Saturday, July 4, 2026 9:07 pm

प्रियांश आर्य की अनसुनी कहानी कोच संजय भारद्वाज की जुबानी, दोस्तों ने उड़ाया मजाक, गुरु की सेंचुरी वाली वो शर्त

नई दिल्ली पंजाब किंग्स का युवा जिसने आईपीएल के इतिहास में सबसे तेज शतक जड़ने वालों की लिस्ट में अपना नाम दर्ज करा चुका है। जिसने इस सीजन की सबसे तेज सेंचुरी जड़ी है। सिर्फ 39 गेंद में शतक। 4 चौके और 9 छक्के। चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ मंगलवार को अपनी टीम के मैच विनर बने। आर्य को इस कामयाबी के लिए बहुत पसीना बहाना पड़ा। कभी उनके पास दिल्ली अंडर 19 ट्रायल में हिस्सा लेने के लिए क्लब टूर्नामेंट की एंट्री फी देने के पैसे नहीं थे। तब अगर उनके गुरु संजय भारद्वाज आगे नहीं आए होते तो आज शायद प्रियांश आर्य वो प्रियांश आर्य नहीं होते जो अब हैं। दृढ़ता ऐसी कि जब गुरु ने शर्त रख दिया कि जब सेंचुरी मारोगे तभी स्टेडियम में मैच देखने आऊंगा, तब उसी मैच में शतक जड़ दिया। ये सारे किस्से उनके ही गुरु, कोच संजय भारद्वाज ने हमारे सहयोगी हिंदुस्तान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में बताए हैं। आर्य ने इस आईपीएल में अबतक 4 मैच खेले हैं। उनमें उनका स्कोर 47, 8, 0 और 103 रन रहा। दिल्ली प्रीमियर लीग में एक ही ओवर में 6 छक्के का करिश्मा करने के बाद रातोंरात स्टार बनने वाले इस खिलाड़ी पर तकरीबन सभी फ्रैंचाइजी की नजर थी। इसीलिए इस साल सऊदी अरब के जेद्दा में हुई आईपीएल नीलामी में पंजाब किंग्स ने 30 लाख बेस प्राइस वाले इस खिलाड़ी को 3.8 करोड़ में खरीदा था। नीलामी से पहले आर्य के दोस्त उसका मजाक उड़ाते थे कि तुम्हें कोई 1 करोड़ में खरीद ले, यही बड़ी बात होगी। यह बात उन्होंने अपने कोच संजय भारद्वाज को भी बताई थी लेकिन गुरु का अनुमान था कि कम से कम 2.7 करोड़ तक बोली तो जाएगी ही। प्रियांश आर्य के पास टूर्नामेंट की एंट्री फी तक देने के नहीं थे पैसे इंटरव्यू के दौरान अंडर 19 ट्रायल वाला अनसुना किस्सा भी बताया कि कैसे उन्होंने अपनी जेब से एक टूर्नामेंट की एंट्री फी देकर अपने प्रिय चेले का उसमें खेलना सुनिश्चित कराया। भारद्वाज ने एचटी को बताया, 'वह अंडर 19 चयन प्रक्रिया में नहीं था। तब भारत के एक पूर्व खिलाड़ी एक टूर्नामेंट करा रहे थे। अंडर 19 के चयनकर्ता गुरुशरण सिंह थे। मैं चाहता था कि प्रियांश इस टूर्नामेंट में हिस्सा ले और मुझे पूरा भरोसा था कि वह प्लेयर ऑफ द सीरीज बनेगा। मैंने सोचा कि अगर उसने टूर्नामेंट में अच्छा प्रदर्शन कर गया तो वह गुरुशरण से गुजारिश करेंगे कि उसे ट्रायल का मौका दिया जाए।' कोच संजय भारद्वाज नहीं आते आगे तो U 19 ट्रायल मुश्किल था पूर्व खिलाड़ी की तरफ से कराए जा रहे उस क्लब टूर्नामेंट की एंट्री फी 45000 रुपये थी जो प्रियांश आर्य के लिए एक बड़ी रकम थी। कोच संजय भारद्वाज ने एंट्री फी जमा कर दिया ताकि उनके चेले के लिए दिल्ली अंडर 19 ट्रायल का मौका बन सके। प्रियांश आर्य के कोच ने रख दी थी सेंचुरी के बाद ही मैच देखने की शर्त प्रियांश आर्य सबसे पहले तब चर्चा में आए जब उन्होंने दिल्ली प्रीमियर लीग में एक ही ओवर में 6 छक्के जड़ दिए थे। भारद्वाज उस मैच का भी एक दिलचस्प किस्सा बताते हैं। प्रियांश आर्य चाहते थे कि उनके गुरु उनका मैच स्टेडियम में बैठकर देखें। उन्होंने उनसे अपनी हसरत का इजहार किया। तब गुरु ने उनके सामने एक बहुत बड़ी शर्त रख दी। शर्त ये कि जबतक तुम शतक नहीं जड़ते, मैं तुम्हारे मैच देखने नहीं आऊंगा। भारद्वाज बताते हैं, 'दिल्ली प्रीमियर लीग के दौरान मैंने उससे कहा कि जबतक तुम सेंचुरी नहीं लगाओगे, मैं तुम्हारा मैच देखने नहीं आऊंगा। ठीक उसी दिन उसने सैकड़ा जड़ दिया और एक ओवर में 6 छक्के उड़ा दिए। उसके बाद मैं उससे मिलने गया।' recent visitors 21

