नगर पालिका में चली कुर्सी, भाजपा और कांग्रेस पार्षद में तीखी बहस, आगबबूला हुए जनप्रतिनिधि

Budget in Tikamgarh Municipality : A heated debate erupts between BJP and Congress councillors in the municipal council, leaving public representatives furious. टीकमगढ़ ! शुक्रवार को Budget in Tikamgarh Municipality बैठक आयोजित की गई, जिसमें भाजपा-कांग्रेस पार्षदों के बीच जमकर हंगामा हो गया. बैठक के दौरान भाजपा पार्षद ने उनके वार्ड में रूके कार्य को लेकर आपत्ति जताई, जिसको लेकर भाजपा पार्षद अजय यादव और कांग्रेस पार्षद अरविंद आमने-सामने आ गए. दोनों में देखते-देखते तीखी बहस शुरू हो गई और बात इतनी बढ़ गई कि गुस्से में भाजपा पार्षद ने कुर्सी उठाकर फेंक दी. भाजपा पार्षद ने कुर्सी उठाकर फेंकी कांग्रेस पार्षद और भाजपा पार्षद में बहस इतनी बढ़ गई कि भाजपा पार्षद ने गुस्से में आकर सभाकक्ष में रखी कुर्सी उठाकर फेंक दी, उपस्थित महिला और पुरुष सभी पार्षद यह सब देखकर दंग रह गए और मीटिंग में हड़कंप मच गया. हालांकि, वहां उपस्थित पार्षदों ने समझा बुझाकर मामले को शांत करने की कोशिश की. नगरपालिका में हंगामे के बीच बजट Budget in Tikamgarh Municipality ने वित्तीय वर्ष के लिए 2 अरब 50 करोड़ से अधिक का बजट पेश किया. सीएमओ द्वारा ये बजट पेश किया गया. इस दौरान जमकर हंगामा होता रहा लेकिन सर्वसम्मति से बजट पेश किय गया. शोर-शराबे के बीच नगरपालिका का वार्षिक बजट पेश किया गया. भ्रष्टाचार ने पकड़ी रफ्तार, जब से आए अब्दुल गफ्फार : अजय यादव नाली और सड़क निर्माण के टेंडर बजट में शामिल नहीं होने से वार्ड नंबर 18 से पार्षद अजय यादव उर्फ अज्जू गाढ़े का गुस्सा सातवें आसमान पर था. अज्जू गाढ़े ने नगरपालिका अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा, ” जिन कार्यों में इनको कमीशन मिलता है तो इनको भ्रष्टाचार नहीं दिखता और जिनमें इनको कमीशन ने मिले तो भ्रष्टाचार दिखाई देता है. अध्यक्ष को केवल अपने क्रेसर की डस्ट और गिट्टी बेचने से मतलब है. उन्होंने कहा, “भ्रष्टाचार ने पकड़ी रफ्तार, जब से आए अब्दुल गफ्फार.” मुझे भी है 5000 लोगों का नशा वहीं, कुर्सी फेंकने पर भाजपा पार्षद ने कहा, ” कुर्सी उठाना केवल मेरा गुस्सा नहीं बल्कि उन 5000 लोगों का गुस्सा है जो वार्ड में निवासरत हैं. उनकी जिम्मेदारी मेरे ऊपर है. यदि मेरे वार्ड का विकास नहीं होगा तो गुस्सा आना लाजमी है. वहीं, बैठक में कुर्सी फेंकने की घटना पर नगरपालिका सीएमओ ओमपाल सिंह भदौरिया ने कहा, ” ये अनुशासनहीनता है, नोटिस जारी किया जाएगा. recent visitors 95

लेडी IAS वंदना वैद्य के फार्म हाउस पर जुआरियों कि जमी थी हाईप्रोफाइल महफिल, पुलिस का छापा,13 लाख 67 हजार जब्त

