महू में हुआ अंबेडकर समर्थकों का महाकुंभ, लाखों कि संख्या में संविधान रक्षक हुए शामिल

Maha Kumbh of Ambedkar supporters took place in Mhow, lakhs of constitution protectors participated मध्य प्रदेश कांग्रेस के जय बापू, जय भीम, जय संविधान कार्यक्रम के लिए महू पहुंचने के आव्हान पर 3 लाख से अधिक लोगों ने महू पहुंचकर मध्यप्रदेश की राजनीतिक दशा और दिशा बदलकर रख दी है। कार्यक्रम में शामिल जनता का जोश प्रदेश में कांग्रेस के नवोदय की ओर इशारा कर रहा था, वहीं पूरे कार्यक्रम की सफलता का श्रेय राहुल गांधी के उस निर्णय को जाता है जिसके तहत मध्यप्रदेश को जीतू पटवारी के रूप में एक युवा और ऊर्जावान प्रदेश अध्यक्ष देने की पहल हुई। ऐतिहासिक जनसैलाब महू में आयोजित जय बापू, जय भीम जय संविधान कार्यक्रम के दौरान केवल मंच और ग्राउंड ही नहीं, बल्कि पूरा महू खचाखच भरा हुआ था। जनसैलाब को रोकने के सरकार के सभी षड्यंत्र फेल नज़र आ रहे थे, धरती से लेकर आसमान तक तिरंगे और नीले ध्वज नज़र आ रहे थे, जय भीम और जय बापू का उद्घोष इतना तेज था कि कंपन राज्य और केंद्र सरकार की कुर्सी हिला रहा था। पूरा इंदौर शहर अंबेडकर और बापू मय नज़र आ रहा था। हर तरफ़ संविधान की रक्षा के संकल्प की गूंज थी। जीतू पटवारी का बेहतरीन प्रबंधन मध्यप्रदेश कांग्रेस की कमान संभाल रहे जीतू पटवारी के बेहतरीन प्रबंधन की बदौलत पूरा कार्यक्रम निर्विरोध संपन्न हुआ। दूरस्थ क्षेत्रों से आए कार्यकर्ताओं के लिए भोजन, पानी और बैठने की व्यवस्था ने सबका दिल जीत लिया। पार्किंग से लेकर भोजन वितरण की व्यवस्था भी आखरी पलों तक समुचित चलती रही। पास वितरण इतना व्यवस्थित था, कि कहीं कोई विवाद की गुंजाइश ही नहीं थी। जीतू पटवारी ने व्यवस्था की मुख्य बागडोर हमेशा अपने नियंत्रण में रखी, जिससे पूरा कार्यक्रम बेहतरीन प्रबंधन का प्रतीक बना। नेताओं का समन्वय इंदौर में नेताओं के बीच समन्वय भी हमेशा से चुनौती रही है, लेकिन जय बापू, जय भीम, जय संविधान कार्यक्रम में तालमेल और समन्वय की कहीं कोई कमी नहीं नज़र आई। कार्यक्रम की व्यवस्था संभालने वाली सभी कमेटियों के सदस्यों ने अपनी ज़िम्मेदारी को निभाने में कोई कसर नहीं छोड़ी।  बीजेपी का तिकड़म फेल बीजेपी ने कांग्रेस के कार्यक्रम को फेल करने के लिए इसी समय इंदौर में मुख्यमंत्री का कार्यक्रम रखा और बसों का अधिग्रहण कर महू पहुंचने के सभी रास्ते बंद कर दिये। हैरानी की बात है कि बीजेपी के इस षड्यंत्र का जवाब जनता ने खुद दे दिया। जनता बसों को छोड़कर पैदल ही पहुंचने लगी, कई कोसों तक जनता का हुजूम नारे लगाते चलता नज़र आया। बीजेपी का कार्यक्रम पिट गया, कुर्सियाँ ख़ाली रही, वहीं कांग्रेस के कार्यक्रम की सफलता की गवाह लाखों जनता बनी। जीतू पटवारी ने दिया संदेश प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पिछले 15 दिनों से अलग अलग स्थानों पर सभा कर जनता से महू पहुंचने की अपील की, लोगों से व्यक्तिगत संपर्क किया। नतीजतन महू कार्यक्रम सबके लिए खुद का कार्यक्रम बन गया और लोगों ने जी जान लगाकर कार्यक्रम की सफलता में अपनी भूमिका निभाई। सोशल मीडिया जय बापू, जय भीम और जय संविधान के आमंत्रण से पटा रहा, हर तरफ़ संविधान की चर्चा होती रही। जीतू पटवारी कार्यकर्ताओं को मेहनत करने का संदेश देने में सफल रहे। मध्यप्रदेश कांग्रेस के जोश और लगातार बढ़ते जनाधार ने बीजेपी को संकट में डाल दिया है। कांग्रेस अब सड़क, गली और मोहल्लों में लड़ती दिख रही है। राहुल गांधी की वह सोच कामयाब होती दिख रही है, जिसके मद्देनजर प्रदेश की कमान जीतू पटवारी को सौंपी गई थी। जीतू पटवारी अब मेहनत और संघर्ष का प्रतीक बनते नज़र आ रहे हैं। recent visitors 159

