राम मंदिर चढ़ावा चोरी: पुलिस का बड़ा खुलासा, व्हाट्सएप पर चोरी को लेकर होती थी बातचीत; चैट में मिले सुबूत

Ram Mandir offering theft: Major police revelation; discussions about the theft took place on WhatsApp; evidence found in chats. राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में आरोपियों के मोबाइल से बेहद पुख्ता साक्ष्य पुलिस के हाथ लगे हैं। कई आरोपियों की व्हाट्सएप चैट में रकम पार करने और उसके बंटवारे को लेकर बातचीत मिली है। पुलिस ने इसे विवेचना में मजबूत साक्ष्य के तौर पर शामिल किया है। सूत्रों के मुताबिक, गणना के समय पर अधिक बातचीत नहीं हो पाती थी, लिहाजा उस दौरान आरोपी व्हाट्सएप पर एक-दूसरे को मैसेज भेजते थे। इसके जरिये कब और कैसे रकम पार करनी है, यह तय किया जाता था। बाद में एक जगह मिलकर उसका बंटवारा करते थे। बंटवारे को लेकर भी चैट मिली है। पुलिस आरोपियों के मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच भी करवा रही है। चैट डिलीट करने के भी साक्ष्य मिलेकई आरोपियों के मोबाइल से व्हाट्सएप चैट डिलीट करने के भी साक्ष्य मिले हैं। पुलिस की जांच में जितने तथ्यों की जरूरत थी, उतने मिल गए हैं। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस ने जब आरोपियों के मोबाइल खंगाले तो उनमें कई फोटो और वीडियो मिले। इनमें कई वीडियो और फोटो साथ बैठकर खाने-पीने व पार्टी करने के और कुछ वीडियो व फोटो ऐसे भी मिले, जिनमें आरोपियों के पास मोटी रकम दिखाई दे रही है। पुलिस का मानना है कि यह वही रकम है, जिसे ये सभी पार कर जश्न मनाते थे। फिर अयोध्या गई SIT टीमराम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की जांच के लिए बृहस्पतिवार को एसआईटी फिर अयोध्या पहुंची और ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारियों चंपत राय, अनिल मिश्रा व गोपाल राव से करीब चार घंटे तक पूछताछ की। टीम ने चढ़ावे के ऑडिट से जुड़े दस्तावेज कब्जे में लिए और पदाधिकारियों से इससे जुड़े सवाल पूछे। सूत्रों के अनुसार पूछताछ में कई सवालों के संतोषजनक जवाब नहीं मिले जिससे आने वाले दिनों में पूछताछ का दायरा और बढ़ेगा। वहीं, पुलिस की आपराधिक जांच भी जारी है। इससे इन सभी पर अब पुलिस और एसआईटी का दोहरा शिकंजा कसेगा। ये तीनों शख्स जो चाहते थे, मंदिर में वही होता थाचंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव का ही पूरे प्रबंधन में दखल था। अन्य ट्रस्टियों का दखल न के बराबर था। ये तीनों शख्स जो चाहते थे मंदिर में वही होता था। चढ़ावे की गणना से लेकर जमा करने तक की निगरानी में इनकी भूमिका रहती थी। सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ में तीनों लोग अपनी भूमिका होने से स्पष्ट इन्कार कर रहे हैं। पूछताछ में चंपत, अनिल और गोपाल सीधे तौर पर टिन्नू यादव और सुभाष श्रीवास्तव पर ठीकरा फोड़ रहे हैं। सभी एक साथ अब इन्हीं दोनों का नाम ले रहे हैं। हालांकि, एसआईटी और पुलिस दोनों कई सवालों के जवाब से संतुष्ट नहीं हैं। इनके गोलमोल जवाब और कई सवाल खड़े कर रहे हैं। जल्द इनकी गिरफ्तारियां शुरू होंगीपुलिस मंदिर प्रबंधन से जुड़े ज्यादातर पदाधिकारियों, कर्मचारियों और निजी सुरक्षाकर्मियों से पूछताछ कर चुकी है। इसमें गणनाकर्मी भी शामिल हैं। इनमें से तीन से चार लोगों को आरोपी भी बनाया गया है। बैंक कर्मियों को भी आरोपी बनाने की प्रक्रिया जारी है। जल्द इनकी गिरफ्तारियां शुरू होंगी। पुलिस केस की विवेचना में चार्टर्ड अकाउंटेंट की भी मदद ले रही है। recent visitors 38

वन भूमि पर अतिक्रमण रोकने पहुंची टीम से मारपीट, रेंजर समेत तीन कर्मचारी घायल; जानें किस बात पर बढ़ा विवाद?

