Tuesday, July 7, 2026 6:05 am

चुनाव आयोग में ही गड़बड़ी… EVM का बचाव करने पर राजीव कुमार पर भड़के संजय राउत

महाराष्ट्र में शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत ने चुनाव आयोग पर आरोप लगाए हैं. संजय राउत ने मीडिया से बातचीत में कहा कि पूरी दुनिया कहती है कि ईवीएम में गड़बड़ी है. चुनाव आयोग कहता है कि इसमें कोई गड़बड़ी नहीं है. उन्होंने कहा कि हमें तो लगता है कि आयोग में ही सारी गड़बड़ी है. मुख्य चुनाव आयुक्त का नाम लेते हुए संजय राउत ने कहा कि राजीव कुमार रिटायर होंगे, इसके बाद भी उनके पास बढ़िया काम रहेगा. रिटायरमेंट के बाद मोदी-शाह उन्हें किसी राज्य का राज्यपाल बना देंगे. उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र और हरियाणा में ईवीएम में गड़बड़ी हुई है. चुनाव आयोग को गांवों में जाकर बैठना चाहिए, तभी उन्हें ईवीएम और बैलेट पेपर की सच्चाई उन्हें वाकई में समझ आएगी. उन्होंने कहा कि बीजेपी ने लोकतंत्र का अपहरण कर लिया है. हजारों नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए. चुनाव आयोग अब बीजेपी के ‘ताट के नीचे बैठा बिल्ली’ बन गया है. दिल्ली विधानसभा चुनाव के तिथियों के ऐलान के समय उन सभी सवालों का जवाब दिया, जिसके लेकर इलेक्शन कमीशन पर सवाल उठाए जा रहे थे. मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने कहा कि चुनाव में वोट देने वाले किसी वोटर का नाम किसी भी तरीके से हटाया ही नहीं सकता है. उन्होंने कहा कि अगर फॉर्म साथ में न हो. यहां तक कि अगर किसी की मौत हो गई हो तो उसका रिकॉर्ड भी इलेक्शन कमीशन की तरफ से रखा जाता है. इसके लिए सभी मृतकों के डेथ सर्टिफिकेट को रिकॉर्ड में रखा जाता है. उन्होंने कहा कि अगर इसके बाद भी किसी का नाम गलती से हट जाता है तो हमारी तरफ से उसे नोटिस भेजा जाता है. मुख्य चुनाव आयुक्त ने एक शायरी के जरिए कहा कि आरोपों और इल्जामातों का दौर चले कोई गिला नहीं…हर परिणाम में प्रमाण देते है…शक का इलाज तो हकिम लुकमान के पास भी नहीं है. recent visitors 330

तत्काल डिग्री सेवा से तीन दिन में डीएवीवी के विद्यार्थियों को मिलेगी डिग्री, लगेंगे एक हजार रुपये