‘नर्सिंग शिक्षा की हालत शर्मनाक’, नेता प्रतिपक्ष ने Nursing Scam को लेकर सरकार को फिर घेरा, कहा- 300 से ज्यादा कॉलेज थे, अब सिर्फ 95 बचे

‘The condition of nursing education is shameful’, the Leader of Opposition again cornered the government over the Nursing Scam सुशील दामले, भोपाल। मध्य प्रदेश विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने नर्सिंग घोटाले को लेकर सरकार को जमकर घेरा हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा की हालत शर्मनाक है! यह भारतीय जनता पार्टी की सरकार की नाकामी का नतीजा है। एमपी में कभी 300 से ज्यादा नर्सिंग कॉलेज थे, अब सिर्फ 95 बचे हैं। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने एक बार फिर नर्सिंग घोटाले को लेकर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट कर लिखा- ‘मध्यप्रदेश में नर्सिंग शिक्षा की हालत शर्मनाक है! BJP सरकार की नाकामी का नतीजा – कभी 300 से ज़्यादा नर्सिंग कॉलेज थे, अब सिर्फ़ 95 बचे हैं।’ सिंघार ने आगे कहा कि ‘CBI जांच में फर्जीवाड़ा सामने आया, सैकड़ों कॉलेज मानकों पर खरे नहीं उतरे और बंद हो गए। घोटाले के बाद छात्रों का भरोसा इतना टूट गया कि 2023-24 में एक भी दाखिला नहीं हुआ – पूरा सेशन शून्य रहा! जो सरकार शिक्षा नीति पर बड़ी-बड़ी बातें करती है, उसी के राज में शिक्षा की ये दुर्दशा क्यों?’ उन्होंने मध्य प्रदेश बीजेपी को टैग करते हुए पूछा कि ‘युवाओं का भविष्य यूं बर्बाद क्यों हो रहा है ?’ https://twitter.com/UmangSinghar/status/1910213082942521781 recent visitors 96

मौसम विभाग ने आज उज्जैन-ग्वालियर संभाग में लू चलने का अलर्ट जारी किया, 17 जिलों में बारिश होने की संभावना

