मध्यप्रदेश में सीजन का पहल मावठ, ओले भी गिरेंगे: 23 से 28 दिसंबर के बीच बदला रहेगा मौसम; भोपाल सहित कई जिलें भी भीगेंगे ।

Madhya Pradesh will witness the first drizzle of the season, hail will also fall: Weather will remain changed between 23 and 28 December; Many districts including Bhopal will also get wet. भोपाल । मध्यप्रदेश में एक बार फिर मौसम बदलेगा। मौसम विभाग ने 23 से 28 दिसंबर के बीच प्रदेश में सीजन का पहला मावठा गिरने का अनुमान जताया है। बारिश के साथ कुछ हिस्सों में ओले भी गिरेंगे। बदले मौसम का असर भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन में दिखाई देगा। सीनियर वैज्ञानिक डॉ. वेदप्रकाश सिंह ने बताया, प्रदेश में वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) का असर हो सकता है। इस कारण उत्तर-पश्चिमी हवाएं आएंगी, जो अरब सागर से नमी लाएंगी। बंगाल की खाड़ी से पूर्वी हवाएं भी आएंगी। इस कारण प्रदेश में बादल छाने के साथ हल्की या मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ जगहों पर ओले गिरने की संभावना भी है। दिसंबर में बारिश का रहता है ट्रेंड प्रदेश में दिसंबर में बारिश का ट्रेंड भी है। इस बार भी ऐसा ही मौसम रहेगा। इस वजह से दिन-रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी और हो जाएगी, लेकिन सिस्टम के गुजरने के बाद सर्दी फिर से तेज हो जाएगी। अगले 5 दिन ऐसा रहेगा मौसम 23 दिसंबर: मुरैना, भिंड, विदिशा, सागर, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल और बुरहानपुर में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। वहीं, ग्वालियर, मुरैना और भिंड में कोहरा रहेगा। 24 दिसंबर: ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर, रायसेन, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज और सीधी में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। 25 दिसंबर: ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, शिवपुरी, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना में कोहरा रहेगा। 26 दिसंबर: भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, छतरपुर, सागर, दमोह, विदिशा, रायसेन, नर्मदापुरम, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सीहोर, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, शाजापुर, राजगढ़, आगर-मालवा, खरगोन, बड़वानी, धार, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। recent visitors 364

डॉ अभिषेक जैन ने सपत्नीक आदिवासी बच्चों को गर्म स्वेटर किए भेंट

राम बिहारी गोस्वामी, पन्ना देवेंद्र नगर। पन्ना जिले के देवेंद्र नगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के बीएमओ डॉक्टर अभिषेक जैन एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती पारुल जैन अनुज भ्राता सानू जैन 21 दिसंबर को पन्ना जिले के देवेंद्र नगर मुख्य मार्ग स्थित जमुनहाई कला ग्राम पहुंचे, जहां पर कक्षा एक से कक्षा 8 तक पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के पास गर्म स्वेटर नहीं थे। यह देख कर बीएमओ डॉक्टर अभिषेक जैन ने बच्चों को स्वेटर देने का निर्णय लिया। उन्होंने तत्काल गर्म स्वेटर मंगवाए और अपनी धर्मपत्नी श्रीमती पारुल जैन के साथ बीएमओ डॉक्टर अभिषेक जैन जामुनहाई कला स्कूल में लगभग 70 गर्म स्वेटर गरीब आदिवासी बच्चों को पहनानेे का पुनीत कार्य किया है। डॉ अभिषेक जैन एवं उनकी पत्नि पारुल जैन ने सभी छात्राओं को शिक्षा के महत्व के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आज आपके पास गरीबी है मगर पढ़ लिखकर के एक बड़ा आदमी आप भी बनेंगे। इसलिए सभी बच्चे पढ़ाई मन लगाकर करें। शिक्षा से बड़ा कोई धन नहीं होता है। जिसे कोई चोर चुरा नहीं सकता है और शिक्षा से ही व्यक्ति डॉक्टर मास्टर और कलेक्टर भी बनता है। इसलिए पढ़ाई पर सभी बच्चे ध्यान दें और किसी को पढ़ाई में किसी भी चीज का अभाव लगता है तो वह मुझसे कभी भी मुलाकात कर सकते हैं, उनकी यथासंभव मदद करेंगे। इस अवसर पर माध्यमिक शाला प्राथमिक शाला के सभी शिक्षक गण मौजूद रहे। recent visitors 220