A high-profile gathering of gamblers was held at the farmhouse of lady IAS Vandana Vaidya; police raided the farmhouse and seized Rs 13.67 lakh. इंदौर ! जिले के मानपुर थाना इलाके के अवलीपुरा गांव में स्थित पर एक फार्म हाउस पर छापा मारते हुए पुलिस ने 18 जुआरियों को पकड़ा है। जुआरी यहां ताश के पत्तों पर लाखों के दांव लगाते हुए रंगेहाथों पकड़ाए हैं। पुलिस ने जुआरियों के पास से 13 लाख 67 हजार 971 रुपये नकद जब्त किए हैं। जिस फार्म हाउस पर जुआरी जुआ खेलते पकड़ाए हैं वो IAS वंदना वैद्य व उनके पति अम्बरीश वैद्य के नाम पर है। अभी फार्म हाउस की देखभाल गांव का ही एक व्यक्ति कर रहा था। फार्म हाउस में जमी थी हाईप्रोफाइल महफिलपुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि अवलीपुरा स्थित एक फार्म हाउस पर हाईप्रोफाइल जुआरी जुआ खेल रहे हैं। इस सूचना पर मानपुर थाना पुलिस ने फार्म हाउस पर छापा मारा तो वहां 18 जुआरी जुआ खेलते हुए पकड़ाए। पुलिस ने जुआरियों के पास से 13 लाख 67 हजार 971 रुपये नकद, 30 मोबाइल, 10 नई ताश की गड्डियां और दो कारें जब्त की हैं। पुलिस के पहुंचते ही पांच जुआरी मौके से भाग निकले जिनकी पुलिस तलाश कर रही है। पुलिस के मुताबिक जब फार्म हाउस पर टीम पहुंची तो बाहर से ताला लगा हुआ था लेकिन अंदर से लोगों की आवाज आ रही थी। IAS वंदना वैद्य व पति के नाम पर है फार्म हाउसजिस फार्म हाउस में जुआरी पकड़ाए हैं वो IAS वंदना वैद्य व उनके पति अम्बरीश वैद्य के नाम है। IAS वंदना वैद्य वर्तमान में वित्त विकास निगम इंदौर की प्रबंध संचालक (MD) हैं। IAS वंदना वैद्य ने मीडिया से बात करते हुए साफ किया है कि उनका इससे कुछ लेना-देना नहीं है। जो चौकीदार फार्म हाउस की रखवाली के लिए रखा गया था उसके द्वारा ही ये किया गया है। मामले में मानपुर थाना प्रभारी लोकेंद्र हीहोर का कहना है मुखबिर की सूचना पर अवलीपुरा स्थित फार्म हाउस पर दबिश दी गई थी। मौके से 18 लोगों को जुआ खेलते पकड़ा गया है। कुछ आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। आरोपियों से नकदी, मोबाइल और वाहन जब्त किए गए हैं। recent visitors 182

एमपी गजब : गैस संकट, लेकिन रिटायर्ड शिक्षक के घर से मिले 25 सिलेंडर; प्रशासन ने रात में मारा छापा

chhatarpur gas crisis administration seizes 25 lpg cylinders from retired teacher home छतरपुर ! शहर की विश्वनाथ कॉलोनी में देर रात घरेलू एलपीजी सिलेंडरों के अवैध भंडारण का बड़ा मामला सामने आया है। प्रशासन ने एक रिटायर्ड शिक्षक के घर छापेमारी कर बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडर बरामद किए हैं। कार्रवाई के दौरान इलाके में हड़कंप मच गया और आसपास के लोग मौके पर जुट गए। जानकारी के अनुसार, शहर में इन दिनों घरेलू गैस सिलेंडरों की किल्लत की शिकायतें लगातार सामने आ रही थीं। इसी बीच प्रशासन को सूचना मिली कि विश्वनाथ कॉलोनी में रहने वाले एक रिटायर्ड शिक्षक, जिन्हें स्थानीय लोग अहिरवार सर के नाम से जानते हैं, उनके घर में बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडरों का अवैध भंडारण किया गया है। सूचना मिलते ही प्रशासन ने तत्काल छापेमारी की कार्रवाई की। प्रशासनिक टीम और पुलिस बल मौके परकार्रवाई के दौरान एसडीएम और तहसीलदार कोतवाली पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। टीम ने घर की तलाशी ली तो अंदर बड़ी संख्या में घरेलू एलपीजी सिलेंडर रखे मिले। इसके बाद प्रशासन ने सिलेंडरों को जब्त करने की प्रक्रिया शुरू की और उनकी गिनती की। मौके पर कुल 25 गैस सिलेंडर मिले, जिनमें से 22 खाली और 3 भरे हुए पाए गए। फिलहाल प्रशासन मामले की जांच कर रहा है कि इतने सिलेंडर किस उद्देश्य से जमा किए गए थे और इन्हें कहां से लाया गया था। जमाखोरी की आशंका, जांच जारीअधिकारियों के अनुसार घरेलू गैस सिलेंडरों का इस तरह भंडारण करना नियमों के खिलाफ है और इससे गैस की कालाबाजारी की आशंका भी जताई जा रही है। मामले में गैस एजेंसियों से भी जानकारी ली जा रही है। यदि अवैध भंडारण या कालाबाजारी की पुष्टि होती है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम सहित अन्य धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। छापेमारी की खबर फैलते ही विश्वनाथ कॉलोनी में लोगों की भीड़ लग गई। प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 99