MP Weather update: जनवरी में चौथी बार गिरेगा मावठा: भोपाल समेत 15 जिलों में कल से बदलेगा मौसम

MP Weather update: Mawtha will fall for the fourth time in January: Weather will change from tomorrow in 15 districts including Bhopal भोपाल । मध्यप्रदेश में जनवरी में चौथी बार मावठा गिरेगा। वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) की वजह से 29 जनवरी को भोपाल, इंदौर-ग्वालियर समेत करीब 15 जिलों में बूंदाबांदी हो सकती है। हालांकि, कहीं भी तेज बारिश होने की संभावना नहीं है। फरवरी की शुरुआत में भी प्रदेश में बारिश होने के आसार है। मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तरी हवाओं की वजह से प्रदेश में पिछले 4 दिन से तेज ठंड पड़ रही है। मंगलवार से ठंड से राहत मिल सकती है। दिन-रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी होगी। वहीं, बारिश का दौर शुरू होगा। 4 दिन में 2 सिस्टम एक्टिव होंगे मौसम विभाग ने 29 जनवरी और 1 फरवरी को दो वेस्टर्न डिस्टरबेंस के एक्टिव होने का अनुमान जताया है। जिसका असर प्रदेश में भी देखने को मिलेगा। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. वेदप्रकाश सिंह ने बताया, वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) की वजह से फरवरी के शुरुआती 4 दिन तक मौसम बदला रहेगा। 1 से 4 फरवरी के बीच पूर्वी और दक्षिणी हिस्से में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। इनमें रीवा, शहडोल, जबलपुर, सागर, ग्वालियर, चंबल और नर्मदापुरम संभाग के जिले शामिल हैं। 29 जनवरी को कुछ जिलों में बूंदाबांदी हो सकती है। 2 दिन ऐसा रहेगा मौसम 28 जनवरी: रात और सुबह के समय ठंड का असर रहेगा। दिन में तेज धूप खिलेगी। 29 जनवरी: भोपाल, इंदौर, छिंदवाड़ा, सीहोर, पन्ना, राजगढ़, सिंगरौली, रीवा, शहडोल, सागर, नर्मदापुरम, ग्वालियर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर में कहीं-कहीं बूंदाबांदी हो सकती है। दिन में पारा उछला, रात में लुढ़का दक्षिण-पूर्वी हवाओं की वजह से पिछले सप्ताह प्रदेश से ठंड जैसे गायब हो गई थी, लेकिन शुक्रवार से तापमान में फिर से गिरावट होने लगी। रविवार-सोमवार की रात में भी कई शहरों में पारा काफी लुढ़का रहा। शहडोल का कल्याणपुर सबसे ठंडा रहा। यहां पारा 2.8 डिग्री रहा। recent visitors 201

छतरपुर जिला अस्पताल में कईं दिनों से एक्स-रे मशीन खराब: मरीज परेशान, बाहर कराना पड़ रहा टेस्ट