Team attempting to stop encroachment on forest land assaulted; three employees, including a ranger, injured—find out what sparked the dispute. छिंदवाड़ा । पश्चिम वनमंडल की सांगाखेड़ा रेंज में वन भूमि पर प्रस्तावित पौधरोपण के दौरान वन विभाग की टीम और ग्रामीणों के बीच विवाद हिंसक हो गया। वन विभाग का आरोप है कि अतिक्रमण रोकने और पौधरोपण कराने पहुंचे कर्मचारियों के साथ ग्रामीणों ने गाली-गलौज कर मारपीट की, जिसमें रेंजर समेत तीन कर्मचारियों को चोटें आई हैं। घटना के बाद तामिया थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है। मामला सांगाखेड़ा रेंज के कुकरपानी बीट के कक्ष क्रमांक 272 का है, जहां करीब पांच हेक्टेयर वन भूमि पर सागौन के रूट-शूट पौधरोपण की तैयारी की गई थी। बुधवार को वन विभाग का अमला पौधरोपण के लिए मौके पर पहुंचा, लेकिन वहां मौजूद ग्रामीणों ने इसका विरोध करते हुए दावा किया कि वे वर्षों से इस जमीन पर खेती कर रहे हैं और उन्हें यहां से हटाया नहीं जा सकता। पौधरोपण के दौरान बढ़ा विवादवन विभाग के अनुसार समझाइश के बावजूद विवाद बढ़ गया। रेंजर नेहा माथुरकर की शिकायत के मुताबिक ग्राम बिजनाढाना निवासी रामवती भोपा, अनिता भोपा और सनोती भोपा ने वन अमले के साथ गाली-गलौज करते हुए शासकीय कार्य में बाधा डाली। आरोप है कि रामवती भोपा ने वनपाल राकेश धुर्वे की पीठ पर हमला किया, जबकि वनरक्षक कमल सिंह पंद्राम के साथ भी मारपीट की गई। बीच-बचाव के दौरान अनिता भोपा ने रेंजर नेहा माथुरकर के साथ झूमाझटकी की, जिससे उनके हाथ में चोट आई। घटना में वन विभाग के अन्य कर्मचारी भी मौके पर मौजूद थे। पहले भी हुई थीं बैठकेंरेंजर नेहा माथुरकर ने बताया कि संबंधित वन भूमि पर पौधरोपण की तैयारी पहले ही कर ली गई थी, लेकिन कुछ ग्रामीणों ने वहां खेत तैयार कर लिया था। इस मुद्दे को लेकर वन विभाग और ग्रामीणों के बीच एक-दो दौर की बैठक भी हुई थी, ताकि विवाद का समाधान निकाला जा सके। इसके बावजूद बुधवार को स्थिति बिगड़ गई और मारपीट की नौबत आ गई। अगले दिन पुलिस बल के साथ पहुंची टीमघटना के दूसरे दिन गुरुवार को वन विभाग का अमला पुलिस बल के साथ दोबारा मौके पर पहुंचा। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण फिर एकत्र हो गए और उन्होंने मांग की कि चूंकि वे लंबे समय से इस भूमि पर खेती कर रहे हैं, इसलिए उन्हें जमीन का पट्टा दिया जाए। काफी देर तक समझाइश और बातचीत के बाद वन विभाग ने सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रस्तावित पौधरोपण का कार्य पूरा कराया। पुलिस जांच में जुटीवन विभाग की शिकायत पर तामिया थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। वहीं ग्रामीण अपनी जमीन पर वर्षों से खेती करने का दावा करते हुए वन अधिकार और पट्टा दिए जाने की मांग पर अड़े हुए हैं। recent visitors 28

Amarnath Yatra : कैसे जा सकते हैं अमरनाथ यात्रा पर, किन तैयारियों की जरूरत? यहां जानें मन में आ रहे हर सवाल का जवाब

How can you undertake the Amarnath Yatra Registration2026, and what preparations are required? Find answers to all your questions here. Amarnath Yatra Registration2026, आरएफआईडी कार्ड, स्वास्थ्य प्रमाणपत्र और सुरक्षा नियमों की जानकारी होना बेहद जरूरी है। सही तैयारी और जरूरी दिशानिर्देशों का पालन करने से यात्रा सुरक्षित और सुगम बन सकती है। तो अगर आप इस साल बाबा बर्फानी के दर्शन की योजना बना रहे हैं तो यहां आपके सावलों के जावब मिल सकते हैं। अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होने जा रही। यात्रा