इंदौर विद्यार्थियों की सुविधा का ध्यान रखते हुए देवी अहिल्या विश्वविद्यालय ने बरसों पुरानी डिग्री जारी करने की व्यवस्था में बदलाव कर दिया है। अब तीन दिन के भीतर विद्यार्थियों को डिग्री मिल सकेंगी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने पहली मर्तबा तत्काल डिग्री सेवा शुरू की है। इसके लिए विद्यार्थियों को एक हजार रुपये शुल्क देना होगा। अधिकारियों के मुताबिक आवेदन करने के बाद कार्यालयीन दिवस में डिग्री बनाकर देंगे। दरअसल कुछ सालों से यूपीएससी-पीएससी की भर्ती परीक्षाओं में डिग्री अनिवार्य की गई है। जल्द डिग्री बनाने के लिए लगाते थे गुहार परीक्षा की अधिसूचना के बाद विद्यार्थी डिग्री के लिए आवेदन करते हैं। जल्द डिग्री बनाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन से गुहार लगाते थे। कई बार आवेदक उच्च अधिकारियों और नेताओं तक की सिफारिश लगवाते हैं। विद्यार्थियों को इन सभी कठिनाइयों से राहत दिलाने के लिए तीन महीने पहले विश्वविद्यालय ने तत्काल डिग्री देने का प्रस्ताव बनाया। कार्यपरिषद से मंजूरी मिलने के बाद डिग्री से जुड़ी नई व्यवस्था लागू की गई। अधिकारियों के मुताबिक तत्काल डिग्री सेवा शुरू करने से विद्यार्थियों को किसी की सिफारिश की जरूरत नहीं होगी। साथ ही विश्वविद्यालय का राजस्व भी बढ़ेगा। 2017 के बाद बढ़ाया शुल्क तत्काल डिग्री सेवा के अलावा सामान्य डिग्री व्यवस्था में भी विश्वविद्यालय ने परिवर्तन किया है। इसके तहत 200 रुपये शुल्क बढ़ाया गया है। अभी तक अंग्रेजी और हिंदी में डिग्री प्राप्त करने पर विद्यार्थियों को 300 रुपये देने होते थे, जो अब बढ़कर 500 रुपये जमा करने होंगे। विश्वविद्यालय के सहायक कुलसचिव डॉ. विष्णु मिश्रा का कहना है कि 2017 के बाद विश्वविद्यालय ने डिग्री का शुल्क बढ़ाया है। सात वर्षों से 300 रुपये प्रति डिग्री शुल्क वसूला जा रहा है। recent visitors 78

प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 में प्राथमिकता, लाड़ली बहनों को केंद्र-राज्य दोनों से मिलेंगे लाखों रुपये

भोपाल। प्रदेश में लाड़ली बहना को प्रधानमंत्री आवास योजना में प्राथमिकता मिलेगी। नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 में इसे शामिल करके प्रस्ताव तैयार किया है, जिसे वित्त विभाग ने स्वीकृति दे दी है। इसमें यह भी प्रविधान किया गया है कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के पात्र व्यक्ति के पास आवास बनाने के लिए भूखंड है तो उसे अनुदान दिया जाएगा। योजना पर अंतिम निर्णय कैबिनेट की अगली बैठक में हो सकता है। विधानसभा चुनाव से पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना की वे हितग्राही जिनके पास स्वयं के आवास नहीं हैं, उनके लिए योजना लागू करने की घोषणा की थी। भाजपा ने संकल्प पत्र में भी इसे शामिल किया है। एक के स्थान पर डेढ़ लाख रुपये की सहायता चूंकि, बहुत सी लाड़ली बहनें प्रधानमंत्री आवास योजना की पात्रता में भी आती हैं, इसलिए इस संकल्प को केंद्र सरकार की योजना के साथ क्रियान्वित करने के साथ ही अफोर्डेबल हाउसिंग स्कीम में सरकार एक लाख रुपये के स्थान पर डेढ़ लाख रुपये की सहायता देना प्रस्तावित किया है। इतनी ही राशि केंद्र सरकार भी देगी। शहरी क्षेत्र में इनको प्राथमिकता शहरी क्षेत्र के वे परिवार प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के पात्र होंगे, जिनके पास कहीं स्वयं का पक्का आवास नहीं है। प्रधानमंत्री स्वनिधि, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के हितग्राहियों के साथ सफाई कर्मचारी, श्रमिक, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के आवेदकों को प्राथमिकता दी जाएगी। recent visitors 33

सात विदेशी कारों के साथ 14 किलो सोना मिला, सागर में पूर्व विधायक के यहां 150 करोड़ की टैक्स चोरी का संदेह

