमान 5.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। भोपाल में 9.8, राजगढ़ में 9.6, नौगांव 9.3 और उमरिया में 9 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज हुआ। आगे भी रह सकता है ऐसा मौसम मौसम विशेषज्ञों के अनुसार हाल ही में हुई बर्फबारी के बाद उत्तर भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में तापमान में काफी गिरावट आ रही है। अभी हवा का रुख भी उत्तरी बना हुआ है। उत्तर भारत की तरफ से लगातार आ रही सर्द हवाओं के कारण प्रदेश में अच्छी ठंड पड़ रही है। आगे भी ऐसा ही मौसम रह सकता है। इन सलाहों को अपनाएं मौसम विभाग ने बुधवार को प्रदेश के सभी जिलों का मौसम शुष्क बने रहने का अनुमान जताया है। विभाग ने सुझाव दिया है कि कुछ स्थानों में कोहरा पड़ सकता है, इसलिए लोगों को बस का उपयोग करना चाहिए क्योंकि कोहरे में मौजूद कारण पदार्थ और विभिन्न प्रकार के प्रदूषण होते हैं। इनके संपर्क में आने से लोगों के फेफड़े के कार्य क्षमता प्रभावित हो सकती है। खांसी और सांस की समस्या भी बढ़ सकती है। साथ ही वाहनों को धीमी या औसत गति पर चलाएं। आगे वाली गाड़ी से पर्याप्त दूरी बनाए रखें। फॉग लैंप का इस्तेमाल करें ताकि कोहरे के कारण किसी भी प्रकार की दुर्घटना ना हो पाए। recent visitors 77

दरगाह पर चला मध्य प्रदेश प्रशासन का बुलडोजर

रतलाम। मध्य प्रदेश के रतलाम में जावरा फाटक से सेजावता फंटे तक बन रहे फोरलेन बनाने का रास्ता साफ हो गया है। पहलवान बाबा की दरगाह का हिस्सा हटाने पर कोर्ट ने 13 दिन पहले जो स्टे दिया था, उसे मंगलवार को खारिज कर दिया। तहसीलदार का कहना है कि स्टे के कारण दरगाह के आसपास फोरलेन का काम रुक गया था। अब फिर से काम शुरू किया गया है। साथ ही अतिक्रमण भी हटाया जा रहा है। वहीं दरगाह कमेटी के पक्ष से जानकारी मिली कि जुड़े कि हम हाई कोर्ट में याचिका लगाएंगे। इसके साथ ही सामने रणजीत हनुमान मंदिर का भी अतिक्रमण हटाया गया विवाद की बनी थी स्थिति जावरा फाटक से सेजावता फंटे तक 4.12 किमी लंबे फोरलेन का काम चल रहा है। इसमें पहलवान बाबा की दरगाह का कुछ हिस्सा अतिक्रमण में आ रहा है। इसको लेकर विवाद की स्थिति बनी तो प्रशासन ने दरगाह से जुड़े लोगों के साथ बैठक कर मामले का हल निकाला था। फिर भी कुछ लोग कोर्ट पहुंच गए और बताया कि पहलवान बाबा की दरगाह को अवैध कार्रवाई कर नष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है। 13 नवंबर को तृतीय व्यवहार न्यायाधीश कनिष्ठ खंड रतलाम अतुल श्रीवास्तव की कोर्ट में प्रशासन की ओर से पक्ष रखने के लिए कोई नहीं पहुंचा तो कोर्ट ने एकपक्षीय फैसला दे दिया। इसमें कोर्ट ने यथास्थिति बनाए रखने (स्टे) का आदेश जारी किया था। 14 नवंबर को सरकारी अधिवक्ता समरथ पाटीदार ने एकपक्षीय स्टे निरस्त करने का आवेदन दिया था। मंगलवार को कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद 13 नवंबर को स्टे दे आदेश निरस्त कर दिया। recent visitors 188

चैंपियंस ट्रॉफी 2025 की मेजबानी छिनने का खतरा बढ़ा, पाकिस्तान में बवाल के कारण पीसीबी की मुश्किलें भी बढ़ा दी