पहली सिख प्रीमियर लीग क्रिकेट टूर्नामेंट का शुभारंभ

First Sikh Premier League cricket tournament launched भोपाल ! राजधानी स्थित शाहपुरा रन आउट मैदान पर पहली बार,सिख क्रिकेट लीग 2024 का आयोजन किया गया ! जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता नेहा बग्गा उपस्थित हुई ! अरदास कर के टूर्नामेंट का उद्घाटन किया गया ! वहीं बीजेपी प्रवक्ता नेहा बग्गा ने कहा कि टीमों ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया ! टूर्नामेंट का उद्देश्य खेल प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और आप सी भाईचारे को बढ़ावा देना है ! उन्होंने इस सफल आयोजन के लिए समिति को बधाई दी वहीं सचिव ने हमें बताया कि ! इस टूर्नामेंट में आठ टीमों ने भाग लिया है,ये टूर्नामेंट दो दिन तक चलेगा ! विजेताओं एवं उपविजेता टीमों को आकर्षक इनाम दिए जाएंगे recent visitors 213

छतरपुर : दुल्हन ने दूल्हे को पिलाया नशीला दूध, फिर जेवर लेकर भागी , पुलिस ने किया गिरफ्तार 

Chhatarpur: Bride made the groom drink intoxicating milk, then ran away with the jewellery, police arrested her  छतरपुर । 8 दिन पहले एक दुल्हन ने दूल्हे को दूध में नशीली दवा मिलाकर पिलाया, फिर वह 12 लाख रुपए के गहने लेकर भाग गई थी। दूल्हे के पिता की शिकायत के बाद पुलिस ने शनिवार को लुटेरी दुल्हन और उसके एक साथ को गिरफ्तार कर लिया है। मामला नौगांव थाना क्षेत्र के ग्राम कुलवारा का है। यहां रहने वाले अशोक कुमार रावत के बेटे राजदीप का विवाह नैगुवां निवासी सुकन पाठक के माध्यम से चरखारी उत्तरप्रदेश की खुशी तिवारी (परिवर्तित नाम) के साथ तय हुआ था। 11 दिसंबर 2024 को कुलवारा के मंदिर से विवाह संपन्न हुआ था। 13 दिसम्बर की रात को दुल्हन, राजदीप को दूध में नशीला पदार्थ पिलाकर लगभग 12 लाख की संपत्ति लेकर रफू चक्कर हो गई थी। इस संपत्ति में सोने-चांदी के जेवरात के अलाव दूल्हे का मोबाइल शामिल था। दूल्हे के पिता ने दर्ज कराई थी शिकायत दूल्हे के पिता अशोक रावत ने नौगांव थाना पुलिस को बताया था कि सुकन पाठक पुत्र जुगराज पाठक ने उनके बेटे का विवाह तय कराया था। दुल्हन चरखारी में अपने परिवार के साथ किराए के घर में रहती है, ऐसी जानकारी उन्हें दी गई थी। सुकन 13 दिसंबर को राजदीप को दूध में नशीली दवा पिलाकर 12 लाख के जेवर लेकर भाग गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर लुटेरी दुल्हन की तलाश शुरू कर दी थी। आठ दिन की मेहनत से पुलिस को मिली सफलता नौगांव थाना प्रभारी सतीश सिंह ने बताया कि मामले की शिकायत मिलने के बाद एक टीम का गठन किया था, जिसने बारीकी से साक्ष्य एकत्रित किए। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर आरोपी लड़की सहित उसके साथियों की तलाश की जा रही थी। शनिवार को लड़की सहित उसके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया गया है। थाना प्रभारी ने बताया कि लड़की का वास्तविक नाम बिट्टू पुत्री सुरेश रैकवार निवासी लवकुशनगर तिराहा, जिला-महोबा उत्तरप्रदेश है, जिसे उसके साथी अभय प्रताप सिंह पुत्र रमेश सिंह निवासी राठ जिला हमीरपुर उत्तरप्रदेश के साथ पकड़ा गया है। लड़की के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोबाइल फोन जब्त किया गया है। पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि लूट की संपत्ति उनके अन्य साथियों के पास है, जिनकी तलाश अभी जारी है। recent visitors 194