सागर/भोपाल सागर में बीड़ी व कंस्ट्रक्शन कारोबारी राजेश केसरवानी, पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता हरवंश सिंह राठौर व राकेश छाबड़ा के यहां आयकर विभाग की छापेमारी में लगभग 150 करोड़ रुपये की आयकर चोरी का संदेह है। उधर छापे में 14 किलो सोना मिलने की बात भी सामने आ रही है। विभाग तीनों जगह से लिए गए दस्तावेजों की जांच कर रहा है। इसके बाद पूरी स्थिति साफ होगी। बता दें, तीनों जगह आयकर की टीम ने रविवार सुबह छापा मारा था। दो दिन तक टीम तलाशी में लगी रही। सात विदेशी कारें भी मिलीं आयकर विभाग के सूत्रों ने बताया के राजेश केसरवानी के यहां लगभग 140 करोड़ रुपये टैक्स चोरी के दस्तावेज मिले हैं। इसके अतिरिक्त सात विदेशी कारें मिली हैं। बताया जा रहा है कि इन गाड़ियों का उपयोग केसरवानी परिवार कर रहा था, पर किसी और के नाम से। संपत्ति का असली मालिक कौन छापे में बेनामी संपत्ति के दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच आयकर विभाग कर रहा है। इसके बाद जिनके नाम संपत्ति मिलेगी, उनसे पूछताछ कर पता किया जाएगा कि संपत्ति का असली मालिक कौन है? बता दें, हरवंश सिंह राठौर सागर जिले की बंडा विधानसभा सीट से विधायक रहे हैं। वह सागर से भाजपा जिला अध्यक्ष की दौड़ में भी हैं। रविवार को पड़ा था छापा गौरतलब है कि बंडा के पूर्व विधायक हरवंश सिंह राठौर, पूर्व पार्षद राजेश केशरवानी, एक प्रापर्टी डीलर राकेश छावड़ा के घर पर रविवार की सुबह अचानक से आयकर विभाग की टीमों ने दबिश दी थी। सौ से अधिक अधिकारियों की टीम ने तीनों स्थानों पर एक साथ छापा मारा था। सर्वे की कार्रवाई पूरी हुई मंगलवार को सुबह 11.30 बजे दो स्थानों पर सर्वे पूरा हुआ। वहीं शाम तक पूर्व पार्षद राजेश केशरवानी के यहां भी सर्वे की कार्रवाई पूरी हुई। गौरतलब है कि सदर क्षेत्र में पूर्व विधायक राठौर का बंगला है। वहीं पूर्व पार्षद राजेश केशरवानी व एक अन्य कारोबारी राकेश छावड़ा का निवास परकोटा पर वन वे पर है। तीन से से खड़ी थी आयकर विभाग की गाड़‍ियां पूर्व पार्षद के घर के सामने ही तीन दिन से आयकर विभाग के अधिकारियों की आधा दर्जन से गाड़ियां खड़ी थीं। इससे आवागमन में दिक्कत हो रही थी। केशरवानी के निवास के बाहर सुरक्षाबल तैनात था। वहीं घर के बार आधी सड़क तक वाहन रखे होने से बार-बार जाम की स्थिति बन रही थी। केशरवानी बीड़ी कारोबार के साथ साहूकारी का भी धंधा भी करते हैं। recent visitors 77

राजकीय सम्मान के साथ दफनाने की प्रक्रिया शुरू, जिमी कार्टर का पार्थिव शरीर यूएस कैपिटल पहुंचा