X-ray machine is not working in Chhatarpur district hospital since many days: Patients are troubled, they have to get their tests done outside छतरपुर । जिला अस्पताल में पिछले 15 दिनों से एक्स-रे मशीन खराब पड़ी है। मरीजों को निजी केंद्रों पर जाकर महंगे दामों में एक्स-रे कराना पड़ रहा है। सबसे गंभीर मामला भालू के हमले में घायल 22 वर्षीय जागेश्वर का है, जिसे किशनगढ़ से रेफर किया गया था। जागेश्वर शनिवार शाम को भैंस चराने गया था, जहां भालू ने उस पर हमला कर दिया। भैंसों ने भालू को सींगों से मारकर भगाया, जिससे युवक की जान बच गई। लेकिन गंभीर चोटों के कारण उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने एक्स-रे की सलाह दी, लेकिन मशीन खराब होने की वजह से दो दिनों से परिजन परेशान हैं। इसी तरह अब्दुल मंजीत की पत्नी को घुटनों में हो रहे दर्द के लिए 300 रुपये खर्च कर बाहर से एक्स-रे कराना पड़ा। एक अन्य मरीज, जो स्टूल से गिर गई थीं, उन्हें भी 200 रुपये खर्च कर निजी सेंटर से एक्स-रे कराना पड़ा। जगदीश अहिरवार के छोटे भाई को भी दो दिनों से चक्कर काटने पड़ रहे हैं। सिविल सर्जन डॉ. जी.एल. अहिरवार का कहना है कि मशीन के पार्ट्स आ गए हैं और जल्द ही मरम्मत का काम पूरा कर लिया जाएगा। वहीं, अस्पताल प्रशासन के खिलाफ खबर के प्रकाशन पर रोक लगाने और पत्रकारों के साथ अभद्र व्यवहार की शिकायतें भी सामने आई हैं। recent visitors 270

पटवारियों को मुख्यालय में रहना होगा अनिवार्य: जबलपुर कलेक्टर का आदेश- नियम तोड़ने पर होगी अनुशासनात्मक कार्रवाई

Patwaris will be required to stay in the headquarters: Jabalpur Collector’s order- Disciplinary action will be taken for breaking the rules जितेन्द्र श्रीवास्तव (विशेष संवाददाता) जबलपुर । जबलपुर में राजस्व कार्यों में सुधार और नागरिकों की सुविधा के लिए कलेक्टर ने एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। अब सभी पटवारी और राजस्व अधिकारियों को अपने मुख्यालय में ही निवास करना होगा। यह निर्णय इसलिए लिया गया है क्योंकि अधिकारियों के अप-डाउन करने से राजस्व कार्यों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा था। नए आदेश के अनुसार, पटवारियों को सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक कार्यस्थल पर उपस्थित रहना होगा। उन्हें सोमवार से शुक्रवार तक अपनी उपस्थिति का विवरण सार्वजनिक करना होगा, जिससे नागरिकों को उनसे मिलने में कोई परेशानी न हो। सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना कोई भी राजस्व अधिकारी मुख्यालय नहीं छोड़ सकेगा। कलेक्टर के निर्देश पर सभी पटवारियों को अपने निवास स्थान की जानकारी एक विशेष प्रारूप में जमा करनी होगी। तहसीलदारों को यह जानकारी 28 जनवरी तक भू-अभिलेख शाखा में जमा करनी होगी। पटवारी बैठकों को व्यवस्थित करने के लिए प्रति माह अधिकतम दो दिन निर्धारित किए जाएंगे। राजस्व कार्यों की समीक्षा राजस्व निरीक्षक मंडल मुख्यालय पर की जाएगी और विशेष परिस्थितियों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का उपयोग किया जाएगा। कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि इन आदेशों का उल्लंघन करने वाले अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह कदम राजस्व प्रशासन को अधिक कुशल और जवाबदेह बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। recent visitors 221

सीएम मोहन यादव कि फिर चली तबादला एक्सप्रेस,एमपी में 42 आईएएस अफसरों के तबादले: 12 जिलों के कलेक्टर बदले; मुख्यमंत्री कार्यालय से हटे भरत यादव और अविनाश लवानिया