से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नई दिल्ली में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर सुरक्षा, लॉजिस्टिक्स और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय का जायजा लिया। हर साल लाखों श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए इस कठिन तीर्थयात्रा पर निकलते हैं, लेकिन यात्रा पर जाने से पहले पंजीकरण, स्वास्थ्य प्रमाणपत्र, यात्रा मार्ग, सुरक्षा नियम और जरूरी दिशानिर्देशों की जानकारी होना बेहद आवश्यक है। ऐसे में आइए जानते हैं कि आप कैसे पहुंच सकते हैं अमरनाथ गुफा? यात्रा में श्रद्धालुओं को कौन-कौन सी सुविधाएं मिलती हैं? अमरनाथ यात्रा के लिए कैसे पंजीकरण किया जा सकता है? इसकी पात्रता शर्तें क्या हैं? अमरनाथ यात्रा के दौरान क्या करें और क्या नहीं? यात्रा पर जाते समय क्या साथ रखें? और इस बार की सुरक्षा व्यवस्था कैसी है? कैसे पहुंच सकते हैं अमरनाथ गुफा? Amarnath Yatra Registration2026 इस साल अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक चलेगी। हर वर्ष हजारों श्रद्धालु इस पवित्र गुफा मंदिर के दर्शन के लिए जम्मू-कश्मीर पहुंचते हैं। अमरनाथ गुफा तक पहुंचने के लिए श्रद्धालु दो आधिकारिक मार्गों में से किसी एक का चयन कर सकते हैं। पहला पारंपरिक पहलगाम मार्ग है, जिसमें जम्मू, पहलगाम, चंदनवाड़ी, पिस्सू टॉप, शेषनाग और पंचतरणी होते हुए श्रद्धालु पवित्र अमरनाथ गुफा तक पहुंचते हैं। यह अपेक्षाकृत लंबा मार्ग है और रास्ते में कई पड़ाव व सुविधाएं उपलब्ध रहती हैं। इसकी दूरी 32 किलोमीटर है। इस मार्ग का बेस कैंप नुनवान (पहलगाम के पास), अनंतनाग जिले में स्थित है। यह श्रीनगर से सड़क मार्ग के जरिए करीब 90 किलोमीटर दूर है। इस मार्ग का यात्रा एक्सेस कंट्रोल गेट नुनवान से करीब 12 किलोमीटर दूर चंदनवाड़ी में स्थित है। दूसरा बालटाल मार्ग है, जिसमें जम्मू, बालटाल, दोमेल और बरारी से होकर श्रद्धालु पवित्र अमरनाथ गुफा तक पहुंचते हैं। यह दूरी के लिहाज से छोटा है, लेकिन इसकी चढ़ाई अधिक खड़ी होने के कारण इसे अपेक्षाकृत चुनौतीपूर्ण माना जाता है। इसकी दूरी 14 किलोमीटर है। इस मार्ग का बेस कैंप बालटाल (सोनमर्ग के पास), गांदरबल जिले में स्थित है। यह श्रीनगर से सड़क मार्ग के जरिए करीब 95 किलोमीटर दूर है। इस मार्ग का यात्रा एक्सेस कंट्रोल गेट बालटाल से करीब 2.5 किलोमीटर दूर दोमेल में स्थित है। अमरनाथ यात्रा में श्रद्धालुओं को कौन-कौन सी सुविधाएं मिलती हैं? ठहरने की व्यवस्था: यात्रा मार्ग पर नुनवान, बालटाल, शेषनाग और पंचतरणी जैसे प्रमुख पड़ावों पर किराये पर टेंट उपलब्ध कराए जाते हैं, जहां श्रद्धालु रुक सकते हैं। इसे जुड़ी सारी जानकारी https://jksasb.nic.in/Other-Services.html पोर्टल पर मिलेगी। लंगर की सुविधा: यात्रा के दौरान दोनों मार्गों पर कई सामाजिक संस्थाएं और एनजीओ श्रद्धालुओं के लिए मुफ्त भोजन, पीने का पानी और हल्के नाश्ते की व्यवस्था करते हैं। चिकित्सा सुविधा: जम्मू-कश्मीर का स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग, सेना, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) और विभिन्न एनजीओ मिलकर यात्रा मार्ग पर बेस अस्पताल, मेडिकल सहायता केंद्र, आपातकालीन सहायता, ऑक्सीजन बूथ और एंबुलेंस जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं। क्लॉक रूम: श्रद्धालुओं के सामान को सुरक्षित रखने के लिए यात्रा के विभिन्न कैंपों और पवित्र गुफा के पास क्लॉक रूम की सुविधा उपलब्ध रहती है। पार्किंग: बालटाल में दोपहिया, हल्के और भारी वाहनों के लिए किराये