नई दिल्ली पाकिस्तान में इस समय हालात सही नहीं हैं। भारत के पड़ोसी मुल्क में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और सरकार के बीच संघर्ष खून-खराबे में बदल गया। कई लोग इसमें अपनी जान गंवा चुके हैं। हालांकि, इमरान समर्थक और सेना के बीच हुआ विरोध प्रदर्शन थम गय, लेकिन इस घटना ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड यानी पीसीबी की मुश्किलें भी बढ़ा दी हैं, जिसे फरवरी-मार्च में आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 की मेजबानी करनी है। अगर हालात जल्द ठीक नहीं होते हैं तो फिर पाकिस्तान से इसकी मेजबानी छिन सकती है। हालांकि, एक बात तय है कि अब पाकिस्तान को इस टूर्नामेंट को हाइब्रिड मॉडल पर आयोजित करने के लिए झुकना पड़ सकता है। पाकिस्तान में क्यों हो रही है हिंसा? बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ दिन पहले पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिम में कम्यूनल वॉयलेंस हुआ। अफगान सीमा के करीब कुर्रम के जनजातीय जिले में यह हिंसा हुई। करीब 80 लोगों ने इसमें अपनी जान गंवा दी। हाल ही में शिया समुदाय के सुरक्षा से घिरे हुए एक काफिले पर हमला हुआ था, जिसमें करीब 40 लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद से ये हिंसा और भी ज्यादा भड़क गई। हालांकि, एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक, शिया और सुन्नी समुदाय के नेताओं के बीच बातचीत हो गई है और हिंसा को रोकने पर सहमत हो गए हैं, लेकिन जमीन पर अभी हालात सामान्य नहीं हैं। वहीं, एक अन्य बड़ी घटना इस्लामाबाद में देखने को मिली, जहां इमरान खान के समर्थन और सेना के बीच टकराव देखने को मिला। बात गोलीबारी तक पहुंच गई, जिसमें 10 लोगों की जान चली गई। इनमें 4 सैनिक भी शामिल हैं। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पर असर पाकिस्तान में जारी हिंसा का असर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पर पड़ने की पूरी उम्मीद है और इसकी शुरुआत श्रीलंका के पाकिस्तान दौरे के साथ शुरू हो चुकी है। श्रीलंका ए ने पाकिस्तान का दौरा हिंसा के कारण कैंसिल कर दिया है। इसके अलावा इसी शुक्रवार को इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी की बैठकर चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर होनी है। अगर उस समय तक हालात सामान्य नहीं होते हैं तो फिर पीसीबी से मेजबानी छिनने का भी खतरा है। बांग्लादेश में हाल ही में तख्तापलट हुआ था और उस समय बांग्लादेश में आईसीसी वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप होना था, लेकिन इसे यूएई शिफ्ट कर दिया गया। अगर पाकिस्तान में भी यही हालात जारी रहते हैं तो फिर चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर भी ऐसा ही ऐलान आईसीसी की ओर से हो सकता है। हालांकि, अब भारत का पॉइंट प्रूव हो गया है कि इन हालातों में टीम इंडिया का पाकिस्तान जाना सुरक्षित नहीं है और ऐसे में टूर्नामेंट हाइब्रिड मॉडल पर आयोजित किया जाएगा। इसकी पुष्टि शुक्रवार को हो सकती है। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड इस बात पर अड़िग है कि टूर्नामेंट पूरी तरह पाकिस्तान में होना चाहिए, लेकिन मौजूदा हालातों के कारण पाकिस्तान को झुकना पड़ेगा। हालांकि, जिन तीन शहरों में चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी होनी है। उनमें कोई बड़ी हिंसा या हमले की खबर नहीं है, लेकिन पाकिस्तान एक छोटा देश है तो फिर कुछ भी कहना सेफ नहीं होगा। यही कारण है कि फिलहाल के लिए आईसीसी हाइब्रिड मॉडल का प्रस्ताव पारित कर सकती है। अगर बाद में हालात खराब रहते हैं तो इसे शिफ्ट करने पर विचार किया जा सकता है। पाकिस्तान में हो रहे हमले पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में बृहस्पतिवार को आतंकवादियों ने यात्रियों को ले जा रहे तीन वाहनों को निशाना बनाकर हमला किया था, जिसमें करीब 50 लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद से ये हिंसा भड़की, लेकिन इससे पहले भी कुछ हमले पाकिस्तान में हुए हैं। नवंबर की शुरुआत में ही पाकिस्तानी अलगाववादियों ने दक्षिण-पश्चिमी बलूचिस्तान प्रांत के एक रेलवे स्टेशन पर बम विस्फोट किया था, जिसमें 14 सैनिकों सहित 26 लोगों की जान चली गई थी। आए दिन पाकिस्तान में ये होता रहता है। ऐसे में भारतीय टीम का पाकिस्तान जाना सुरक्षित नहीं है। भारत सरकार चैंपियंस ट्रॉफी के लिए भारतीय टीम को वहां भेजने की अनुमति नहीं देगी। recent visitors 97