आदिवासी विधायक को हटाना पूरे समाज का अपमान” — जीतू पटवारी का भाजपा पर बड़ा हमला

“Removing the tribal MLA is an insult to the entire society” – Jitu Patwari’s big attack on the BJP भोपाल। मध्यप्रदेश की सियासत में एक बार फिर आदिवासी मुद्दा गरमा गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भाजपा सरकार पर दलित और आदिवासी विरोधी राजनीति करने का आरोप लगाते हुए तीखा हमला बोला है। पटवारी ने कहा कि आज मध्यप्रदेश में दलित और आदिवासियों के खिलाफ पूरी भाजपा एकजुट होकर खड़ी दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता द्वारा चुने गए एक आदिवासी विधायक को पद से हटाने की कार्रवाई केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे आदिवासी समाज का अपमान है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता के फैसले का सम्मान होना चाहिए, लेकिन भाजपा सरकार सत्ता के अहंकार में आदिवासी समाज की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है। पटवारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर चुप नहीं बैठेगी और आदिवासी समाज के सम्मान की लड़ाई सड़क से लेकर सदन तक लड़ी जाएगी। पटवारी के इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी टकराव और तेज होने के आसार हैं। recent visitors 95

कर्ज के पहाड़ तले मध्यप्रदेश! मोहन सरकार फिर ले रही 5800 करोड़ का नया कर्ज, कांग्रेस ने घेरा”

Madhya Pradesh under a mountain of debt! The Mohan government is taking on another 5,800 crore rupees in new loans, and Congress is attacking it. भोपाल। वित्तीय वर्ष के अंतिम चरण में मध्यप्रदेश सरकार एक बार फिर बड़ा कर्ज लेने जा रही है। प्रदेश सरकार भारतीय रिजर्व बैंक के माध्यम से तीन किस्तों में 5,800 करोड़ रुपये का कर्ज उठाने की तैयारी में है। इससे पहले होली से ठीक पहले सरकार 6,300 करोड़ रुपये का कर्ज ले चुकी है। लगातार लिए जा रहे कर्ज को लेकर अब सियासत भी तेज हो गई है और विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। वित्त विभाग के अधिकारियों के अनुसार 10 मार्च (मंगलवार) को सरकार तीन अलग-अलग किस्तों में यह कर्ज लेगी। इसमें 1,900 करोड़, 1,700 करोड़ और 2,200 करोड़ रुपये शामिल हैं। सरकार का कहना है कि यह राशि प्रदेश में विकास परियोजनाओं और आर्थिक गतिविधियों को गति देने के लिए ली जा रही है। खासतौर पर इस धनराशि का उपयोग पूंजीगत कार्यों और अधोसंरचना विकास में किया जाएगा। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अगर हाल ही में लिए गए कर्ज को भी जोड़ लिया जाए तो वित्तीय वर्ष 2025-26 में मध्यप्रदेश द्वारा लिए गए कुल कर्ज की राशि लगभग 85,000 करोड़ रुपये तक पहुंच जाएगी। वहीं प्रदेश पर कुल कर्ज का बोझ बढ़कर करीब 5.66 लाख करोड़ रुपये के आसपास पहुंचने का अनुमान है। इधर इस मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार पर तीखा हमला बोला है। पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार लगातार कर्ज लेकर मध्यप्रदेश को कर्ज के दलदल में धकेल रही है और आने वाली पीढ़ियों पर आर्थिक बोझ बढ़ा रही है। हालांकि सरकार ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि लिया जा रहा कर्ज राजकोषीय उत्तरदायित्व एवं बजट प्रबंधन (FRBM) अधिनियम के दायरे में है और इसका उपयोग केवल विकास कार्यों के लिए किया जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विधानसभा के बजट सत्र के दौरान कर्ज का यह मुद्दा सियासी बहस का बड़ा केंद्र बन सकता है, जहां विपक्ष सरकार की आर्थिक नीति पर सवाल उठाएगा। recent visitors 102