पर पार्किंग की सुविधा उपलब्ध है। मोबाइल नेटवर्क: यात्रा क्षेत्र में बीएसएनएल, जियो और एयरटेल की नेटवर्क सेवाएं उपलब्ध हैं। बेस कैंप सहित कई स्थानों पर प्रीपेड और पोस्टपेड सिम कार्ड भी खरीदे जा सकते हैं। पोनी, पिट्ठू और पालकी: जिन श्रद्धालुओं को पैदल चलने में कठिनाई होती है, वे यात्रा मार्ग पर निर्धारित स्थानों से किराये पर पोनी, पिट्ठू या पालकी की सुविधा ले सकते हैं। हेलीकॉप्टर सेवा नहीं मिलेगी: वर्ष 2026 की अमरनाथ यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवा उपलब्ध नहीं होगी। सरकार ने 1 जुलाई 2026 से यात्रा समाप्त होने तक पहलगाम और बालटाल, दोनों मार्गों को ‘नो फ्लाइंग जोन’ घोषित किया है। इसलिए श्रद्धालुओं को पवित्र गुफा तक पैदल या पोनी और पालकी के माध्यम से ही पहुंचना होगा। अमरनाथ यात्रा के लिए कैसे करें पंजीकरण? ऑनलाइनअमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालु श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं। ऑफलाइन अमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालु ऑन-द-स्पॉट पंजीकरण भी करा सकते हैं।इसके लिए जम्मू में बनाए गए निर्धारित पंजीकरण केंद्रों से टोकन लेकर रजिस्ट्रेशन और आरएफआईडी कार्ड प्राप्त किया जा सकता है।इसके अलावा, देशभर में एसबीआई, पंजाब नेशनल बैंक, यस बैंक और जम्मू-कश्मीर बैंक की 500 से अधिक अधिकृत शाखाओं में भी पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध है। आरएफआईडी कार्ड क्यों जरूरी है? अमरनाथ यात्रा 2026 में सभी श्रद्धालुओं के लिए आरएफआईडी कार्ड अनिवार्य होगा। यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के बाद श्रद्धालुओं को जम्मू-कश्मीर के तय केंद्रों से बायोमेट्रिक ईकेवाईसी सत्यापन कराने के बाद यह कार्ड लेना होगा। आरएफआईडी कार्ड के बिना किसी भी श्रद्धालु को डोमेल या चंदनवाड़ी चेक पोस्ट से आगे जाने की अनुमति नहीं मिलेगी। क्या है ट्रैफिक एडवाइजरी? अमरनाथ यात्रा के दौरान क्या करें और क्या नहीं?क्या करें? क्या ना करें? यात्रा पर जाते समय क्या साथ रखें? अगर आप अमरनाथ यात्रा पर जा रहे हैं, तो मौसम और कठिन ट्रैक को देखते हुए पहले से अच्छी तैयारी करना जरूरी है। यात्रा के दौरान ये जरूरी चीजें अपने साथ रखें: कैसे ही सुरक्षा व्यवस्था? recent visitors 98

सीहोर शरबती गेहूं एवं रीवा सुन्दरजा आम के बाद इन चार फसलों को मिला जीआई टैग

After Sehore Sharbati wheat and Rewa Sundarja mango, these four crops got GI tag. भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा किसानों की समृद्धि एवं कृषि क्षेत्र के सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से वर्ष 2026 को “किसान कल्याण वर्ष” के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है।किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग, मध्यप्रदेश शासन के मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन, मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड के सहयोग तथा जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर के तकनीकी एवं वैज्ञानिक प्रयासों से प्रदेश की चार विशिष्ट कृषि उपजों में (सिताही कुटकी, नागदमन कुटकी, बैगानी अरहर एवं छत्रिय धान) को भौगोलिक संकेतक (Geographical Indication-GI) टैग प्राप्त हुआ है। यह उपलब्धि मध्यप्रदेश की समृद्ध कृषि विरासत एवं विशिष्ट कृषि उत्पादों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। जीआई टैग प्राप्त होने से इन कृषि उपजों को कानूनी संरक्षण प्राप्त होगा, उनकी ब्रांड वैल्यू एवं बाजार प्रतिस्पर्धात्मकता में वृद्धि होगी तथा किसानों को बेहतर मूल्य मिलने के साथ कृषि निर्यात को भी प्रोत्साहन मिलेगा।यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष महत्व रखती है, क्योंकि जीआई टैग प्राप्त करने वाली चारों कृषि उपजें प्रदेश के आदिवासी बहुल क्षेत्रों से संबंधित हैं। इससे विशेष रूप से महाकौशल क्षेत्र के किसानों को व्यापक लाभ मिलेगा। इन उत्पादों की राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों में मांग बढ़ने से किसानों की आय में वृद्धि होगी, क्षेत्र की पारंपरिक कृषि पद्धतियों एवं जैव-विविधता का संरक्षण होगा तथा कृषि आधारित प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन एवं निर्यात को नई गति मिलेगी। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व सीहोर शरबती गेहूं एवं रीवा सुन्दरजा आम को भी जीआई टैग दिलाने में किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग एवं मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। प्रदेश शासन भविष्य में भी अन्य विशिष्ट कृषि उपजों को जीआई टैग दिलाने के लिए निरंतर प्रयासरत है, ताकि किसानों की आय में वृद्धि के साथ-साथ मध्यप्रदेश की विशिष्ट कृषि पहचान को वैश्विक स्तर पर और अधिक सुदृढ़ बनाया जा सके। मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन बोर्ड के सहायक संचालक योगेश नागले ने बताया कि “मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार कृषि उत्पादों की ब्रांडिंग, मूल्य संवर्धन एवं निर्यात को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। प्रदेश की चार विशिष्ट कृषि उपजों को जीआई टैग प्राप्त होना मध्यप्रदेश के किसानों के लिए गर्व का विषय है। यह उपलब्धि प्रदेश की कृषि विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने के साथ किसानों की आय बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।“किसान कल्याण तथा कृषि विकास मंत्री ऐन्दल सिंह कंसाना ने बताया कि “जीआई टैग प्रदेश की विशिष्ट कृषि उपजों को वैश्विक पहचान प्रदान करने के साथ किसानों की आय में वृद्धि, स्थानीय कृषि विरासत के संरक्षण तथा मूल्य संवर्धन का प्रभावी माध्यम है। राज्य शासन भविष्य में भी प्रदेश की अन्य विशिष्ट कृषि उपजों के जीआई पंजीयन के लिए निरंतर कार्य करता रहेगा।“ किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग के सचिव निशांत वरवड़े ने बताया कि “मंडी बोर्ड प्रदेश की विशिष्ट कृषि उपजों की ब्रांडिंग एवं वैश्विक पहचान स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है। जीआई टैग प्राप्त होने से विशेष रूप से महाकौशल क्षेत्र के किसानों को नए बाजार, बेहतर मूल्य एवं निर्यात के अवसर प्राप्त होंगे।मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड प्रबंध संचालक कुमार पुरुषोत्तम ने बताया कि मंडी बोर्ड भविष्य में भी प्रदेश की अन्य विशिष्ट कृषि उपजों के जीआई पंजीयन एवं विपणन संवर्धन के लिए सक्रिय सहयोग प्रदान करता रहेगा। recent visitors 44

मुख्यमंत्री के गृह जिला उज्जैन में अजाक्स का बड़ा शक्ति प्रदर्शन, मुख्यमंत्री कर सकते हैं बड़ी घोषणा