भोपाल मध्यप्रदेश में इस समय असामान्य मौसम देखने को मिल रहा है, जहां तेज गर्मी और लू के बीच ओले भी गिर रहे हैं। बुधवार को छिंदवाड़ा और पांढुर्णा में तेज बारिश हुई और साथ ही ओले गिरे। तेज हवा के कारण कुछ पेड़ भी गिर गए। गुरुवार को सुबह से कई जिलों में भीषण गर्मी है, वहीं कुछ इलाकों में बादल भी छाए हुए हैं। मौसम विभाग ने आज उज्जैन-ग्वालियर संभाग में लू चलने का अलर्ट जारी किया है, जबकि 17 जिलों में बारिश होने की संभावना जताई है। मौसम विभाग ने आज उज्जैन-ग्वालियर संभाग में लू चलने का अलर्ट जारी किया है जबकि 17 जिलों में बारिश होने की संभावना है। गुरुवार को उज्जैन, गुना, अशोकनगर, राजगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, पन्ना, रतलाम, नीमच और मंदसौर में लू चलने का अलर्ट है। यहां तापमान 41 से 42 डिग्री सेल्सियस तक रहेगा। वहीं, ग्वालियर, उज्जैन, धार, इंदौर, खंडवा, नर्मदापुरम, रीवा में रात का तापमान 25 डिग्री के पार पहुंच सकता है। दूसरी ओर श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना, रीवा, सीधी, मऊगंज, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट में गरज-चमक की स्थिति रहेगी। कहीं-कहीं बारिश और ओले भी गिर सकते हैं। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया, 'अभी वेस्टर्न डिस्टरबेंस (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) और ट्रफ एक्टिव है। इस वजह से ओले-बारिश का दौर भी चल रहा है। अगले तीन दिन तक ऐसा ही मौसम बना रहेगा।' बारिश और ओलों की संभावना मध्यप्रदेश के कुछ अन्य हिस्सों में भी मौसम के बदलाव का असर दिखाई दे रहा है। श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना, रीवा, सीधी, मऊगंज, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट में गरज-चमक की स्थिति बने रहने की संभावना है। इन इलाकों में कहीं-कहीं बारिश और ओले भी गिर सकते हैं, जिससे मौसम और भी अनिश्चित हो सकता है। मौसम परिवर्तन और स्कूलों का समय मौसम के इस असमंजसपूर्ण बदलाव का कारण वेस्टर्न डिस्टरबेंस (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) और ट्रफ का सक्रिय होना बताया जा रहा है। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के अनुसार, अगले तीन दिनों तक इसी तरह का मौसम बना रहेगा। तेज गर्मी के कारण, प्रदेश के कई जिलों जैसे भोपाल, रतलाम, शिवपुरी, उज्जैन और नीमच में स्कूलों का समय भी बदल दिया गया है। अब कक्षाएं दोपहर 12 बजे तक लगाई जाएंगी ताकि बच्चों को गर्मी से राहत मिल सके।   recent visitors 31