CM Mohan Yadav’s transfer express runs again भोपाल। मध्यप्रदेश में एक बार फिर आईएएस अफसरों के थोकबंद तबादले हुए हैं। सोमवार रात को सामान्य प्रशासन विभाग से जारी आदेश में 42 आईएएस अफसरों के ट्रांसफर कर दिए गए। आदेश में मुख्यमंत्री के दो सचिव को भी इधर से उधर किया गया है। 12 जिलों के कलेक्टर बदल दिए गए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जापान यात्रा पर जाने से पहले तबादले को हरी झंडी दी है। राज्य प्रशासनिक सेवा के 12 अधिकारियों का भी तबादला किया गया है। मुख्यमंत्री के दो सचिव का ट्रांसफर मुख्यमंत्री के सचिव भरत यादव को हटाकर एमपी सड़क विकास निगम का प्रबंध संचालक बनाया गया है। इसी तरह अपर सचिव से प्रमोट होकर पिछले माह सीएम सचिवालय में सचिव बनाए गए अविनाश लवानिया को भी वहां से हटाते हुए एमडी पावर मैनेजमेंट कम्पनी बनाया गया है। सिबि चक्रवर्ती एम को मुख्यमंत्री का सचिव तथा आयुक्त नगरीय प्रशासन और विकास विभाग के अतिरिक्त प्रभार की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन 12 जिलों के कलेक्टर बदले सोमवार रात को जारी आदेश में गुना, खरगोन, डिंडौरी, सीहोर, सतना, बड़वानी, टीकमगढ़, रायसेन, खंडवा, श्योपुर, देवास और बुरहानपुर जिले के कलेक्टर बदले गए हैं। गुना कलेक्टर सतेंद्र सिंह को एमडी स्टेट कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन बनाया गया है। उनकी जगह श्योपुर कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल को गुना कलेक्टर बनाया गया है। खरगोन कलेक्टर कर्मवीर शर्मा को आयुक्त सह संचालक, खाद्य नागरिक आपूर्ति बनाया गया है। उनकी जगह बुरहानपुर की कलेक्टर भव्या मित्तल को खरगोन का नया कलेक्टर बनाया गया है। नेहा मारव्या सिंह को डिंडौरी जिला का कलेक्टर बनाया गया है। सीहोर कलेक्टर प्रवीण सिंह को संचालक लोक स्वास्थ्य बनाया गया गया है। उनकी जगह बाला गुरु के को सीहोर का नया कलेक्टर बनाया है। सतना कलेक्टर अनुराग वर्मा को एमडी, राज्य भंडार निगम बनाया गया है। उनकी जगह सतीश कुमार एस को सतना का नया कलेक्टर बनाया है। बड़वानी कलेक्टर डॉ. फटिंग राहुल हरिदास को आयुक्त, मप्र गृह निर्माण बनाया गया है। उनकी जगह गुंचा सनोबर को बड़वानी कलेक्टर बनाया गया है। टीकमगढ़ कलेक्टर अवधेश शर्मा को ओएसडी, सह-आयुक्त तकनीकी शिक्षा बनाया गया है। उनकी जगह विवेक श्रोत्रिय को टीकमगढ़ जिला का कलेक्टर बनाया गया है। रायसेन कलेक्टर अरविंद कुमार दुबे को अपर सचिव मुख्यमंत्री बनाया गया है। उनकी जगह अरुण कुमार विश्वकर्मा को रायसेन कलेक्टर बनाया गया है। खंडवा के कलेक्टर अनूप कुमार सिंह को एमडी पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी बनाया गया है। उनकी जगह देवास के कलेक्टर ऋषभ गुप्ता को खंडवा जिले की कमान दी गई है। डिंडौरी के कलेक्टर हर्ष सिंह को बुरहानपुर का नया कलेक्टर बनाया गया है। ऋतु राज, सीईओ, भोपाल जिला पंचायत को देवास का कलेक्टर बनाया गया है। दमोह के जिला पंचायत सीईओ अर्पित वर्मा को श्योपुर का कलेक्टर बनाया गया है। इन्हें लंबे इंतजार के बाद मिली कलेक्टरी देवास कलेक्टर बनाए गए ऋतुराज सिंह लंबे समय से कलेक्टरी मिलने का इंतजार कर रहे थे। उनके बैच के अधिकांश आईएएस कलेक्टर बन चुके हैं। दूसरी ओर उन्हें भोपाल जिला पंचायत सीईओ बने करीब ढाई साल हो गया था। आखिरकार उन्हें कलेक्टरी मिल ही गई। सोशल मीडिया पर दर्द छलका तो नेहा को मिली कलेक्टरी लंबे समय से कलेक्टरी का इंतजार कर रही 2011 बैच की आईएएस अधिकारी नेहा मारव्या सिंह को आखिरकार कलेक्टरी मिल गई है। वर्तमान में सरकार 2015 बैच के आईएएस अफसरों को कलेक्टरी दे चुकी है। लेकिन, नेहा मारव्या को इसका मौका नहीं मिल पा रहा था। पिछले माह आईएएस सर्विस मीट के पहले दिन आईएएस आफिसर्स एसोसिएशन के ग्रुप में नेहा ने अपना दर्द जाहिर किया था और यह बात मीडिया में भी आई थी। अब नेहा मारव्या को डिंडौरी कलेक्टर पदस्थ किया गया है। recent visitors 211