Ajax staged a major show of strength in Ujjain, the Chief Minister’s home district; the Chief Minister may make a major announcement. भोपाल। पिछले चार महीने से मध्य प्रदेश अनुसूचित जाति- जनजाति अधिकारी कर्मचारी संघ (अजाक्स) में चल रही ग्रुपबाजी के बीच प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा के नेतृत्व में पहली बार मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के गृह जिला उज्जैन में 28 जून दिन रविवार को बड़ा शक्ति प्रदर्शन करने की पूरी तैयारी हो चुकी है। यह कार्यक्रम उज्जैन शहर के परेड ग्राउंड दशहरा मैदान में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, केंद्रीय मंत्री, राज्यपाल, राज्य के मंत्री, विधायको के अलावा कई बड़े अफसर और कई दिग्गज नेता तथा अजाक्स के प्रांतीय पदाधिकारी, सदस्यों के शामिल होने की खबर है। आईएएस वर्मा ग्रुप के कर्ताधर्ताओं ने आयोजन को बड़े स्तर पर भव्य स्वरूप देने की योजना को मूर्त रूप दे दिया है। जिसकी मैदानी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकीं हैं। आईएएस वर्मा के नेतृत्व की बढ़ेगी ताकत संघ के कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी ने अजाक्स के समर्पित पदाधिकारियों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की है। बता दें, संघ की प्लानिंग के मुताबिक अगर यह आयोजन सफल हुआ, तो प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा के लिए बड़ी संजीवनी साबित होगा। साथ ही उनकी संगठनात्मक ताकत में भी इजाफा होगा। वहीं दूसरी ओर अजाक्स में घुसपैठ की नाकाम कोशिश करने वाले दूसरे गुट (मुकेश मौर्य और आईएएस विशेष गढ़पाले) को बड़ा तमाचा लगेगा। मुख्यमंत्री कोई बड़ी घोषणा कर सकते हैं, ऐसी संभावना जताई जा रही है। क्योंकि उनके द्वारा पूर्व में दिया गया एक कथित बयान उनका पीछा नहीं छोड़ रहा है। ऐसे में यह आयोजन उनके लिए किसी अग्नि परीक्षा से कम नहीं है। संघ आरक्षित वर्ग के हित में उठाता है आवाज संघ के कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी ने बताया कि अजाक्स हमेशा आरक्षित वर्ग के अधिकारियों, कर्मचारियों और सामाजिक लोगों के हित में हक और अधिकारों की आवाज को संवैधानिक तरीके से उठाता है। सरकार या किसी अन्य पर कोई दबाव बनाने का काम नहीं करता है। इस महासम्मेलन में भी अधिकारियों, कर्मचारियों और सामाजिक लोगों के हितों की रक्षा के लिए कुछ मुद्दों ओर समस्याओं की ओर केंद्र और राज्य सरकार का ध्यानाकर्षित किया जाएगा। यह आयोजन उज्जैन संभाग के आरक्षित वर्गों के लिए वरदान साबित होगा। आयोजन में यह होंगे शामिल संघ के पदाधिकारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, राज्यपाल थावरचंद गहलोत, केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजीजू, केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर, केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले, उज्जैन जिले के प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल, पूर्व केंद्रीय मंत्री सत्यनारायण जटिया, राज्यसभा सांसद व राष्ट्र संत उमेश नाथ महाराज, अनुसूचित जाति मोर्चा भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाल सिंह आर्य, सांसद अनिल फिरोजिया, विधायकगण अनिल जैन, सतीश मालवीय, चिंतामण मालवीय, तेज बहादुर सिंह चौहान, महेश परमार और दिनेश जैन, अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य रामलाल मालवीय, उज्जैन के महापौर मुकेश टेटवाल, उज्जैन नगर पालिका निगम की अध्यक्ष कलावती यादव, समाजसेवी नारायण यादव, बजाज के पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष व वर्तमान संरक्षक सेवानिवृत आईएएस जेएन कंसोटिया, प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी, प्रांतीय उपाध्यक्ष आईएएस मीनाक्षी सिंह, प्रांतीय महासचिव (प्रशासन) इंजीनियर एमसी अहिरवार, महासचिव गण गौतम पाटिल, विजय शंकर श्रवण, महेश विरोलिया, महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष निर्मल पाटिल, उज्जैन संभागीय अध्यक्ष जगन्नाथ बागड़ी, जिला अध्यक्ष डॉक्टर आरएल परमार और उनकी पूरी टीम के सदस्य तथा हजारों की संख्या में अन्य लोग शामिल होंगे। recent visitors 49