सलमान की सिकंदर हुई फुल फ्लॉप, बजट भी नहीं निकाल पाई

मुंबई सलमान खान की फिल्म ‘सिकंदर’ बॉक्स ऑफिस की सिकंदर नहीं बन सकी। इस फिल्म का कलेक्शन दिनों-दिन कम हो जाता जा रहा है। जानिए, 11वें दिन में आकर इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर कितना कलेक्शन कर लिया है, साथ ही कुल कमाई कितनी हुई?    11वें दिन का कलेक्शन अब तक जो शुरुआती आंकड़े हासिल हुए हैं उनके अनुसार फिल्म ‘सिकंदर’ ने 11वें दिन 88 लाख रुपये ही कमाए हैं। कुल कमाई की बात की जाए तो इसने 106.63 करोड़ रुपये ही बटोरे हैं। हर दिन फिल्म का कलेक्शन गिरता ही जा रहा है। यही हाल रहा तो कुछ दिन में सलमान की फिल्म सिनेमाघरों से उतर भी सकती है।    फ्लॉप का लग सकता है तमगा फिल्म ‘सिकंदर’ का बजट 200 करोड़ रुपये बताया जा रहा है। जबकि यह फिल्म अभी तक 100 करोड़ का आंकड़ा ही छू सकी है। फिल्म ‘सिकंदर’ सलमान की फ्लॉप फिल्मों की लिस्ट में शामिल होती हुई नजर आ रही है। लगता नहीं है कि ये अपना बजट भी वसूल कर पाएगी।   सनी देओल से होगी टक्कर 10 अप्रैल को सिनेमाघरों में ‘जाट’ रिलीज हो रही है, ऐसे में सनी देओल की फिल्म से सलमान खान की ‘सिकंदर’ का कमाई के मामले में मुकाबला होगा। वहीं अभी भी सिनेमाघरों में फिल्म ‘छावा’ टिकी है। इस तरह से सलमान की फिल्म के लिए दर्शकों को अपनी तरफ लाना काफी मुश्किल हाेगा। ‘सिकंदर’ में नजर आए ये कलाकार सलमान खान की फिल्म ‘सिकंदर’ में रश्मिका मंदाना, सत्यराज जैसे दक्षिण भारतीय कलाकार नजर आए। साथ ही फिल्म में शरमन जोशी, प्रतीक बब्बर, अंजिनी धवन और काजल अग्रवाल ने भी अहम किरदार निभाए हैं। फिल्म को ए आर मुरुगदास ने निर्देशित किया है। कमजोर कहानी की कारण यह फिल्म दर्शकों को पसंद नहीं आई, सलमान खान का जलवा भी इस फिल्म को बचा नहीं सका।     recent visitors 45

कलेक्टर ने दुर्घटनाग्रस्त लोगों को तात्कालिक सहायता के लिए रेड क्रॉस मद से उपलब्ध कराई राशि

अनूपपुर अनूपपुर जिले के राजेंद्रग्राम- अमरकंटक मार्ग स्थित किरर घाट के पास बस एवं ऑटो के आपसी भिड़ंत में 5 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, दुर्घटना में तीन लोगों की मृत्यु हुई है, प्रशासन की तत्परता से दुर्घटना में घायलों को उपचार हेतु जिला चिकित्सालय लाकर उपचार प्रारंभ किया गया। जहां कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली एवं पुलिस अधीक्षक श्री मोती उर रहमान ने तत्काल पहुंच मरीजों एवं उनके परिजनों के प्रति पूर्ण संवेदनशीलता दिखाते हुए उनका कुशलक्षेम जाना और मरीजों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। इस दौरान कलेक्टर ने घायलों के बेहतर उपचार के निर्देश मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा चिकित्सकीय और पैरामेडिकल स्टाफ को मौके पर दिये। कलेक्टर ने अधिकारियों को मृतकों एवं घायल मरीजों के परिजनों को शासन द्वारा निर्धारित सहायता राशि दिलाने के निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर के निर्देश पर मृतकों एवं घायलों के परिजनों को रेडक्रास मद से तात्कालिक सहायता राशि भी प्रदान की गई। इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस.सी. राय, तहसीलदार श्री अनुपम पाण्डेय, थाना प्रभारी कोतवाली श्री अरविन्द जैन सहित प्रशासन एवं पुलिस के अन्य अधिकारी उपस्थित थे। recent visitors 19