वाशिंगटन। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति जिमी कार्टर का पार्थिव शरीर देश की राजधानी वॉशिंगटन पहुंच चुका है। जिमी कार्टर के पार्थिव शरीर को पूरे राजकीय सम्मान के साथ यूएस कैपिटल में दफनाया जाएगा। पूर्व राष्ट्रपति को दफनाने की प्रक्रिया मंगलवार से शुरू हो जाएगी। जिमी कार्टर का 100 वर्ष की आयु में बीती 29 दिसंबर को निधन हो गया था। उसके बाद उनका पार्थिव शरीर अटलांटा स्थित कार्टर प्रेसिडेंशियल सेंटर में रखा हुआ था। पूरे राजकीय सम्मान के साथ पार्थिव देह को वॉशिंगटन लाया गया मंगलवार सुबह पूर्व राष्ट्रपति की पार्थिव देह को विशेष विमान से डोबिन्स एयर रिजर्व बेस से मैरीलैंड में ज्वाइंट बेस एंड्रयूज बेस लाया गया। इसके बाद विशेष काफिले से पार्थिव देह को राजधानी वॉशिंगटन लाया गया। अब यूएस कैपिटल में पूर्व राष्ट्रपति की पार्थिव देह को दफनाया जाएगा। यहां विभिन्न सांसद पूर्व राष्ट्रपति के पार्थिव शरीर को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। वॉशिंगटन पहुंचने पर पूर्व राष्ट्रपति के सम्मान में तोपों की सलामी दी गई। इसके बाद सैन्य बैंड बजाया गया। जॉर्जिया की राजधानी अटलांटा से पार्थिव  देह को रवाना करते समय भी पूर्व राष्ट्रपति को ऐसे ही श्रद्धांजलि दी गई। ट्रंप ने पनामा नहर मुद्दे पर बात की, तो लोगों ने उठाए सवाल वॉशिंगटन से जब ताबूत को विशेष काफिले के साथ यूएस कैपिटल लाया गया, तो उसके साथ कुछ सांसद और अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के तीन न्यायाधीश भी शामिल हुए। पूर्व राष्ट्रपति को दफनाने की प्रक्रिया गुरुवार तक चलेगी। राष्ट्रपति जो बाइडन भी पूर्व राष्ट्रपति को श्रद्धांजलि देंगे। जब जिमी कार्टर के पार्थिव शरीर को जॉर्जिया से वॉशिंगटन लाया जा रहा था तो नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने फ्लोरिडा में एक समाचार सम्मेलन के दौरान पनामा नहर का नियंत्रण अपने देश को सौंपने के लिए दिवंगत पूर्व राष्ट्रपति कार्टर की आलोचना की। जब उनसे पूछा गया कि क्या इस समय कार्टर की आलोचना करना उचित था, तो ट्रम्प ने जवाब दिया कि 'मैं उन्हें एक इंसान के तौर पर पसंद करता था। लेकिन मैं उनकी नीतियों से असहमत था।' recent visitors 52

‘आपने ट्विटर खरीदकर बहुत बड़ा जुआ खेला’, एलन मस्क को TED प्रमुख क्रिस एंडरसन ने लिखा पत्र