वास्तव में शिक्षा ऐसा मंत्र है, जिसको कोई चुरा नहीं सकता: महेंद्र सिंह यादव

In fact, education is such a mantra that no one can steal it: Mahendra Singh Yadav भोपाल। पिछड़ा दलित विकास महासंघ के बैनर तले रविवार को टीटी नगर स्थित अपेक्स बैंक के समन्वय भवन में प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन संपन्न हुआ। इसमें मुख्य अतिथि अपेक्स बैंक के अध्यक्ष महेंद्र सिंह यादव, राधारमण इंस्टीट्यूट ग्रुप के चेयरमैन संजीव सक्सेना, महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ददन यादव, मिलेनियम इंस्टीट्यूट ग्रुप के चेयरमैन विनोद यादव समेत अन्य गणमान्यजनों ने करीब 500 बच्चों को शील्ड और प्रशस्ति पत्र से पुरस्कृत किया। आयोजन में बड़ी संख्या में बच्चों, उनके अभिभावकों और महासंघ के पदाधिकारियों , सदस्यों तथा महिलाओं ने भाग लिया और बच्चों का हौंसला बढ़ाया। कार्यक्रम में अपेक्स बैंक के अध्यक्ष महेंद्र सिंह यादव ने कहा कि वास्तव में शिक्षा ऐसा मंत्र है, जिसको कोई चुरा नहीं सकता है। इसलिए बच्चों को शिक्षा, संस्कार और समन्वय सीखना जरूरी है। आज की भागमभाग भरी जिंदगी में आत्मीयता की आवश्यकता है। हमारा परिवार एकजुट और संस्कारित रहे। बच्चों को एक टारगेट बनाकर पढ़ाई करना पड़ेगा। सुबह 5 बजे उठना होगा। रात की पढ़ाई भूल जाती है, लेकिन सुबह की ग्रहण की गई शिक्षा ज्यादा याद रहती है। हर अभिभावक पढ़ाई में बेटा और बिटिया में अंतर न करें। आयोजन का कारवां रुकेगा नहीं, यही महासंघ का संकल्प: ददन यादव महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ददन यादव ने कार्यक्रम के आय-व्यय का ब्यौरा रखा। उन्होंने बताया कि महासंघ को कार्यक्रम आयोजित करने के लिए लोगों ने भरपूर मदद की है। इस आयोजन के लिए 1 लाख 75 हजार रुपए समाज से जनसहयोग के रूप में एकत्रित हुआ है। इसमें 50 हजार रुपए महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ददन यादव ने भी दिया। जबकि इस आयोजन पर करीब 3 लाख 5 हजार खर्च हुआ है। बच्चों के भविष्य को लेकर इस प्रकार के आयोजन निरंतर महासंघ के बैनर तले होते रहेंगे, यह मेरी प्रतिज्ञा और संकल्प है। पुरस्कार बढ़ाते हैं बच्चों का उत्साह : संजीव सक्सेना राधारमण कॉलेज ग्रुप के चेयरमैन संजीव सक्सेना ने बच्चों का भविष्य गढ़ने के बारे में मैथर्डपूर्वक विस्तार से बताया, जिससे बच्चे आत्मबोधन करने के लिए उत्सुक दिखाई दिए। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के पुरस्कारों ने मुझे मेरे बचपन की याद दिला दी। मैं भी प्रतिभाशाली रहा हूं और सम्मान मिला है। पुरस्कार बच्चों का उत्साह बढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि माता- पिता अपने बच्चों को फोकस करने का तरीका बताएं, तभी बच्चे अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ेंगे। उन्होंने तकनीकी ज्ञान के उदाहरण के जरिए भी बच्चों को बारीकी से समझाया। उन्होंने कहा कि हमें बिजनेसमैन बनने के लिए पढ़ना है, ना कि किसी की नौकरी के लिए। पढ़ने की 10 प्रकार की लर्निंग होती है। आपको 5 से 10 साल तक दिमाग को अपने लक्ष्य पर फोकस करना है। उसके बाद अनंत संभावना है। आपका कर्म ही आपका भाग्य बनाता है: एनआर यादव संघ के महासचिव एनआर यादव (इलाहाबाद) ने कहा कि छात्र-छात्राएं हमारे भविष्य की धरोहर हैं। यही बच्चे आगे चलकर आईएएस और आईपीएस व अन्य स्तर