तहव्वुर राणा का पाकिस्तान कनेक्शन?एनआईए आरोपी की कस्टडी की मांग करेगी

नई दिल्ली अमेरिका से प्रत्यर्पित किए गए 26/11 मुंबई आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर हुसैन राणा को स्पेशल विमान के जरिए आज भारत लाया जा रहा है. वह गुरुवार दोपहर दिल्ली पहुंचेगा, जहां उसे राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) द्वारा औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया जाएगा. इसके बाद उसे राजधानी की तिहाड़ जेल में रखा जाएगा, जहां उसकी सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं. इससे पहले राणा को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां एनआईए आरोपी की कस्टडी की मांग करेगी. बुलेटप्रूफ व्हीकल में NIA हेडक्वार्टर जाएगा तहव्वुर राणा 26/11 के आतंकी तहव्वुर राणा को बुलेट प्रूफ गाड़ी में पालम टेक्निकल एयरपोर्ट से एनआईए हेडक्वॉक्टर लाया जाएगा. सूत्रों के मुताबिक, बुलेट प्रूफ गाड़ी के साथ मार्क्समेन गाड़ी को भी स्टैंडबाय में रखा गया है. दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल के कमांडोज इस गाड़ी के साथ भी स्टैंडबाय पर हैं. मार्कसमेन बेहद सुरक्षित गाड़ी होती है, जिसमें किसी तरह का हमला कारगर नही हो सकता. बड़े आतंकियों और गैंगस्टर्स को इसी गाड़ी से स्पेशल सेल कोर्ट और एजेंसी के दफ्तर लाने और ले जाने के लिए इस्तेमाल करती है. तहव्वुर राणा के खिलाफ क्या-क्या कानूनी कार्रवाई हुई? अक्टूबर 2009 में, तहव्वुर राणा और हेडली को अमेरिकी अधिकारियों ने डेनमार्क में जाइलैंड्स-पोस्टेन अखबार के आफिस पर हमला करने की कथित साजिश के लिए गिरफ्तार किया था, जिसने कार्टून पब्लिश किए थे. इस जांच से मुंबई हमलों में उसकी संलिप्तता का पता चला. जून 2011 में, अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में तीन सप्ताह की सुनवाई के बाद, राणा को लश्कर-ए-तैयबा को मदद करने और डेनिश अखबार के खिलाफ विफल साजिश में उसकी भूमिका के लिए दोषी ठहराया गया था. तहव्वुर राणा को अमेरिकी अदालत में मुंबई हमलों में प्रत्यक्ष भागीदारी के आरोपों से मुक्त कर दिया गया था, फिर भी उसे 17 जनवरी, 2013 को 14 साल की जेल की सजा सुनाई गई थी. सजा सुनाते समय जज ने साजिश को "कायरतापूर्ण" कहा था. इस बीच, हेडली ने 12 आतंकवाद के आरोपों में दोषी होने की दलील दी और उसे 35 साल की जेल की सजा सुनाई गई. अधिकारियों के साथ हेडली के सहयोग, जिसमें राणा के खिलाफ गवाही देना भी शामिल था – उसे मौत की सजा और प्रत्यर्पण से बचने में मदद की. राणा के खिलाफ सबूत पर्याप्त थे. मुकदमे के दौरान, रिकॉर्ड की गई बातचीत के टेप पेश किए गए, जिनमें सितंबर 2009 के टेप भी शामिल थे. अन्य बातचीत में, राणा ने हेडली से कहा था कि मुंबई हमलों में शामिल हमलावरों को पाकिस्तान का सर्वोच्च मरणोपरांत सैन्य सम्मान मिलना चाहिए, जिससे आतंकवादियों की कार्रवाइयों के प्रति उसके समर्थन का पता चलता है. तहव्वुर राणा के भारत आगमन पर क्या तैयारियां की गई हैं? भारत ने तहव्वुर राणा को कानूनी सजा देने के लिए तमाम तैयारियां की हैं. भारत से एनआईए के इंसपेक्टर जनरल रैंक के अधिकारी आशीष बत्रा के नेतृत्व में एक मल्टी-एजेंसी टीम तहव्वुर राणा को हिरासत में लेने के लिए अमेरिका गई थी. टीम में सब-इंसपेक्टर जनरल रैंक की अधिकारी जया रॉय और एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के साथ-साथ तीन खुफिया एजेंसी के अधिकारी शामिल हैं. वे रविवार को "आत्मसमर्पण वारंट" की पुष्टि प्राप्त करने के बाद अमेरिका के लिए रवाना हुए, जिसके तहत राणा को भारतीय अधिकारियों को सौंपा गया.   