कांग्रेस MLA मुकेश मल्होत्रा की विधायकी रद्द, बीजेपी के रामनिवास रावत होंगे नए विधायक, हाईकोर्ट ने सुनाया फैसला

gwalior congress mla mukesh malhotra membership cancelled bjp ram niwas rawat to be the ग्वालियर। मध्य प्रदेश की विजयपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव ग्वालियर हाईकोर्ट ने शून्य (रद्द) घोषित कर दिया है। हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच के जस्टिस जीएस अहलूवालिया ने यह ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कोर्ट ने निर्वाचन प्रक्रिया में गड़बड़ी और तथ्यों को छुपाने के आधार पर यह निर्णय लिया है। आपराधिक रिकॉर्ड छुपाने का आरोपमुकेश मल्होत्रा के खिलाफ यह याचिका भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी और पूर्व मंत्री रामनिवास रावत ने दायर की थी। याचिका में आरोप लगाया गया था कि मुकेश मल्होत्रा ने अपने चुनावी हलफनामे में अपने आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी छुपाई थी। कोर्ट ने याचिका के तथ्यों को सही पाया और माना कि जानकारी छुपाना चुनाव नियमों का उल्लंघन है। रामनिवास रावत घोषित हुए विजयपुर के विधायकचुनाव शून्य घोषित करने के साथ ही हाईकोर्ट ने एक और महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। चुनाव के दौरान दूसरे नंबर पर रहने वाले भाजपा प्रत्याशी रामनिवास रावत को विजयपुर विधानसभा सीट से विधायक घोषित कर दिया गया है। इस फैसले के बाद अब विजयपुर सीट पर भाजपा का प्रतिनिधित्व हो गया है। recent visitors 100

पहचान बचानी है तो एकजुट हों” — आदिवासियों से उमंग सिंघार की अपील

“If you want to save your identity, unite” – Umang Singhar appeals to tribals अनूपपुर। मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आदिवासी समाज को संबोधित करते हुए अलग आदिवासी धर्म कोड की मांग को लेकर बड़ा आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि देशभर के आदिवासी समाज को अपनी सांस्कृतिक पहचान और परंपराओं की रक्षा के लिए एकजुट होना होगा। उमंग सिंघार ने कहा कि यदि मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और अन्य राज्यों के आदिवासी समाज ने अभी बड़ी संख्या में अपने अलग धर्म कोड की मांग के लिए आवेदन नहीं भेजे, तो आने वाले समय में उनकी पहचान किसी अन्य धर्म की श्रेणी में दर्ज कर दी जाएगी। इससे आदिवासी समाज की विशिष्ट संस्कृति और परंपराओं पर असर पड़ सकता है। उन्होंने आदिवासी भाई-बहनों से अपील करते हुए कहा कि अधिक से अधिक संख्या में धर्म कोड की मांग के समर्थन में फॉर्म भरकर राष्ट्रपति महोदया तक अपनी आवाज़ पहुँचाएँ, ताकि आदिवासी समाज की अलग पहचान और सांस्कृतिक विरासत को उचित मान्यता मिल सके। सिंघार ने कहा कि यह केवल एक प्रशासनिक मांग नहीं, बल्कि आदिवासी समाज की अस्मिता और अस्तित्व से जुड़ा विषय है। इसलिए सभी को एकजुट होकर इस मांग को मजबूत बनाना होगा, ताकि देश में आदिवासी धर्म और संस्कृति को अलग पहचान मिल सके। recent visitors 99