मध्यप्रदेश में ठंड के बीच बारिश का अलर्ट: भोपाल, इंदौर-जबलपुर संभाग भीगेंगे; उज्जैन-ग्वालियर में भी पानी गिरेगा

Rain alert amid cold in Madhya Pradesh: Bhopal, Indore-Jabalpur divisions will get wet; Ujjain-Gwalior will also receive rain भोपाल । कड़ाके की ठंड का दौर खत्म होने के बाद अब मध्यप्रदेश में बारिश का सिस्टम एक्टिव हो रहा है। मौसम विभाग की माने तो 23 दिसंबर से प्रदेश में हल्की बारिश हो सकती है। इससे भोपाल, इंदौर-जबलपुर के साथ उज्जैन और ग्वालियर संभाग भी भींगेंगे। ऐसा वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) के एक्टिव होने से होगा। प्रदेश में दिसंबर में बारिश का ट्रेंड भी है। इस बार भी ऐसा ही मौसम रहेगा। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया, 23 दिसंबर से बारिश का दौर रहेगा। पूर्वी और पश्चिमी दोनों ही हिस्सों में कहीं-कहीं बारिश होगी। इस वजह से दिन-रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी और हो जाएगी, लेकिन सिस्टम के गुजरने के बाद सर्दी फिर से तेज हो जाएगी। आज यहां कोहरा रविवार सुबह ग्वालियर, जबलपुर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, कटनी, सागर, दमोह, सीधी और सिंगरौली में कोहरा रहा। भोपाल में धुंध देखने को मिल रही है। 23 से 25 दिसंबर तक इन जिलों में बारिश 23 दिसंबर : भिंड, दतिया, शिवपुरी, अशोकनगर, विदिशा, सीहोर, रायसेन, नरसिंहपुर, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल, खंडवा, बुरहानपुर, अलीराजपुर, सागर, नरसिंहपुर, दमोह, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। 24 दिसंबर : ग्वालियर, जबलपुर, भिंड, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, राजगढ़, सीहोर, देवास, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, सागर, छतरपुर, दमोह, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, पन्ना, कटनी, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, मैहर, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में भी हल्की बारिश होने का अनुमान। 25 दिसंबर : इंदौर, उज्जैन, डिंडौरी, मंडला, सिवनी, छिंदवाड़ा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, देवास, हरदा, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, धार, झाबुआ, रतलाम, मंदसौर जिले में बूंदाबांदी हो सकती है। recent visitors 247

वन मेले में हर्बल उत्पाद से तैयार औषधियों का बोलबाला

भोपाल ! अंतरराष्ट्रीय वन मेले 2024 की शुरुआत हो चुकी हैं ! मेले में हजारों की संख्या में लोग पहुंच रहे हैं लोगों ने जड़ी बूटियों के अलावा हर्बल उत्पाद से तैयार औषधियों की खरीदी कर रहे हैं ! मेले में न केवल भोपाल बल्कि आस-पास के जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं ! मेले मे लेमन ग्रास जंगली अदरक,एलोवेरा और आंवला,एवं अन्य वनोपज से बने ! उत्पादों औषधीय गुण जानने एवं खरीदने में काफी रुचि ले रहे है ! वही हम आपको बतादे की वन मेले में ज्योतिष्मती पंडाल में छिन्दवाड़ा जिले से वैध प्रीतम डोंगरे अपनी अनोखी जड़ी बूटियों के साथ उपस्थित हुए हैं ! वहीं वैध प्रीतम डोंगरे ने हमें बताया कि हमारे पास अचूक लेप एवं अचूक तेल उपलब्ध है ! जो सिर दर्द,माइग्रेशन,सर्दी,खांसी के लिए काफी उपयोगी है ! हमारे पास कैसी भी बवासीर की बीमारी का इलाज के साथ साथ मसे काटने की दवा भी उपलब्ध है ! recent visitors 89