दृष्टिबाधित शासकीय शिक्षक संघ का 6 वा स्थापना दिवस व शैक्षिक संवाद कार्यक्रम भोपाल में आयोजितमुख्य मांगे रखी सरकार के समक्ष

6th foundation day and educational dialogue program of Visually Impaired Government Teachers Association organized in BhopalMain demands placed before the government सुशील दामले विशेष संवाददाता भोपाल ! आज भोपाल के निराला स्मृति भवन न्यास में दृष्टिबाधित शासकीय शिक्षक संघ के कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के प्रथम सत्र का शुभारंभ मुख्य अतिथि सक्षम के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष रविंद्र कोपरगांवकर,भोपाल जिला अध्यक्ष बी.आर. नायडू और डिक्की मध्यप्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष डॉ.अनिल सिरवैया ने दीप प्रज्वलन कर किया। उसके बाद मुख्य अतिथियों का स्वागत बासुदेव चौहान , डा.राजीव जैन,ज्योति वर्मा,अंजिता सबलोक,गन्नू यादव ने किया। सम्मेलन में शिक्षक संघ के अध्यक्ष मुकेश यादव ने अपनी बात रखते हुए शासन को एक ज्ञापन देने की बात कही जिसमें उनकी विभिन्न मांगे है जिनका वह निराकरण चाहते है। द्वितीय सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में दक्षिण पश्चिम विधायक और भाजपा के महासचिव भगवान दास सबनानी, पूर्व मंत्री दीपक जोशी और मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के अध्यक्ष छत्रबीर सिंग राठौर थे।मंच से सभी अतिथियों का स्वागत किया गया। शिक्षक संघ के महासचिव नितेश ठाकुर ने अपनी समस्याओं के संबंध में मांग पत्र को रखा जिसका वाचन डा.राजीव जैन ने किया। उसके बाद सभी अतिथियों का उद्बोधन हुआ जिसमें उन्होंने मांगी गई मांगों को लेकर आश्वासन दिया और कहा कि आपकी बात आगे तक पहुंचाई जाएगी साथ ही हम सब आपके साथ है।संघ के पदाधिकारियों ने उन्हें ज्ञापन की कॉपी भी सौंपी। कार्यक्रम का सफल संचालन कोषाध्यक्ष सरिता यादव ने किया।कार्यक्रम में सहयोगी के रूप में दिव्यांग जन के लिए कार्य करने वाली संस्थाएं नित्य अनंता वेलफेयर सोसाइटी,मन्नत वैलफेयर सोसाइटी और न्यू अहिंसा निकेतन शैक्षणिक एवं सामाजिक कल्याण समिति भोपाल ने सहयोग प्रदान किया। इस सम्मेलन में पूरे प्रदेश के दृष्टिबाधित शासकीय शिक्षक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के बीच में आए हुए शिक्षक साथियों ने अपनी विभिन्न प्रस्तुतियों को भी दिया जिसमें गायन और बांसुरी वादन शामिल रहा। दृष्टिबाधित शिक्षकों के समस्याओं की मांगेमध्य प्रदेश के विभिन्न विद्यालयों में कार्यरत दृष्टिबाधित शिक्षकों को अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं के समाधान हेतु निम्नलिखित बिंदुओं पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है:1.राज्य के सभी विद्यालयों में पढ़ा रहे दृष्टिबाधित शिक्षकों के लिए पूर्ण पाठ्यक्रम ब्रेल में तैयार कर उपलब्ध कराया जाए।2.शिक्षा विभाग द्वारा दृष्टिबाधित कर्मचारियों के लिए जारी सभी आदेशों (सर्कुलर) का पालन जिलों के विद्यालयों में सख्ती से सुनिश्चित किया जाए।3.. दृष्टिबाधित शिक्षकों को शासन द्वारा 4% आरक्षण प्रदान किया गया है। इसके अनुरूप पदोन्नति का लाभ समय पर दिया जाए।4.. जो शिक्षक अपने घर, गाँव, या जिलों से दूर पदस्थ हैं, उनका स्थानांतरण ऐसी जगह किया जाए जहाँ आवासीय एवं आवागमन के साधन और सुविधाएं उपलब्ध हों। स्थानांतरण प्रक्रिया को शीघ्रता और प्राथमिकता के साथ निपटाया जाए।5.. सभी दृष्टिबाधित कर्मचारियों को प्रति माह 350 रुपये दिव्यांग भत्ता दिया जा रहा है। इसे बढ़ाकर केंद्र सरकार के बराबर किया जाए।6.. राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत दृष्टिबाधित छात्रों और शिक्षकों के मानकों के अनुरूप पाठ्यक्रम तैयार किया जाए जिससे पठन-पाठन की प्रक्रिया में सहूलियत हो।7.. कुछ दृष्टिबाधित शिक्षकों को आवास भत्ता नहीं दिया जा रहा है। ऐसे शिक्षकों की पहचान कर उन्हें तुरंत आवास भत्ता दिया जाए।7.. दृष्टिबाधित शिक्षकों के लिए अलग से आवासीय प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाए जिससे उनकी समस्याओं को समझने और उनके समाधान में सहूलियत हो।उपर्युक्त बिंदुओं पर सरकार शीघ्र विचार कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करें। इससे विद्यालयों में पठन-पाठन की प्रक्रिया में सुधार होगा और दृष्टिबाधित शिक्षकों को न्याय प्राप्त होगा।भवदीयडॉ राजीव जैनसहयोगीदृष्टिबाधित शासकीय शिक्षक संघ मध्यप्रदेश। recent visitors 116