वाशिंगटन। सोशल मीडिया एक्स के मालिक और दिग्गज अमेरिकी कारोबारी एलन मस्क को लेकर टेड के प्रमुख क्रिस एंडरसन ने एक पत्र लिखा है। ये पत्र उनकी तरफ से सोशल साइट एक्स पर भी एक पोस्ट में साझा किया गया। जिसमें लिखा, मैं एक ऐसे व्यक्ति की प्रशंसा कर रहा हूं, जो अभी मुझे चिंतित कर रहा है। क्रिस एंडरसन ने साथ ही ये भी बताया है कि उनका यह पत्र रचनात्मक भावना से पेश किया गया है। पत्र की शुरुआत में क्रिस एंडरसन ने लिखा, प्रिय एलन, आज सुबह मेरे मन में एक विचार आया। प्रौद्योगिकी और उद्यमिता में आपकी सभी उपलब्धियों के अलावा, आप इस सदी के सबसे प्रभावशाली लेखक बन गए हैं। आपके पास एक शक्तिशाली मंच पर 200 मिलियन से अधिक फॉलोवर हैं, जिसे आप स्वयं नियंत्रित करते हैं। आपके लिखे गए शब्द केवल उन फॉलोवर्स से आगे बढ़कर एक्स के लगभग हर यूजर तक पहुंचते हैं और यह व्यापक मीडिया कवरेज की सौजन्यता से कहीं आगे। इसने रूपर्ट मर्डोक को भी अप्रांसंगिक बना दिया है। 'इतिहास में किसी के पास इतनी शक्ति नहीं थी' क्रिस एंडरसन ने आगे लिखा- यह रोमांचक लग रहा होगा। आपने ट्विटर खरीदकर बहुत बड़ा जुआ खेला और ऐसा लगता है कि यह इतना सफल रहा कि आप इसका इस्तेमाल दुनिया को बड़े पैमाने पर प्रभावित करने के लिए कर सकते हैं, जिसमें सरकारें बदलना भी शामिल है। आप मानते हैं कि एक्स मुख्य धारा के अधिकांश मीडिया की जगह ले सकता है। यह नागरिक पत्रकारिता के लिए नया मंच है और आप नागरिक नंबर 1 हैं। आपको संपादकों और तथ्य-जांचकर्ताओं की परेशानी की जरूरत नहीं है। आपकी तरफ से पोस्ट की गई हर एक चीज को लाखों लाइक और रीपोस्ट मिलते हैं। आप एक पल में वैश्विक बातचीत को बदल सकते हैं। इतिहास में किसी के पास इतनी शक्ति नहीं थी। पत्रकारिता की मुझे बहुत परवाह है- क्रिस एंडरसन इसलिए यहां बहुत कुछ दांव पर लगा है और जैसा कि होता है, पत्रकारिता एक ऐसी चीज है जिसकी मुझे बहुत परवाह है। मैंने एक पत्रकार के रूप में अपना करियर शुरू किया क्योंकि मेरा मानना था कि लोकतंत्र के स्वस्थ कामकाज के लिए अच्छी पत्रकारिता जरूरी है। आज मैं चिंतित हूं – वास्तव में बहुत चिंतित हूं – कि वैश्विक बातचीत पर आपके विजयी कब्जे में, पत्रकारिता के कुछ मूल सिद्धांत भुला दिए जा रहे हैं। उनके बिना, मुझे लगता है कि एक्स को नागरिक पत्रकारिता का सम्मानित घर बनाने के आपके प्रयास विफल हो जाएंगे। कई पत्रकारिता सिद्धांत हैं जो मायने रखते हैं – ग्रोक उन्हें बहुत अच्छी तरह से संक्षेप में बता सकते हैं। लेकिन एक बात मुझे खास तौर पर परेशान कर रही है। यह निष्पक्षता सिद्धांत है। यह सिद्धांत कहता है कि किसी व्यक्ति या संस्था के बारे में बेहद आलोचनात्मक दावे प्रकाशित करने से पहले, आपको उनसे कहानी का उनका पक्ष जानना चाहिए। आखिरकार, हो सकता है कि आप एक या दो महत्वपूर्ण तथ्य भूल गए हों, जो लोगों के आकलन के तरीके को बदल सकते हैं। हो सकता है कि आपके स्रोत उस व्यक्ति को नुकसान पहुंचाने के लिए प्रेरित थे। हो सकता है कि जो हुआ उसके लिए कोई वैकल्पिक व्याख्या हो। 'आप जो पोस्ट करते हैं, उसे सोच-समझकर लिखे' तो, उदाहरण के लिए, जब आप करोड़ों लोगों से कहते हैं कि मानवता के खिलाफ जघन्य अपराधों के लिए किसी को फांसी या जेल में डाल दिया जाना चाहिए, तो हो सकता है कि आपको पहले यह पता लगाना चाहिए कि जो लोग उन लोगों को अच्छी तरह से जानते हैं, वे उनके बारे में क्या कहेंगे। आपकी कुछ हालिया पोस्ट सचमुच किसी की जान ले सकती हैं। क्या आप वाकई ऐसा जोखिम उठाना चाहते हैं? यह कैसे संभव है कि आप ठीक उसी समय ऐसा कर सकते हैं जब आप लोगों से एक्स को और अधिक सकारात्मक, और अधिक सुंदर बनाने का आह्वान कर रहे हैं? आप कहते हैं कि आप एक्स पर बिना किसी पछतावे के यूजर-सेकंड को अधिकतम करना चाहते हैं। ऐसा करने का सबसे सरल तरीका, एलन, बस यह है कि आप जो पोस्ट करते हैं, उसे सोच-समझकर संपादित करें। मुझे लगता है कि आपकी नजर में आप जिन मुद्दों की वकालत कर रहे हैं, वे अविश्वसनीय रूप से महत्वपूर्ण हैं और अत्यधिक प्रयासों के योग्य हैं। लेकिन जिस तरह से आप उन्हें प्रस्तुत कर रहे हैं, वह नागरिक पत्रकारिता नहीं है। यह भद्दा और क्रूर भी है, और इसलिए यह उतना प्रभावी नहीं है जितना हो सकता था। आप अपने सबसे वफादार फॉलोवर्स की जय-जयकार सुन रहे हैं, लेकिन इस तथ्य को भूल रहे हैं कि आप खुद को उन लोगों के बीच हंसी का पात्र बना रहे हैं जिन्हें आप वास्तव में अपने पक्ष में चाहते हैं। लंबे समय में यह एक्स, आपके अन्य व्यवसायों और वास्तव में मानवता के लिए आपके दीर्घकालिक सपनों को नुकसान पहुंचाने वाला है। 'आपसे निष्पक्षता के सिद्धांत को अपनाने का आग्रह है' मुझे पुराने एलन की याद आती है। आप मजेदार, दिलचस्प, व्यावहारिक और प्रेरक हो सकते हैं। आपने जो बनाया है, उसके लिए आपने अविश्वसनीय रूप से कड़ी लड़ाई लड़ी है। और आपको लग सकता है कि आप इसके साथ जो चाहें करने के हकदार हैं। लेकिन मैं यह भी जानता हूं कि आप सत्ता की अंगूठी को बहुत कसकर पकड़ने के खतरे को समझते हैं, कैसे यह किसी के निर्णय को विकृत कर सकता है और उन्हें बदसूरत बना सकता है। मुझे उम्मीद है कि आप उस अंगूठी को थोड़ा ढीला कर सकते हैं। मानवता के प्रति आपके प्रेम के लिए, मैं वास्तव में आपसे निष्पक्षता के सिद्धांत को अपनाने और एक्स का बेहतर चेहरा दिखाने का आग्रह करता हूं। सुनने के लिए धन्यवाद। क्रिस ""With a certain amount of trepidation, I'm posting this open letter to @elonmusk, someone I have admired, but who, right now, is causing me concern. I know I'm not alone in thinking these thoughts. Please like or repost if you're willing… And Elon, if you're listening, please…""" — Chris Anderson (@TEDchris) January 7, 2025   recent visitors 90