भारत पहुंचने पर, तहव्वुर राणा को हिरासत के लिए नई दिल्ली में एनआईए अदालत में पेश किया जाएगा. पूछताछ और जांच के शुरुआती कुछ हफ्तों तक उसके एनआईए की हिरासत में रहने की उम्मीद है. बाद में, मुंबई क्राइम ब्रांच मुंबई हमलों की आगे की जांच के लिए उसकी हिरासत की मांग करेगी. नामित जेलों में हाई सिक्योरिटी की व्यवस्था की गई है, जिसमें राणा की गतिविधियों पर 24/7 निगरानी रखने के लिए इन-बिल्ट बाथरूम सुविधाओं के साथ सीसीटीवी कैमरे शामिल हैं. NIA, RAW, SWAT Team और स्पेशल प्लेन… वो टीम जो तहव्वुर राणा को इंडिया ला रही है   2008 के मुंबई आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा को आज अमेरिका से प्रत्यर्पित कर भारत लाया जा रहा है. उसे स्पेशल प्लेन से राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी (NIA) और RAW की टीम भारत ला रही है. यह विमान किसी भी वक्त दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंड कर सकता है. एनआई और RAW की संयुक्त टीम की तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण में अहम भूमिका है. सूत्रों का कहना है कि एनआईए की DIG जया रॉय ने मंगलवार को तहव्वुर राणा के सरेंडर वॉरंट पर साइन किए थे, जिसके बाद उसे भारत प्रत्यर्पित किए जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी. राणा को लेकर भारतीय सुरक्षा एजेंसियों की टीम विशेष विमान से बुधवार सुबह लगभग 6.30 बजे दिल्ली के लिए रवाना हुई थी. इस दौरान एनआईए टीम की अगुवाई सदानंद दाते कर रहे हैं. वह महाराष्ट्र कैडर के आईपीएस अधिकारी हैं. 26 नवंबर 2008 को पाकिस्तान से आए लश्कर-ए-तैयबा के आतंकवादियों ने जब मुंबई पर हमला किया था, तब सदानंद दाते मुंबई क्राइम ब्रांच में कार्यरत थे. भारत पहुंचते ही एनआईए की टीम आधिकारिक रूप से राणा को हिरासत में ले लेगी. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को भी हाई अलर्ट कर दिया गया है. साथ ही SWAT कमांडोज को भी एयरपोर्ट पर तैनात किया गया है. इसके अलावा एयरपोर्ट के बाहरी क्षेत्र में सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्सेज (CAPF) की सिक्योरिटी विंग और स्थानीय पुलिस मुस्तैद रहेगी. तहव्वुर राणा को सीधे एनआईए के दफ्तर लाया जाएगा. एनआईए दफ्तर और उसके आसपास हाई लेवल सिक्योरिटी है. राणा को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जा सकता है. कहा जा रहा है कि सुरक्षा कारणों से उसे वर्चुअली ही एनआईए जज के समक्ष पेश किया जाएगा. पेशी से पहले उसका मेडिकल टेस्ट किया जाएगा. तहव्वुर राणा को दिल्ली की तिहाड़ जेल के हाई-सिक्योरिटी वॉर्ड में रखा जाएगा. जेल प्रशासन ने सुरक्षा के विशेष बंदोबस्त किए हैं.  केंद्र सरकार ने इस मामले में एडवोकेट नरेंद्र मान को स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर नियुक्त किया है. उन्हें तीन साल की अवधि के लिए या फिर केस का ट्रायल पूरा होने तक यह जिम्मेदारी दी गई है. मान पहले भी कई मामलों में सीबीआई का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं. कौन है तहव्वुर राणा? तहव्वुर राणा का जन्म पाकिस्तान में हुआ था. उसने आर्मी मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई की और पाकिस्तान आर्मी … Read more