राहुल गांधी के कार्यक्रम से पहले महू पहुंचे CM मोहन यादव, कांग्रेस बोली- ‘खुद नहीं आए, उनका डर लाया है’

Jitu Patwari on Mohan Yadav: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव गणतंत्र दिवस के अवसर पर महू पहुंचे जहां उन्होंने बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर की प्रतीक स्थली के दर्शन किए. राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के प्रस्तावित कार्यक्रम से पहले सीएम मोहन यादव के महू आने पर जीतू पटवारी की प्रतिक्रिया आई है. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी का कहना है कि सीएम मोहन यादव अपने आप यहां नहीं आए, बल्कि उनका डर उन्हें महू खींच कर लाया है. दरअसल, सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए जीतू पटवारी ने लिखा, “मुख्यमंत्री जी, सच यह है कि बाबा साहब की जन्म भूमि और संविधान की प्रतीक स्थली डॉ. अंबेडकर नगर (महू) आप नहीं आए, आपका ‘डर’ आपको यहां लेकर आया है. डर जनता का, डर लोकतंत्र की शक्ति का, डर संवैधानिक मूल्यों/मान्यताओं का. याद रखें कि संविधान के अस्तित्व को ही नकारने वाले आप जैसे कितने ही बीजेपी वाले आएंगे और चले भी जाएंगे, लेकिन बाबा साहब के पवित्र संविधान को छू भी नहीं पाएंगे.” राहुल गांधी-प्रियंका गांधी पहुंचेंगे महूकांग्रेस ने कहा है कि सोमवार को मध्य प्रदेश के महू में ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ रैली को पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी संबोधित करेंगे. इंदौर से करीब 25 किलोमीटर दूर महू भारतीय संविधान के मुख्य निर्माता डॉ. बी.आर. आंबेडकर की जन्मस्थली है. मध्य प्रदेश कांग्रेस ने रविवार को दावा किया कि रैली में 2 लाख से ज्यादा लोग हिस्सा लेंगे. संविधान की रक्षा का लेंगे संकल्पकांग्रेस ने कहा कि मल्लिकार्जुन खरगे के अलावा राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा, मध्य प्रदेश के प्रभारी महासचिव जितेंद्र सिंह और पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी भी रैली को संबोधित करेंगे. कार्यक्रम के दौरान नेता और कार्यकर्ता संविधान की रक्षा का संकल्प लेंगे. भोपाल में पत्रकारों से बात करते हुए जीतू पटवारी ने केंद्र सरकार पर संविधान का ‘बार-बार अपमान’ करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि बीजेपी संविधान बदलने के लिए लोकसभा में 400 सीटें चाहती है. जीतू पटवारी ने दावा किया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और सत्तारूढ़ पार्टी के नेता आरक्षण को चुनौती दे रहे हैं और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल में आंबेडकर का अपमान किया था. पटवारी ने कहा, ‘‘ये सभी मुद्दे कांग्रेस के लिए चिंता का विषय हैं. कांग्रेस ने संविधान की रक्षा के लिए काम किया है, जिसके लिए पार्टी देश भर में ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ अभियान चलाएगी.” recent visitors 144