मध्य प्रदेश में मनरेगा योजना ठप, संकट में मजदूरों की आजीविका

दमोह ! जनपद अधिकारियों के गलत आंकलन के कारण मनरेगा योजना बंद पड़ी हुई है। ऐसी स्थिति में मजदूरों के लिए केवल रोजगार का साधन वन विभाग था, लेकिन यहां भी अब मजदूरों से होने बाले काम अधिकारी मशीनों से कराने लगे हैं। ताजा मामला झलोन रेंज की वीट बैरागढ़ में सामने आया। यहां दो प्लांटेशन वन विभाग ने मंजूर किए थे और दिसंबर माह में इन प्लांटेशन में मजदूरों से गड्ढे कराए जाने थे, लेकिन झलोन रेंजर ने इन गड्ढों को ट्रैक्टर और वर्मा की मदद से करवा दिया। आंकलन की बात की जाए तो वहां पर मजदूरों का ही जिक्र है। दो बाई दो के गड्डे भी मशीनों से होने लगे तो क्षेत्र के मजदूर कहां जाएंगे। वह अपने परिवार का भरण पोषण कैसे करेंगे, ये बड़ा सवाल है। झलोन रेंज से लगातार मजदूरों का कार्य मशीनों से कराए जाने की शिकायत ग्रामीणों कर रहे हैं। वहीं झलोन रेंजर कह रहे थे कि जानकारी देने वाले अफवाह फैला रहे हैं। कार्य पूरा स्टीमेट के आधार पर हो रहा है। दोनों प्लांटेशनों में हुए गड्ढे टैक्टर में वर्मा लगाकर कराये गए हैं। एक प्लांटेशन जिसकी फेंसिंग हो गई थी, उसमें कुछ मजदूर लगे थे, जो मशीनों से हुए गड्ढों के अवशेष ख़त्म करने का कार्य कर रहे थे। मामले को लेकर झलोन रेंजर सतीश मसीह का कहना है कि प्लांटेशन के गड्ढे पचास प्रतिशत मशीन से कराने के निर्देश थे। इसलिए मशीन से कराए हैं, बाकी मजदूरों से कराये जा रहे हैं। मामले में दमोह डीएफओ ईश्वर जरांडे ने बताया प्लांटेशन के गड्ढे मजदूरों से कराए जाने थे। यदि मशीन से गड्ढे कराये गए हैं तो मैं एसडीओ से जांच करवाता हूं। बता दें तेंदूखेड़ा ब्लॉक आर्थिक रूप से जिले के अन्य ब्लॉकों में सबसे पिछड़ा हुआ ब्लाॅक माना गया है। यहां रहने बाले पचास प्रतिशत लोग मजदूरी के भरोसे हैं, जो पूरा दिन मजदूरी के लिए इधर उधर भटकते रहते हैं। जब रोजगार नहीं मिलता तो दूसरे जिले में रोजगार की तलाश में चले जाते हैं या फिर जगली क्षेत्रों से लकड़ी एकत्रित करते हैं और उसको बेचकर अपने परिवार का भरण पोषण करते हैं। शासन ने मनरेगा योजना के तहत वन विभाग को भी काम दिए हैं, जो केवल मजदूरों से होते हैं, लेकिन यहां भी मजदूरों के साथ भेदभाव होता है और अधिकारी मशीनों से काम करवा लेते हैं और अपने परिचित लोगों को कागजों पर मजदूर बनाकर भुगतान निकाल लेते हैं। recent visitors 300