दिल्ली में सीएम आवास पर संग्राम, पुलिस ने रोका तो संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज धरने पर बैठे

Delhi Assembly Election 2025: दिल्ली का विधानसभा चुनाव की सरगर्मी तेज हो गई है. इस बीच बीजेपी के सीएम आवास को शीशमहल करार दिए जाने पर आम आदमी पार्टी बीजेपी पर हमलावर है. आप के दो वरिष्ठ नेता संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज बुधवार (8 जनवरी) को सीएम आवास दिखाने के लिए 6 फ्लैग स्टाफ मार्ग पहुंच गए. आप नेता को 6 फ्लैग स्टाफ मार्ग पर स्थित सीएम आवास पर जाने से रोक दिया गया. यहां भारी संख्या में पुलिस का जाप्ता तैनात रहा. साथ ही दोनों नेताओं को रोकने के लिए बेरीकेडिंग की गई. इसके बाद संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज ने सीएम आवास के बाहर ही धरना दिया. उन्होंने कहा कि हमें सीएम आवास जाने से क्यों रोका जा रहा है. भारद्वाज ने कहा कि पुलिस ने हमें बताया कि ऊपर से आदेश है. इस बीच पीडब्ल्यूडी ने मुख्यमंत्री आवास को अपने कब्जे में ले लिया. वहीं धरना खत्म होने के बाद संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज सेंट्रल विस्टा में बन रहे पीएम आवास के लिए निकल गए. आम आदमी पार्टी के नेताओं का कहना है कि जब हम सीएम आवास जनता को दिखाने के लिए आए हैं तो हमें क्यों रोका जा रहा है. हम ये दिखाना चाहते हैं बीजेपी झूठे आरोप लगाती है. साथ ही उन्होंने कहा कि जनता को पीएम आवास भी दिखाना चाहिए जो कि इससे कहीं ज्यादा कीमत का है. recent visitors 229