के अधिकारी बनते हैं। इसलिए इनका मनोबल बढ़ाए। आपका कर्म ही आपका भाग्य बनाता है। कोर्स के अलावा भी स्किल सीखना जरूरी: विनोद यादव मिलेनियम कॉलेज ग्रुप के चेयरमैन विनोद यादव ने कहा कि बच्चों को कोर्स के अलावा सामाजिक समझ और जनरल अवेयरनेस में भी आगे आना होगा। उन्होंने बच्चों को कॉलेजेस शिक्षा के क्षेत्र में हर प्रकार के मार्गदर्शन देने का वादा किया। उन्होंने कहा कि किसी भी कॉलेज में प्रवेश लेना है, तो उनकी मदद करने में मैं पीछे नहीं हटूंगा। जैसे फोन करना हो या अन्य परेशानी के लिए भी मुझसे बच्चे संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अगर जो बच्चे हमारे कॉलेज में प्रवेश लेते हैं, तो उनकी आर्थिक रूप से मदद की जाएगी। समाज में एकता बनाए रखने पर जोर महिला बिंग की अध्यक्ष सीमा यादव ने समाज में एकता बनाए रखने पर जोर दिया। बच्चों को निरंतर अपनी पढ़ाई और कैरियर में आगे बढ़ने की सलाह दी। समाजवादी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता शिशुपाल यादव ने कहा कि अगर मकान बनाना है तो उसकी नींव मजबूत होना चाहिए, इसलिए अगर जिंदगी सही बनाना है, तो उसके लिए अच्छी शिक्षा होना जरूरी है। शिक्षा की सबसे बड़ी जननी बच्चों की माता है। आज का दौर स्किल का है। यह डिजिटल युग है। आप घर बैठे विदेशी कंपनियों के काम कर सकते हैं। राजधानी यादव समाज के अध्यक्ष रामस्वरूप यादव ने कहा कि अपने अधिकारों के प्रति हम सबको काम करना है, तभी यह समाज आगे बढ़ पाएगा। क्योंकि जागरूकता ही हमारी तरक्की की राह आसान करती है। आयोजन में मुख्य रूप से महासंघ के जिलाध्यक्ष शिवजी यादव, विकास यादव, कोचिंग संचालक कृष्ण सर, संदीप यादव, महिला बिंग की जिलाध्यक्ष अनीता कुशवाहा, महामंत्री शैलेंद्र यादव, दिलीप यादव, शैलेश सेन, रेखा सेन, अरविंद कुशवाहा, प्रो सूर्यदेव सिंह समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। recent visitors 69

भारत ने जीता टॉस, अफगानिस्तान के खिलाफ पहले चुनी गेंदबाजी; 25-25 ओवर का होगा मुकाबला

India won the toss and elected to bowl first against Afghanistan; the match will consist of 25 overs per side. Cricket Score, India vs Afghanistan (IND vs AFG) 1st ODI: नमस्कार! “माय सीक्रेट न्यूज” के लाइव ब्लॉग में आपका स्वागत है। भारत और अफगानिस्तान के बीच आज से तीन मैचों की वनडे सीरीज का आगाज हो गया है। पहला मुकाबला धर्मशाला में खेला जा रहा है। बारिश के कारण मैच शुरू होने में देरी हुई, जिसकी वजह से अब 25-25 ओवर का मुकाबला होगा। भारत ने टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला किया है। IND vs AFG Live Score: दोनों टीमों की प्लेइंग-11भारत: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, केएल राहुल, श्रेयस अय्यर, ईशान किशन (विकेटकीपर), वाशिंगटन सुंदर, नीतीश कुमार रेड्डी, हर्ष दुबे, गुरनूर बराड़, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा। अफगानिस्तान: इब्राहिम जादरान, रहमानुल्लाह गुरबाज, सेदिकुल्लाह अटल, रहमत शाह, हशमतुल्लाह शाहिदी (कप्तान), अजमतुल्लाह ओमरजई, इकराम अलीखिल (विकेटकीपर), राशिद खान, मोहम्मद सलीम सफी, अल्लाह गजनफर, जिया उर रहमान शरीफी। IND vs AFG Live Score: भारत ने जीता टॉस, चुनी गेंदबाजीभारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया है। कप्तान शुभमन गिल ने बताया कि इस मैच में दो खिलाड़ी डेब्यू कर रहे हैं, जिनमें हर्ष दुबे और गुरनूर बराड़ शामिल हैं। इस मुकाबले में यशस्वी जायसवाल, प्रिंस यादव और कुलदीप यादव नहीं खेल रहे हैं। recent visitors 53