राज्य शासन के निर्देशानुसार सुशासन तिहार 2025 का प्रथम चरण कबीरधाम जिले में उत्साहपूर्वक प्रारंभ हुआ

 रायपुर राज्य शासन के निर्देशानुसार सुशासन तिहार 2025 का प्रथम चरण कबीरधाम जिले में उत्साहपूर्वक प्रारंभ हुआ। इसी कड़ी में आज दूसरे दिन कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा कवर्धा विकासखण्ड के ग्राम गांगपुर पहुँचे और जमीन पर बैठकर ग्रामीणों से सीधी संवाद किया। उन्होंने सुशासन तिहार की अवधारणा, उद्देश्य एवं गतिविधियों की विस्तार से जानकारी दी और शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से ग्रामीणों को अवगत कराया।     कलेक्टर श्री वर्मा ने ग्रामीणों की समस्याएं ध्यानपूर्वक सुनीं और संबंधित अधिकारियों को उनके त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। ग्राम गांगपुर में आज सुशासन तिहार के तहत 73 आवेदन प्राप्त हुए। ग्रामीणों ने ज्यादातर आदेवन जॉब कार्ड, पीएम आवास और राजस्व से सम्बन्धित आवदेन किए। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री विनय पोयम, तहसीलदार, जनपद सीईओ सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे। आम नागरिकों में दिखा सुशासन तिहार को लेकर उत्साह     सुशासन तिहार के दूसरे दिन ही जिले के सभी नगरीय निकायों और ग्राम पंचायतों में बड़ी संख्या में नागरिकों ने आवेदन प्रस्तुत किए। जिला प्रशासन द्वारा सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक समाधान पेटी के माध्यम से समस्याएं, शिकायतें और मांगें प्राप्त की जा रही हैं। यह प्रक्रिया 11 अप्रैल 2025 तक चलेगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप आयोजित इस सुशासन तिहार का उद्देश्य शासन और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित कर पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है। कलेक्टर श्री वर्मा के मार्गदर्शन में कलेक्ट्रेट, जनपद, तहसील कार्यालयों सहित पंचायत मुख्यालयों में समाधान पेटियों की व्यवस्था की गई है। ऑनलाइन पोर्टल से भी जोड़ा गया     प्रत्येक आवेदन को एक कोड प्रदान कर पोर्टल पर पंजीकृत किया जा रहा है। नागरिकों को आवेदन पत्र ग्राम/निकायवार कोड सहित पिं्रट कर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। पावती भी दी जा रही है, जिससे आवेदन की स्थिति की जानकारी मिल सके। तीन चरणों में होगा आवेदन निराकरण     प्रथम चरण में 08 से 11 अप्रैल तक आवेदन लिए जा रहे हैं। दूसरे चरण में एक माह के भीतर सभी आवेदनों को स्कैन कर संबंधित अधिकारियों को भेजा जाएगा और उनका निराकरण किया जाएगा। मांग आधारित आवेदनों पर बजट की उपलब्धता अनुसार कार्रवाई होगी। निराकरण की गुणवत्ता का विश्लेषण जिला एवं राज्य स्तर पर किया जाएगा। समाधान शिविरों में मिलेगा सीधा जवाब     कलेक्टर श्री वर्मा में बताया कि तीसरे चरण में 05 मई से 31 मई 2025 के बीच समाधान शिविर आयोजित किए जाएंगे। प्रत्येक 08 से 15 पंचायतों के मध्य शिविर लगेंगे, जहां आवेदकों को उनके प्रकरणों की जानकारी दी जाएगी। शिविरों की तिथि की सूचना एसएमएस और पावती के माध्यम से दी जाएगी। जिन आवेदनों का निराकरण शिविर में संभव होगा, वहीं किया जाएगा। शेष आवेदनों को एक माह में हल कर जानकारी दी जाएगी। शिविरों में जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी के साथ-साथ हितग्राही मूलक योजनाओं के आवेदन प्रपत्र भी वितरित किए जाएंगे। प्रत्येक शिविर की निगरानी हेतु खंड स्तरीय अधिकारी को प्रभारी बनाया जाएगा।   recent visitors 18